<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/haryana-government-school/tag-28426" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Haryana Government School - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/28426/rss</link>
                <description>Haryana Government School RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>हरियाणा में शिक्षा संकट: 30 हजार से ज्यादा छात्र बिना एडमिशन के, भटक रहे दर-दर</title>
                                    <description><![CDATA[चंडीगढ़ से सामने आई एक चिंताजनक खबर ने हरियाणा की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/chandigarh/education-crisis-in-haryana-more-than-30-thousand-students-wandering/article-84335"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-05/haryana-government-school.jpeg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>चंडीगढ़ (सच कहूँ न्यूज़)।</strong> Haryana Government School: चंडीगढ़ से सामने आई एक चिंताजनक खबर ने हरियाणा की शिक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रदेश के सरकारी स्कूलों में 30,919 विद्यार्थी ऐसे हैं जिनका पुराने स्कूलों से नाम तो कट चुका है, लेकिन अभी तक उन्हें नए स्कूलों में दाखिला नहीं मिल पाया है।</p>
<p style="text-align:justify;">इन छात्रों का भविष्य फिलहाल अनिश्चितता के बीच झूल रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">क्यों नहीं मिल रहा छात्रों को दाखिला?</p>
<p style="text-align:justify;">इस समस्या के पीछे कई अहम कारण सामने आए हैं:</p>
<p style="text-align:justify;">स्कूलों में सीमित सीटें<br />संस्कृति मॉडल स्कूलों में क्षमता पूरी होना<br />विषय संयोजन (Subject Combination) उपलब्ध न होना<br /> कम शैक्षणिक प्रदर्शन के आधार पर इनकार</p>
<p style="text-align:justify;">इन वजहों से हजारों छात्रों को एडमिशन से वंचित रहना पड़ रहा है।</p>
<p style="text-align:justify;">📊 जिलावार हालात: कहां कितने छात्र प्रभावित?</p>
<p style="text-align:justify;">हरियाणा के लगभग सभी जिलों में यह समस्या देखने को मिल रही है:</p>
<p style="text-align:justify;">अंबाला – 1055<br />भिवानी – 1,352<br />चरखी दादरी – 859<br />फरीदाबाद – 1,861<br />फतेहाबाद – 1,353<br />गुरुग्राम – 3,162<br />हिसार – 2,222<br />झज्जर – 1,491<br />जींद – 1,307<br />कैथल – 1,435<br />करनाल – 3,045<br />कुरुक्षेत्र – 372<br />महेंद्रगढ़ – 733<br />नूंह (मेवात) – 847<br />पलवल – 561<br />पंचकूला – 1,251<br />पानीपत – 1,264<br />रेवाड़ी – 1,469<br />रोहतक – 799<br />सिरसा – 1,463<br />सोनीपत – 1,682<br />यमुनानगर – 1,315</p>
<p style="text-align:justify;">यह आंकड़े दर्शाते हैं कि समस्या राज्यभर में गंभीर रूप ले चुकी है।</p>
<p style="text-align:justify;"> छात्रों का भविष्य अधर में</p>
<p style="text-align:justify;">पुराने स्कूलों से नाम कटने के बाद नए स्कूलों में एडमिशन न मिल पाने के कारण:</p>
<p style="text-align:justify;">छात्रों की पढ़ाई बीच में रुक गई है<br />अभिभावक परेशान हैं<br />कई बच्चे स्कूल से दूर हो सकते हैं</p>
<h4 style="text-align:justify;">अगर जल्द समाधान नहीं निकला, तो यह स्थिति और गंभीर हो सकती है।</h4>
<p style="text-align:justify;"> क्या कर रही है सरकार?<br />फिलहाल विभाग की ओर से: छात्रों के डेटा का विश्लेषण किया जा रहा है। अतिरिक्त सीटों की संभावना पर विचार हो रहा है। जरूरत पड़ने पर नए सेक्शन खोलने की योजना बन सकती है।<img src="https://www.sachkahoon.com/media/2026-05/haryana-government-school.jpeg" alt="Haryana Government School" width="629" height="350"></img></p>]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                            <category>शिक्षा और रोजगार</category>
                                            <category>चंडीगढ़</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/chandigarh/education-crisis-in-haryana-more-than-30-thousand-students-wandering/article-84335</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/chandigarh/education-crisis-in-haryana-more-than-30-thousand-students-wandering/article-84335</guid>
                <pubDate>Wed, 06 May 2026 16:07:52 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2026-05/haryana-government-school.jpeg"                         length="63751"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sarvesh Kumar]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Sarkari School: सरकारी स्कूल की समस्या को लेकर ग्रामीणों ने किया प्रदर्शन</title>
                                    <description><![CDATA[भैंस के सामने बजाई बीन, जताया रोष रोहतक (सच कहूँ न्यूज)। Sarkari School: जिले के गांव गरनावठी स्थित सरकारी स्कूल की समस्या को लेकर ग्रामीणों ने अनोखा तरीके से प्रदर्शन कर रोष प्रकट किया। ग्रामीणों ने भैंस के आगे बिन बजाकर शहर में प्रदर्शन किया। लघु सचिवालय के मुख्य गेट पर भैंस बांधने को लेकर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/village-demonstrated-against-the-problems-of-government-school/article-65186"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-12/rohtak.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">भैंस के सामने बजाई बीन, जताया रोष</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>रोहतक (सच कहूँ न्यूज)।</strong> Sarkari School: जिले के गांव गरनावठी स्थित सरकारी स्कूल की समस्या को लेकर ग्रामीणों ने अनोखा तरीके से प्रदर्शन कर रोष प्रकट किया। ग्रामीणों ने भैंस के आगे बिन बजाकर शहर में प्रदर्शन किया। लघु सचिवालय के मुख्य गेट पर भैंस बांधने को लेकर ग्रामीणों व पुलिस के बीच तनातनी भी हुई, लेकिन ग्रामीण वहीं गेट के बाहर धरने पर बैठ गए। ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि पंचायत द्वारा करोड़ों रुपए देने के बावजूद भी शिक्षा विभाग व हरियाणा सरकार के कानो पर जू तक नहीं रेंग रही है। Government School</p>
<p style="text-align:justify;">कई बार सरकार व शिक्षा विभाग के अधिकारियों को अवगत कराया जा चुका है, लेकिन अभी तक कोई समाधान नहीं हुआ है, जिसके चलते मजबूरन उन्हें सड़क पर उतरना पड़ा है। पार्षद प्रतिधि राहुल दादू ने बताया कि जिले के गरनावठी गांव में 2015-16 में सरकार ने स्कूल की बिल्डिंग को जर्जर घोषित कर दिया था, यही नहीं ग्राम पंचायत ने स्कूल बिल्डिंग बनाने के लिए सरकार के खाते में पांच करोड़ 43 लाख 94 हजार रुपए भी डाल दिए थे, इसके बावजूद भी स्कूल की बिल्डिंग नहीं बनाई गई, जिसका सबसे बड़ा नुकसान यह हुआ है कि अब जगह कम होने की वजह से दो शिफ्ट में स्कूल लगाया जा रहा है।</p>
<h3>मुख्यमंत्री के नाम सौंपा ज्ञापन | Government School</h3>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार व शिक्षा विभाग जानबूझ कर स्कूल की बिल्डिंग नहीं बना रहे हैं। उन्होंने कहा कि अब विभाग की नींद खोलने के लिए ही भैंस के आगे बिन बजा कर ग्रामीणों ने प्रदर्शन किया है, अगर सरकार ने तुंरत स्कूल के भवन की नई बिल्डि का निर्माण कार्य शुरू नहीं करवाया तो ग्रामीण आंदोलन करने पर मजबूर होंगे। ग्रामीणों ने प्रशासनिक अधिकारी को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन भी सौंपा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Share Market Trading Fraud: शेयर मार्केट ट्रेडिंग में चूना लगाने के 4 आरोपी गिरफ्तार" href="http://10.0.0.122:1245/four-accused-arrested-for-cheating-in-share-market-trading/">Share Market Trading Fraud: शेयर मार्केट ट्रेडिंग में चूना लगाने के 4 आरोपी गिरफ्तार</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/village-demonstrated-against-the-problems-of-government-school/article-65186</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/village-demonstrated-against-the-problems-of-government-school/article-65186</guid>
                <pubDate>Mon, 09 Dec 2024 20:32:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-12/rohtak.jpg"                         length="82720"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Haryana News : चिंताजनक : हरियाणा के सरकारी विद्यालयों में कम हो रहे विद्यार्थी!</title>
                                    <description><![CDATA[Falling Government School Enrolment: हिसार (सच कहूँ/संदीप सिंहमार)। शैक्षणिक सत्र 2022-23 के बाद हरियाणा के सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या लगातार कम होती जा रही है। इसको लेकर हरियाणा सरकार के शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने चिंता जताई है। अतिरिक्त मुख्य सचिव से बैठक के बाद हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद ने […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/worrying-students-are-decreasing-in-government-schools-of-haryana/article-56079"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-04/haryana-govt-school.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>Falling Government School Enrolment: हिसार (सच कहूँ/संदीप सिंहमार)।</strong> शैक्षणिक सत्र 2022-23 के बाद हरियाणा के सरकारी विद्यालयों में विद्यार्थियों की संख्या लगातार कम होती जा रही है। इसको लेकर हरियाणा सरकार के शिक्षा विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव ने चिंता जताई है। अतिरिक्त मुख्य सचिव से बैठक के बाद हरियाणा स्कूल शिक्षा परियोजना परिषद ने एक सर्कुलर जारी कर 16 जिलों को सरकारी स्कूलों में बच्चों की दाखिला बढ़ाने के लिए विशेष लक्ष्य दिया गया है। Haryana News</p>
<p style="text-align:justify;">इस पत्र के अनुसार प्रदेश के जिन जिलों में स्थित सरकारी स्कूलों में बच्चे बढ़ाने का लक्ष्य दिया गया है, उनमें अंबाला, भिवानी, चरखी-दादरी, फतेहाबाद,फरीदाबाद, गुरुग्राम, हिसार, झज्जर, जींद, कैथल,करनाल,कुरुक्षेत्र मेवात, पलवल व पंचकूला शामिल है। यदि प्रतिशत की बात करें तो सबसे ज्यादा टारगेट इस बार हरियाणा के चरखी दादरी जिले को मिला है। उसके बाद दूसरे नंबर पर भिवानी व तीसरे नंबर पर संयुक्त रूप से हिसार व महेंद्रगढ़ शामिल है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">सरकारी विद्यालयों में क्यों कम हो रही विद्यार्थी? | Haryana News</h3>
<p style="text-align:justify;">प्रदेश के सरकारी स्कूलों में बच्चों की संख्या कम होना वास्तव में चिंताजनक है। लेकिन शिक्षा विभाग को इसके वास्तविक कारणों पर गौर करना होगा। पहली बात तो हरियाणा सरकार ने गरीब बच्चों को निजी स्कूलों में पढ़ने की बात को लेकर चिराग योजना लागू की है, जब से चिराग योजना लागू की है, तब से सरकारी स्कूलों से हर बार 10 फीसदी बच्चे प्रदेश के निजी स्कूलों में दाखिला ले लेते हैं। यह निजी स्कूलों की नहीं बल्कि सरकार के शिक्षा विभाग की ही योजना है। इस योजना के तहत निजी स्कूलों में दाखिला लेने वाले बच्चों की सभी प्रकार की फीस खुद सरकार वहां करती है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">प्रवासी मजदूरों के बच्चों के पास नहीं है परिवार पहचान पत्र</h3>
<p style="text-align:justify;">दूसरा सबसे बड़ा कारण परिवार पहचान पत्र है। एक ऐसा प्रदेश है, जिसमें बहुत बड़ी संख्या में प्रवासी मजदूर काम करते हैं। ऐसी स्थिति में इन मजदूरों के बच्चे सरकारी स्कूलों में शिक्षा ग्रहण करते हैं, जबकि हरियाणा के सरकारी स्कूलों में दाखिला लेने के लिए परिवार पहचान पत्र जरूरी किया गया है। इन प्रवासी मजदूरों के पास हरियाणा का परिवार पहचान पत्र न होने के कारण विद्यार्थियों का दाखिला तो हो जाता है,पर सरकारी एमआईएस पोर्टल पर अपडेट नहीं हो पाता। इस वजह से भी बच्चों की संख्या कम हो रही है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">शिक्षक का अधिकार कानून भी बना बाधा | Haryana News</h3>
<p style="text-align:justify;">देश भर में शिक्षा का अधिकार कानून भी लागू किया गया है इस कानून के तहत भी कक्षा 2 से लेकर आठ तक सरकारी स्कूलों से हर बार बच्चे निजी स्कूलों की ओर चले जाते हैं इनका खर्च भी सरकार खुद देती है यही कुछ ऐसी वजह है जिनकी वजह से सरकारी स्कूलों की संख्या लगातार घटती जा रही है और यदि भविष्य में ध्यान नहीं दिया गया तो प्रदेश के सरकारी स्कूलों में विशेष लक्ष्य प्रदान करने के बावजूद भी बच्चों की संख्या घटती ही जाएगी। ज्ञात रहे कि चिराग योजना का तो सरकारी स्कूलों के विभिन्न संगठन सरकार से मिलकर व शिक्षा निदेशालय के अधिकारियों से मिलकर कई बार विरोध भी जाता चुके हैं Haryana News</p>
<p><a title="Gold- Silver Price Today: आज डरा रही हैं सोना- चांदी की कीमतें! " href="http://10.0.0.122:1245/gold-and-silver-prices-are-scaring-today/">Gold- Silver Price Today: आज डरा रही हैं सोना- चांदी की कीमतें! </a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>विचार</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/worrying-students-are-decreasing-in-government-schools-of-haryana/article-56079</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/worrying-students-are-decreasing-in-government-schools-of-haryana/article-56079</guid>
                <pubDate>Sat, 06 Apr 2024 11:12:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-04/haryana-govt-school.jpg"                         length="47881"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        