<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/grants/tag-2600" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Grants - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/2600/rss</link>
                <description>Grants RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>करोड़ों की ग्रांटों ने भी नहीं बदली ठीकरीवाला की नुहार</title>
                                    <description><![CDATA[लोगों में बढ़ रहा बीमारियां फैलने का खतरा बरनाला (राजिन्दर शर्मा)। सरकारों द्वारा गांवों के विकास कार्योंं के लिए दी गई अनुदान राशि का सही प्रयोग न होने के कारण व पंचायतों के उचित प्रबंध न होने के कारण जहां लोगों के टैक्सों द्वारा दिए गए पैसों की बर्बादी होती है, वहीं इसका खामियाजा आम […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/even-grants-worth-crores-did-not-change-the-face-of-thikriwala/article-4754"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-07/thikriwala-news-.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">लोगों में बढ़ रहा बीमारियां फैलने का खतरा</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>बरनाला (राजिन्दर शर्मा)।</strong> सरकारों द्वारा गांवों के विकास कार्योंं के लिए दी गई अनुदान राशि का सही प्रयोग न होने के कारण व पंचायतों के उचित प्रबंध न होने के कारण जहां लोगों के टैक्सों द्वारा दिए गए पैसों की बर्बादी होती है, वहीं इसका खामियाजा आम पब्लिक को भुगतना पड़ता है ठीकरीवाला गांव को सरकारी अनुदान राशि मिलने के बावजूद गांव में विकास पक्ष से कोई सुधार नहीं हुआ, जिस कारण यहां के लोग अब प्रबंधों को कोसते हुए सुधार की मांग की कर रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">गांव ठीकरीवाला के निवासियों गुरप्रीत सिंह मोड़, जग्गा सिंह, जसवीर सिंह, मेवा सिंह, गुरचरन सिंह, रेशम खान, हाशम खान, देव सिंह, कमलजीत ढिल्लों, सलमा करमजीत कौर, अंमृतपाल सिंह ढिल्लों, नछत्तर सिंह ढिल्लों, गुरमीत सिंह ढिल्लों, चतर सिंह ढिल्लों, भूरा सिंह और लाभ सिंह आदि ने जानकारी देते हुए बताया कि हमारे गांव को सरकार द्वारा करोड़ों रुपए की अनुदान राशि मुहैया करवाई जा चुकी है परंतु पंचायत द्वारा गलियों -नालियों के पानी की निकासी का कोई योग्य प्रबंध नहीं किया जा रहा।</p>
<h3 style="text-align:justify;">संबंधित विभागीय अधिकारी नहीं दे समस्या की तरफ ध्यान</h3>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने कहा कि ढिल्लवां वाली गली, अनाज मंडी, क्रेशर सड़क वाली फिरनी पर नालियों का पानी ओवरफ्लो होकर सड़कों व गलियों आदि को खराब कर रहा है। लोग नरक की जिंदगी जीने के लिए मजबूर हैं। गन्दगी फैलने के कारण मच्छर, मक्खियां व कई जहरीले जीवों के कारण लोगों का जीना दूभर हुआ पड़ा है। दूषित पानी में से निकलने के कारण लोगों को कई तरह के रोग लग रहे हैं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">लिफ्टिंग पंप लोगों के लिए साबित हो रहा सफेद हाथी</h3>
<p style="text-align:justify;">गांववासियों ने कहा कि 45 लाख रुपये खर्च कर नाईवाला रोड के साथ वाले जोहड़ में से दूषित पानी की निकासी के लिए लिफ्टिंग पंप लगाया गया है, जिसे लगाऐ को पांच -छह साल का समय हो चुका है परंतु पता नहीं उसे शुरु क्यों नहीं किया जा रहा जो कि लोगों के लिए सफेद हाथी साबित हो रहा है। उपरोक्त गांव के निवासियों ने बताया कि पिछले पंद्रह सालों से शहीद सेवा सिंह के नाम पर विकास कामों के लिए ग्रांटें जारी हुई हैं परंतु ्रगांव का विकास अभी भी अधूरा है। उन्होंने संबंधित जांच की भी मांग की गांववासियों ने प्रशासन से मांग की कि दूषित पानी की निकासी का योग्य प्रबंध करवाया जाए।</p>
<h3 style="text-align:justify;">जल्द किया समस्या का हल : गर्ग</h3>
<p style="text-align:justify;">जब इस संबंधी बीडीपीओ बरनाला नीरू गर्ग के साथ संपर्क किया तो उन्होंने कहा कि वह खुद ठीकरीवाल गांव का जायजा लेंगे, जहां भी कोई पानी की निकासी सम्बन्धित समस्या सामने आई तो दुरुसत करवाई जाएगी। उन्होंने कहा कि लिफ्टिंग पंप न शुुरु करने संबंधी भी वह जरूर जांच-पड़ताल करेंगे।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/even-grants-worth-crores-did-not-change-the-face-of-thikriwala/article-4754</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/even-grants-worth-crores-did-not-change-the-face-of-thikriwala/article-4754</guid>
                <pubDate>Mon, 09 Jul 2018 04:29:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-07/thikriwala-news-.jpg"                         length="266969"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>कृषि विभाग उपलब्धियों में प्रदेश में अव्वल श्रीगंगानगर</title>
                                    <description><![CDATA[कृषि विभाग द्वारा 1126 डिग्गियों का निर्माण कर 2,222 लाख का दिया अनुदान ओलावृष्टि प्रभावितों को 33.79 करोड़ की सहायता मनरेगा में 1539 डिग्गी, टांकों का निर्माण सहकारिता विभाग द्वारा किसानों को 1090 करोड़ का ऋण वितरित पीएम फसल बीमा योजना में 9 हजार किसानों को 7.17 करोड़ का दिया कलेम श्रीगंगानगर (सच कहूँ न्यूज)। […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/sri-ganganagar-top-in-agriculture-department-achievements/article-1217"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-06/ganganagar-02.jpg" alt=""></a><br /><ul>
<li style="text-align:justify;"><strong>कृषि विभाग द्वारा 1126 डिग्गियों का निर्माण कर 2,222 लाख का दिया अनुदान</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>ओलावृष्टि प्रभावितों को 33.79 करोड़ की सहायता</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>मनरेगा में 1539 डिग्गी, टांकों का निर्माण</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>सहकारिता विभाग द्वारा किसानों को 1090 करोड़ का ऋण वितरित</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>पीएम फसल बीमा योजना में 9 हजार किसानों को 7.17 करोड़ का दिया कलेम</strong></li>
</ul>
<p style="text-align:justify;"><strong>श्रीगंगानगर (सच कहूँ न्यूज)।</strong> कृषि विभाग ने पूरे प्रदेश में आयाम स्थापित करते हुए अधिकतर लक्ष्यों में प्रथम स्थान प्राप्त कर जिले को राज्य में भौतिक एवं वित्तीय लक्ष्यों के विरूद्घ प्रगति अर्जित कर प्रथम स्थान पर रहा है।कलक्टर ज्ञानाराम ने बताया कि कृषि विभाग द्वारा योजनाओं के सतत प्रचार-प्रसार व कृषकों से संपर्क कर जिले में जल बचत योजनान्तर्गत 343 हैक्टेयर में बूंद-बूंद सिंचाई संयंत्रों की स्थापना के साथ-साथ 1126 डिग्गियों का निर्माण कर 2,222 लाख रुपए का अनुदान लाभान्वित कृषकों को दिया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">फलोत्पादन में कृषकों की बढ़ती हुई रूचि को मध्येनजर रखते हुए 199 हैक्टेयर में नींबू वर्गीय पौधों के बगीचे लगवाए गए। इसी क्रम में विभिन्न फसलों में उत्पादकता वृद्वि व नवीनतम तकनीक पर आधारित विभिन्न खरीफ तथा रबी की फसलों के कुल 21410 प्रदर्शनों का आयोजन कर कृषकों को लाभान्वित किया गया, जिससे कृषकों की औसत उत्पादकता में वृृद्वि हुई।</p>
<h3 style="text-align:justify;">1,19,560 कृषकों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरित</h3>
<p style="text-align:justify;">मृदा व उर्वरक प्रबन्धन को दृष्टिगत रखते हुए कृषक हित में लागू प्रधानमंत्री मृदा स्वास्थ्य कार्ड योजनान्तर्गत 1,19,560 कृषकों को मृदा स्वास्थय कार्ड वितरित किए गए, जिससे मृदा स्वास्थय के साथ-2 कृषकों द्वारा संतुलित मात्रा में उर्वरक प्रयोग कर उत्पादन लागत को कम करते हुए अधिक उत्पादन लिया गया।</p>
<h3 style="text-align:justify;">आपदा प्रबंधन से 33.79 करोड़ वितरित</h3>
<p style="text-align:justify;">जिला कलक्टर ज्ञानाराम ने बताया कि रबी फसल 2016 में कृषि आदान अनुदान के तहत आपदा प्रबंधन से किसानों को 33.79 करोड़ रुपए की राशि सहायता स्वरूप स्वीकृत की गई। प्रभावित 28091 किसानों के लिए स्वीकृत हुई, जिनमें से 28.94 करोड़ रुपए की राशि 20013 किसानों को उनके बैंक खातों में जमा कर दी गई है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">गत तीन वर्षों में 1539 डिग्गी/टांकों का निर्माण</h3>
<h4 style="text-align:justify;">9006 एससी, एसटी, लघु सीमांत कृषक हुए लाभान्वित</h4>
<p style="text-align:justify;">जिला कलक्टर ज्ञानाराम ने बताया कि महात्मा गांधी नरेगा योजना में वर्ष 2015-16 में 2552 लाभार्थियों को योजना के तहत लाभान्वित किया गया। जिन्हें 637 डिग्गी, टांके, 739 खाले, 951 पशु शैड एवं 317 कार्य भूमि विकास के हुए। इसी प्रकार वर्ष 2016-17 में 1995 लाभार्थियों को योजना के तहत लाभान्वित किया गया, जिन्हें 404 डिग्गी, टांके, 218 खाले, 1869 शैड, 1869 वर्मी कम्पोस्ट के कार्य स्वीकृत किए गए। वित्तीय वर्ष 2017-18 में अब तक कुल 1071 लाभार्थियों को लाभान्वित किया गया है, जिन्हें 498 डिग्गी, टांके, 92 पक्के खाले, 686 शैड तथा 686 वर्मी कम्पोस्ट के कार्य प्रारम्भ किए गए। इस प्रकार तीन वर्षों में 5618 लाभार्थियों को 9006 कार्य अनुसूचित जाति, जनजाति, बीपीएल, लघु तथा सीमांत कृषकों के स्वीकृत किए गए हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">
</p><p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राजस्थान</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/sri-ganganagar-top-in-agriculture-department-achievements/article-1217</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/sri-ganganagar-top-in-agriculture-department-achievements/article-1217</guid>
                <pubDate>Wed, 14 Jun 2017 06:30:26 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-06/ganganagar-02.jpg"                         length="32236"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        