<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/farm/tag-1911" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Farm - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/1911/rss</link>
                <description>Farm RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>राजस्थान में अब खेत से खरीदी फसल तो दर्ज होगा मुकदमा</title>
                                    <description><![CDATA[टीम खेतों से अनाज की सीधी खरीद करने वालों पर कार्रवाई करेगी।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/a-lawsuit-will-be-filed-on-the-crop-purchased-from-the-farm/article-10929"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-10/crop.jpg" alt=""></a><br /><h2>समिति ने  मोबाइल टीम का गठन किया | Crop purchased</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>राजस्थान (एजेंसी)।</strong> हाड़तोड़ मेहनत से तैयार किसान की उपज को लेकर मनमर्जी के भाव देने वाले व्यापारियों पर मंडी समिति की ओर से कार्रवाई की जाएगी । कार्रवाई के तहत आपराधिक मुकदमा दर्ज कराने व जुर्माना लगाया जाएगा। इसके लिए मंडी समिति ने मोबाइल टीम का गठन कर दिया है। ये टीम खेतों से अनाज की सीधी खरीद करने वालों पर कार्रवाई करेगी। सीधी खरीद से हो रहे राजस्व घाटे को देखते हुए समिति ने एक मोबाइल टीम का गठन किया है। यह टीम ऑफिस कार्य के साथ ही रोटेशन से क्षेत्रवार गश्त करेगी। गश्त के दौरान अनाज से भरे वाहन पर कार्रवाई की जाएगी। इसके लिए मंडी सचिव ने टीम बना ली है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">यह आती है परेशानी |Crop purchased</h2>
<p style="text-align:justify;">गांवों में खुली अघोषित अनाज मंडियों के संचालक वाहन चलाने, उपज तौलने के लिए किसान को नौकरी पर रखते हैं। यही नहीं माल परिवहन के दौरान बिल्टी भी परेशानी की होती है। मंडी समिति की टीम जांच करती है तो वाहन में भरे माल को किसान का साबित करने के लिए जमाबंदी मांगी जाती है। काफी देर तक जमाबंदी नहीं पहुंचती है। वाहन को जब्त करने का अधिकार नहीं होने के कारण मंडी की टीम खाली हाथ लौटना पड़ता है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">सरकारी रियायत से पनपे बिचौलिए</h2>
<p style="text-align:justify;">सरकार ने किसान की उपज को कहीं भी बेचने की स्वतंत्रता दी है। इसी स्वतंत्रता का फायदा उठाकर बिचौलिए पनप गए। हाल यह है कि अब इन बिचौलियों की जड़ें इतनी गहरी हो चुकी है कि इन्हें हटा पाना मुश्किल है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">दर्ज होगा मुकदमा</h2>
<ul>
<li style="text-align:justify;"><strong>सीधे फसल खरीदने वाले व्यापारियों पर कार्रवाई के लिए टीम का गठन किया है।</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong> ये टीम खेतों से सीधे अनाज खरीदने वाले व्यापारी व कार्मिक पर आपराधिक मुकदमा दर्ज करवाएगी। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>जिले में ऐसे अवैध कारोबार करने वालों को चिन्हित किया जा रहा है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>अनाज की बोरियों से भरे वाहन व कांटे बाट लेकर गांवों में घूमने वाले वाहनों पर कार्रवाई की जाएगी</strong>।</li>
</ul>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>राजस्थान</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/a-lawsuit-will-be-filed-on-the-crop-purchased-from-the-farm/article-10929</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/a-lawsuit-will-be-filed-on-the-crop-purchased-from-the-farm/article-10929</guid>
                <pubDate>Wed, 23 Oct 2019 17:01:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-10/crop.jpg"                         length="181476"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>झज्जर: खेत के गड्ढे में तैरते मिले तीन मासूम बच्चों के शव</title>
                                    <description><![CDATA[खेलते-खेलते पानी से भरे गड्ढे  में पैर फिसलने से  उसके अंदर जागिरे Jhajjar: dead bodies of three innocent children found floating in the potholes of the farm झज्जर (सच कहूँ न्यूज)  झज्जर के कबलाना गांव के खेतों में तीन मासूम बच्चों की एक साथ डूबने से मौत हो गई। तीनों बच्चे खेलते-खेलते एक खेत में पानी […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/jhajjar-dead-bodies-of-three-innocent-children-found-floating-in-the-potholes-of-the-farm/article-4559"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/jajar.jpg" alt=""></a><br /><h2>खेलते-खेलते पानी से भरे गड्ढे  में पैर फिसलने से  उसके अंदर जागिरे</h2>
<h3>Jhajjar: dead bodies of three innocent children found floating in the potholes of the farm</h3>
<p><strong>झज्जर (सच कहूँ न्यूज) </strong> झज्जर के कबलाना गांव के खेतों में तीन मासूम बच्चों की एक साथ डूबने से मौत हो गई। तीनों बच्चे खेलते-खेलते एक खेत में पानी से भरे गड्ढे के पास जा पहुंचे। जहां पैर फिसलने से वे उसके अंदर जा गिरे और डूबने से उनकी मौत हो गई (Jhajjar: dead bodies of three innocent children found floating in the potholes of the farm)। बच्चों के गड्ढे में गिरे होने का परिजनों को काफी देर बाद पता चला लेकिन तब तक काफी देर हो चुकी थी।</p>
<h2>कबलाना में बने राज ईट भट्ठे पर तीनों बच्चे अपने मां बाप के साथ रहते थे</h2>
<h3>Jhajjar: dead bodies of three innocent children found floating in the potholes of the farm</h3>
<p>कबलाना गांव के खेतों में बने राज ईट भट्ठे पर तीनों बच्चे अपने मां बाप के साथ रहते थे। मृतक बच्चों की पहचान अरमान पुत्र यूसुफ, टोहिद पुत्र उस्मान, खुशबू पुत्री उस्मान के रूप के हुई है। तीनों की उम्र 5 से 7 साल के बीच बताई जा रही है। वे देर शाम खेलने के लिए निकले थे। जब बच्चे देर रात तक वापस नहीं लौटे तो परिजनों ने उन्हें काफी देर तलाश की जिसके बाद वे खेत में बने गड्ढे के पास पहुंचे। जहां उनके शव पानी में तैर रहे थे।घटना की सूचना मिलने के बाद झज्जर पुलिस भी मौके पर पहुंची और मामले की जांच में जुट गई। सामान्य अस्पताल के चिकित्सक मुकेश ने बताया कि तीनों बच्चों को जब अस्पताल लाया गया तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/jhajjar-dead-bodies-of-three-innocent-children-found-floating-in-the-potholes-of-the-farm/article-4559</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/jhajjar-dead-bodies-of-three-innocent-children-found-floating-in-the-potholes-of-the-farm/article-4559</guid>
                <pubDate>Fri, 29 Jun 2018 10:28:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/jajar.jpg"                         length="38093"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बागपत में नाबालिग की हत्या, शव गन्ने के खेत से बरामद</title>
                                    <description><![CDATA[पिता को खाने देने गई थी, नहीं लौटी वापिस  murdered in Baghpat, dead body recovered from cane farm बागपत (एजेंसी)। उत्तर प्रदेश में बागपत के छपरौली क्षेत्र में अज्ञात बदमाशों ने पिता का खाना लेकर खेत में गई बालिका की हत्या कर दी जिसका शव गन्ने के खेत से बरामद किया गया है (murdered in […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/minor-murdered-in-baghpat-dead-body-recovered-from-cane-farmsachkahoon-com/article-4537"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/marder.jpg" alt=""></a><br /><ul>
<li>
<h2>पिता को खाने देने गई थी, नहीं लौटी वापिस</h2>
</li>
<li>
<h2><span class="storydetails"> murdered in Baghpat, dead body recovered from cane farm</span></h2>
</li>
</ul>
<p><strong><span class="storydetails">बागपत (एजेंसी)। </span></strong><span class="storydetails">उत्तर प्रदेश में बागपत के छपरौली क्षेत्र में अज्ञात बदमाशों ने पिता का खाना लेकर खेत में गई बालिका की हत्या कर दी जिसका शव गन्ने के खेत से बरामद किया गया है (</span><span class="storydetails">murdered in Baghpat, dead body recovered from cane farm)</span><span class="storydetails">। पुलिस सूत्रों ने गुरुवार को यहां बताया कि छपरौली इलाके की रहने वाली 11 वर्षीय बालिका बुधवार को खेत में अपने पिता का खाना लेकर गई थी । काफी देर तक बालिका घर वापस नहीं पहुंची।</span></p>
<h2><span class="storydetails">गन्ने के खेत में पड़ा मिला शव</span></h2>
<h2><span class="storydetails">murdered in Baghpat, dead body recovered from cane farm</span></h2>
<p><span class="storydetails"> बालिका की तलाश की गई तो शाम के समय उसका शव गन्ने के खेत में पड़ा मिला। बालिका के हाथ उसकी सलवार के नाडे से बंधे थे । परिजनों ने आशंका जताई है कि बदमाशों ने बलात्कार के बाद उसकी हत्या कर दी। उन्होंने बताया कि शव का पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है । पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद स्थति स्पष्ट हो सकेगी। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है ।<br />
</span></p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/minor-murdered-in-baghpat-dead-body-recovered-from-cane-farmsachkahoon-com/article-4537</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/minor-murdered-in-baghpat-dead-body-recovered-from-cane-farmsachkahoon-com/article-4537</guid>
                <pubDate>Thu, 28 Jun 2018 08:42:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/marder.jpg"                         length="71541"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>धान रोपाई से पहले इस तरह तैयार करें खेत</title>
                                    <description><![CDATA[इन दिनों किसानों ने धान की फसल को लेकर तैयारियां शुरु कर दी हैं। 16 जून से प्रदेशभर में धान की रोपाई का दौर शुरू हो जाएगा। रोपाई से पहले धान के बीज का उपचार किसानों के लिए सबसे जरूरी कार्य है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार धान की नर्सरी बीजने से पहले खेतों में 10-12 […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/culture-and-society/prepare-the-farm-before-the-paddy-transplantation/article-3893"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/dhan-.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">इन दिनों किसानों ने धान की फसल को लेकर तैयारियां शुरु कर दी हैं। 16 जून से प्रदेशभर में धान की रोपाई का दौर शुरू हो जाएगा। रोपाई से पहले धान के बीज का उपचार किसानों के लिए सबसे जरूरी कार्य है। कृषि विशेषज्ञों के अनुसार धान की नर्सरी बीजने से पहले खेतों में 10-12 गाड़ी कंपोस्ट खाद डालकर मिला दें। खेत तैयार करते समय बत्तर आने पर खेत को 2-3 जुताई करके खेत को अच्छी तरह तैयार कर लें।</p>
<p style="text-align:justify;">इसके बाद खेत में पानी भरकर कद्दू करें। इसी समय 22 किलो यूरिया व 62 किलो सिंगल सुपरफास्फेट व 10 किलो जिंक सल्फेट प्रति एकड़ डालें व सुहागा लगाएं। सुहागा लगाने के 4-5 घंटे बाद जब रेगा बैठ जाए तो पहले से उपचारित व अंकुरित किया हुआ बीज 40-50 ग्राम प्रति वर्गमीटर के हिसाब से 2-3 सैंटीमीटर खड़े पानी में बीजेंं। पहले 7-8 दिन पनीरी में बहुत हल्का-हल्का पानी लगायें।</p>
<p style="text-align:justify;">पौध शैय्या में खरपतवार नियंत्रण के लिए बिजाई के 1-3 दिन बाद 600 ग्राम सोफिट या 1.2 लीटर ब्यूटाक्लोर या सेटर्न या स्टा प को 60 किलोग्राम सूखी रेत में मिलाकर अंकुरित धान बोने के 6 दिन बाद प्रति एकड़ नर्सरी में डालें। इससे 50 से 60 प्रतिशत खरपतवारों की रोकथाम हो जाती है। पानी शाम के समय लगाना अच्छा रहता है।</p>
<p style="text-align:justify;">15 दिन बाद खरपतवार निकालकर 22 किलो यूरिया प्रति एकड़ डालें। अगर पनीरी में लोहे की कमी आ जाती है तो 0.5 प्रतिशत फेरस सल्फेट +2.5 प्रतिशत यूरिया का स्प्रे करें। बरसीम वाला खेत धान पनीरी बीजने के लिए अच्छा रहता है। 25-30 दिन में पौध खेत में लगाने योग्य हो जाती है। बासमती किस्मों की रोपाई 15 जुलाई से पहले कर दें। ऐसा करने से बदरा रोग का प्रकोप कम होता है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">रोपाई की विधि</h3>
<p style="text-align:justify;">धान की रोपाई जून माह के तीसरे सप्ताह में आरंभ कर लें। रोपाई सही फासले (15 संै.मी. *15 सैं.मी.) पर करें और एक स्थान पर 2-3 पौधे खडे पानी में रोपे। रोपाई के 6-10 दिन बाद पानी रोक दें ताकि पौधों की जड़ें विकसित हो जाएं। छोटी बढ़ने वाली बौनी किस्मों में रोपाई से पहले या कद्दू करते समय 44 किलो यूरिया, 50 किलोग्राम डीएपी या 150 किलोग्राम सिंगल सुपर फास्फेट, 40 किलोग्राम यूरेट आॅफ पोटाश एवं 10 किलोग्राम जिंक सल्फेट प्रति एकड़ तथा लंबी बढ़ने वाली किस्मों में 25 किलो डीएपी या 75 किलो सिंगल सुपर फास्फेट तथा 10 किलों जिंक सल्फेट प्रति एकड़ रोपाई से पहले कद्दू या लेव करते समय प्रयोग करें।</p>
<p style="text-align:justify;">धान की बौनी किस्मों में 45 किलो यूरिया व लंबी किस्मों में 25 किलो यूरिया प्रति एकड़ रोपाई के 21 दिन बाद खेत में पानी कम करके छिंटे द्वारा प्रयोग करें। दूसरी मात्रा के समान तीसरी मात्रा रोपाई के 42 दिन बाद करें। इसके बाद फसल में खाद न डालें। यदि फास्फोरस की खाद डीएपी से डाली गई हो तो बौनी धान की किस्मों में 20 किलो (रोपाई के समय)व लंबी धान की किस्मों में 10 किलो यूरिया प्रति एकड़ कम डालें। कल्लर वाले खेतों में 20 किलोग्राम जिंक सल्फेट प्रति एकड़ प्रयोग करें।</p>
<h3 style="text-align:justify;">बीज का उपचार</h3>
<p style="text-align:justify;">भारी व स्वस्थ बीज के चुनाव हेतु 10 प्रतिशत नमक के घोल (10 लीटर पानी में 1 किलो नमक )में बीज को थोडा़-थोड़ा करके डालें। ऊपर तैरते हुए बीज व अन्य पदार्थों को बाहर निकाल कर नष्ट कर दें। नीचे बैठे भारी बीज को साफ पानी से 3-4 बार धो लें, ताकि बीज पर नमक का अंश न रहने पाए और रासायनिक उपचार बीजगत फफूंद व जीवाणुओं के नियंत्रण के लिए करें।</p>
<p style="text-align:justify;">इसके लिए 10 लिटर पानी में 10 ग्राम काबार्नाडाजिम (बैविस्टिन)या 10 ग्राम एमीसान व 1 ग्राम स्टै्रप्टोसाइक्लीन घोल लें और इस घोल में 10-12 किलो बीज को 24 घंटे तक भिगोकर उपचारित करें। इसके बाद बीज को घोल से निकालकर छाया में पकेफर्श या बोरी पर ढ़ेर के रूप में डालें व गीली बोरी से 24-36 घंटे तक ढ़क दें। समय-समय पर पानी छिड़ककर बीज को गीला रखें ताकि अंकुरण हो सके।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>संस्कृति एवं समाज</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/culture-and-society/prepare-the-farm-before-the-paddy-transplantation/article-3893</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/culture-and-society/prepare-the-farm-before-the-paddy-transplantation/article-3893</guid>
                <pubDate>Fri, 01 Jun 2018 11:09:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/dhan-.jpg"                         length="131489"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>जलता हुआ उल्कापिंड खेत में गिरा, फैली सनसनी</title>
                                    <description><![CDATA[जयपुर: राजस्थान की राजधानी जयपुर के भाकरोटा थाना क्षेत्र में आज एक खेत में जलता हुआ उल्कापिंड गिरने से सनसनी फैल गयी। थानाधिकारी हेमेन्द्र शर्मा ने बताया कि थाना क्षेत्र के मुकुंदपुरा गांव में बंशीधर के खेत में तडके करीब चार बजे तेज धमाके के साथ गिरे इस उल्कापिंड से गांव में जाग हो गयी और […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/burning-meteorites-fall-into-the-farm/article-941"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-06/pind.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>जयपुर: </strong>राजस्थान की राजधानी जयपुर के भाकरोटा थाना क्षेत्र में आज एक खेत में जलता हुआ उल्कापिंड गिरने से सनसनी फैल गयी। थानाधिकारी हेमेन्द्र शर्मा ने बताया कि थाना क्षेत्र के मुकुंदपुरा</p>
<p style="text-align:justify;">गांव में बंशीधर के खेत में तडके करीब चार बजे तेज धमाके के साथ गिरे इस उल्कापिंड से गांव में जाग हो गयी और लोग घरों से बाहर आ गये।घटना की जानकारी मिलते ही खेत में ग्रामीणों की भीड़ उमड़ पडी जिसे मौके पर पहुंची पुलिस ने हटाया।</p>
<h2 style="text-align:justify;">जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गयी है</h2>
<p style="text-align:justify;">पुलिस का कहना है कि लगभग 5 किलो वजनी काले रंग के इस उल्कापिंड के गिरने से जमीन पर गहरा गड्ढा बन गया और उल्कापिंड के छोटे-छोटे टुकडे हो गये। पुलिस ने बताया कि इसकी जानकारी उच्चाधिकारियों को दे दी गयी है।</p>
<p style="text-align:justify;">जय नारायण व्यास विश्वविद्यालय के फिजिक्स के सेवानिवृत प्रोफेसर आर एन त्रिपाठी ने आकाश से गिरे इस पत्थर को उल्कापिंड होने का दावा करते हुये जिला प्रशासन से जांच के लिये इसको अहमदाबाद लेबोरेटरी में भिजवाने का सुझाव दिया है।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने बताया कि उल्कापिंड सामान्यतया चुम्बकीय परिधि से गिरे रहते है और जो इस परिधि में नही आ पाते वह कई बार गिर जाते है।</p>
<p style="text-align:justify;"><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/burning-meteorites-fall-into-the-farm/article-941</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/burning-meteorites-fall-into-the-farm/article-941</guid>
                <pubDate>Tue, 06 Jun 2017 02:44:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-06/pind.jpg"                         length="36387"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सांप के काटने पर तीन लाख मुआवजे का प्रावधान</title>
                                    <description><![CDATA[कई किसानों की सांप के डंसने के कारण हो चुकी है मौत पटियाला (सच कहूँ न्यूज)। बारिश के मौसम में सांप के काटने से होने वाली मौतों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। खास तौर पर खेतों में काम करने वाले किसानों की मौत इस कारण अधिक होती है, लेकिन जानकारी के अभाव में […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/provision-of-three-lakh-compensation-on-snake-bites/article-884"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-06/snake.jpg" alt=""></a><br /><h1 style="text-align:center;">कई किसानों की सांप के डंसने के कारण हो चुकी है मौत</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>पटियाला (सच कहूँ न्यूज)।</strong> बारिश के मौसम में सांप के काटने से होने वाली मौतों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। खास तौर पर खेतों में काम करने वाले किसानों की मौत इस कारण अधिक होती है, लेकिन जानकारी के अभाव में मृतक के आश्रित सरकार से मिलने वाला मुआवजा तक नहीं ले पाते हैं। जो लेना चाहते हैं, उन्हें सरकारी शर्ते ठीक से मालूम न होने के कारण मुआवजा लेने में भारी दिक्कत आती है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">पोस्टमार्टम करवाना जरूरी</h3>
<p style="text-align:justify;">खेती करते एवं अन्य स्थान पर यदि किसी को सांप ने काट लिया और उसकी मौत हो गई तो उसके आश्रित को मुआवजे के रूप में तीन लाख रुपये का भुगतान किया जाने का प्रावधान है। मुआवजा लेने के लिए मृतक के परिजनों को पोस्टमार्टम करना अनिवार्य है। यदि पोस्टमार्टम में सांप काटने की पुष्टि हो जाती है तो सरकार रिपोर्ट के आधार पर मृतक के परिजनों को मुआवजा राशि प्रदान कर देती है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">मिल सकता है लाभ : अधिकारी</h3>
<p style="text-align:justify;">जिला सोशल सिक्योरिटी अधिकारी वरिंदर सिंह से इस संबंध में कहना है कि सांप, चूहा काटने एवं अन्य दुर्घटना होने पर जो सूची में शामिल हैं। इस पर राजीव गांधी परिवार बीमा योजना के तहत मृतक के आश्रितों को सरकार आर्थिक सहायता करती है। मुआवजा लेने वाले परिवार को मृतक का पोस्टमार्टम करवाया अति जरूरी है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट एवं पटवरी की रिपोर्ट ठीक पाए जाने के बाद मुआवजा मिल सकता है।</p>
<p style="text-align:justify;">
</p><p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/provision-of-three-lakh-compensation-on-snake-bites/article-884</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/provision-of-three-lakh-compensation-on-snake-bites/article-884</guid>
                <pubDate>Sun, 04 Jun 2017 07:33:33 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-06/snake.jpg"                         length="134676"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        