<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/pilot/tag-3752" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>pilot - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/3752/rss</link>
                <description>pilot RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>गगनदीप कौर पायलट बनकर गांव किला भरीआं लौटी, ग्रामीणों ने किया स्वागत</title>
                                    <description><![CDATA[पिता बोले- गगन ने मेरा सिर गर्व से ऊँचा कर दिया संगरूर (सच कहूँ/गुरप्रीत सिंह)। Sangrur News: गांव किला भरीआं की बेटी गगनदीप कौर ने कठिन मेहनत और जुनून के बल पर पायलट बनकर न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे नगर और पंजाब का नाम रोशन किया है। पायलट बनने की खबर मिलते ही पूरा […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/gagandeep-kaur-returned-to-the-village-after-becoming-a-pilot-and-was-welcomed-by-the-villagers/article-82908"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-03/sangrur-news-2.jpg" alt=""></a><br /><h3 style="text-align:justify;">पिता बोले- गगन ने मेरा सिर गर्व से ऊँचा कर दिया</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>संगरूर (सच कहूँ/गुरप्रीत सिंह)।</strong> Sangrur News: गांव किला भरीआं की बेटी गगनदीप कौर ने कठिन मेहनत और जुनून के बल पर पायलट बनकर न केवल अपने परिवार बल्कि पूरे नगर और पंजाब का नाम रोशन किया है। पायलट बनने की खबर मिलते ही पूरा गांव सड़कों पर उतर आया और फूलों की वर्षा कर उसका स्वागत किया। गगनदीप ने बताया कि साधारण किसान परिवार से होने के बावजूद उसने बड़े सपने देखे और दिन-रात की मेहनत से उन्हें सच कर दिखाया। उसकी सफलता से गांव में खुशी की लहर है और लोग उसे मेहनत और लगन का प्रतीक मान रहे हैं। Sangrur News</p>
<p style="text-align:justify;">गगनदीप ने बताया कि पायलट बनने के लिए उसे लगभग तीन साल की कठिन ट्रेनिंग करनी पड़ी। उसने पुणे और दुबई में प्रशिक्षण प्राप्त किया और देश के विभिन्न शहरों में कठिन परीक्षाएं देकर पायलट की डिग्री हासिल की। परिवार के सहयोग और पिता के विश्वास ने उसे हर मुश्किल पार करने की ताकत दी। उसने कहा कि जैसे उसके पिता ने उस पर भरोसा किया, वैसे ही हर पिता को अपनी बेटियों पर विश्वास करना चाहिए। गगनदीप के पिता जगदेव सिंह ने बताया कि बचपन से ही उसे मशीनों और वाहनों में रुचि थी। वह ट्रैक्टर और अन्य वाहन चलाने में भी निपुण थी। जब उसने पायलट बनने की इच्छा जताई तो परिवार के लिए यह बड़ी चुनौती थी, लेकिन उसके हौसले को देखकर उन्होंने पूरा साथ दिया।</p>
<p style="text-align:justify;">माता ने भी उसकी मेहनत और संघर्ष की सराहना करते हुए कहा कि गगनदीप स्वभाव से शांत और लगनशील है। उसकी सफलता से न केवल परिवार बल्कि पूरे पंजाब का मान बढ़ा है। ग्रामीणों ने कहा कि गगनदीप बचपन से ही पढ़ाई में होशियार थी और हमेशा अपने लक्ष्य को पाने के लिए मेहनत करती रही। आज उसकी उपलब्धि से गांव में उत्सव का माहौल है और लोग गर्व महसूस कर रहे हैं। Sangrur News</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="जिला जज व डीएम ने किया कारागार का निरीक्षण, परखी व्यवस्था" href="http://10.0.0.122:1245/district-judge-and-dm-inspected-the-prison-and-examined-the-arrangements/">जिला जज व डीएम ने किया कारागार का निरीक्षण, परखी व्यवस्था</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/gagandeep-kaur-returned-to-the-village-after-becoming-a-pilot-and-was-welcomed-by-the-villagers/article-82908</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/gagandeep-kaur-returned-to-the-village-after-becoming-a-pilot-and-was-welcomed-by-the-villagers/article-82908</guid>
                <pubDate>Mon, 30 Mar 2026 18:18:08 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2026-03/sangrur-news-2.jpg"                         length="50676"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>देश में विमान पायलटों की कमी नहीं: सरकार</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। Aircraft Pilot: सरकार ने कहा है कि देश में कुछ विशेष प्रकार के विमानों के लिए कमांडरों की कुछ कमी जरूर है जिसको विदेशी पायलटों के जरिए पूरा किया जा रहा है पर कुल मिलाकर देश में विमानन सेवाओं के लिए लाइसेंसधारक वाणिज्यक पायलटों की कोई कमी नहीं है। उड्डयन […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-no-shortage-of-aircraft-pilots-in-the-country-government/article-60627"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-08/new-delhi-2.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> Aircraft Pilot: सरकार ने कहा है कि देश में कुछ विशेष प्रकार के विमानों के लिए कमांडरों की कुछ कमी जरूर है जिसको विदेशी पायलटों के जरिए पूरा किया जा रहा है पर कुल मिलाकर देश में विमानन सेवाओं के लिए लाइसेंसधारक वाणिज्यक पायलटों की कोई कमी नहीं है। उड्डयन राज्य मंत्री मुरलीधर मोहल ने लोक सभा में एक प्रश्न के लिखित उत्तर में बताया कि कुछ खास प्रकार के विमानों के कमांडरों की जिम्मेदारी के लिए जिन विदेशी पायलटों को अनुबंधित किया जाता है उनको विदशी चलकदल के लिए अस्थायी अधिकार पत्रह्व (एफएटीए) जारी किए जाता है। New Delhi</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने बताया कि 2019 से अब तक कामर्शियल पायलट के कुल 5710 लाइसेंस जारी किए गए है। इनमें 739 लाइसेंस इस वर्ष (17 जुलाई तक) जारी किए गए हैं। उन्होंने बताया कि देश में पायलट/विमान चालक दल के लिए लोगों की कोई कमी नहीं है उन्होंने यह भी बताया कि एयर इंडिया समूह, इंडिगो और आकासा एयरलाइन ने 2017 से अब तक विभिन्न प्रकार के कुल1976 विमानों की खरीद के आर्डर दे रखे हैं और इनमें से 324 विमानों का आयात हो चुका है। इन एयरलाइनों की इन विमानों को चरणबद्ध तरीके से 2032 तक बेड़े में शामिल करने की योजना है। New Delhi</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Kanwar Yatra: कांवड़ मार्ग पर शिव भक्तों को दी जा रही चिकित्सा सुविधा: डॉ अशोक राणा " href="http://10.0.0.122:1245/kanwar-pilgrims-are-getting-relief-in-the-medical-camp-of-ayurveda-department/">Kanwar Yatra: कांवड़ मार्ग पर शिव भक्तों को दी जा रही चिकित्सा सुविधा: डॉ अशोक राणा </a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-no-shortage-of-aircraft-pilots-in-the-country-government/article-60627</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-no-shortage-of-aircraft-pilots-in-the-country-government/article-60627</guid>
                <pubDate>Fri, 02 Aug 2024 18:04:03 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-08/new-delhi-2.jpg"                         length="47900"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ब्रिटेन के पूर्व पायलट कर रहे हैं चीन की सेना की मदद!</title>
                                    <description><![CDATA[लंदन। एक मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि चीन अपने सैनिकों को प्रशिक्षित करने के लिए बड़ी रकम का लालच देकर ब्रिटेन के पूर्व सैन्य पायलटों को अपने यहां बुला रहा है। बीबीसी ने रिपोर्ट में कहा है कि कयास लगाए जा रहे हैं कि ब्रिटेन के 30 पूर्व सैन्य पायलट चीन की […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/news-brief/former-uk-pilot-is-helping-china-army/article-39113"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2022-10/fighter-mig-29-aircraft.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>लंदन।</strong> एक मीडिया रिपोर्ट में दावा किया गया है कि चीन अपने सैनिकों को प्रशिक्षित करने के लिए बड़ी रकम का लालच देकर ब्रिटेन के पूर्व सैन्य पायलटों को अपने यहां बुला रहा है। बीबीसी ने रिपोर्ट में कहा है कि कयास लगाए जा रहे हैं कि ब्रिटेन के 30 पूर्व सैन्य पायलट चीन की पीपुल्स लिबरेशन आर्मी के सदस्यों को प्रशिक्षित करने गए थे।</p>
<p style="text-align:justify;">रिपोर्ट के अनुसार ब्रिटेन एक खुफिया अलर्ट जारी कर रहा है, जिसमें चीन की सेना के लिए काम करने को लेकर पूर्व सैन्य पायलटों को चेतावनी दी जाएगी। ब्रिटेन के अधिकारियों का कहना है कि हेडहंट पायलटों के प्रयास जारी हैं और हाल ही में इसमें तेजी आई है। ब्रिटेन के रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा कि प्रशिक्षण और पायलटों की भर्ती ब्रिटेन के किसी भी मौजूदा कानून का उल्लंघन नहीं करती है, लेकिन ब्रिटेन और अन्य देशों के अधिकारी इन गतिविधियों को रोकने की कोशिश कर रहे हैं। एक अधिकारी ने कहा, “यह एक आकर्षक पैकेज है, जो चीन की ओर से लोगों को दिया जा रहा है।” उन्होंने कहा, “पैसा एक मजबूत प्रेरक है। कुछ लोगों को 2,70,000 डॉलर का पैकेज दिया जा रहा है।”</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने बताया कि सेवानिवृत्त ब्रिटिश पायलटों का उपयोग पश्चिमी विमानों और पायलटों के संचालन के तरीके को समझने में मदद करने के लिए किया जा रहा है। वह ऐसी जानकारी हासिल करने की कोशिश कर रहे हैं, जो ताइवान जैसे किसी भी संघर्ष की स्थिति में महत्वपूर्ण हो सकती है। एक अधिकारी ने कहा, “यह चीन की वायु सेना की रणनीति और क्षमताओं को विकसित करने में मदद करने के लिए महान अनुभव वाले पश्चिमी देशों के पायलटों की सहायता ले रही है।” इस बारे में ब्रिटेन को पहली बार 2019 में पता चला था, तब ब्रिटेन पूर्व सैन्य पायलटों की भर्ती निपटाया था।</p>
<p style="text-align:justify;">पूर्व पायलटों के पास तेज जेट और हेलीकॉप्टरों को उड़ाने का अनुभव है और वे केवल रॉयल एयर फोर्स ही नहीं, बल्कि सेना से भी आते हैं। उन्होंने टाइफून, जगुआर, हैरियर और टॉरनेडो जैसे विमान उड़ाए हैं। रक्षा मंत्रालय के एक प्रवक्ता ने कहा, “हम चीन की पीपुल्स रिपब्लिक ऑफ चाइना में पीपुल्स लिबरेशन आर्मी के जवानों को प्रशिक्षित करने के लिए सेवारत और ब्रिटेन के पूर्व सशस्त्र बलों के पायलटों का पता लगाने की कोशिश कर रहे हैं और चीन की भर्ती योजनाओं को रोकने के लिए निर्णायक कदम उठा रहे हैं।” उन्होंने कहा, “सभी सेवारत और पूर्व कर्मचारी पहले से ही आधिकारिक गोपनीयता अधिनियम के अधीन हैं और हम रक्षा में गोपनीयता अनुबंधों और गैर-प्रकटीकरण समझौतों के उपयोग की समीक्षा कर रहे हैं। नया राष्ट्रीय सुरक्षा विधेयक समकालीन सुरक्षा चुनौतियों से निपटने के लिए अतिरिक्त उपकरण तैयार करेगा।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>विदेश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/news-brief/former-uk-pilot-is-helping-china-army/article-39113</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/news-brief/former-uk-pilot-is-helping-china-army/article-39113</guid>
                <pubDate>Wed, 19 Oct 2022 09:46:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2022-10/fighter-mig-29-aircraft.jpg"                         length="18591"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>आसान हुये पायलट बनने के नियम</title>
                                    <description><![CDATA[इसके अनुसार, पायलट लाइसेंस हासिल करने के लिए आवेदन से ठीक पहले के एक साल में
डेढ़ हजार घंटे की उड़ान की शर्त हटा दी गयी है।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/easy-rules-to-become-a-pilot/article-12480"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-01/pilot.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;">मंत्रालय ने एयरक्राफ्ट रूल्स, 1937 में संशोधन के लिए अधिसूचना जारी की है (pilot)</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> देश में भारी संख्या में पायलटों (pilot) की जरूरत को देखते हुये नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने पायलट बनने के लिए अनिवार्य उड़ान अनुभव में कमी कर दी है। मंत्रालय ने एयरक्राफ्ट रूल्स, 1937 में संशोधन के लिए अधिसूचना जारी की है। इसके अनुसार, पायलट लाइसेंस हासिल करने के लिए आवेदन से ठीक पहले के एक साल में डेढ़ हजार घंटे की उड़ान की शर्त हटा दी गयी है। हालाँकि, पिछले छह महीने में 10 घंटे की बजाय अब 20 घंटे के उड़ान अनुभव को अनिवार्य बनाया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;">आवेदक के कुल उड़ान अनुभव में इंस्ट्रक्टर की निगरानी में 500 घंटे की उड़ान शर्त को घटाकर 250 घंटे किया गया है। कुल अनुभव में क्रॉस कंट्री फ्लाइट टाइम की अर्हता 200 घंटे से घटाकर 100 घंटे की गयी है। इंस्ट्रूमेंट फ्लाइंग की समय अनिवार्यता भी 100 घंटे से घटाकर 75 घंटे की गयी है। हेलिकॉप्टर पायलट के लाइसेंस के लिए आवेदन से पहले के 12 महीने में 100 घंटे की उड़ान की शर्त हटा दी गयी है। हालाँकि पिछले छह महीने में 10 घंटे की उड़ान की अनिवार्यता को बढ़ाकर 15 घंटे किया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
<p><span class="tlid-translation translation" lang="en" xml:lang="en"><span title=""> </span></span></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/easy-rules-to-become-a-pilot/article-12480</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/easy-rules-to-become-a-pilot/article-12480</guid>
                <pubDate>Tue, 14 Jan 2020 17:19:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-01/pilot.jpg"                         length="30055"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>राजस्थान : गहलोत ने मुख्यमंत्री और पायलट ने उप मुख्यमंत्री पद की शपथ ली</title>
                                    <description><![CDATA[अशोक गहलोत तीसरी बार राजस्थान के मुख्यमंत्री बने जयपुर। अशोक गहलोत ने सोमवार को राजस्थान के 22वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। राज्यपाल कल्याण सिंह ने (Rajasthan Gehlot Takes Oath As Chief Minister ) उन्हें शपथ दिलाई। वे तीसरी बार राजस्थान के मुख्यमंत्री बने हैं। उनके साथ सचिन पायलट ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/rajasthan-gehlot-takes-oath-as-chief-minister/article-7010"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-12/rajasthan-gehlot-takes-oath-as-deputy-chief-minister-by-chief-minister-and-pilot.jpg" alt=""></a><br /><h1 style="text-align:justify;">अशोक गहलोत तीसरी बार राजस्थान के मुख्यमंत्री बने</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>जयपुर। </strong>अशोक गहलोत ने सोमवार को राजस्थान के 22वें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ ली। राज्यपाल कल्याण सिंह ने (Rajasthan Gehlot Takes Oath As Chief Minister ) उन्हें शपथ दिलाई। वे तीसरी बार राजस्थान के मुख्यमंत्री बने हैं। उनके साथ सचिन पायलट ने उपमुख्यमंत्री पद की शपथ ली। शपथ के दौरान सचिन लाल पगड़ी बांधे हुए थे। समारोह में कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी और पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह मौजूद रहे।</p>
<h2>छत्तीसगढ़ में भूपेश बघेल शाम 5 बजे शपथ लेंगे</h2>
<p style="text-align:justify;">पूर्व मुख्यमंत्री वसुंधरा राजे भी शामिल हुईं। शपथ ग्रहण में संभावित महागठबंधन के 12 दलों के नेता नजर आए। गहलोत-पायलट के शपथ ग्रहण में कांग्रेस से राहुल, मनमोहन के अलावा मल्लिकार्जुन खड़गे, पुड्डुचेरी (Rajasthan Gehlot Takes Oath As Chief Minister) के सीएम वी नारायणसामी, ज्योतिरादित्य सिंधिया, कुमारी शैलजा, जतिन प्रसाद, नवजोत सिंह सिद्धू मौजूद थे। यूपीए अध्यक्ष सोनिया गांधी मौजूद नहीं थीं।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>राजस्थान</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/rajasthan-gehlot-takes-oath-as-chief-minister/article-7010</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/rajasthan-gehlot-takes-oath-as-chief-minister/article-7010</guid>
                <pubDate>Mon, 17 Dec 2018 13:40:45 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-12/rajasthan-gehlot-takes-oath-as-deputy-chief-minister-by-chief-minister-and-pilot.jpg"                         length="79622"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>देश में ही प्रशिक्षित होंगे हेलिकॉप्टर पायलट</title>
                                    <description><![CDATA[जनवरी से पहला कोर्स नई दिल्ली (एजेंसी)। देश में हेलिकॉप्टरों के लिए कमर्शियल पायलट तैयार करने का पहला कोर्स अगले साल जनवरी में शुरू होगा। सरकारी हेलिकॉप्टर सेवा प्रदाता कंपनी पवनहंस लिमिटेड और विमान निर्माता कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) मिलकर यह पाठ्यक्रम शुरू कर रही हैं। पवनहंस के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक बी.पी. शर्मा ने […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/helicopter-pilot-trained-in-the-country/article-3517"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-11/heli-1.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">जनवरी से पहला कोर्स</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> देश में हेलिकॉप्टरों के लिए कमर्शियल पायलट तैयार करने का पहला कोर्स अगले साल जनवरी में शुरू होगा। सरकारी हेलिकॉप्टर सेवा प्रदाता कंपनी पवनहंस लिमिटेड और विमान निर्माता कंपनी हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (एचएएल) मिलकर यह पाठ्यक्रम शुरू कर रही हैं। पवनहंस के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक बी.पी. शर्मा ने बताया कि पहला पाठ्यक्रम अगले साल जनवरी में शुरू होगा। इसमें प्रशिक्षुओं को क्लासरूम की पढ़ाई के साथ दिल्ली के रोहिणी स्थित देश के एक मात्र हेलिपोर्ट पर व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जायेगा। साथ ही बेंगलुरु स्थित एचएएल में उन्हें हेलिकॉप्टर के तकनीकी पक्षों से भी रू-ब-रू कराया जायेगा। पवनहंस अपने पायलटों के लिए पूरी तरह सेना से सेवानिवृत्त पायलटों पर निर्भर है।</p>
<p style="text-align:justify;">थल सेना, वायु सेना और नौसेना से सेवानिवृत पायलटों के साथ उसके कुछ पायलट तटरक्षक बल से भी हैं। वहीं, निजी कंपनियाँ सेना से रिटायर पायलटों के साथ विदेशों में प्रशिक्षित पायलटों की भी भर्ती करती हैं। यह पहली बार है जब देश में हेलिकॉप्टर के कमर्शियल पायलट तैयार करने के लिए कोई पाठ्यक्रम शुरू किया जा रहा है। पवनहंस तथा निजी कंपनियों को मिलाकर इस समय देश में करीब 280 हेलिकॉप्टर हैं। श्री शर्मा ने बताया कि पहले बैच में 20 सीटें होंगी और इसके लिए 120 आवेदन आ चुके हैं। उन्होंने बताया कि इस कोर्स के लिए काफी माँग है। साथ ही क्षेत्रीय संपर्क योजना ‘उड़ान’ के मद्देनजर देश में हेलिकॉप्टरों की संख्या भी तेजी से बढ़ेगी। ऐसे में बड़ी संख्या में हेलिकॉप्टर पायलटों की जरूरत होगी। उन्होंने बताया कि भविष्य में कोर्स में सीटों की संख्या बढ़ाई जाएगी।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/helicopter-pilot-trained-in-the-country/article-3517</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/helicopter-pilot-trained-in-the-country/article-3517</guid>
                <pubDate>Sun, 12 Nov 2017 06:35:01 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-11/heli-1.jpg"                         length="45711"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सूलीखेड़ा की प्रियंका बनी पायलट</title>
                                    <description><![CDATA[जिन्दगी की असली उड़ान बाकी है, जिन्दगी के कई इम्तीहान अभी बाकी है भट्टूकलां (मनोज सोनी)।‘जिन्दगी की असली उड़ान बाकी है, जिन्दगी के कई इम्तीहान अभी बाकी है, अभी तो नापी है मुठ्ठी भर जमीन हमने, अभी तो सारा आसमान बाकी है।’ यह कहना है भट्टूकलां खंड के गाँव सूलीखेड़ा की प्रियंका बैनिवाल का। जिसने की […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/priyanka-become-pilot/article-2171"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-07/priyanka-1.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">जिन्दगी की असली उड़ान बाकी है, जिन्दगी के कई इम्तीहान अभी बाकी है</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>भट्टूकलां (मनोज सोनी)।</strong>‘जिन्दगी की असली उड़ान बाकी है, जिन्दगी के कई इम्तीहान अभी बाकी है, अभी तो नापी है मुठ्ठी भर जमीन हमने, अभी तो सारा आसमान बाकी है।’ यह कहना है भट्टूकलां खंड के गाँव सूलीखेड़ा की प्रियंका बैनिवाल का।</p>
<p style="text-align:justify;">जिसने की अपनी अथक मेहनत के बल पर पायलेट बनने का मुकाम हासिल किया है। जिसुख राम बैनीवाल के बेटे सुरत सिह बैनीवाल की सुपुत्री प्रियंका ने वर्ष 2006 से कड़ी मेहनत के दम पर अपने बचपन के सपनों को साकार कर हकीकत में बदलकर सफलता पाई है।</p>
<p style="text-align:justify;">जोकि उनके परिवार, गाँव, खण्ड और जिला फतेहाबाद के लिए गौरव की बात है। प्रियंका ने बचपन में आसमां में उड़ते हवाई जहाज को देखकर उसमें बैठने का सपना पालने की बजाय उसे स्वयं उड़ाने का सपना देखा और उसमें दिन रात एक करके सफलता भी हासिल कर ली है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">सपने को साकार करने की शुरूआत</h2>
<p style="text-align:justify;">प्रियंका ने वर्ष 2007 में हिन्दू हाई स्कूल सोनीपत से 10+2 की परीक्षा उत्तीर्ण की और इंडियन एविएशन बोर्ड के एग्जाम में अच्छी रैंकिंग हासिल की। इसके बाद देहली फ्लार्इंग क्लब से अपने सपने को साकार करने की शुरूआत की।</p>
<p style="text-align:justify;">इसके बाद डब्लूसीसी एक्सेल एयर एविएशन फलार्इंग स्कूल फिलीपींस स्कूल से प्रशिक्षण पूर्ण किया। प्रिंयका ने बताया कि उसने सात चरणों की कठिन परीक्षा और प्रेक्टिकल व साक्षात्कार को बखूबी उत्तीर्ण करते हुए इंडिगो एयरलाइंस में बतौर पायलेट नियुक्ति हासिल की है।</p>
<p style="text-align:justify;">इनके पति सूर्य प्रताप सिंह चहल बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स में डिप्टी कमांडेंट के पद पर वर्तमान में फिरोजपुर पंजाब में तैनात हैं। प्रियंका ने अपनी इस उपलब्धि का श्रेय माँ- बाप के सहयोग तथा अपनी मेहनत लगन को दिया है।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं आज के युवाओं को संदेश देते हुए उसने कहा कि कड़ी मेहनत और लक्ष्य को निर्धारित कर बड़ी से बड़ी सफलता हासिल की जा सकती है। वहीं उसने विशेष रूप से ग्रामीण क्षेत्र के युवक-युवतियों को अपना समय बेकार में बर्बाद न करने की सलाह दी है। इस नियुक्ति पर परिवार के सदस्यों में खुशी का माहौल है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/priyanka-become-pilot/article-2171</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/priyanka-become-pilot/article-2171</guid>
                <pubDate>Mon, 10 Jul 2017 01:59:19 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-07/priyanka-1.jpg"                         length="118340"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बालेसर में गिरा एयरफोर्स का MIG-23, दोनों पायलट सुरक्षित</title>
                                    <description><![CDATA[वायुसेना के कई मिग विमान हो चुके हैं हादसे का शिकार नई दिल्ली: राजस्थान के बालेसर में एयरफोर्स का MIG-23 एयरक्राफ्ट क्रैश हो गया है। ये हादसा जोधपुर के पास बालेसर में हुआ। प्लेन का मलबा मिल गया है। प्लेन पूरी तरह जलकर खाक हो गया। हालांकि, दोनों पायलट सुरक्षित निकल आए। मिग विमान भारत को रूस […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/mig-23-aircraft-crash-in-balesar-rajasthan/article-2008"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2017-07/mig-23.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">वायुसेना के कई मिग विमान हो चुके हैं हादसे का शिकार</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली:</strong> राजस्थान के बालेसर में एयरफोर्स का MIG-23 एयरक्राफ्ट क्रैश हो गया है। ये हादसा जोधपुर के पास बालेसर में हुआ। प्लेन का मलबा मिल गया है। प्लेन पूरी तरह जलकर खाक हो गया। हालांकि, दोनों पायलट सुरक्षित निकल आए।</p>
<p style="text-align:justify;">मिग विमान भारत को रूस से मिले हैं। भारतीय वायुसेना के बेड़े में मिग-23 और मिग-27 विमान हैं। हालांकि, पिछले कई सालों से मिग विमानों के हादसे अक्सर होते रहना चिंता की बात है। वायुसेना के कई मिग विमान हादसे का शिकार हो चुके हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">MIG-23 एक लड़ाकू विमान है। जिसे सोवियत संघ में मिकॉयन-गुरेविच डिज़ाइन ब्यूरो द्वारा तैयार किया गया है। इसकी लंबाई 17 M है. इसका इस्तेमाल ट्रेनिंग से लेकर युद्ध के वक्त भी किया जाता है।</p>
<p style="text-align:justify;">मिग का ये विमान राजस्थान में ट्रेनिंग उड़ान पर था। जोधपुर के पास क्रैश हुआ और विमान सीधे आकर जमीन से टकरा गया। हादसे के बाद विमान पूरी तरह जलकर खाक हो गया। हालांकि, दोनों पायलट सुरक्षित निकलने में कामयाब रहे।</p>
<p style="text-align:justify;">
</p><p style="text-align:justify;">
</p><p style="text-align:justify;"><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>राजस्थान</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/mig-23-aircraft-crash-in-balesar-rajasthan/article-2008</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/rajasthan/mig-23-aircraft-crash-in-balesar-rajasthan/article-2008</guid>
                <pubDate>Thu, 06 Jul 2017 02:52:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2017-07/mig-23.jpg"                         length="36276"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        