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                <title>Japan News - Sach Kahoon Hindi</title>
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                <description>Japan News RSS Feed</description>
                
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                <title>Northern Japan Wildfires: जापान के जंगलों में तेजी से फैल रही आग, काबू पाना हो रहा काफी मुश्किल</title>
                                    <description><![CDATA[करीब 1,200 हेक्टेयर जलकर राख Northern Japan Wildfires: टोक्यो। जापान के जंगलों में लगी भीषण आग पर काबू पाना काफी मुश्किल हो रहा है। स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार जापान के उत्तर-पूर्वी इलाके इवाते में लगी जंगल की आग पर अभी भी काबू नहीं पाया जा सका है। स्थायीन समय के हिसाब से शुक्रवार […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/wildfires-spreading-rapidly-in-japans-forests-bringing-them-under-control-proving-extremely-difficult/article-83808"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-04/japan-forests-fire.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">करीब 1,200 हेक्टेयर जलकर राख</h3>
<p style="text-align:justify;">Northern Japan Wildfires: टोक्यो। जापान के जंगलों में लगी भीषण आग पर काबू पाना काफी मुश्किल हो रहा है। स्थानीय मीडिया की रिपोर्ट के अनुसार जापान के उत्तर-पूर्वी इलाके इवाते में लगी जंगल की आग पर अभी भी काबू नहीं पाया जा सका है। स्थायीन समय के हिसाब से शुक्रवार सुबह तक लगभग 1,200 हेक्टेयर इलाका जल गया है। जापान के क्योडो न्यूज के मुताबिक, ओत्सुची टाउन के पहाड़ी इलाके में बुधवार को लगी आग ने रिहायशी घरों समेत आठ बिल्डिंग्स को तबाह कर दिया है। ओत्सुची ने करीब 2,600 लोगों को खाली करने के ऑर्डर दिए हैं, जो शहर की आबादी का करीब एक चौथाई हिस्सा हैं। Japan Forests Fire</p>
<p style="text-align:justify;">आग पर काबू पाने के लिए इवाते प्रीफेक्चरल सरकार और सेल्फ-डिफेंस फोर्सेज के हेलीकॉप्टर को जंगल में पानी गिराने के काम के लिए लगाया गया था। पूरे इलाके में अग्निशमन विभाग के लोगों को तैनात किया गया था। होक्काइडो, यामागाटा, फुकुशिमा, तोचिगी और निगाटा इलाकों से भी आग बुझाने में मदद मांगी गई है। इसके अलावा, सोमवार को उत्तर-पूर्वी जापान में आए 7.7 मैग्नीट्यूड के भूकंप के बाद, जापान मौसम विज्ञान एजेंसी ने इवाते समेत सात इलाकों की 182 नगर पालिकाओं के लिए एक हफ्ते का खास भूकंप अलर्ट जारी किया है। अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि आग पर काबू पाने के दौरान भूकंप के खतरों के लिए सावधान रहने की जरूरत है।</p>
<h3>जापान में वसंत की शुरुआत में मौसम काफी शुष्क रहता है</h3>
<p style="text-align:justify;">जापान में खास तौर पर सर्दियों के आखिर और वसंत की शुरुआत में मौसम काफी शुष्क रहता है। इस दौरान, पेड़-पौधे सूख जाते हैं, जिसकी वजह से जंगलों में बहुत ज्यादा आग पकड़ने की संभावना हो जाती है। शुष्क मौसम में नमी की मौजूदगी नाम मात्र भी नहीं होती है। इसकी वजह से जंगलों में आग के तेजी से फैलने का खतरा बढ़ जाता है। Japan Forests Fire</p>
<p style="text-align:justify;">जंगलों में आग लगने और तेजी से बढ़ने की एक और खास वजह जापान की जगह और पेड़-पौधे हैं। यहां का बड़ा हिस्सा जंगलों से ढका है, जिनमें से कई में देवदार और चीड़ जैसे शंकुधारी पेड़ हैं। इन पेड़ों में रेजिन होता है जो आसानी से जल जाता है, जिससे उनमें आग लगने और उसे झेलने का खतरा ज्यादा होता है। घने जंगल होने का मतलब यह भी है कि एक बार आग लगने के बाद, यह तेजी से लगातार पेड़-पौधों में फैल सकती है।</p>
<p style="text-align:justify;">हालांकि, मानवीय चूक भी आग लगने की एक वजह हो सकती है। बिना देखरेख के कैंपफायर, खेती की चीजों में आग लगना, फेंकी हुई सिगरेट या इस्तेमाल किए जा रहे उपकरण की चिंगारी भी आग लगने की वजह हो सकती है। जापान की ज्यादातर आबादी जंगल वाले इलाकों के पास रहती है, इसलिए इंसानों की बस्तियों और प्रकृति के बीच के कनेक्शन से आग लगने का खतरा बढ़ जाता है। Japan Forests Fire</p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Fri, 24 Apr 2026 16:42:53 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
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                <title>जापान की &amp;#8216;मायूमी&amp;#8217; टोक्यो से थार पहुँचकर बनीं राजस्थानी मधु! जापान में कालबेलिया, घूमर और चरी नृत्य की धूम</title>
                                    <description><![CDATA[Rajasthan Tourism: जयपुर (गुरजंट सिंह धालीवाल)। राजस्थान पर्यटन केवल किलों, महलों और रेगिस्तानी दृश्यों का आकर्षण नहीं है। यह उस जीवंत लोकसंस्कृति का वैश्विक प्रसार है, जो संगीत, नृत्य, वेशभूषा और उत्सवों के माध्यम से दुनिया भर के लोगों के हृदय तक पहुँचती है। यही सांस्कृतिक शक्ति है, जो सात समंदर पार किसी अनजान व्यक्ति […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/japans-mayumi-reached-thar-from-tokyo-and-became-rajasthani-madhu/article-83413"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-04/mayumi-japan.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Rajasthan Tourism: जयपुर (गुरजंट सिंह धालीवाल)। राजस्थान पर्यटन केवल किलों, महलों और रेगिस्तानी दृश्यों का आकर्षण नहीं है। यह उस जीवंत लोकसंस्कृति का वैश्विक प्रसार है, जो संगीत, नृत्य, वेशभूषा और उत्सवों के माध्यम से दुनिया भर के लोगों के हृदय तक पहुँचती है। यही सांस्कृतिक शक्ति है, जो सात समंदर पार किसी अनजान व्यक्ति के जीवन की दिशा बदल देती है। कभी यह प्रभाव इतना गहरा होता है कि व्यक्ति अपनी पहचान तक बदल ले सिर्फ इसलिए कि उसके भीतर मरुधरा की धड़कन बस चुकी होती है। इसे राजस्थान की लोकसंस्कृति का जादू कहें या भारतीय सिनेमा का प्रभाव , जापान की मायूमी, जिन्हें आज दुनिया राजस्थानी मधु के नाम से जानती है, इसकी जीवंत मिसाल हैं। Rajasthan News</p>
<h3 style="text-align:justify;">जैसलमेर में बिताए दिनों ने उनके भीतर की ‘मायूमी’ को धीरे-धीरे ‘मधु’ में बदल दिया</h3>
<p style="text-align:justify;">उनके इस समर्पण को समय-समय पर राजस्थान पर्यटन विभाग भी अपने मेलों और उत्सवों में आमंत्रित कर सम्मानित करता रहा है। जयपुर में गणगौर की सवारी के बीच, रंग-बिरंगे लहरियों और लोकधुनों के बीच खड़ी मधु की आँखों में वही चमक थी, जो वर्षों पहले टोक्यो के एक सिनेमा हॉल में पहली बार राजस्थान की झलक देखकर आई थी। वे बताती हैं कि एक बॉलीवुड फिल्म ने उनके भीतर ऐसा आकर्षण जगाया कि राजस्थान उनके दिल-दिमाग में बस गया। वे ऋतिक रोशन और आलिया भट्ट की बड़ी प्रशंसक हैं, और मानती हैं कि सिनेमा ने ही उन्हें उस संस्कृति तक पहुँचाया, जिसे आज वे जी रही हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">साल 2009 में भारत की पहली यात्रा ने उनके जीवन की दिशा तय कर दी। लोकनृत्य सीखने की जिज्ञासा उन्हें राजस्थान के कलाकारों के बीच ले आई। यहीं उन्होंने कालबेलिया, घूमर और चरी जैसे नृत्यों की साधना शुरू की। मांगणियार धुनों की आत्मीयता और गुरुजनों की सीख ने उन्हें यह समझाया कि यह नृत्य केवल देह की गति नहीं, आत्मा की अभिव्यक्ति है। वे स्वयं को आशा सपेरा की शिष्या मानती हैं और लोकगायन की बारीकियाँ उस्ताद अनवर खान मंगनियार से सीखने का सौभाग्य बताती हैं। जैसलमेर में बिताए दिनों ने उनके भीतर की ‘मायूमी’ को धीरे-धीरे ‘मधु’ में बदल दिया। Rajasthan News</p>
<h3>टोक्यो में वे एक ब्यूटी सैलून का संचालन करती है</h3>
<p style="text-align:justify;">आज टोक्यो में वे एक ब्यूटी सैलून का संचालन करती है लेकिन लेकिन शाम ढलते ही उनका संसार बदल जाता है। सप्ताह में तीन-चार दिन वे जापानी विद्यार्थियों को राजस्थानी नृत्य सिखाती हैं। रंगीन ओढ़नियाँ, पायल की झंकार और लोकधुनों की लय—टोक्यो के एक छोटे से स्टूडियो में राजस्थान सजीव हो उठता है। मधु स्वीकार करती हैं कि जापान में राजस्थानी लोकनृत्य के लिए दर्शक जुटाना चुनौतीपूर्ण है। कई बार उन्हें बहुत कम लोगों के सामने भी प्रस्तुति देनी पड़ती है। फिर भी सोशल मीडिया पर उनके फॉलोअर्स और छात्र उन्हें आगे बढ़ने की प्रेरणा देते रहते हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">उनका राजस्थान से लगाव इतना गहरा है कि वे इसे अपना “दूसरा घर” कहती हैं। उनके इसी समर्पण को देखते हुए राजस्थान पर्यटन विभाग समय-समय पर उन्हें राज्य के मेलों और उत्सवों में आमंत्रित करता है, जहाँ वे विदेशी होते हुए भी स्थानीय रंग में पूरी तरह घुली दिखाई देती हैं। ‘मायूमी’ से ‘राजस्थानी मधु’ बनने की यह यात्रा केवल नाम परिवर्तन नहीं, बल्कि संस्कृति के प्रति समर्पण की कहानी है। यह बताती है कि जब लोकसंगीत हृदय को छू ले, तो सीमाएँ अर्थहीन हो जाती हैं और इंसान वहीं का हो जाता है, जहाँ उसकी आत्मा को घर मिल जाता है। Rajasthan News</p>
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                                                            <category>देश</category>
                                            <category>राजस्थान</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/japans-mayumi-reached-thar-from-tokyo-and-became-rajasthani-madhu/article-83413</link>
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                <pubDate>Mon, 13 Apr 2026 14:03:42 +0530</pubDate>
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            <item>
                <title>Yogi Adityanath Japan Visit: जापान में बच्चे की भारतीय संस्कृति देखकर गदगद हुए सीएम योगी आदित्यनाथ</title>
                                    <description><![CDATA[Yogi Adityanath Japan Visit: लखनऊ/टोक्यो। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर जापान पहुंचे, जहां उन्होंने निवेश, औद्योगिक सहयोग और सांस्कृतिक संवाद को नई दिशा देने का प्रयास किया। इस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी एवं मंत्रीगण भी सम्मिलित रहे। Yogi Adityanath News टोक्यो से यामानाशी की ओर प्रस्थान […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/cm-yogi-adityanath-was-impressed-by-a-childs-exposure-to-indian-culture-in-japan/article-81731"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-02/japani-child-yogi.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Yogi Adityanath Japan Visit: लखनऊ/टोक्यो। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ दो दिवसीय आधिकारिक यात्रा पर जापान पहुंचे, जहां उन्होंने निवेश, औद्योगिक सहयोग और सांस्कृतिक संवाद को नई दिशा देने का प्रयास किया। इस प्रतिनिधिमंडल में प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी एवं मंत्रीगण भी सम्मिलित रहे। Yogi Adityanath News</p>
<p style="text-align:justify;">टोक्यो से यामानाशी की ओर प्रस्थान के दौरान भारतीय मूल के नागरिकों ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। इसी दौरान एक बालक ने पारंपरिक सम्मान प्रकट करते हुए उनके चरण स्पर्श किए। मुख्यमंत्री ने उसे स्नेहपूर्वक आशीर्वाद प्रदान किया। बताया जाता है कि बालक ने संस्कृत श्लोकों का उच्चारण कर उपस्थित जनों को भावविभोर कर दिया। मुख्यमंत्री ने इस भावपूर्ण क्षण को सामाजिक माध्यम पर साझा करते हुए भारतीय संस्कृति और संस्कारों की निरंतरता का उल्लेख किया।</p>
<p style="text-align:justify;">जापान प्रवास के दौरान मुख्यमंत्री ने भारतीय समुदाय को संबोधित किया। उन्होंने प्रदेश में विगत वर्षों में हुए बुनियादी ढांचे के विस्तार, निवेश प्रोत्साहन नीतियों और विधि-व्यवस्था में सुधार का उल्लेख किया। साथ ही, प्रदेश को उद्योग-अनुकूल वातावरण प्रदान करने की प्रतिबद्धता दोहराई। Yogi Adityanath News</p>
<h3>मुख्यमंत्री ने जापान की अनेक प्रतिष्ठित कंपनियों को निवेश हेतु आमंत्रित किया</h3>
<p style="text-align:justify;">यात्रा के दौरान मुख्यमंत्री ने जापान की अनेक प्रतिष्ठित कंपनियों के प्रतिनिधियों से भेंट की तथा उन्हें उत्तर प्रदेश में निवेश हेतु आमंत्रित किया। उन्होंने आश्वस्त किया कि राज्य सरकार औद्योगिक परियोजनाओं के लिए आवश्यक सुविधाएं, पारदर्शी नीतियां और सुदृढ़ कानून-व्यवस्था उपलब्ध करा रही है। विशेषज्ञों का मत है कि यह दौरा प्रदेश में विदेशी निवेश और रोजगार सृजन की संभावनाओं को सुदृढ़ करने की दिशा में महत्वपूर्ण सिद्ध हो सकता है।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री का यह दौरा न केवल आर्थिक सहयोग को सुदृढ़ करने की दिशा में प्रयास है, बल्कि भारत-जापान संबंधों को प्रांतीय स्तर पर भी नई ऊंचाई देने का अवसर है। औद्योगिक साझेदारी, प्रौद्योगिकी हस्तांतरण और कौशल विकास जैसे विषयों पर सकारात्मक संवाद हुआ है। प्रदेश सरकार का मानना है कि ऐसे अंतरराष्ट्रीय दौरे राज्य को वैश्विक निवेश मानचित्र पर सशक्त स्थान दिलाने में सहायक सिद्ध होंगे। Yogi Adityanath News</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 26 Feb 2026 15:43:57 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
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            <item>
                <title>CM Yogi Adityanath: यूपी सरकार और यामानाशी के बीच ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक पर ऐतिहासिक समझौता</title>
                                    <description><![CDATA[यामानाशी (एजेंसी)। जापान दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। यूपी सरकार ने जापान के यामानाशी प्रांत के साथ ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को लेकर ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत भारतीय छात्रों को जापान में उच्चस्तरीय प्रशिक्षण मिलेगा। मुख्यमंत्री ने यामानाशी […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/historic-agreement-on-green-hydrogen-technology-between-up-government-and-yamanashi/article-81730"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-02/yogi-adityanath-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>यामानाशी (एजेंसी)।</strong> जापान दौरे पर आए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने एक और बड़ी सफलता हासिल की है। यूपी सरकार ने जापान के यामानाशी प्रांत के साथ ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को लेकर ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए हैं, जिसके तहत भारतीय छात्रों को जापान में उच्चस्तरीय प्रशिक्षण मिलेगा।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने यामानाशी में आयोजित यूपी इन्वेस्टमेंट रोड शो में प्रदेश की नई विकास नीति और निवेश संभावनाओं को वैश्विक उद्योग जगत के सामने प्रमुखता से प्रस्तुत किया। उन्होंने अपने संबोधन में स्पष्ट कहा कि उत्तर प्रदेश ने शासन की कार्यशैली को रिएक्टिव से बदलकर प्रोएक्टिव बनाया है और यही परिवर्तन आज प्रदेश की तेज आर्थिक प्रगति का आधार बना है। Yamanashi News</p>
<p style="text-align:justify;">कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने बताया कि उत्तर प्रदेश व यामानाशी के बीच ग्रीन हाइड्रोजन तकनीक को लेकर ऐतिहासिक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर हुए हैं। इसके तहत उत्तर प्रदेश के उच्च तकनीकी संस्थानों के छात्र जापान में प्रशिक्षण प्राप्त करेंगे और इस तकनीक को प्रदेश की इंडस्ट्री, पब्लिक ट्रांसपोर्ट और ऊर्जा क्षेत्र में लागू किया जाएगा। यह पहल प्रधानमंत्री मोदी के नेट जीरो लक्ष्य को प्राप्त करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारे प्रतिनिधिमंडल ने टोक्यो में कई जी2जी (गवर्नमेंट टू गवर्नमेंट) और जी2बी (गवर्नमेंट टू बिजनेस) स्तर की बैठकों में भाग लिया, जहां भारतीय दूतावास के सहयोग से जापानी उद्योग समूहों से व्यापक संवाद हुआ। उन्होंने यामानाशी प्रशासन को सक्रिय पहल कर निवेश संवाद को आगे बढ़ाने के लिए विशेष धन्यवाद दिया।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने रोबोटिक्स को भविष्य की प्रमुख तकनीक बताते हुए कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार ने बजट में रोबोटिक्स के लिए सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित करने की व्यवस्था की है। हमें विश्वास है कि उत्तर प्रदेश और यामानाशी के बीच सहयोग भारत-जापान संबंधों को नई ऊंचाई तक ले जाएगा और ऊर्जा आत्मनिर्भरता तथा तकनीक को आम जनता तक पहुंचाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा। Yamanashi News</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने कहा कि लगभग 25 करोड़ की आबादी वाला उत्तर प्रदेश भारत का सबसे बड़ा राज्य है, जहां प्रकृति की विशेष कृपा है। भारत की सबसे उर्वर भूमि, सर्वाधिक जल संसाधन, विशाल मानव संसाधन और आध्यात्मिक-सांस्कृतिक विरासत उत्तर प्रदेश को विशेष पहचान देते हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में उत्तर प्रदेश विकास की नई ऊंचाइयों पर पहुंचा है और पिछले नौ वर्षों में प्रदेश की प्रति व्यक्ति आय तथा अर्थव्यवस्था को तीन गुना करने में सफलता मिली है। आज उत्तर प्रदेश भारत की सबसे तेजी से विकसित होती अर्थव्यवस्थाओं में शामिल है।</p>
<p style="text-align:justify;">सीएम योगी ने शासन व्यवस्था में आए परिवर्तन का उल्लेख करते हुए कहा कि पहले समस्याओं पर प्रतिक्रिया देने वाली व्यवस्था थी, जबकि अब उत्तर प्रदेश ने प्रोएक्टिव गवर्नेंस मॉडल अपनाया है। निवेश आकर्षित करने, उद्योगों को सुविधा देने, नई तकनीक अपनाने और वैश्विक साझेदारी बढ़ाने की दिशा में सरकार लगातार पहल कर रही है। इसी सोच के साथ उत्तर प्रदेश का उच्चस्तरीय प्रतिनिधिमंडल जापान की यात्रा पर आया है ताकि संभावनाओं को अवसर में बदला जा सके।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने यामानाशी प्रांत के राज्यपाल एवं उनकी टीम के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि जापान सरकार और यामानाशी प्रशासन ने भारतीय प्रतिनिधिमंडल को उनके विशिष्ट क्षेत्रों को नजदीक से समझने और उद्योग जगत से सीधे संवाद का महत्वपूर्ण अवसर प्रदान किया है। सीएम योगी ने उपस्थित इंडस्ट्री लीडर्स तथा भारतीय समुदाय के लोगों का भी स्वागत किया।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री ने बताया कि दिसंबर 2024 में यामानाशी के राज्यपाल उत्तर प्रदेश आए थे और उसके बाद दोनों सरकारों के बीच निरंतर संवाद, फॉलो-अप तथा प्रतिनिधिमंडलों के आदान-प्रदान से यह सहयोग नई दिशा में आगे बढ़ा। बिजनेस डेलीगेशन के अध्ययन और रिपोर्ट के बाद राज्यपाल के आमंत्रण पर उत्तर प्रदेश का प्रतिनिधिमंडल यामानाशी पहुंचा है, जहां सहयोग को ठोस रूप मिला है। Yamanashi News</p>
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                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/historic-agreement-on-green-hydrogen-technology-between-up-government-and-yamanashi/article-81730</link>
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                <pubDate>Thu, 26 Feb 2026 15:27:19 +0530</pubDate>
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            <item>
                <title>Shinzo Abe Murder Case: जापान के पूर्व पीएम शिंजो आबे के हत्यारे को उम्रकैद</title>
                                    <description><![CDATA[Shinzo Abe Murder Case: टोक्यो। जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे की वर्ष 2022 में हुई हत्या के मामले में बड़ा न्यायिक फैसला सामने आया है। बुधवार को जापान की एक अदालत ने इस सनसनीखेज हत्याकांड के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, आरोपी ने स्वयं तैयार की गई […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/former-japanese-pm-shinzo-abes-killer-gets-life-imprisonment/article-80561"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-01/shinzo-abe.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Shinzo Abe Murder Case: टोक्यो। जापान के पूर्व प्रधानमंत्री शिंजो आबे की वर्ष 2022 में हुई हत्या के मामले में बड़ा न्यायिक फैसला सामने आया है। बुधवार को जापान की एक अदालत ने इस सनसनीखेज हत्याकांड के दोषी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, आरोपी ने स्वयं तैयार की गई देसी बंदूक से इस वारदात को अंजाम दिया था, जिसे अदालत ने अत्यंत निंदनीय और समाज के लिए गंभीर खतरा बताया। Japan News</p>
<p style="text-align:justify;">नारा जिला न्यायालय ने 45 वर्षीय तेत्सुया यामागामी को दोषी ठहराते हुए उम्रकैद का आदेश दिया। अभियोजन पक्ष ने भी उसके लिए आजीवन कारावास की ही मांग की थी। सुनवाई के दौरान यामागामी ने स्वीकार किया कि उसने घर में बनी हथियार से शिंजो आबे पर गोलियां चलाई थीं। घटना के समय आबे नारा शहर में एक सार्वजनिक सभा को संबोधित कर रहे थे।</p>
<p style="text-align:justify;">मामले की सुनवाई के दौरान बचाव पक्ष के वकील ने अदालत से अनुरोध किया कि आरोपी को 20 वर्ष से अधिक की सजा न दी जाए। उन्होंने तर्क दिया कि यामागामी का जीवन कठिन परिस्थितियों से भरा रहा और वह एक धार्मिक संगठन से जुड़ी पारिवारिक परेशानियों के कारण मानसिक दबाव में था। आरोपी का कहना था कि उसकी मां ने यूनिफिकेशन चर्च को भारी धनराशि दान में दी, जिससे परिवार को गंभीर आर्थिक संकट का सामना करना पड़ा। Japan News</p>
<h3>जापान में यूनिफिकेशन चर्च के राजनीतिक प्रभाव के केंद्र में शिंजो आबे थे</h3>
<p style="text-align:justify;">यामागामी का आरोप रहा कि जापान में यूनिफिकेशन चर्च के राजनीतिक प्रभाव के केंद्र में शिंजो आबे थे, जिसके चलते उसके मन में उनके प्रति आक्रोश पनपा। अदालत ने आरोपी को हत्या का दोषी मानते हुए फायरआर्म्स एंड स्वॉर्ड्स कंट्रोल कानून के तहत हथियार चलाने के अपराध में भी दोषसिद्ध किया। हालांकि, घटना में प्रयुक्त हथियार पारंपरिक कानूनों में परिभाषित आग्नेयास्त्र की श्रेणी में नहीं आता था।</p>
<p style="text-align:justify;">इस मामले के सामने आने के बाद जापान में धार्मिक संगठनों द्वारा चंदा वसूली के तरीकों पर व्यापक बहस शुरू हुई। सरकार ने यूनिफिकेशन चर्च की गतिविधियों की जांच करवाई, जिसके बाद टोक्यो जिला न्यायालय ने उसे भंग करने और धार्मिक संस्था के रूप में मिलने वाली कर छूट समाप्त करने के आदेश दिए। वर्ष 2022 में ऐसे संगठनों की धन-संग्रह पद्धतियों को नियंत्रित करने के लिए नया कानून भी लागू किया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">उल्लेखनीय है कि शिंजो आबे जापान के सबसे लंबे समय तक प्रधानमंत्री रहने वाले नेताओं में शामिल थे। 67 वर्ष की आयु में नारा में भाषण के दौरान गोली लगने से उनका निधन हो गया था। वे एक प्रतिष्ठित राजनीतिक परिवार से थे और राजनीति में आने से पहले अपने पिता, पूर्व विदेश मंत्री शिंतारो आबे के साथ कार्य कर चुके थे। आबे ने दो बार जापान के प्रधानमंत्री पद की जिम्मेदारी संभाली और स्वास्थ्य कारणों से वर्ष 2020 में पद छोड़ दिया था। Japan News</p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 21 Jan 2026 17:27:54 +0530</pubDate>
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            <item>
                <title>Japan America Tsunami: अमेरिका, जापान सहित इन देशों ने सुनामी की चेतावनी जारी की, डर के मारे लोग इमारतों की छतों पर&amp;#8230;.</title>
                                    <description><![CDATA[टोक्यो (एजेंसी)। Japan America Tsunami: जापान और अमेरिका ने रूस के कामचटका प्रायद्वीप के पूर्वी तट पर आए शक्तिशाली भूकंप के बाद बुधवार को प्रशांत तट के बड़े इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की। मौसम विज्ञान एजेंसी ने आज स्थानीय समयानुसार सुबह 9:40 बजे यह चेतावनी जारी की। चेतावनी में लहरों के तीन […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/tsunami-warning-issued-in-many-countries-including-america-japan/article-74068"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-07/japan-america-tsunami.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>टोक्यो (एजेंसी)।</strong> Japan America Tsunami: जापान और अमेरिका ने रूस के कामचटका प्रायद्वीप के पूर्वी तट पर आए शक्तिशाली भूकंप के बाद बुधवार को प्रशांत तट के बड़े इलाकों के लिए सुनामी की चेतावनी जारी की। मौसम विज्ञान एजेंसी ने आज स्थानीय समयानुसार सुबह 9:40 बजे यह चेतावनी जारी की। चेतावनी में लहरों के तीन मीटर तक ऊँची उठने की आशंका जतायी गयी है।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने बताया कि यह चेतावनी होक्काइडो से वाकायामा प्रान्त तक के तटीय क्षेत्रों को कवर करती है जिसमें आओमोरी, इवाते, मियागी, फुकुशिमा, चिबा, इबाराकी, शिजुओका और इजू द्वीप समूह के कुछ हिस्से शामिल हैं। अधिकारी प्रभावित क्षेत्रों के निवासियों से ऊंचे स्थान पर जाने का आग्रह कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि यदि आस-पास कोई ऊँचा भूभाग न हो, तो वे तुरंत मजबूत इमारतों की ऊपरी मंजिÞल पर चले जाएँ। एजेंसी ने जोर देकर कहा है कि सुनामी लहरें अनुमानित ऊँचाई से ज्यादा ऊँची हो सकती हैं। Japan America Tsunami</p>
<p style="text-align:justify;">-सुनामी की चेतावनी के बाद जापान के लोग टैरेस पर चढ़ गए हैं। लोगों को इमारतों की छतों पर देखा जा सकता है। पैसिफिक सुनामी वॉर्निंग सेंटर का कहना है कि हवाई, चिली, जापान और सोलोमन आइलैंड और इसके आसपास एक से तीन मीटर ऊंची लहरें उठ सकती हैं।</p>
<ul>
<li style="text-align:justify;">जापान में 16 जगहों पर सुनामी दर्ज की गई। इस दौरान समुद्र की 40 सेंटीमीटर ऊंची लहरें देखने को मिली। इशिनोमाकी पोर्ट पर समुद्र की पचास सेंटीमीटर ऊंची लहरें दिखाई दी।</li>
<li style="text-align:justify;">अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने रूस में भूकंप के बाद कैलिफोर्निया और हवाई के तटीय इलाकों में सुनामी की चेतावनी के बाद सतर्कता बरतने को कहा है। Japan America Tsunami</li>
</ul>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Railway News: जाखल जंक्शन पर पटरी से उतरा मालगाड़ी के गार्ड का डिब्बा, दो घंटे बाधित रहा ट्रैक" href="http://10.0.0.122:1245/guards-coach-of-goods-train-derailed-at-jakhal-junction/">Railway News: जाखल जंक्शन पर पटरी से उतरा मालगाड़ी के गार्ड का डिब्बा, दो घंटे बाधित रहा ट्रैक</a></p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
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                <pubDate>Wed, 30 Jul 2025 11:13:07 +0530</pubDate>
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                            </item>
            <item>
                <title>Japan&amp;#8217;s Serial Killer Executed: 9 लोगों के हत्यारे को फांसी पर लटकाया, 2022 के बाद पहली बार दी गई ऐसी सजा</title>
                                    <description><![CDATA[Japan’s Serial Killer Executed: टोक्यो। जापान में वर्ष 2017 में नौ निर्दोष लोगों की निर्मम हत्या के दोषी शिराशी ताकाहिरो को शुक्रवार को फांसी दे दी गई। 34 वर्षीय शिराशी को उसके जघन्य अपराधों के चलते ‘ट्विटर किलर’ के नाम से जाना जाता था। उसे टोक्यो के डिटेंशन हाउस में सजा-ए-मौत दी गई। मीडिया रिपोर्टों […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/twitter-killer-hanged-in-japan-was-guilty-of-killing-9-people/article-72670"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-06/japan-twitter-killer.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Japan’s Serial Killer Executed: टोक्यो। जापान में वर्ष 2017 में नौ निर्दोष लोगों की निर्मम हत्या के दोषी शिराशी ताकाहिरो को शुक्रवार को फांसी दे दी गई। 34 वर्षीय शिराशी को उसके जघन्य अपराधों के चलते ‘ट्विटर किलर’ के नाम से जाना जाता था। उसे टोक्यो के डिटेंशन हाउस में सजा-ए-मौत दी गई। मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, यह जुलाई 2022 के बाद जापान में पहली फांसी है और प्रधानमंत्री शिगेरू इशिबा के कार्यकाल में दी गई पहली मृत्युदंड की सजा भी है। Japan News</p>
<p style="text-align:justify;">सुबह आयोजित एक प्रेस वार्ता में जापान के न्याय मंत्री केसुके सुजुकी ने बताया कि उन्होंने पूरी सोच-विचार और कानूनी प्रक्रिया के बाद फांसी के आदेश पर हस्ताक्षर किए। उन्होंने कहा, “यह मामला अत्यंत आत्मकेंद्रित उद्देश्यों—जैसे यौन शोषण और धन की लालसा—से प्रेरित था, जिसमें मात्र दो महीनों के भीतर 9 निर्दोष लोगों की जान गई। इससे पूरे समाज में भय और चिंता का वातावरण पैदा हुआ। मैं इसे पीड़ितों और उनके परिजनों के लिए अत्यंत पीड़ादायक और झकझोर देने वाला मामला मानता हूँ।”</p>
<h3 style="text-align:justify;">हत्या के पीछे सोशल मीडिया का दुरुपयोग | Japan News</h3>
<p style="text-align:justify;">स्थानीय समाचार माध्यमों के अनुसार, शिराशी को अक्टूबर 2017 में तब गिरफ्तार किया गया, जब टोक्यो के दक्षिण में स्थित कनागावा प्रान्त के जामा शहर में स्थित उसके अपार्टमेंट से 9 शव—1 पुरुष और 8 महिलाओं के—बरामद हुए। जांच में सामने आया कि वह सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्विटर पर उन लोगों को निशाना बनाता था जो आत्महत्या की इच्छा जाहिर करते थे।</p>
<p style="text-align:justify;">2020 में टोक्यो जिला अदालत ने शिराशी को मौत की सजा सुनाई थी, जिसे वर्ष 2021 में अंतिम रूप दे दिया गया। अदालत ने स्पष्ट किया कि 15 से 26 वर्ष की आयु के जिन लोगों की हत्या की गई, उनमें से किसी ने भी अपनी हत्या के लिए सहमति नहीं दी थी। साथ ही आरोपी द्वारा मानसिक रूप से अस्वस्थ होने का दावा भी निराधार पाया गया। अदालत के फैसले में कहा गया कि यह अपराध न केवल अमानवीय था, बल्कि समाज के लिए भी अत्यंत घिनौना और भयावह संदेश देने वाला था, क्योंकि आरोपी ने न केवल हत्या की, बल्कि शवों को अपार्टमेंट में काटकर छिपाकर भी रखा। Japan News</p>
<p><a title="Uttar Pradesh Encounter: उत्तर प्रदेश में दो मुठभेड़ मुठभेड़ों में वांछित अपराधी घायल और गिरफ्तार" href="http://10.0.0.122:1245/wanted-criminals-injured-and-arrested-in-two-encounters-in-uttar-pradesh/">Uttar Pradesh Encounter: उत्तर प्रदेश में दो मुठभेड़ मुठभेड़ों में वांछित अपराधी घायल और गिरफ्तार</a></p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Fri, 27 Jun 2025 14:22:55 +0530</pubDate>
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            <item>
                <title>True Blood Pump in Japan: &amp;#8230;और अब ट्रयू ब्लड पंप जापान में भी! जगाई मानवता भलाई कार्यों की अलख</title>
                                    <description><![CDATA[True Blood Pump in Japan: टोक्यो (सच कहूँ न्यूज)। सच्चे रुहानी रहबर पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन शिक्षाओं पर चलते हुए देश-विदेशों की साध संगत द्वारा मानवता भलाई के 167 कार्य बहुत ही उत्साह से किए जा रहे हैं। इसी कड़ी के तहत जापान के शहर आशीकागा के […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/and-now-true-blood-pump-is-in-japan-too-awakening-the-awareness-of-humanitarian-work/article-66400"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-01/japan-true-blood-pump.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">True Blood Pump in Japan: टोक्यो (सच कहूँ न्यूज)। सच्चे रुहानी रहबर पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन शिक्षाओं पर चलते हुए देश-विदेशों की साध संगत द्वारा मानवता भलाई के 167 कार्य बहुत ही उत्साह से किए जा रहे हैं। इसी कड़ी के तहत जापान के शहर आशीकागा के निवासी शाह सतनाम जी ग्रीन एस वैल्फेयर कमेटी के सेवादार सुरेन्द्र इन्सां ने पूजनीय परम पिता शाह सतनाम जी महाराज के पावन एमएसजी अवतार माह की खुशी में रक्तदान कर इन्सानियत का फर्ज निभाया। इस मौके ब्लड बैंक के स्टाफ ने सेवादार की इस नेक कार्य के लिए प्रशंसा करते पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां व सेवादार का तहेदिल से धन्यवाद किया। सुरेन्द्र इन्सां ने कहा कि उन्हें गर्व है कि वह शाह सतनाम जी ग्रीन एस वैल्फेयर कमेटी का सेवादार है जो दूसरों की मदद के लिए सदैव तैयार रहती है। Japan News</p>
<p><a title="London News: लंदन में राम नाम का डंका!" href="http://10.0.0.122:1245/rams-name-resounds-in-london/">London News: लंदन में राम नाम का डंका!</a></p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
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                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Tue, 14 Jan 2025 09:42:19 +0530</pubDate>
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                <title>दुनिया भर में उग्र विरोध के बावजूद जापान ने फिर किया ऐसा दुस्साहस!</title>
                                    <description><![CDATA[फुकुशिमा में छोड़ा परमाणु-दूषित अपशिष्ट जल Japan Released Nuclear-contaminated waste water: टोक्यो (एजेंसी)। जापान ने शुक्रवार को फुकुशिमा दाइची परमाणु ऊर्जा संयंत्र से प्रशांत महासागर में परमाणु-दूषित अपशिष्ट जल छोड़ने का छठा दौर शुरू किया। दुनिया भर में उग्र विरोध के बावजूद टोक्यो इलेक्ट्रिक पावर कंपनी संयंत्र के संचालक ने वित्तीय वर्ष 2024 में दूसरे […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/japan-released-nuclear-contaminated-waste-water/article-57644"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-05/japan-nuclear-water.jpg" alt=""></a><br /><h3>फुकुशिमा में छोड़ा परमाणु-दूषित अपशिष्ट जल</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>Japan Released Nuclear-contaminated waste water: टोक्यो (एजेंसी)।</strong> जापान ने शुक्रवार को फुकुशिमा दाइची परमाणु ऊर्जा संयंत्र से प्रशांत महासागर में परमाणु-दूषित अपशिष्ट जल छोड़ने का छठा दौर शुरू किया। दुनिया भर में उग्र विरोध के बावजूद टोक्यो इलेक्ट्रिक पावर कंपनी संयंत्र के संचालक ने वित्तीय वर्ष 2024 में दूसरे दौर में परमाणु-दूषित अपशिष्ट जल छोड़ना शुरू कर दिया। पिछले दौर की तरह चार जून तक लगभग 7,800 टन अपशिष्ट जल छोड़ा जाएगा। Japan News</p>
<p><a title="पूज्य गुरु जी की प्रेरणा बेमिसाल! फिलिपींस में भी सेवादारों ने कर दिया कमाल!" href="http://10.0.0.122:1245/dera-sacha-sauda-sevadars-donated-blood-in-philippines/">पूज्य गुरु जी की प्रेरणा बेमिसाल! फिलिपींस में भी सेवादारों ने कर दिया कमाल!</a></p>
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                                                            <category>अंतरराष्ट्रीय ख़बरें</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Sat, 18 May 2024 09:54:46 +0530</pubDate>
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                <title>जापान में भूस्खलन का खतरा</title>
                                    <description><![CDATA[38,200 लोगों को घर खाली करने की सलाह | Landslide टोक्यो (एजेंसी)। दक्षिण-पश्चिमी जापान के मियाज़ाकी प्रान्त में भूस्खलन (Landslide) के खतरे के कारण लगभग 38,200 लोगों को घर खाली करने की सलाह दी गई। जापानी मीडिया ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। एनएचके ब्रॉडकास्टर (मीडिया) ने बताया कि टाइफून लैन के क्यूशू द्वीप के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/landslide-threat-in-japan/article-51336"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-08/japan.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">38,200 लोगों को घर खाली करने की सलाह | Landslide</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>टोक्यो (एजेंसी)।</strong> दक्षिण-पश्चिमी जापान के मियाज़ाकी प्रान्त में भूस्खलन (Landslide) के खतरे के कारण लगभग 38,200 लोगों को घर खाली करने की सलाह दी गई। जापानी मीडिया ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। एनएचके ब्रॉडकास्टर (मीडिया) ने बताया कि टाइफून लैन के क्यूशू द्वीप के ऊपर से गुजरने के बीच यह सलाह जारी की गई थी। चक्रवात ने दक्षिण-पश्चिमी जापान को प्रभावित किया, जिससे भारी बारिश हुई और भूस्खलन होने के अनुमान जताए गए हैं। प्रान्त ने पाँच संभावित चेतावनी स्तरों में से चौथे की घोषणा कर दी। Japan News</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="कंप्यूटर इंजीनियरिंग में हैं नौकरियाँ ही नौकरियाँ" href="http://10.0.0.122:1245/computer-engineers/">कंप्यूटर इंजीनियरिंग में हैं नौकरियाँ ही नौकरियाँ</a></p>
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                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/landslide-threat-in-japan/article-51336</link>
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                <pubDate>Fri, 18 Aug 2023 17:09:14 +0530</pubDate>
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