<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/775-farmers/tag-18501" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>775 Farmers - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/18501/rss</link>
                <description>775 Farmers RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>सरकार का शिकंजा: 775 किसानों को जारी होगा नोटिस</title>
                                    <description><![CDATA[खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने तैयार की सूची अश्वनी चावला चंडीगढ़। धान खरीद में प्रदेश सरकार के शिकंजे में राज्य का अन्नदाता फंस गया है, जिसके चलते अब 775 किसानों को प्रदेश सरकार की तरफ से नोटिस जारी किया जा रहा है। इन किसानों को जवाब देना होगा कि अनुमान से दोगुनी धान की पैदावार […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/sach-kahoon-special-story/government-screws-775-farmers-will-get-notice/article-19807"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-11/government-screws-775-farmers-will-get-notice.gif" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:center;"><strong>खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने तैयार की सूची</strong></h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>अश्वनी चावला चंडीगढ़</strong>। धान खरीद में प्रदेश सरकार के शिकंजे में राज्य का अन्नदाता फंस गया है, जिसके चलते अब 775 किसानों को प्रदेश सरकार की तरफ से नोटिस जारी किया जा रहा है। इन किसानों को जवाब देना होगा कि अनुमान से दोगुनी धान की पैदावार उनके खेतों में कैसे हो गई? नोटिस का लिखित में जवाब भी देना होगा अन्यथा कानूनी कार्रवाई से भी इन किसानों को गुजरना पड़ सकता है।</p>
<p style="text-align:justify;">जानकारी अनुसार प्रदेश सरकार की तरफ से फसल की खरीद करने के लिए एक सॉफ्टवेयर तैयार किया हुआ है, जिसमें फसल की बिजाई से लेकर फसल को मंडी में लेकर आने से पहले किसान को मेरी फसल मेरा ब्योरा प्लेटफार्म पर सारा कुछ दर्ज करना होता है। इसके बाद ही फसल को गेट पास जारी करते हुए सरकार की तरफ से खरीदा जाता है। प्रदेश सरकार की तरफ से ‘मेरी फसल मेरा ब्यौरा’ प्लेटफार्म का मुख्य मकसद ही किसानों को सुविधा देने के साथ-साथ प्रदेश में होने वाली धांधलियों को रोकने का था।</p>
<p style="text-align:justify;">इसी प्लेटफार्म के चलते ही इस धान खरीद सीजन में प्रदेश सरकार ने ऐसे 775 किसानों की पहचान की है, जिनकी तरफ या जिनके माध्यम से प्रदेश में दूसरे राज्यों की फसल खपाने की कोशिश की जा रही थी। इन किसानों द्वारा दर्ज की गई जानकारी व जमीन के अनुसार इनकी कुल फसल की पैदावार 49 हजार 810 क्विंटल होनी चाहिए थी, लेकिन इनके द्वारा मंडी में 1 लाख 2 हजार 677 क्विंटल फसल लाई गई है, जोकि इनकी अनुमानित पैदावार से दो गुनी है। जिस कारण इन सभी 775 किसानों को नोटिस देकर जवाब मांगा जाएगा। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग इसी सप्ताह ये नोटिस जारी कर सकता है।</p>
<h4 style="text-align:justify;">दोगुनी फसल कैसे लेकर पहुंचे, देना पड़ेगा जवाब</h4>
<p style="text-align:justify;">खाद्य एवं आपूर्ति विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि किसान दोगुनी फसल लेकर मंडियों में कैसे पहुंच गया? यह उन्हें बताना तो पड़ेगा, क्योंकि इसकी जानकारी किसी अन्य से पूछी भी नहीं जा सकती है। नोटिस के जवाब में किसान ऐसा खुलासा कर सकते हैं कि उनके नाम पर किसी अन्य ने दूसरे राज्यों की फसल खपाने की कोशिश की है या फिर इस पूरे मामले में उनको भी भरोसे में लेते हुए यह धांधली की गई है।</p>
<h4 style="text-align:justify;">करनाल और कुरुक्षेत्र के सर्वाधिक किसान</h4>
<p style="text-align:justify;">प्रदेश सरकार की तरफ से जिन 775 किसानों को नोटिस निकाला जा रहा है, उनमें से आधे से ज्यादा किसान सिर्फ करनाल और कुरुक्षेत्र जिले से ही संबंधित हैं। करनाल में 394 किसानों व कुरुक्षेत्र में 132 किसानों की पहचान की गई है, जोकि अपनी अनुमानित फसल से ज्यादा फसल लेकर मंडियों में पहुंचे थे।</p>
<h4 style="text-align:justify;">किस जिले के कितने किसान</h4>
<p style="text-align:justify;"><strong>जिला                        संख्या</strong><br />
करनाल                      394<br />
कुरुक्षेत्र                      132<br />
यमुनानगर                   63<br />
कैथल                        62<br />
अंबाला                       51<br />
जींद                          33<br />
पंचकूला                      12<br />
रोहतक                       11<br />
झज्जर                       07<br />
भिवानी                       04<br />
सोनीपत                      02<br />
रेवाड़ी                         01<br />
गुरुग्राम                       01<br />
पानीपत                       01<br />
पलवल                        01</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>कुल                          775</strong></p>
<p><strong>अन्य <a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a> हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सच कहूँ विशेष स्टोरी</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/sach-kahoon-special-story/government-screws-775-farmers-will-get-notice/article-19807</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/sach-kahoon-special-story/government-screws-775-farmers-will-get-notice/article-19807</guid>
                <pubDate>Mon, 09 Nov 2020 19:20:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-11/government-screws-775-farmers-will-get-notice.gif"                         length="148171"                         type="image/gif"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        