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                <title>Rajashan - Sach Kahoon Hindi</title>
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                <title>सात साल बाद लापता बेटे को देख नम हुई पिता की आंखें</title>
                                    <description><![CDATA[इंसानियत। पूज्य गुरु जी की पावन शिक्षा पर चलते हुए मंदबुद्धि लोगों की कर रहे संभाल ब्लॉक केसरीसिंहपुर के डेरा श्रद्धालुओं ने मंदबुद्धि विरेंद्र को परिजनों के किया सुपुर्द केसरीसिंहपुर(सच कहूँ/बाबूलाल इन्सां)। डेरा सच्चा सौदा के पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां द्वारा चलाए गए मानवता भलाई के कार्र्यों पर चलते हुए डेरा […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/humanity-social-work/seven-years-later-fathers-eyes-become-moist-after-seeing-the-missing-son/article-20091"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-11/seven-years-later-fathers-eyes-become-moist-after-seeing-the-missing-son.gif" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;">इंसानियत। पूज्य गुरु जी की पावन शिक्षा पर चलते हुए मंदबुद्धि लोगों की कर रहे संभाल</h2>
<ul>
<li style="text-align:justify;">
<h4>ब्लॉक केसरीसिंहपुर के डेरा श्रद्धालुओं ने मंदबुद्धि विरेंद्र को परिजनों के किया सुपुर्द</h4>
</li>
</ul>
<p style="text-align:justify;"><strong>केसरीसिंहपुर(सच कहूँ/बाबूलाल इन्सां)</strong>। डेरा सच्चा सौदा के पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां द्वारा चलाए गए मानवता भलाई के कार्र्यों पर चलते हुए डेरा अनुयायी समाजहित के कार्य कर रहे हैं। इसी कड़ी को आगे बढ़ाते हुए स्थानीय ब्लॉक केसरीसिंहपुर के सेवादारों ने गांव में घूम रहे मंदबुद्धि व्यक्ति को उसके परिजनों से मिलाकर इंसानियत का फर्ज अदा किया है। जानकारी के अनुसार ब्लॉक की संगतपुरा पोस्ट पर विरेंद्र नाम का मंदबुद्धि व्यक्ति जो अपना घर ढूंढते-ढूंढते भारत-पाक सीमा पर पहुंच गया था। प्रशासनिक अधिकारियों ने जांच-पड़ताल के बाद उक्त व्यक्ति को शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेल्फेयर फोर्स विंग के जिम्मेवार राजेंद्र शर्मा को सौंपा। जिसके बाद ब्लॉक के जिम्मेवारों ने मंदबुद्धि के परिजनों को तलाश शुरू की।</p>
<h4 style="text-align:justify;">सात साल से लापता था मंदबुद्धि विरेंद्र</h4>
<p style="text-align:justify;">राजेंद्र शर्मा ने बताया कि आरंभ में मंदबुद्धि के परिजनों की तलाश के दौरान उन्हें काफी परेशानी उठानी पड़ी लेकिन उन्हें सफलता मिली। उन्होंने बताया कि विरेंद्र गांव नगला परसा, तह. रुपावास, जिला भरतपुर का रहने वाला है। जब मंदबुद्धि के परिजनों से संपर्क किया गया तो पता चला कि विरेंद्र पिछले 7 सालों से लापता था। परिजनों ने काफी तलाश की थी लेकिन उसका कुछ पता नहीं चला। विरेंद्र के मिलने का जब समाचार उन्हें मिला तो परिजनों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा।</p>
<h4 style="text-align:justify;">पिता ने पूज्य गुरु जी का जताया आभार</h4>
<p style="text-align:justify;">शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेल्फेयर फोर्स विंग के जिम्मेवार राजेंद्र शर्मा ने बताया कि मंदबुद्धि विरेंद्र को पुलिस मुलाजिम रामचंद्र कसवा की मौजूदगी में परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया। वहीं विरेंद्र को सात साल बाद देखने पर परिवारिक सदस्यों की आंखें खुशी से छलक गई। विरेंद्र के पिता नारायण ने डेरा सच्चा सौदा के पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां का आभार प्रकट करते हुए कहा कि धन्य है ये डेरा अनुयायी जो लापता लोगों को अपनों से मिलाने का कार्य कर रहे हैं। इस अवसर पर डेरा श्रद्धालु जतिन इन्सां, सोमनाथ इन्सां, सुगना राम, जग्गा सिंह, सोहन सिंह, सहित अन्य ब्लॉक के जिम्मेवार व पुलिस अधिकारी उपस्थित थे।</p>
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                                                            <category>मानवता भलाई कार्य</category>
                                            <category>सच कहूँ विशेष स्टोरी</category>
                                    

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                <pubDate>Tue, 24 Nov 2020 08:50:50 +0530</pubDate>
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