<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/budget-2019/tag-11604" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Budget 2019 - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/11604/rss</link>
                <description>Budget 2019 RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>बजट 2019: छोटे किसानों को सालाना छह हजार रुपये की मदद देगी सरकार</title>
                                    <description><![CDATA[वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने आज लोकसभा में वित्त वर्ष 2019-20 का अंतरिम बजट पेश करते हुये इसकी घोषणा की नई दिल्ली (एजेंसी)। सरकार ने छोटे तथा सीमांत किसानों की मदद के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि बनाने की (Budget 2019: Government Will Help Six Thousand Rupees Annually To Small Farmers) घोषणा की है जिसके […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><h1 style="text-align:justify;">वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने आज लोकसभा में वित्त वर्ष 2019-20 का अंतरिम बजट पेश करते हुये इसकी घोषणा की</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> सरकार ने छोटे तथा सीमांत किसानों की मदद के लिए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि बनाने की (Budget 2019: Government Will Help Six Thousand Rupees Annually To Small Farmers) घोषणा की है जिसके तहत दो हेक्टेयर तक की जोत वाले किसानों को सालाना छह हजार रुपये की मदद दी जायेगी। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने आज लोकसभा में वित्त वर्ष 2019-20 का अंतरिम बजट पेश करते हुये इसकी घोषणा की। उन्होंने बताया कि यह योजना 01 दिसंबर 2018 से लागू मानी जायेगी।</p>
<p style="text-align:justify;">इसके तहत मदद की राशि सीधे किसानों के खाते में जमा की जायेगी। इसका पूरा खर्च केंद्र सरकार उठायेगी। उन्होंने बताया कि यह राशि दो-दो हजार रुपये की तीन बराबर किस्तों में दी जायेगी। पहली किस्त जल्द ही दी किसानों के खाते में भेज दी जायेगी। गोयल ने बताया कि इससे करीब 12 करोड़ किसान परिवारों को लाभ मिलेगा। इससे सरकारी खजाने पर सालाना करीब 75 हजार करोड़ रुपये का बोझ आयेगा।</p>
<h2 style="text-align:justify;">गेंद ढूंढते रह जायेंगे विपक्षी नेता: पासवान</h2>
<p style="text-align:justify;">केन्द्रीय मंत्री और लोकजन शक्ति पार्टी के नेता रामविलास पासवान ने बजट प्रावधानों का स्वागत करते हुए कहा है कि राष्ट्रीय (Budget 2019: Government Will Help Six Thousand Rupees Annually To Small Farmers) जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) सरकार ने ऐसा छक्का मारा है कि विपक्षी दल गेंद ढूंढते रह जायेंगे। वित्त मंत्री पीयूष गोयल द्वारा शुक्रवार को लोकसभा में पेश अंतरिम बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए पासवान ने कहा , ‘सरकार ने ऐसा छक्का मारा है कि विपक्षी नेता चुनाव तक गेंद ही ढूंढते रह जायेंगे। उन्होंने कहा कि यह दूसरी सर्जिकल स्ट्राइक है ।</p>
<p style="text-align:justify;">पहली सर्जिकल स्ट्राइक जवानों ने सीमा पार ‘बुलेट’ से की है और यह दूसरी सर्जिकल स्ट्राइक है जो ‘बैलट’ से होगी। उन्होंने कहा कि आम चुनाव में राजग सरकार को 400 सीटें मिलेंगी। उन्होंने कहा कि किसी ने सोचा था कि आयकर में छूट की सीमा 5 से 6 लाख हो जायेगी या किसानों को इस तरह की सौगात दी जायेगी। बजट में आयकर छूट की सीमा बढ़ाकर पाँच लाख रुपये कर दी गयी है जिससे करीब तीन करोड़ करदाताओं को लाभ होने की उम्मीद है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">पाँच लाख रुपये तक कोई आयकर नहीं</h2>
<p style="text-align:justify;">सरकार ने नौकरीपेशा तथा कम आमदनी वाले लोगों को बड़ी राहत देते हुये आयकर छूट की सीमा बढ़ाकर पाँच लाख रुपये कर दी है जिससे करीब तीन करोड़ करदाताओं को लाभ होगा। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने आज लोकसभा में वित्त वर्ष 2019-20 के लिए अंतरिम बजट पेश करते हुये इसकी घोषणा की। उन्होंने कहा कि आयकर में छूट की सीमा बढ़ाकर पाँच लाख रुपये की जा रही है। इससे करदाताओं को 18,500 करोड़ रुपये की बचत होगी। भविष्य निधियों तथा अन्य कर छूट वाले निवेश को मिलाकर 6.5 लाख रुपये तक की व्यक्तिगत आय पर कोई आयकर नहीं देना पड़ेगा।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने कहा कि इसके अलावा मकान ऋण, स्वास्थ्य के मद में खर्च आदि पर मिलने वाली छूट को जोड़ते हुये यह सीमा और बढ़ सकती है। इससे करीब तीन करोड़ आयकरदाता लाभांवित होंगे। इसके अलावा नौकरीपेशा लोगों के लिए मानक छूट की सीमा 40,000 रुपये से बढ़ाकर 50,000 रुपये कर दी गयी है। इससे करदा ताओं को 4,700 करोड़ रुपये की बचत होगी।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/budget-2019-government-will-help-six-thousand-rupees-annually-to-small-farmers/article-7509</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/budget-2019-government-will-help-six-thousand-rupees-annually-to-small-farmers/article-7509</guid>
                <pubDate>Fri, 01 Feb 2019 15:13:23 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बजट 2019 : जेम्स-ज्वैलरी सेक्टर की मांग, सोने पर आयात शुल्क 10% से घटाकर 4% हो</title>
                                    <description><![CDATA[कट, पॉलिश किए हीरे, जेमस्टोन पर आयात शुल्क 7.5% से घटाकर 2.5% करने की मांग नई दिल्ली. जेम्स एंड ज्वैलरी उद्योग ने सोने पर आयात शुल्क को 10% से घटाकर 4% करने की मांग की है। कट और (Budget 2019:The Import Duty On Gold Should Be Reduced From 10% To 4%) पॉलिश्ड हीरे एवं जेमस्टोन […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><h1 style="text-align:justify;">कट, पॉलिश किए हीरे, जेमस्टोन पर आयात शुल्क 7.5% से घटाकर 2.5% करने की मांग</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली.</strong> जेम्स एंड ज्वैलरी उद्योग ने सोने पर आयात शुल्क को 10% से घटाकर 4% करने की मांग की है। कट और (Budget 2019:The Import Duty On Gold Should Be Reduced From 10% To 4%) पॉलिश्ड हीरे एवं जेमस्टोन पर इसे 7.5% से घटाकर 2.5% किया जाना चाहिए। इसके साथ ही उद्योग ने आगामी बजट में वर्किंग कैपिटल की जरूरतों के लिए कर्ज के नियमों में ढील दिए जाने की भी मांग की है। ऑल इंडिया जेम्स एंड ज्वैलरी डोमेस्टिक काउंसिल के चेयरमैन अनंत पद्मनाभम ने मंगलवार को बताया कि वित्त मंत्री को लिखे पत्र में हमने कहा है कि चालू खाते के घाटे (सीएडी) पर अंकुश के लिए सोने पर 10% आयात शुल्क लगाया गया था।</p>
<p style="text-align:justify;">भारत का व्यापार घाटा जून 2017 में अनुमान से कम होकर 1,296 करोड़ अमेरिकी डॉलर पर आ चुका था, लेकिन सोने पर आयात शुल्क अभी भी अधिक है। इससे ग्रे-मार्केट को बढ़ावा मिला है। आयात शुल्क अधिक होने से तस्करी के रास्ते देश में सोने की आना बदस्तूर जारी है।</p>
<h2>वर्किंग कैपिटल की जरुरतों के लिए कर्ज के नियमों में ढील देने की भी अपील</h2>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने यह भी कहा, हमने पैन कार्ड की लिमिट को 2 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपए करने की भी मांग की है। देश में अभी भी  पैन कार्ड होल्डर आबादी का 50% भी नहीं हैं। इस पर 2 लाख रुपए तक सोने की खरीद पर इसकी अनिवार्यता खासकर ग्रामीण इलाकों में बहुत मुश्किल बात है। गांवों में सोना खरीदने वाले ग्राहक तो इसे साझा करने से बचते हैं या फिर उनके पास पैन है ही नहीं। जेम एंड ज्वैलरी एक्सपोर्ट प्रमोशन काउंसिल (जीजेईपीसी) के चेयरमैन प्रमोद कुमार अग्रवाल ने भी सरकार से अनुरोध किया है कि आयात शुल्क को घटाया जाना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;"> पॉलिश्ड डायमंड पर इसमें कटौती के साथ-साथ पॉलिश्ड जेमस्टोन पर भी इसे 7.5% से घटाकर 2.5% कर दिया जाना चाहिए। इसी के साथ जीजेईपीसी ने कार्यशील पूंजी की जरूरतों को पूरा करने के लिए कर्ज के नियमों में ढील देने और निर्यातकों की मदद के लिए ब्याज में 5% छूट देने की भी मांग की है। आईबीजेए के डायरेक्टर सौरभ गाडगिल ने उम्मीद जताई कि सीटीटी खत्म होने से डब्बा ट्रेडिंग पर रोक लगेगी।</p>
<h2 style="text-align:justify;">हेल्थ सेक्टर: आयुष्मान भारत में मध्यम वर्ग भी शामिल हो</h2>
<p style="text-align:justify;">हेल्थ सेक्टर इस बात लेकर आशावान है कि सरकार बजट में आयुष्मान योजना के दायरे में मध्यम वर्ग को भी लाएगी। इससे अधिक संख्या में आम लोगों को न सिर्फ सुपर स्पेशियलिटी स्वास्थ सुविधाएं मिलेंगी, बल्कि मेडिकल इंश्योरेंस की देशभर में पहुंच भी बढ़ेगी। जेपी अस्पताल के चीफ एग्जिक्यूटिव ऑफिसर मनोज लूथरा ने कहा, जबसे प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी ने सबके लिए स्वास्थ सुविधाएं मुहैया करवाने का लक्ष्य तय किया है तब से ही हेल्थ सेक्टर में हलचल बढ़ी है। निजी अस्पताल भी इस पहल में योगदान देने के लिए तैयार हैं। इंश्योरेंस कवरेज को बढ़ाने के लिए डिजिटल और एडवांस टेक्नोलॉजी का उपयोग बढ़ाने की जरूरत है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/budget-2019-the-demand-of-the-james-jewelery-sector-the-import-duty-on-gold-should-be-reduced-from-10-to-4/article-7507</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/budget-2019-the-demand-of-the-james-jewelery-sector-the-import-duty-on-gold-should-be-reduced-from-10-to-4/article-7507</guid>
                <pubDate>Fri, 01 Feb 2019 13:56:08 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        