<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/electricity-prepaid-meter/tag-21958" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Electricity Prepaid Meter - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/21958/rss</link>
                <description>Electricity Prepaid Meter RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>Prepaid Meter: प्रीपेड मीटर लगाने की योजना के विरोध में किया प्रदर्शन</title>
                                    <description><![CDATA[रोहतक (सच कहूँ न्यूज)। Prepaid Meter: ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के बैनर तले गांव गद्दी खेड़ी में लोगों ने सरकार की प्रीपेड मीटर लगाने की योजना तथा अन्य किसान-मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश अध्यक्ष अनूप सिंह मातनहेल ने कहा कि वायदा करके भी मोदी सरकार बिजली बिल संशोधन 2023 […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/protest-against-the-plan-to-install-prepaid-meters/article-64579"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-11/rohtak-news.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>रोहतक (सच कहूँ न्यूज)।</strong> Prepaid Meter: ऑल इंडिया किसान खेत मजदूर संगठन के बैनर तले गांव गद्दी खेड़ी में लोगों ने सरकार की प्रीपेड मीटर लगाने की योजना तथा अन्य किसान-मजदूर विरोधी नीतियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया। प्रदेश अध्यक्ष अनूप सिंह मातनहेल ने कहा कि वायदा करके भी मोदी सरकार बिजली बिल संशोधन 2023 को रद्द करने से मुकर गई है और अब बिजली को प्राइवेट हाथों में देने जा रही है तथा उसी कड़ी में सरकार प्रदेश में प्रीपेड मीटर लगाने की योजना को लागू करने जा रही है। Rohtak News</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने केन्द्र सरकार आवश्यक वस्तुओं की जमाखोरी पर रोक लगाने तथा खाद्यान्न समेत आवश्यक वस्तुओं के संपूर्ण व्यापार को सरकार अपने हाथों में लेने की मांग की और सरकारी दुकान खोलकर सभी आवश्यक वस्तुएं सस्ते रेट पर आम जनता को उपलब्ध करवाने की भी मांग की। इस अवसर पर जगदीश, सत्यवान, भूपेंद्र, सुमित, गणेश मौजूद रहे।Rohtak News</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Air Pollution: हरियाणा में पिछले वर्षों की तुलना में इस साल कम जले फसल अवशेष" href="http://10.0.0.122:1245/the-whole-of-haryana-including-delhi-ncr-is-in-the-grip-of-air-pollution/">Air Pollution: हरियाणा में पिछले वर्षों की तुलना में इस साल कम जले फसल अवशेष</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/protest-against-the-plan-to-install-prepaid-meters/article-64579</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/protest-against-the-plan-to-install-prepaid-meters/article-64579</guid>
                <pubDate>Fri, 22 Nov 2024 18:06:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-11/rohtak-news.jpg"                         length="56433"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>स्कूलों के लिए खतरनाक प्रीपेड मीटर, कहां से लेकर आएं एडवांस रुपए: डीटीएफ</title>
                                    <description><![CDATA[डैमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट ने सरकार से की नादरशाही फैसला वापिस लेने की मांग चंडीगढ़। (सच कहूँ/अश्वनी चावला) पंजाब सरकार द्वारा सरकारी बिजली कनैक्शनों पर स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने लाजिमी करने से सबसे खतरनाक स्थिति में स्कूल ही आएंगे, जहां सरकार द्वारा बिजली का बिल भरने के लिए कोई फंड ही नहीं दिया जाता है। बहुत […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/dangerous-prepaid-meters-for-schools-from-where-to-get-advance-money-dtf/article-43235"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-02/electricity-prepaid-meter-2.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">डैमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट ने सरकार से की नादरशाही फैसला वापिस लेने की मांग</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>चंडीगढ़। (सच कहूँ/अश्वनी चावला)</strong> पंजाब सरकार द्वारा सरकारी बिजली कनैक्शनों पर स्मार्ट प्रीपेड मीटर लगाने लाजिमी करने से सबसे खतरनाक स्थिति में स्कूल ही आएंगे, जहां सरकार द्वारा बिजली का बिल भरने के लिए कोई फंड ही नहीं दिया जाता है। बहुत से स्कूलों में बिजली का बिल पंचायतों द्वारा भरा जाता है या फिर आपस में पैसे एकत्रित करते हुए अध्यापक भरते हैं लेकिन अब प्रीपेड मीटर आने से विद्यार्थियों व अध्यापकों को बड़ा नुक्सान होगा। इसलिए डैमोक्रेटिक टीचर्स फ्रंट (डीटीएफ) इस फैसले की खिलाफत करते हुए संघर्ष का बिगुल बजा दिया है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="वीरेश शांडिल्य को धमकी देने वालों के खिलाफ मामला दर्ज" href="http://10.0.0.122:1245/case-registered-against-those-who-threatened-viresh-shandilya/">वीरेश शांडिल्य को धमकी देने वालों के खिलाफ मामला दर्ज</a></p>
<p style="text-align:justify;">इस फैसले के तहत लगाए जाने वाले स्मार्ट चिप वाले प्रीपेड मीटर रिचार्ज करने उपरांत ही चलेेंगे, इस तरह लोगों के लिए जरूरी सेवाओं से संबंधित शिक्षा व स्वास्थ्य सुविधा देने वाले स्कूलों व अस्पतालों के प्रबंध में भारी मुश्किलों आने के आसार बन गए हैं, जिस कारण अध्यापकों ने सरकार द्वारा थोपे जा रहे इस फैसले को गैर वाजिब करार देते तुरंत वापिस लेने की मांग की है।</p>
<p style="text-align:justify;">इस संबंधी डीटीएफ पंजाब के राज्य प्रधान विक्रम देव सिंह, जनरल सचिव मुकेश कुमार व वित्त सचिव अश्वनी अवस्थी ने कहा कि आम आदमी पार्टी की सरकार राज्य के सरकारी ढांचे को बेहतर बनाने की जगह तहस-नहस करने के लिए काम कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य के सरकारी स्कूल व सरकारी अस्पताल गरीब लोगों का एकमात्र सहारा हैं, इसलिए बनता तो यह था कि इन संस्थाओं को अधिक से अधिक सुविधाएं प्रदान करते लोगों के लिए उपयोगी बनाया जाए, लेकिन सरकार निजीकरण की नीतियों को लागू करने के लिए तत्पर नजर आ रही है।</p>
<p style="text-align:justify;">नेताओं ने कहा कि राज्य सरकार का यह फैसला केन्द्र सरकार के बिजली संशोधन बिल की तर्जमानी करते निजीकरण को उत्साहित करने के लिए लिया गया है। डीटीएफ के उप प्रधान राजीव बरनाला, गुरप्यार कोटली व बेअंत फुल्लेवाला ने कहा कि ‘आप’ सरकार का यह कदम बिजली से संंबंधित पूरे क्षेत्र को प्राईवेट हाथों में सौंपने की तैयारी के तौर पर देखा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा राज्य के अधिकारों को खोरा लगाने व लगातार लिए जा रहे लोक विरोधी फैसलों का विरोध करने की जगह पंजाब सरकार इन फैसलों के हक में भुगत रही है।</p>
<p style="text-align:justify;">नेताओं ने कहा कि यह फैसला आने वाले समय में आमजन पर भी जल्द ही सरकार लागू करने जा रही है। उन्होंने कहा कि बिजली एक बुनियादी सुविधा है, जिसके बिना रहा नहीं जा सकता। उन्होंने कहा कि ज्यादातर सरकारी स्कूलों में बिजली बिल भरने के लिए कोई योग्य प्रबंध भी उपलब्ध नहीं है, तो अध्यापक रिचार्ज कहां से करवाएंगे? उन्होंने सरकार की नीयत पर सवाल उठाते कहा कि ऐसा लग रहा है कि सरकार की मंशा गरीबों के बच्चों को बिना बिजली के ही पढ़ाई करवाने की है, जिसका सख्त विरोध किया जाएगा।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/dangerous-prepaid-meters-for-schools-from-where-to-get-advance-money-dtf/article-43235</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/dangerous-prepaid-meters-for-schools-from-where-to-get-advance-money-dtf/article-43235</guid>
                <pubDate>Wed, 08 Feb 2023 20:30:00 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-02/electricity-prepaid-meter-2.jpg"                         length="36831"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पंजाब में सरकारी विभागों को 52 हजार से ज्यादा नोटिस जारी</title>
                                    <description><![CDATA[प्रीपेड मीटर लगवाएं वरना कटेगा कनेक्शन 1 मार्च से प्रीपेड मीटरों द्वारा ही होगी बिजली सप्लाई नए बिजली कनैक्शन किए बन्द, प्रीपेड मीटर की हामी भरने वालों को ही मिलेगा कनैक्शन चंडीगढ़। (सच कहूँ/अश्वनी चावला) पॉवरकॉम द्वारा पंजाब में सरकारी विभागों को 52 हजार से ज्यादा नोटिस जारी करते हुए 15 दिनों के अन्दर-अन्दर प्रीपेड समार्ट […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/electricity-prepaid-meter-in-punjab/article-43184"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-02/electricity-prepaid-meter-1.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">प्रीपेड मीटर लगवाएं वरना कटेगा कनेक्शन</h3>
<ul style="text-align:justify;">
<li><strong>1 मार्च से प्रीपेड मीटरों द्वारा ही होगी बिजली सप्लाई</strong></li>
<li><strong>नए बिजली कनैक्शन किए बन्द, प्रीपेड मीटर की हामी भरने वालों को ही मिलेगा कनैक्शन</strong></li>
</ul>
<p style="text-align:justify;"><strong>चंडीगढ़। (सच कहूँ/अश्वनी चावला)</strong> पॉवरकॉम द्वारा पंजाब में सरकारी विभागों को 52 हजार से ज्यादा नोटिस जारी करते हुए 15 दिनों के अन्दर-अन्दर प्रीपेड समार्ट मीटर लगाने के आदेश जारी कर दिए गए हैं। इन 15 दिनों में अगर स्मार्ट मीटर नहीं लगवाए गए तो 1 मार्च से किसी भी सरकारी विभाग को बिजली की सप्लाई नहीं मिलेगी व पुराने कनैक्शन 1 मार्च से काट दिए जाएंगे। सरकारी विभागों को हर हालत में प्रीपेड स्मार्ट मीटर लगवाने होंगे या फिर बिना बिजली के अंधेरे में ही काम करना होगा। पॉवरकॉम द्वारा मंगलवार को यह नोटिस जारी करने संबंधी पत्र जारी किया गया है। इस के साथ ही अब के बाद से किसी भी सरकारी विभाग को उस समय तक नया कनैक्शन नहीं मिलेगा, जब तक वह प्रीपेड कनैक्शन लेने के लिए हामी नहीं भर देता है। पुराने मीटर लगाने का काम तुरंत प्रभाव से पंजाब स्टेट पावर काप्रोरेशन लिमि. द्वारा रोक दिया गया है।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="भारत से एनडीआरएफ के जवान राहत सामग्री के साथ तुर्की पहुंचे" href="http://10.0.0.122:1245/ndrf-personnel-from-india-reached-turkey-with-relief-material/">भारत से एनडीआरएफ के जवान राहत सामग्री के साथ तुर्की पहुंचे</a></p>
<p style="text-align:justify;">जानकारी के अनुसार पंजाब में विभिन्न सरकारी विभागों के 52 हजार से ज्यादा कार्यालयों में पॉवरकाम द्वारा बिजली सप्लाई देते हुए पुराने मीटर लगाए हुए हैं। इन सरकारी विभागों के कार्यालयों द्वारा बिजली के बिल की अदायगी समय अनुसार या फिर लेट भी की जाती रही है। पंजाब में सरकारी विभागों की तरफ ही बिजली का करोड़ों रूपयों का बिल हमेशा ही बकाया खड़ा रहता है। पंजाब ही नहीं बल्कि देश भर के बाकी राज्यों मे भी यही हाल होने के चलते केन्द्र सरकार द्वारा दी जाने वाली बिजली सब्सिडी में इस तरह की शर्त रखी गई है कि राज्य को अपने पुराने उधारी पैटर्न को खत्म करते हुए प्रीपेड मीटर को अपनाना होगा। पंजाब में पूर्व सरकारों द्वारा प्रीपेड बिजली कनैक्शन लगाने की कोशिश भी की गई, लेकिन पंजाब के ग्र्रामीण क्षेत्रों में सबसे ज्यादा विरोध होने के चलते पंजाब में इसे अभी तक लागू नहीं किया जा सका है।</p>
<p style="text-align:justify;">केन्द्र सरकार द्वारा बिजली सब्सिडी की अदायगी रोकने को लेकर अब पंजाब सरकार ने प्रीपेड कनैक्शन लगाने की शुरूआत कर दी है। इसलिए सबसे पहले सरकारी विभागों में लगे 52 हजार से अधिक बिजली के मीटरों को लक्ष्य बनाया गया है। पंजाब स्टेट पावर काप्रोरेशन लिमि. द्वारा मंगलवार को आदेश जारी करते हुए 52 हजार से अधिक कनैक्शनों को प्रीपेड मीटर में बदलने के लिए 15 दिन का समय दिया गया है। अगर इन 15 दिनों भाव 22 फरवरी तक यह कार्रवाई मुक म्मल नहीं होती तो 1 मार्च से पुराने मीटरों में बिजली सप्लाई काट दी जाएगी। इसलिए सरकारी विभागों के 52 हजार से अधिक कनैक्शनों को हर हालत में 15 दिनों के अन्दर-अंदर प्रीपेड कनैक्शन लगवाने होंगे।</p>
<h3 style="text-align:justify;">हर महीने देना होगा एडवांस, पैसा खत्म तो बिजली भी होगी बंद</h3>
<p style="text-align:justify;">पंजाब के 53 हजार विभागों को अब के बाद प्रीपेड कनैक्शन के लिए एडवांस में हर महीने पैसे देने होंगे। इसलिए हर विभाग को पिछले महीनों के अन्दाजन बिल भेजे जाएंगे ताकि उनको पता चल सके कि हर महीने कितने रूपये एडवांस में अपने प्रीपेड मीटर में जमा करवाए हैं। जिस भी महीने सरकारी विभाग एडवांस में पैसे भेजना भूल जाएगा या फिर नहीं भेजेगा तो पैसे खत्म होते ही मीटर अपने आप बिजली बन्द कर देगा। इसके बाद पैसे की अदायगी होने पर ही बिजली फिर से शुरू होगी। इसमें कोई सिफारिश या फिर फोन काम नहीं करेगा।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/electricity-prepaid-meter-in-punjab/article-43184</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/electricity-prepaid-meter-in-punjab/article-43184</guid>
                <pubDate>Tue, 07 Feb 2023 18:45:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-02/electricity-prepaid-meter-1.jpg"                         length="58825"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        