किसानों ने प्रदेश सरकार के स्कूलों के मिड-डे मील में किन्नू देने के फैसले का किया स्वागत

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किसानों ने प्रदेश सरकार के स्कूलों के मिड-डे मील में किन्नू देने के फैसले का किया स्वागत

किन्नू की मांग बढ़ने से किन्नू की कीमत भी बढ़ेगी

अबोहर (सच कहूँ/रजनीश रवि)। Abohar News: प्रदेश सरकार ने सरकारी स्कूलों में अब हर हफ्ते मिड-डे मील में बच्चों को केला खाने का आदेश दिया गया था लेकिन अब सरकार ने निर्णय लिया है कि जो फल स्थानीय स्तर पर उपलब्ध है। स्कूलों में मिड डे मील में दिया जाएगा। जिले के स्कूलों को किन्नूू देने के फैसले का किसानों ने स्वागत किया है। इससे बाजार में किन्नू की मांग बढ़ेगी और इसका सीधा असर कीमत में सुधार के रूप में देखने को मिलेगा।

गौरतलब है कि पंजाब में सबसे ज्यादा किन्नूू अबोहर क्षेत्र में पैदा होता है। मध्याह्न भोजन में किन्नू उपलब्ध कराने के सरकार के फैसले का किसानों ने बड़े पैमाने पर स्वागत किया है। किसानों का कहना है कि सरकार की इस पहल से किन्नू की मांग बढ़ेगी और उन्हें उचित दाम मिलेगा। भारतीय किसान यूनियन शेर-ए-पंजाब के राष्ट्रीय प्रवक्ता अजय वधवा ने सरकार के इस फैसले का स्वागत किया और कहा कि यह एक अच्छा फैसला है और इससे किसानों को फायदा होगा। Abohar News

भारतीय किसान यूनियन खोसा के प्रदेश महासचिव गुणवंत सिंह ने भी मिड-डे मील का स्वागत किया है और कहा है कि इस तरह की पहल से किसानों को फायदा होगा। भारतीय किसान यूनियन सिधूपुर के वरिष्ठ नेता निर्मल सिंह बहाववाला ने भी मिड-डे मील में किन्नू देने के फैसले का स्वागत किया है। उन्होंने कहा है कि जब ऐसे प्रयास किए जाएंगे तो किन्नू की फसल को और बढ़ावा मिल सकता है और किसानों को सही दाम मिलने का रास्ता खुल सकता है। इसी तरह, प्रसिद्ध बागवान राजिंदर सिंह सेखो धरांगवाला ने भी मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार के मिड-डे मील में किन्नू देने के फैसले का स्वागत किया है और कहा है कि इससे किन्नू बागवानों को काफी फायदा होगा।

दूसरी ओर, पंजाब के अनुसार सरकार के आदेश पर शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को इस संबंध में लिखित निर्देश जारी कर दिया है कि मध्याह्न भोजन स्थानीय स्तर पर दिया जाये। गौरतलब है कि पहले केले देने का आदेश जारी किया गया था, लेकिन अब किसानों की मांग के अनुसार, मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान के नेतृत्व वाली पंजाब सरकार ने अबोहर क्षेत्र जैसे स्थानीय रुप से उत्पादित फलों की आपूर्ति को प्रतिबंधित कर दिया है। स्कूलों में देने के आदेश दिए हैं ये आदेश पूरे पंजाब में लागू कर दिए गए हैं और इससे आने वाले दिनों में किन्नू की मांग में भारी बढ़ोतरी होगी। इसके अलावा अब सर्दी का मौसम भी कम होने लगा है जिससे किन्नू की मांग तेजी से बढ़ेगी। Abohar News

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