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                <title>Chandrayaan 3 Lander Vikram - Sach Kahoon Hindi</title>
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                <description>Chandrayaan 3 Lander Vikram RSS Feed</description>
                
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                <title>Chandrayaan 3: इसरो को मिली बड़ी सफलता, अब चांद पर इन्सान को भेज सकेगा! लैंडर ने कर दिया खेल</title>
                                    <description><![CDATA[Lander Vikram Lift Off On Moon: इसरो ने बहुत बड़ी जानकारी देते हुए कहा कि चंद्रयान 3 के तहत चांद पर उतारे गए लैंडर विक्रम ने एक सफल प्रयोग किया है। आपको बता दें कि लैंडर ने कमांड पर अपना इंजन चालू करके लिफ्ट आॅफ किया व कुछ दूरी पर सफलतापूर्वक लैंड कर लिया है। […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/isro-gets-big-success-now-it-will-be-able-to-send-man-to-the-moon/article-51931"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-09/chandrayaan-3-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Lander Vikram Lift Off On Moon: इसरो ने बहुत बड़ी जानकारी देते हुए कहा कि चंद्रयान 3 के तहत चांद पर उतारे गए लैंडर विक्रम ने एक सफल प्रयोग किया है। आपको बता दें कि लैंडर ने कमांड पर अपना इंजन चालू करके लिफ्ट आॅफ किया व कुछ दूरी पर सफलतापूर्वक लैंड कर लिया है। Chandrayaan 3</p>
<p style="text-align:justify;">इससे साफ हो गया है कि इसरो को इंसान भेजने की दिशा में यह बहुत बड़ी कामयाबी हासिल हुई है। इसरों ने कहा कि विक्रम लैंडर अपने मिशन उद्देश्यों से आगे निकल गया है। इसने सफलतापूर्वक हॉप एक्सपेरीमेंट (उछाल मारना) पूरा किया। इसरो ने बताया कि आदेश मिलने पर, इसने इंजन चालू कर दिए, उम्मीद के मुताबिक खुद को लगभग 40 सेमी ऊपर उठाया और 30-40 सेमी की दूरी पर सुरक्षित रूप से उतर गया।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/these-5-best-courses-will-change-your-life-good-job-earning-in-lakhs/">Career Tips: ये 5 बेस्ट कोर्स आपके जीवन को बदल देगी, अच्छी नौकरी, कमाई लाखों में..!</a></p>
<h4>14 दिन बाद चंद्रमा पर छा जाएगा अंधेरा | Chandrayaan 3</h4>
<p style="text-align:justify;">चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर चंद्रयान-3 की सफल लैंडिंग कर भारतीय अंतरिक्ष एजेंसी इसरो ने एक नया इतिहास रच दिया, जिसका पूरा देश जश्न मना रहा है। 23 अगस्त बुधवार की शाम को चंद्रयान-3 की चंद्रमा पर सॉफ्ट लैंडिंग कराईं गई थीं। जिसके बाद से ही विक्रम लैंडर और रोवर प्रज्ञान अपने काम में जुटे हुए हैं। बता दें कि इसरो ने इन्हें 14 दिन के मिशन पर भेजा है तो ऐसे में ये सवाल खड़ा होता है कि 14 दिन बाद लैंडर और रोवर का क्या होगा, क्या ये चौदह दिन बाद धरती पर आ जाएंगे तो इसका जवाब है नहीं।</p>
<p style="text-align:justify;">दरअसल इसका कनेक्शन सूरज की रोशनी से है, चंद्रमा पर एक दिन पृथ्वी के 14 दिन के बराबर होता है, यानी 14 दिन तक सूरज उगता रहेगा। बता दें कि जिस वक्त चंद्रयान-3 की सॉफ्ट लैंडिंग कराईं गई थी उस वक्त चंद्रमा पर दिन था और सूरज उग रहा था। इसके पीछे इसरो की प्लानिंग थी कि चंद्रमा के जिस हिस्से पर चंद्रयान-3 के लैंडर और रोवर उतर रहे हैं उस जगह पर अगले 14-15 दिनों तक सूरज की रोशनी आती रहे। Chandrayaan 3</p>
<p style="text-align:justify;">दरअसल चंद्रयान-3 के लैंडर और रोवर में सोलर पैनल लगे हुए वे सूरज से ऊर्जा लेकर खुद को चार्ज कर रहें हैं और इन्हीं पैनल्स के जरिए उन्हें ऊर्जा मिल रही है जब तक उन्हें सूरज की रोशनी मिलती रहेंगी उनकी बैट्री चार्ज होती रहेगी और वो काम करते रहेंगे। 14 दिन बाद चंद्रमा पर अंधेरा हो जाएगा जिसके बाद इनको ऊर्जा मिलनी बंद हो जाएंगी। और इनकी बैट्री चार्ज नहीं होंगी। और इस स्थिति में ये काम करना बंद कर देंगे। अंधेरा होने के बाद वे कुछ घंटों तक ही काम कर सकते हैं ये भी उनकी बैट्री पर निर्भर करता है कि उनकी बैट्री कितनी चार्ज है।</p>
<p style="text-align:justify;">कहा जा रहा है कि अंधेरा होने के बाद वे फिर कुछ दिन सूरज निकलने का इंतजार करेंगे लेकिन इसकी उम्मीद बहुत कम है।14 दिनों के क्या फिर से लेंटर और रोवर काम करेंगे इसपर इसरो प्रमुख डॉ एस सोमनाथ ने बताया कि सूरज ढलने के साथ ही सब कुछ अंधेरे में डूब जाएगा। तापमान माइनस 180 डिग्री सेल्सियस तक गिर जाएगा, ऐसे में इस तापमान पर इन सिस्टम का सुरक्षित बने रहना संभव नहीं है। उनका कहना है कि इस तापमान पर इनके सुरक्षित बचें रहने की संभावनाएं काफी कम है। हालांकि उन्होंने यह भी कहा है कि अगर यह सिस्टम सुरक्षित बने रहते हैं तो बहुत ही खुशी होगी। अगर ये दोबारा सक्रिय हो जाते हैं तो वे इनके साथ एक बार फिर काम शुरू कर पाएंगे और उन्हें उम्मीद है कि ऐसा ही हो।</p>
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                                                            <category>देश</category>
                                            <category>साहित्य</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Mon, 04 Sep 2023 12:36:56 +0530</pubDate>
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