<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/private-sector/tag-18974" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Private Sector - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/18974/rss</link>
                <description>Private Sector RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता के लिए देशभक्ति के जज्बे से काम करे निजी क्षेत्र : मोदी</title>
                                    <description><![CDATA[नयी दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए आज सभी हितधारकों और विशेष रूप से निजी क्षेत्र का आह्वान किया कि वे देश भक्ति का जज्बा दिखाते हुए भारत को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए अपना अधिक से अधिक योगदान दें। मोदी ने आम बजट में […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-work-with-the-spirit-of-patriotism-for-self-reliance-in-the-defense-sector/article-31102"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2022-02/modi-1-e16456914208532.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नयी दिल्ली।</strong> प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए आज सभी हितधारकों और विशेष रूप से निजी क्षेत्र का आह्वान किया कि वे देश भक्ति का जज्बा दिखाते हुए भारत को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने के लिए अपना अधिक से अधिक योगदान दें। मोदी ने आम बजट में देश को रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर बनाने की योजनाओं पर चर्चा के लिए शुक्रवार को आयोजित वेबीनार को संबोधित करते हुए इस क्षेत्र से जुड़े सभी हित धारकों का आह्वान किया कि वे मुनाफे और अन्य बातों को छोड़कर देश भक्ति तथा देश सेवा के जज्बे के साथ देश को ताकतवर बनाने की दिशा में काम करें। निजी क्षेत्र का विशेष रूप से आह्वान करते हुए उन्होंने कहा कि देश को आपसे उम्मीदें हैं और निजी कंपनियों को देश सेवा के लिए मिले इस मौके को खोना नहीं चाहिए। उन्होंने कहा कि अब यह सोचने का समय समय नहीं है कि कितना मुनाफा होगा और कब होगा अभी हमें केवल देश को ताकतवर बनाने के बारे में सोचना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;">प्रधानमंत्री ने कहा कि इस कार्यक्रम का आयोजन इसलिए किया गया है कि सरकार सभी हित धारकों से प्रैक्टिकल समाधान सुनना चाहती है। उन्होंने कहा कि बजट के क्रियान्वयन में अभी एक महीने का समय है और इस दौरान सभी को मिलकर चर्चा तथा योजना बनानी चाहिए जिससे कि बजट के प्रावधानों को एक अप्रैल से ही जमीन पर उतारा जा सके। उन्होंने कहा कि सरकार चाहती है कि निजी क्षेत्र भी सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों की बराबरी करें तथा देश सेवा में बढ़-चढ़कर योगदान दे । इसके लिए बजट में अनुसंधान एवं विकास के लिए 25 प्रतिशत राशि का आवंटन किया गया है साथ ही एक विशेष उपक्रम की स्थापना की व्यवस्था भी की गई है। उन्होंने कहा कि अंतरिक्ष और ड्रोन सेक्टर को भी निजी क्षेत्र के लिए खोला जा रहा है। साथ ही देश में बनाए जा रहे दो रक्षा गलियारों से भी निजी क्षेत्र को अपना योगदान देने में मदद मिलेगी।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-work-with-the-spirit-of-patriotism-for-self-reliance-in-the-defense-sector/article-31102</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-work-with-the-spirit-of-patriotism-for-self-reliance-in-the-defense-sector/article-31102</guid>
                <pubDate>Fri, 25 Feb 2022 12:19:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2022-02/modi-1-e16456914208532.jpg"                         length="71591"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>खट्टर सरकार को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत! हरियाणा के निजी सेक्टर में 75% आरक्षण पर रोक हटी</title>
                                    <description><![CDATA[सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट से फिर विचार करने को कहा नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। उच्चतम न्यायालय ने हरियाणा में निजी क्षेत्र की नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण संबंधी राज्य सरकार की अधिसूचना पर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के रोक संबंधी फैसला वीरवार को रद्द दिया। शीर्ष अदालत ने राज्य सरकार की अधिसूचना पर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/big-relief-to-khattar-government-from-supreme-court-ban-on-75-reservation-in-private-sector-of-haryana-lifted/article-30882"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2022-02/supreme-court-of-india-13.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:center;"><strong>सुप्रीम कोर्ट ने हाईकोर्ट से फिर विचार करने को कहा</strong></h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> उच्चतम न्यायालय ने हरियाणा में निजी क्षेत्र की नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण संबंधी राज्य सरकार की अधिसूचना पर पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय के रोक संबंधी फैसला वीरवार को रद्द दिया। शीर्ष अदालत ने राज्य सरकार की अधिसूचना पर रोक लगाने के उच्च न्यायालय के फैसले को रद्द करने के साथ ही इस मामले में उससे चार सप्ताह के भीतर फिर सुनवाई करने का अनुरोध किया। न्यायमूर्ति एल. नागेश्वर राव और न्यायमूर्ति पी. एस. नरसिम्हा की पीठ ने संबंधित पक्षों की दलीलें सुनने के बाद कहा कि उच्च न्यायालय ने रोक लगाने के अपने फैसले के पक्ष में पर्याप्त कारण नहीं बताया है।</p>
<p style="text-align:justify;">शीर्ष अदालत की दो सदस्यीय पीठ ने कहा, “उच्च न्यायालय द्वारा रोक लगाने के लिए पारित आदेश में पर्याप्त कारणों का उल्लेख नहीं किया गया है।” न्यायमूर्ति राव ने कहा, “हम मामले के गुण-दोष में नहीं पड़ना चाहते हैं। हम उच्च न्यायालय से चार सप्ताह के भीतर मामले को तय करने का अनुरोध करते हैं।” न्यायमूर्ति राव ने स्पष्ट तौर पर कहा, ”सुनवाई के दौरान पक्षकार न्यायालय के समक्ष स्थगन संबंधी किसी प्रकार की मांग नहीं करेंगे।</p>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>हाईकार्ट का क्या था फैसला</strong></h4>
<p style="text-align:justify;">“शीर्ष अदालत ने हरियाणा सरकार को आदेश दिया कि वह अदालत में मामला लंबित रहने के दौरान नियोक्ताओं के विपरीत कोई कदम नहीं उठाये। हरियाणा सरकार का पक्ष रख रहे सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने अन्य उच्च न्यायालयों में चल रहे मामलों को उच्चतम न्यायालय में स्थानांतरण होने तक हरियाणा एवं पंजाब उच्च न्यायालय द्वारा राज्य में निजी क्षेत्र की नौकरियों में आरक्षण संबंधी कानून पर रोक हटाने की भी मांग की थी। राज्य सरकार ने उच्च न्यायालय के फैसले को इस दलील के साथ उच्चतम न्यायालय में चुनौती दी थी कि मामले पर बिना गौर किए हुए खारिज कर दिया गया था।</p>
<p style="text-align:justify;">न्यायमूर्ति राव ने पिछली सुनवाई के दौरान कहा था कि समाचार पत्रों के माध्यम से उन्हें जानकारी मिली है कि झारखंड और आंध्र प्रदेश में हरियाणा की तरह ही निजी क्षेत्र की नौकरियों में आरक्षण संबंधित प्रस्ताव पास किए गए थे, जहां उन्हें संबंधित उच्च न्यायालयों में चुनौती दी गई है। इन मामलों के बारे में जानकारी शीर्ष अदालत के समक्ष प्रस्तुत की जाये। हरियाणा का पक्ष रख रहे श्री मेहता ने कहा था कि वह झारखंड और आंध्र प्रदेश में लंबित मामलों के बारे में जानकारी जुटाकर अदालत में प्रस्तुत करेंगे। मुख्य न्यायाधीश एन. वी. रमन की अध्यक्षता वाली तीन सदस्यीय पीठ ने चार फरवरी को राज्य सरकार के शीघ्र सुनवाई के अनुरोध को स्वीकार कर लिया था।</p>
<h4 style="text-align:justify;"><strong>क्या है मामला</strong></h4>
<p style="text-align:justify;">पंजाब एवं हरियाणा उच्च न्यायालय ने राज्य सरकार की आरक्षण लागू करने संबंधी अधिसूचना पर गत तीन फरवरी को रोक लगा दी थी। उच्च न्यायालय के इस फैसले को राज्य सरकार ने शीर्ष अदालत में अगले दिन चार फरवरी को चुनौती दी थी। उच्च न्यायालय ने तीन फरवरी को राज्य सरकार की ओर से गत 15 जनवरी 2022 को जारी उस अधिसूचना पर रोक लगा दी थी, जिसमें राज्य के मूल स्थानीय निवासियों के लिए निजी क्षेत्र एवं ट्रस्ट आदि की कंपनियों में प्रति माह 30,000 से कम की वेतन वाली नौकरियों में 75 प्रतिशत आरक्षण दिए जाने का प्रावधान किया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;">आरक्षण के प्रावधान के खिलाफ फरीदाबाद इंडस्ट्रीज एसोसिएशन एवं अन्य (रेवाड़ी, गुरुग्राम की विभिन्न औद्योगिक एसोसिएशनों के अलावा कई अन्य) ने सरकार की इस अधिसूचना के खिलाफ उच्च न्यायालय का दरवाजा खटखटाया था। याचिकाकतार्ओं ने उच्च न्यायालय के समक्ष विभिन्न दलीलों के साथ कहा था कि आरक्षण दिया जाना संविधान के खिलाफ है।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/big-relief-to-khattar-government-from-supreme-court-ban-on-75-reservation-in-private-sector-of-haryana-lifted/article-30882</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/big-relief-to-khattar-government-from-supreme-court-ban-on-75-reservation-in-private-sector-of-haryana-lifted/article-30882</guid>
                <pubDate>Thu, 17 Feb 2022 15:42:56 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2022-02/supreme-court-of-india-13.jpg"                         length="38520"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>निजी क्षेत्र में 75 प्रतिशत नौकरी आरक्षण का नियम लागू : दुष्यंत चौटाला</title>
                                    <description><![CDATA[चंडीगढ़ (सच कहूँ न्यूज)। हरियाणा के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने आज कहा कि प्रदेश के निजी क्षेत्र में हरियाणा के युवाओं को 75 प्रतिशत नौकरी आरक्षण का नियम लागू कर दिया गया है। वह यहां सिरसा क्लब में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था लागू होने से निजी क्षेत्र में प्रदेश के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/the-rule-of-75-percent-job-reservation-in-private-sector-is-applicable-dushyant-chautala/article-30018"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2022-01/deputy-chief-minister-dushyant-chautala.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>चंडीगढ़ (सच कहूँ न्यूज)।</strong> हरियाणा के उप मुख्यमंत्री दुष्यंत चौटाला ने आज कहा कि प्रदेश के निजी क्षेत्र में हरियाणा के युवाओं को 75 प्रतिशत नौकरी आरक्षण का नियम लागू कर दिया गया है। वह यहां सिरसा क्लब में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था लागू होने से निजी क्षेत्र में प्रदेश के युवाओं के लिए रोजगार के रास्ते खुलेंगे। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग द्वारा पोर्टल भी बनाया गया है और हेल्पलाइन नंबर भी जारी किया गया है और इंफ्रास्ट्रक्चर भी तैयार है। चौटाला ने कहा कि कंपनियों को पोर्टल पर अपनी वैकेंसी भी दिखानी होगी और सरकार इसको लगातार मॉनिटर करेगी।</p>
<p style="text-align:justify;">चौटाला यहां करीब डेढ़ करोड़ रुपये की लागत से बने नवनिर्मित कर्मचारी आवास व द लाउन्ज का उद्घाटन करने आये थे। उप मुख्यमंत्री ने बताया कि सिरसा में मेडिकल कॉलेज बनाने के लिए लेकर टेंडर जारी किया जा चुका है औैर यह कार्य निर्धारित समयावधि में पूरा किया जाएगा। बढ़ते कोरोना संक्रमण पर बोलते हुए उन्होंने कहा कि सरकार व प्रशासन अपने स्तर पर हर संभव प्रयास कर रहा है लेकिन प्रत्येक व्यक्ति का दायित्व बनता है कि वह स्वयं भी अपना ध्यान रखें। उन्होंने सभी नागरिकों को वैक्सीन की दोनों डोज जरूर लगवाने के लिए आह्वान किया।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/the-rule-of-75-percent-job-reservation-in-private-sector-is-applicable-dushyant-chautala/article-30018</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/the-rule-of-75-percent-job-reservation-in-private-sector-is-applicable-dushyant-chautala/article-30018</guid>
                <pubDate>Sun, 16 Jan 2022 16:00:47 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2022-01/deputy-chief-minister-dushyant-chautala.jpg"                         length="17996"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता और मजबूती के लिए आगे आये निजी क्षेत्र: राजनाथ</title>
                                    <description><![CDATA[आत्मनिर्भर रक्षा क्षेत्र के निर्माण में अपना योगदान दें नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रौद्योगिकी आधारित विकास पर जोर देते हुए निजी क्षेत्र से सशक्त और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में आगे आकर योगदान देने का आह्वान किया है। सिंह ने वीरवार को डिफेंस इंडिया स्टार्ट अप चैलेंज 0.5 की […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-come-forward-for-self-reliance-and-strength-in-defense-sector-rajnath/article-26169"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2021-08/home-minister-rajnath-singh.jpg" alt=""></a><br /><h4 style="text-align:center;">आत्मनिर्भर रक्षा क्षेत्र के निर्माण में अपना योगदान दें</h4>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने प्रौद्योगिकी आधारित विकास पर जोर देते हुए निजी क्षेत्र से सशक्त और आत्मनिर्भर भारत के निर्माण में आगे आकर योगदान देने का आह्वान किया है। सिंह ने वीरवार को डिफेंस इंडिया स्टार्ट अप चैलेंज 0.5 की वीडियो कांफ्रेन्स से शुरूआत करते हुए कहा कि दुनिया के विकसित देशों ने प्रौद्योगिकी के आधार पर ही विकास किया है इसलिए प्रौद्योगिकी आधारित आर्थिक विकास बेहद जरूरी है। उन्होंने कहा, ‘जब-जब प्रौद्योगिकी की बात होती है, मेरे मन में अमेरिका, जापान, दक्षिण कोरिया जैसे उन्नत देश आते हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">मुझे बतलाया गया है कि ये उन्नत देश अपनी प्रौद्योगिकी के दम पर आगे बढेÞ हैं। इन राष्ट्रों का विकास प्रौद्योगिकी आधारित आर्थिक विकास के आधार पर हुआ है। मैं सरकार की ओर से सभी संभव सहयोग का आश्वासन देते हुए, निजी क्षेत्र का आह्वान करता हूँ कि आप लोग आगे आएं, और एक सशक्त और आत्मनिर्भर रक्षा क्षेत्र के निर्माण में अपना योगदान दें।</p>
<h4 style="text-align:justify;">राष्ट्रीय सुरक्षा की चुनौतियाँ भी बढ़ रही हैं</h4>
<p style="text-align:justify;">रक्षा मंत्री ने कहा कि यह चैलेंज ऐसे समय शुरू किया जा रहा है जब देश स्वाधीनता की 75वीं वर्षगांठ मना रहा है। इससे हम एक तरह से रक्षा क्षेत्र में स्वाधीनता की ओर एक और कदम आगे बढ़ा रहे हैं। उन्होंने कहा कि दुनिया में सुरक्षा परिदृश्य के तेजी से बदलने के मद्देनजर राष्ट्रीय सुरक्षा की चुनौतियाँ भी बढ़ रही हैं और जटिल भी होती जा रही है। साथ ही विश्व की भू- राजनीतिक परिस्थितियों में भी लगातार परिवर्तन आ रहे हैं।</p>
<p> </p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-come-forward-for-self-reliance-and-strength-in-defense-sector-rajnath/article-26169</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/private-sector-should-come-forward-for-self-reliance-and-strength-in-defense-sector-rajnath/article-26169</guid>
                <pubDate>Thu, 19 Aug 2021 16:12:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2021-08/home-minister-rajnath-singh.jpg"                         length="40734"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>निजी क्षेत्र दे सकता है रक्षा उपकरणों में आत्मनिर्भरता</title>
                                    <description><![CDATA[रक्षा क्षेत्र में केंद्रीय बजट 2021-22 के प्रावधानों के प्रभावी कार्यान्वयन पर एक वेबिनार को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिये किये गए उपायों की एक श्रृंखला को सूचीबद्ध किया है। प्रधानमंत्री को इस बात के लिए पछतावा है कि भारत विश्व के सबसे बड़े रक्षा आयातकों […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/perspectives/private-sector-can-give-self-sufficiency-in-defense-equipment/article-22595"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2021-04/private-sector.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">रक्षा क्षेत्र में केंद्रीय बजट 2021-22 के प्रावधानों के प्रभावी कार्यान्वयन पर एक वेबिनार को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भरता को बढ़ावा देने के लिये किये गए उपायों की एक श्रृंखला को सूचीबद्ध किया है। प्रधानमंत्री को इस बात के लिए पछतावा है कि भारत विश्व के सबसे बड़े रक्षा आयातकों में से एक है, लेकिन अब देश इस स्थिति को बदलने के लिए अपनी क्षमताओं और योग्यताओं को तेज गति से बढ़ाने के लिये कड़ी मेहनत कर रहा है। बजट में रक्षा मंत्रालय के लिए कुल 4.78 लाख करोड़ रुपए निर्धारित किये गए हैं, इसमें पूंजीगत परिव्यय में लगभग 19% की वृद्धि हुई है। घरेलू खरीद के लिये बजट का एक हिस्सा आरक्षित किया गया है। भारत, सऊदी अरब के बाद विश्व में रक्षा उपकरणों का दूसरा सबसे बड़ा आयातक है। निजी क्षेत्र से आग्रह किया गया है कि वह आगे आए और रक्षा उपकरणों के डिजाइन और विनिर्माण दोनों की जिम्मेदारी उठाए।</p>
<p style="text-align:justify;">आवश्यकतानुसार नौसेना को अधिक महत्त्व नहीं दिया गया है। नौसेना के लिये बजट का हिस्सा 15% से कम है जिसमें कुछ वर्षों से 12 % के आस-पास वृद्धि हुई है, जबकि वित्त वर्ष 2011-12 में यह 18% था। रक्षा क्षेत्र में वर्तमान परिदृश्य की बात करें तो वायुसेना के संबंध में भारत धीरे-धीरे रक्षा क्षेत्र में स्वदेशीकरण की ओर बढ़ रहा है, जैसे कि भारत ने अपना स्वदेशी विमान तेजस तैयार किया है। भारत अपने स्वयं के इंजन, एवियोनिक्स और आत्मनिर्भर रडार के निर्माण में अभी भी पिछड़ा है। विमान के विभिन्न हिस्सों के डिजाइन और विकास में काफी प्रगति हुई है, लेकिन जब एक कॉम्पैक्ट विमान प्रणाली या एक हथियार प्रणाली की बात आती है, तो भारत एक अन्वेषक है, निर्माता नहीं। सेना के संबंध में भारतीय सेना को टैंकों जैसे आयुध निर्माण के क्षेत्र में अभी और अधिक कार्य करने की आवश्यकता है। आर्टिलरी गन के मामले में भारत ने एक बड़ी सफलता हासिल की है, लेकिन इसके उपकरणों को आधुनिक बनाने के मामले में जरूरी तकनीकी बढ़त हासिल नहीं की है। वही नौसेना के संबंध में बात करें तो नौसेना को जितना महत्त्व दिया गया है उससे कहीं अधिक महत्त्व दिया जाने की आवश्यकता है क्योंकि अभी भी समुद्री क्षेत्र में अपार चुनौतियाँ हैं और सबसे अधिक खतरा चीन से है।</p>
<p style="text-align:justify;">आत्मनिर्भर और मेक इन इंडिया पहओं को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने अपनी नकारात्मक सूची में हल्के लड़ाकू हेलिकॉप्टरों, आर्टिलरी गन को शामिल किया है, इन वस्तुओं का आयात किसी सूरत में नहीं किया जाएगा और इस प्रकार आत्मनिर्भर भारत पहल को बढ़ावा मिलेगा। आधुनिकीकरण से जुड़ी चुनौतियों की बात करें तो भारत की संपूर्ण अधिग्रहण प्रक्रिया काफी सुस्त है और रक्षा उपकरण प्राप्त करने की योजना बनाने से लेकर उसे क्रियान्वित करने के लिये काफी लंबी प्रक्रिया है। इस अवधि को कम कर प्रक्रिया को अधिकतम 1-2 वर्ष तक करना एक बड़ी चुनौती है। सार्वजनिक रक्षा विनिर्माण क्षेत्र वास्तव में जिस तरह से इसे अनिवार्य किया गया है उसे पूरा करने में सक्षम नहीं है। यह क्षेत्र अपने आप में रक्षा क्षेत्र की सभी आवश्यकताओं को पूरा करने में सक्षम नहीं है, इसलिये निजी क्षेत्र की भागीदारी को प्रोत्साहित किया जाना चाहिये। भारत के पास रक्षा उपकरणों के विनिर्माण के लिये एक उचित औद्योगिक आधार का अभाव है। इन क्षेत्रों की स्थापना और विनिर्माण कार्य शुरू किये जाने के बाद पूरी रक्षा अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।</p>
<p> </p>
<p style="text-align:justify;"><strong>अन्य <a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a> हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>विचार</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/perspectives/private-sector-can-give-self-sufficiency-in-defense-equipment/article-22595</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/perspectives/private-sector-can-give-self-sufficiency-in-defense-equipment/article-22595</guid>
                <pubDate>Fri, 02 Apr 2021 09:46:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2021-04/private-sector.jpg"                         length="63319"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        