<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/delhi-government/tag-5544" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Delhi Government - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/5544/rss</link>
                <description>Delhi Government RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>दिल्ली सरकार काम को लेकर हुई सख्त! कहा-&amp;#8221;अधिकारियों को करना होगा 24 घंटे काम&amp;#8221;</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा (kapil mishra) ने शनिवार को कहा कि अब यहां के अधिकारियों को 24 घंटे काम करना होगा। काम में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कई जगहों पर सड़कों की हालत खराब है। हम इसे लेकर लगातार पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों के साथ संपर्क […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhis-govt-became-strict-about-work-said-officials-will-have-to-work-24-hours/article-67626"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-02/kapil-mishra-bjp.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">नई दिल्ली (एजेंसी)। दिल्ली सरकार के मंत्री कपिल मिश्रा (kapil mishra) ने शनिवार को कहा कि अब यहां के अधिकारियों को 24 घंटे काम करना होगा। काम में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कई जगहों पर सड़कों की हालत खराब है। हम इसे लेकर लगातार पीडब्ल्यूडी के अधिकारियों के साथ संपर्क में बने हुए हैं। सभी सड़कों को ठीक किया जाएगा। हमने जो भी वादे दिल्ली की जनता से किए हैं, उन्हें हर हाल में पूरा किया जाएगा। Delhi News</p>
<p style="text-align:justify;">कपिल मिश्रा ने अपने विधानसभा क्षेत्र खजूरी खास चौक का दौरा किया और वहां की मौजूदा स्थिति का हाल जाना। इसके बाद उन्होंने आईएएनएस से बातचीत में ये बातें कहीं। उन्होंने दावा किया कि दिल्ली सरकार के सभी मंत्री सड़क पर हैं। मुख्यमंत्री का स्पष्ट निर्देश है कि दिल्ली की सभी समस्याओं को दूर किया जाएगा। इस दौरान सड़कें भी ठीक की जाएंगी और पानी और सीवरेज की समस्या भी दूर की जाएगी, ताकि दिल्ली के लोगों को किसी भी प्रकार की समस्या न हो। Delhi News</p>
<p><a title="Congress Protests: विधायकों के निलंबन के विरोध में कांग्रेस का प्रदेशभर में प्रदर्शन!" href="http://10.0.0.122:1245/congress-protests-across-the-state-against-the-suspension-of-mlas/">Congress Protests: विधायकों के निलंबन के विरोध में कांग्रेस का प्रदेशभर में प्रदर्शन!</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhis-govt-became-strict-about-work-said-officials-will-have-to-work-24-hours/article-67626</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhis-govt-became-strict-about-work-said-officials-will-have-to-work-24-hours/article-67626</guid>
                <pubDate>Sat, 22 Feb 2025 19:13:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-02/kapil-mishra-bjp.jpg"                         length="38287"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Delhi Air Pollution: इस सरकार ने किये 1 जनवरी तक पटाखे बैन!</title>
                                    <description><![CDATA[Firecrackers Ban in Delhi: नई दिल्ली (एजेंसी)। सोमवार को दिल्ली की ‘आप’ सरकार ने सर्दी में वायु प्रदूषण की रोकथाम को 1 जनवरी 2025 तक राष्ट्रीय राजधानी में पटाखों के उत्पादन, बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह जानकारी दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने एक मीडिया रिपोर्ट में दी। Delhi Air Pollution […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-banned-firecrackers-till-january-1/article-61982"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-09/firecrackers-will-not-explode-in-ncr-areas-of-the-state-khattar-government-hardened.gif" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Firecrackers Ban in Delhi: नई दिल्ली (एजेंसी)। सोमवार को दिल्ली की ‘आप’ सरकार ने सर्दी में वायु प्रदूषण की रोकथाम को 1 जनवरी 2025 तक राष्ट्रीय राजधानी में पटाखों के उत्पादन, बिक्री और उपयोग पर प्रतिबंध लगा दिया है। यह जानकारी दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने एक मीडिया रिपोर्ट में दी। Delhi Air Pollution</p>
<h3>प्रतिबंध में पटाखों की ऑनलाइन बिक्री/डिलीवरी भी शामिल | Delhi Air Pollution</h3>
<p style="text-align:justify;">रिपोर्ट में राय ने एक बयान में कहा, ‘‘पटाखों के उत्पादन, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर 2025 तक प्रतिबंध लगा दिया गया है जोकि 1 जनवरी, 25 तक लागू रहेगा। प्रतिबंध में पटाखों की ऑनलाइन बिक्री/डिलीवरी भी शामिल है। प्रतिबंध को सख्ती से लागू करने के लिए दिल्ली पुलिस, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति और राजस्व विभाग के सहयोग से एक कार्य योजना तैयार की जाएगी।’’ Delhi AQI</p>
<p style="text-align:justify;">रिपोर्ट के अनुसार यह प्रतिबंध दिल्ली सरकार की शीतकालीन कार्य योजना का हिस्सा है, जोकि वायु प्रदूषण को नियंत्रित करने के लिए 21 फोकस बिंदुओं पर आधारित है। Delhi Air Pollution</p>
<p><a title="Assembly Election 2024: हिसार में आयोजित किसान महा पंचायत में हुए बड़े फैसले!" href="http://10.0.0.122:1245/big-decisions-were-taken-in-the-kisan-mahapanchayat-held-in-hisar/">Assembly Election 2024: हिसार में आयोजित किसान महा पंचायत में हुए बड़े फैसले!</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-banned-firecrackers-till-january-1/article-61982</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-banned-firecrackers-till-january-1/article-61982</guid>
                <pubDate>Mon, 09 Sep 2024 16:27:20 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-09/firecrackers-will-not-explode-in-ncr-areas-of-the-state-khattar-government-hardened.gif"                         length="133811"                         type="image/gif"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Video Viral: पानी के लिए हाहाकार! टैंकर के पीछे दौड़ रही प्यासों की लंबी कतार!</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली। एक तो भीषण गर्मी और ऊपर से जल संकट, दिल्ली वासियों को तड़पने पर मजबूर कर रहा है। दिल्ली के कई इलाकों जैसे चाणक्यपुरी के संजय कैंप और गीता कॉलोनी सहित कई इलाकों में रहने वाले लोग पानी की भारी किल्लत का सामना कर रहे हैं। भीषण गर्मी के बीच उपरोक्त क्षेत्र वासी […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-an-outcry-for-water-in-delhi/article-58263"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-06/delhi-water-sankat.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली।</strong> एक तो भीषण गर्मी और ऊपर से जल संकट, दिल्ली वासियों को तड़पने पर मजबूर कर रहा है। दिल्ली के कई इलाकों जैसे चाणक्यपुरी के संजय कैंप और गीता कॉलोनी सहित कई इलाकों में रहने वाले लोग पानी की भारी किल्लत का सामना कर रहे हैं। भीषण गर्मी के बीच उपरोक्त क्षेत्र वासी पानी के टैंकरों से बाल्टी भरने के लिए लंबी कतारों में इंतजार करते हैं। इंतजार ही नहीं बल्कि रेडिट पर तो एक वायरल हुए वीडियो में संजय कैंप के निवासी घंटों इंतजार करने के बाद पानी के टैंकर का पीछा करते हुए दिखाई दिए हैं। Delhi News</p>
<p style="text-align:justify;">वीडियो में, छोटे-छोटे लड़के पानी लेने के लिए चलते हुए पानी के टैंकर पर चढ़ते हुए दिखाई दे रहे हैं, जबकि कई अन्य बाल्टी और पाइप लेकर टैंकर के साथ दौड़ते दिखाई दे रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">एक रेडिट यूजर ने वीडियो शेयर करते हुए कहा, ‘‘दिल्ली में पानी की समस्या के बीच हताश निवासियों को बाल्टी लेकर पानी के टैंकरों का पीछा करते देखा गया, कुछ लोग तो पानी पर चढ़ भी गए।’’</p>
<blockquote class="reddit-embed-bq" style="height:500px;"><p><a href="https://www.reddit.com/r/unitedstatesofindia/comments/1d5gini/desperate_residents_have_been_seen_chasing_after/">Desperate residents have been seen chasing after water tankers with buckets, some even climbing amid water crisis in Delhi </a><br /> by<a href="https://www.reddit.com/user/sixty9e/">u/sixty9e</a> in<a href="https://www.reddit.com/r/unitedstatesofindia/">unitedstatesofindia</a></p></blockquote>
<p></p>
<h3>भारत में बहुत सारी समस्याएं हैं, जो रोजमर्रा के जीवन को प्रभावित करती हैं</h3>
<p style="text-align:justify;">नेटिजन्स ने वीडियो पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए राजनेताओं को उनके एजेंडे में व्यस्त रहने और लोगों की परवाह न करने के लिए फटकार लगाई। Delhi News</p>
<p style="text-align:justify;">इस पर एक यूजर ने टिप्पणी की, ‘‘भारत में बहुत सारी समस्याएं हैं, जो नागरिकों के रोजमर्रा के जीवन को प्रभावित करती हैं, जिन्हें हल करने की आवश्यकता है। दुर्भाग्य से, हमारे राजनेता हमेशा जनता के पैसे से वित्तपोषित चुनाव अभियानों में व्यस्त रहते हैं और हम उनका नाटक देखने में व्यस्त रहते हैं।’’</p>
<p style="text-align:justify;">एक अन्य यूजर ने कहा, ‘‘ये लोग जो पानी के लिए दौड़ रहे हैं, एक बार जब उन्हें भरपूर पानी मिल जाएगा तो वे इसे बर्बाद करना शुरू कर देंगे। भारत में पानी की बबार्दी पर कोई सख्त कानून नहीं है, इसलिए मेरे पड़ोस में बहुत से लोग साफ पानी से सड़कें धोते हैं। भारत की आबादी बढ़ रही है और हमें उसी के अनुसार काम करने की जरूरत है। अगर सही तरीके से एक मानसून का पानी इकट्ठा किया जाए तो कम से कम एक साल की पानी की आपूर्ति पूरी हो सकती है। लेकिन कौन परवाह करता है, ये सभी राजनेता हिंदू-मुस्लिम करने में व्यस्त हैं।’’</p>
<h3 style="text-align:justify;">जल पर राजनीति | Delhi News</h3>
<p style="text-align:justify;">शुक्रवार को, दिल्ली सरकार ने पड़ोसी राज्य हरियाणा से तत्काल अतिरिक्त पानी प्राप्त करने के लिए सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया। अपनी याचिका में, दिल्ली सरकार ने कहा था कि उत्तर भारत में चल रही भीषण गर्मी की वजह से राष्ट्रीय राजधानी के लोगों को पानी की भारी कमी का सामना करना पड़ रहा है, इसलिए वह याचिका दायर करने के लिए बाध्य है।</p>
<p style="text-align:justify;">हालांकि, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल पर पलटवार करते हुए कहा कि हरियाणा दिल्ली को अपना पूरा पानी उपलब्ध करा रहा है और आम आदमी पार्टी सरकार अपने ‘भ्रष्टाचार’ को छिपाने के लिए ‘‘झूठ फैला रही है।’’</p>
<p style="text-align:justify;">‘‘केजरीवाल ने पहले भी यह आरोप लगाया था। मैं उनसे कहना चाहता हूं कि वे भ्रष्टाचार पर कम और विकास पर अधिक ध्यान दें। हरियाणा अदालत के आदेश पर किए गए समझौते में तय किए गए पानी से अधिक पानी उपलब्ध करा रहा है। सैनी ने कहा, ‘‘हरियाणा सहमति से अधिक पानी उपलब्ध करा रहा है।’’ Delhi News</p>
<p><a title="Kejriwal Bail Plea: अरविंद केजरीवाल की बेल पर दिल्ली कोर्ट का आया ये फैसला!" href="http://10.0.0.122:1245/this-is-the-decision-of-delhi-court-on-arvind-kejriwals-bail/">Kejriwal Bail Plea: अरविंद केजरीवाल की बेल पर दिल्ली कोर्ट का आया ये फैसला!</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-an-outcry-for-water-in-delhi/article-58263</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/there-is-an-outcry-for-water-in-delhi/article-58263</guid>
                <pubDate>Sun, 02 Jun 2024 12:38:57 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2024-06/delhi-water-sankat.jpg"                         length="29395"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Delhi Govt: दिवाली के मौके पर सरकार ने इन कर्मचारियों को दिया बोनस</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। दिल्ली सरकार (Delhi Government) ने दीपावली के मौके पर अपने 80 हजार कर्मचारियों को सात-सात हजार रुपए बोनस देने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को इसकी घोषणा करते हुए कहा कि दिल्ली सरकार सभी ग्रुप बी नॉन गजेटेड और ग्रुप सी के कर्मचारियों को दिवाली पर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-decided-to-give-a-bonus-of-rs-seven-thousand-each-to-the-employees-on-the-occasion-of-diwali/article-54591"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-11/arvind-kejriwal1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> दिल्ली सरकार (Delhi Government) ने दीपावली के मौके पर अपने 80 हजार कर्मचारियों को सात-सात हजार रुपए बोनस देने का निर्णय लिया है। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने सोमवार को इसकी घोषणा करते हुए कहा कि दिल्ली सरकार सभी ग्रुप बी नॉन गजेटेड और ग्रुप सी के कर्मचारियों को दिवाली पर सात-सात हजार रुपए बोनस दिया जाएगा। उन्होंने कहा कि इससे त्यौहारों पर उनके घरों में खुशियां दोगुनी हो जाएंगी।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने सभी को दीपावली की शुभकामनाएं देते हुए कहा, ‘दिल्ली सरकार (Delhi Government) में काम करने वाले सभी कर्मचारी हमारे परिवार हैं और आज मैं उनके लिए एक खुशखबरी लेकर आया हूं। दिल्ली सरकार ने पिछले आठ साल में दिल्ली में शिक्षा-स्वास्थ्य, इंफ्रास्ट्रक्चर, पब्लिक सर्विसेज समेत अन्य क्षेत्रों में जितने शानदार काम किए हैं, उसमें सबसे महत्वपूर्ण भूमिका हमारे दिल्ली सरकार के कर्मचारियों ने निभाई है।</p>
<p style="text-align:justify;">इन कर्मचारियों की कड़ी मेहनत और काम की बदौलत हम दिल्ली को दिल्ली के लोगों के सपनों का शहर बनाने में सफल हुए हैं। मुख्यमंत्री ने कहा ाइस समय दिल्ली सरकार में करीब 80 हजार ग्रुप बी नॉन गजेटेड और ग्रुप सी कर्मचारी हैं। इन सभी कर्मचारियों को बोनस देने में 56 करोड़ रुपए का खर्चा आएगा। एक सारकार के रूप हमने अपने कर्मचारियों की जिंदगी बेहतर बनाने के लिए हमेशा प्रयास किया है और ये प्रयास जारी रहेगा।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण को लेकर आप नेता ने हरियाणा सरकार पर लगाये ये आरोप" href="http://10.0.0.122:1245/aap-leader-accused-haryana-government-of-increasing-pollution-in-delhi/">दिल्ली में बढ़ते प्रदूषण को लेकर आप नेता ने हरियाणा सरकार पर लगाये ये आरोप</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-decided-to-give-a-bonus-of-rs-seven-thousand-each-to-the-employees-on-the-occasion-of-diwali/article-54591</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-has-decided-to-give-a-bonus-of-rs-seven-thousand-each-to-the-employees-on-the-occasion-of-diwali/article-54591</guid>
                <pubDate>Mon, 06 Nov 2023 17:59:45 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-11/arvind-kejriwal1.jpg"                         length="11762"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Delhi Government: सर्दियों में प्रदूषण रोकने के लिए दिल्ली सरकार ने उठाया बड़ा कदम</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। Delhi government: दिल्ली सरकार ने सर्दियों के दौरान प्रदूषण के खतरे को रोकने के लिए सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में पटाखों के निर्माण, भंडारण, बिक्री और फोड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया। दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि पटाखों के निर्माण, भंडारण, बिक्री, आॅनलाइन मार्केटिंग […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/delhi-government-took-a-big-step-to-stop-pollution-in-winter/article-52243"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-09/delhi-government.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। </strong>Delhi government: दिल्ली सरकार ने सर्दियों के दौरान प्रदूषण के खतरे को रोकने के लिए सोमवार को राष्ट्रीय राजधानी में पटाखों के निर्माण, भंडारण, बिक्री और फोड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने का आदेश दिया। दिल्ली के पर्यावरण मंत्री गोपाल राय ने कहा कि पटाखों के निर्माण, भंडारण, बिक्री, आॅनलाइन मार्केटिंग प्लेटफॉर्म के जरिए डिलीवरी समेत पटाखे फोड़ने पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए गए हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">राय ने कहा, ‘सर्दियों में दिल्ली की हवा की गुणवत्ता बहुत प्रदूषित हो जाती है और यह बच्चों और बुजुर्गों के लिए बहुत घातक है। इसे ध्यान में रखते हुए सरकार ने पटाखों पर पूर्ण प्रतिबंध का निर्देश दिया है। इस संबंध में डीपीसीसी को सभी संबंधित विभागों को आवश्यक निर्देश जारी करने का निर्देश दिया गया है। जिस तरह दिल्ली में पटाखों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने के निर्देश दिए गए हैं, उसी तरह एनसीआर राज्यों में भी प्रतिबंध लगाया जाना चाहिए क्योंकि एनसीआर में पटाखे फोड़े जाने से दिल्ली की हवा पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने आगे कहा कि सर्दियों में दिल्ली के अंदर प्रदूषण का स्तर बढ़ जाता है। जनवरी से अगस्त तक शहर का औसत एक्यूआआई काफी कम रहा है। दिल्ली में कल एक्यूआई 45 दर्ज किया गया। लेकिन धीरे-धीरे अक्टूबर में सर्दी बढ़ने के साथ ही वातावरण आर्द्र हो जाता है और यहां कण जमा होने लगते हैं।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/delhi-government-took-a-big-step-to-stop-pollution-in-winter/article-52243</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/delhi-government-took-a-big-step-to-stop-pollution-in-winter/article-52243</guid>
                <pubDate>Tue, 12 Sep 2023 13:13:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-09/delhi-government.jpg"                         length="32605"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>School Holiday News: नदियां लबालब, पहाड़ों पर सड़कें बही, स्कूल-कॉलेजों में छुट्टी</title>
                                    <description><![CDATA[School Holiday News: देशभर के कई राज्यों में भारी बारिश (have rain today) से हाहाकार मचा हुआ है। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों- हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर आदि में तो हालात और भी ज्यादा खराब हो चुके हैं। यहां बहने वाली नदियां पूरी तरह से लबालब हो चुकी हैं। कई दुकानें और घर नदियों की […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/delhi-school-holiday-news/article-49781"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-07/school-holiday-news.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">School Holiday News: देशभर के कई राज्यों में भारी बारिश (have rain today) से हाहाकार मचा हुआ है। उत्तर भारत के पहाड़ी राज्यों- हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, जम्मू-कश्मीर आदि में तो हालात और भी ज्यादा खराब हो चुके हैं। यहां बहने वाली नदियां पूरी तरह से लबालब हो चुकी हैं। कई दुकानें और घर नदियों की चपेट में आने से धवस्त हो गए हैं। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में भी बारिश से 40 सालों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है।  दिल्ली सरकार ने लगातार बारिश के मद्देनजर सोमवार को स्कूल बंद (School Holiday) रखने का निर्देश दिया rainfall</p>
<p style="text-align:justify;">पिछले 24 घंटों में ही 153 मिलिमीटर की बारिश हो चुकी है, जोकि 1982 के बाद किसी भी साल में एक दिन में हुई सबसे अधिक बरसात है। दिल्ली से सटे गुरुग्राम में भी बारिश से हालात खराब हैं। कई इलाकों में घुटने से अधिक पानी भरा हुआ है। इस वजह से लोगों को आवाजाही में भी दिक्कत हो रही है। कई इलाकों में ट्रैफिक जाम की स्थिति से भी लोग जूझ रहे हैं। इसके अलावा, भारी बारिश की वजह से उत्तर रेलवे की अब तक 20 से ज्यादा ट्रेनों पर असर पड़ा है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">हिमाचल में भारी बारिश से पांच की मौत, मंडी में स्कूल बंद | School Holiday News</h3>
<p style="text-align:justify;">हिमाचल प्रदेश में भारी बारिश होने की वजह से कई जगह लैंडस्लाइड की घटनाएं सामने आई हैं। इससे मकान क्षतिग्रस्त हो गए और पांच लोगों की मौत हो गई। शिमला जिले के कोटगढ़ क्षेत्र में बारिश के कारण भूस्खलन के बाद एक घर ढहने से एक ही परिवार के तीन सदस्यों की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की पहचान अनिल, उनकी पत्नी किरण और बेटे स्वप्निल के रूप में हुई है। भूस्खलन से कुल्लू शहर के पास एक अस्थायी घर भी क्षतिग्रस्त हो गया, जिसमें एक महिला की मौत हो गई। एक अन्य घटना में, शनिवार रात चंबा की कटियां तहसील में भूस्खलन के बाद एक व्यक्ति जिंदा दफन हो गया।</p>
<p style="text-align:justify;">पिछले 36 घंटों में राज्य में 13 लैंडस्लाइड और नौ अचानक बाढ़ की सूचना मिली है। रविवार सुबह तक 736 सड़कें यातायात के लिए बंद कर दी गईं, जबकि 1,743 ट्रांसफार्मर और 138 जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित हुईं। राष्ट्रीय राजमार्ग 21 6 मील पर अवरुद्ध है। मनाली में दुकानें बहने, कुल्लू, किन्नौर और चंबा में नाले में अचानक आई बाढ़ में वाहनों के बह जाने और कृषि भूमि को नुकसान होने की भी खबरें हैं। शिमला जिलों में भी कई सड़कें बंद कर दी गई हैं। रावी, ब्यास, सतलुज, चिनाब सहित सभी प्रमुख नदियां उफान पर हैं और पर्यटकों और यात्रियों को भारी बारिश के दौरान यात्रा करने से बचने और नदी के पास न जाने के लिए कहा गया है। मंडी जिले के डिप्टी कमिशनर अरिंदम चौधरी ने बताया है कि जिले के सभी स्कूल और कॉलेजों को भारी बारिश के चलते सोमवार को बंद रखने का फैसला लिया गया है।</p>
<h4>भारी बारिश के कारण गुरुग्राम के स्कूल सोमवार को बंद रहेंगे</h4>
<p>गुरुग्राम जिला प्रशासन ने एक एडवाइजरी जारी करते हुए कहा, “गुरुग्राम जिले में आने वाले सभी सरकारी और निजी स्कूल (प्ले स्कूल आदि सहित) को बड़े जनहित में और छात्रों की सुरक्षा के लिए कल यानी 10 जुलाई को बंद रहने का निर्देश दिया जाता है।”</p>
<h3 style="text-align:justify;">दिल्ली में 40 साल बाद एक दिन में इतनी बारिश</h3>
<p style="text-align:justify;">भारत मौसम विज्ञान विभाग ने बताया कि दिल्ली में रविवार सुबह साढ़े आठ बजे समाप्त हुए 24 घंटों में 153 मिमी बारिश दर्ज की गई, जो 1982 के बाद से जुलाई में एक दिन में सबसे अधिक है। वेस्टर्न डिस्टर्बेंस और मॉनसूनी हवाओं के कारण उत्तर पश्चिम भारत में भारी बारिश हो रही है, जिसमें दिल्ली भी शामिल है। आईएमडी के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि शहर के प्राथमिक मौसम केंद्र सफदरजंग वेधशाला ने रविवार सुबह 8:30 बजे समाप्त हुए 24 घंटों में 153 मिमी बारिश दर्ज की, जो 25 जुलाई 1982 को 24 घंटे की 169.9 मिमी बारिश के बाद से सबसे अधिक है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">पंजाब में जमकर बारिश, बॉर्डर एरिया में लोगों का रेस्क्यू, डेराबस्सी की गुलमोहर सोसाइटी डूबी</h3>
<p style="text-align:justify;">पंजाब में गत दिवस से लगातार हो रही तेज बारिश से जलभराव की स्थिति है। सड़कें तालाब बन गई हैं। मोहाली में हालात काबू से बाहर होने पर एनडीआरएफ टीम बुलाई गई है। वहीं फिरोजपुर में बरसाती पानी बॉर्डर पार कर गया है। बारिश से हालात बिगड़ते देख उट भगवंत मान भी अलर्ट हैं। उन्होंने विधायकों और अधिकारियों को फील्ड में जाने के आदेश दिए हैं। पंजाब के सभी जिलों में फ्लड कंट्रोल यूनिट्स को एक्टिवेट किया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;">सभी जिलों के एसपी की निगरानी में फ्लड कंट्रोल यूनिट्स को राहत कार्य में लगाया गया है। सीएम मान के निर्देश पर सभी मंत्री, विधायक डीसी और एसपी फील्ड में हैं। वहीं, डेराबस्सी की एक सोसाइटी गुलमोहर सिटी एक्सटेंशन में बारिश के कारण भारी नुकसान हुआ है। यहां बेसमेंट और ग्राउंड फ्लोर पूरी तरह से पानी में डूब गए हैं। वहीं, सोसाइटी के लोगों की कारों को खासा नुकसान हुआ है। कारें पूरी तरह से पानी में डूब गई हैं। डेराबस्सी पंचायत अधिकारी जगतार सिंह ने बताया कि लोगों को रेस्क्यू करने का काम शुरू कर दिया गया है। एनडीआरएफ की टीमें सोसाइटी में भेजी गई हैं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">उत्तराखंड रेड अलर्ट पर, लैंडस्लाइड के चलते कई सड़कें ब्लॉक</h3>
<p style="text-align:justify;">शनिवार और रविवार की सुबह उत्तर-पश्चिमी हिमालयी क्षेत्र में मॉनसूनी बारिश का तीव्र दौर जारी रहा। इससे भूस्खलन के कारण कई सड़कें अवरुद्ध हो गईं और कई लोग फंस गए। उत्तराखंड में छिनका के पास भूस्खलन के कारण बद्रीनाथ राष्ट्रीय राजमार्ग बंद हो गया और कुमाऊं मंडल में चंपावत में एनएच-9 बंद हो गया। टिहरी जिले के गूलर में एक वाहन के पहाड़ी से लुढ़कने के बाद 11 यात्रियों में से पांच को बचा लिया गया, जबकि छह अन्य यात्रियों के लिए तलाशी अभियान जारी है।</p>
<h4 style="text-align:justify;">दिल्ली में यमुना नदी का जलस्तर मंगलवार को खतरे के निशान के पार जाने की आशंका: सीडब्ल्यूसी</h4>
<p style="text-align:justify;"> दिल्ली में यमुना नदी का जलस्तर बढ़ रहा है और इसके मंगलवार को खतरे के निशान 205.33 मीटर को पार करने की आशंका है। केंद्रीय जल आयोग (सीडब्ल्यूसी) के बाढ़ निगरानी पोर्टल के अनुसार, ओल्ड रेलवे ब्रिज पर यमुना का जलस्तर रविवार दोपहर एक बजे 203.18 मीटर था, जबकि खतरे का स्तर 204.5 मीटर है।</p>
<h5 style="text-align:justify;">हरियाणा के 55 शहरों में बारिश का रेड अलर्ट, खतरे के निशान से ऊपर बह रही यमुना</h5>
<p style="text-align:justify;">हरियाणा में मौसम को लेकर चंडीगढ़ मौसम विभाग ने 55 शहरों में बारिश को लेकर रेड अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग ने इस दौरान 40 से 60 किलोमीटर की स्पीड से हवाएं चलने की चेतावनी जारी की है। राज्य में अब तक सबसे ज्यादा बारिश रादौर (यमुनानगर) में रिकॉर्ड की गई है। यहां 8 जुलाई सुबह 8.30 बजे से आज सुबह तक 246.0 एमएम बारिश रिकॉर्ड की गई है। वहीं कालका (पंचकूला) में 244.0, पंचकूला शहर में 239.0, रायपुर रानी में 226, अंबाला में 224.1 एमएम बारिश हो चुकी है।</p>
<p style="text-align:justify;">सबसे कम बारिश फतेहाबाद के कुलान में 50.0 एमएम ही बारिश हुई है। हरियाणा में यमुना नदी खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। यमुनानगर में हथिनी कुंड बैराज का वाटर लेवल बढ़ने लगा है। यमुना नदी के कैचमेंट एरिया में 2 दिन से लगातार बारिश हो रही है, जिसके चलते रविवार सुबह यमुना नदी के हथिनी कुंड बैराज में 99146 क्यूसेक वाटर लेवल दर्ज किया गया। एक लाख क्यूसेक पानी आने पर मिनी फ्लड घोषित कर दिया जाएगा।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं राज्य के नूह, पलवल, बल्लभगढ़, सोहना, गुरुग्राम, अटेली, महेंद्रगढ़, कनीना, चरखी दादरी, भिवानी, बावल, रेवाडी, पटौदी, कोसली, मातनहेल, झज्जर, बहादरुगढ़, बेरखास, सांपला, रोहतक, बवानी खेरा, हांसी, नारनौंद , फरीदाबाद, खरखौदा, सोनीपत, गन्नौर, समालखा, बापौली, करनाल, इंद्री, राडौर, मेहम, गोहाना, जुलाना, इसराना, सफीदों, जींद, पानीपत, असंध, कैथल, भनलोखेर, नरवाना, कलायत, थानेसर, गुहला, पेहोवा, शाहाबाद, अंबाला, कालका, बराड़ा, जगाधरी, छछरौली, नारायणगढ़, पंचकूला इलाकों में बारिश का अलर्ट है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/do-you-know-these-3-people-can-travel-anywhere-in-the-world-without-passport/">Passport Rules: क्या आपको पता है, ये 3 लोग दुनिया में बिना पासपोर्ट के कहीं भी आ-जा सकते हैं?</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/delhi-school-holiday-news/article-49781</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/delhi-school-holiday-news/article-49781</guid>
                <pubDate>Sun, 09 Jul 2023 19:37:37 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-07/school-holiday-news.jpg"                         length="18407"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>राजनीतिक स्वार्थों से ऊपर उठकर हो राज्य व केंद्र सरकार में सामंजस्य</title>
                                    <description><![CDATA[दिल्ली की जनता प्रदेश और केंद्र सरकार के बीच पिसती दिखाई दे रही है। केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ (Delhi Govt.) आम आदमी पार्टी ने 11 जून को रामलीला मैदान में महारैली करने की घोषणा की है। वास्तव में जब से दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी है, तब से ही केंद्र सरकार […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/there-should-be-coordination-between-the-state-and-the-central-government/article-47957"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-05/bjp-aap.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">दिल्ली की जनता प्रदेश और केंद्र सरकार के बीच पिसती दिखाई दे रही है। केंद्र के अध्यादेश के खिलाफ (Delhi Govt.) आम आदमी पार्टी ने 11 जून को रामलीला मैदान में महारैली करने की घोषणा की है। वास्तव में जब से दिल्ली में आम आदमी पार्टी की सरकार बनी है, तब से ही केंद्र सरकार के साथ रिश्तों में कड़वाहट रही है और यह कड़वाहट मुख्यमंत्री द्वारा लै. गर्वनर व केंद्र सरकार के खिलाफ धरना-प्रदर्शन तक पहुंच गई। आपसी द्वंद्व का यह खेल आज तक जारी है। दिल्ली सरकार के अधिकारों को लेकर सुप्रीम कोर्ट का जो 11 मई को निर्णय आया, उससे दिल्ली की आम आदमी पार्टी की बाछें खिल गई। इस निर्णय से दिल्ली की सरकार को अपने नौकरशाहों पर कार्यपालका और विधायी शक्तियां मिली।</p>
<p style="text-align:justify;">सुप्रीम कोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि खुद की विधानसभा वाले (Delhi Govt.) केंद्र शासित प्रदेशों की हैसियत राज्यों के बराबर है और उनकी कार्यपालक शक्तियों का विस्तार उन सभी विषयों तक होगा, जिन पर उन्हें कानून बनाने का अधिकार है। लेकिन दिल्ली चूंकि राष्टÑीय राजधानी है इसलिए विधि व्यवस्था और भूमि संबंधी अधिकार केंद्र के पास रहेंगे। इस निर्णय से उत्साहित दिल्ली की सरकार ने तुरंत नौकरशाहों के तबादले के आदेश कर दिए। सुप्रीम कोर्ट के निर्णय के अनुसार एलजी को सरकार की सलाह के अनुसार इसे स्वीकृति देनी थी लेकिन एलजी ने इन्हें कुछ दिनों के लिए लटका दिया और इस दौरान केंद्र सरकार ने सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय को एक अध्यादेश लाकर इस पर रोक लगा दी।</p>
<p style="text-align:justify;">हालांकि अध्यादेश के पक्ष में भाजपा के अपने तर्क है। उनका मानना है कि चूंकि (Delhi Govt.) दिल्ली राष्टÑीय राजधानी है और बड़ी संख्या में राजनयिक मिशनों और अंतर्राष्टÑीय संगठनों की मेजबानी करता है। राजधानी शहर पर केंद्र सरकार का नियंत्रण विदेशी सरकारों के साथ प्रभावशाली समन्वय स्थापित करता है। अमेरिका, फ्रांस, बर्लिन आदि कई देशों में भी इस प्रकार की व्यवस्था है। लेकिन दिल्ली की सरकार का केंद्र की सरकार के साथ अब इस मामले में पेंच फंसा हुआ है। आम आदमी पार्टी का कहना है कि सर्वोच्चय न्यायालय के फैसले के खिलाफ भाजपा की केंद्र सरकार द्वारा लाया गया अध्यादेश दिल्ली के लोगों के अधिकारों का हनन है जो दिल्ली की प्रगति में बाधक है।</p>
<p style="text-align:justify;">शक्तियों के हस्तांतरण की यह लड़ाई अब राजनीति का अखाड़ा बनती जा रही है। राजनीतिक स्वार्थों की इस लड़ाई में विकास प्रभावित होता है और आखिरकार नुकसान जनता का होता है। राजनीतिक पार्टियों को प्रदेश व देश हित में कुछ हद तक अपने राजनीतिक स्वार्थों को तिलांजलि देकर प्रदेश सरकार व केंद्र सरकार के बीच सामंजस्य स्थापित करना चाहिए, इसी में ही देश, प्रदेश व जनता की भलाई है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सम्पादकीय</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/there-should-be-coordination-between-the-state-and-the-central-government/article-47957</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/there-should-be-coordination-between-the-state-and-the-central-government/article-47957</guid>
                <pubDate>Tue, 23 May 2023 09:53:43 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-05/bjp-aap.jpg"                         length="16051"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Delhi : केंद्र-राज्य में तालमेल</title>
                                    <description><![CDATA[देश में केंद्र व राज्य सरकारों में अधिकारों को लेकर विवाद कोई नया नहीं है। ताजा मामला केंद्र शासित राज्य (Delhi) का हे, जहां दिल्ली सरकार व केंद्र सरकार में अधिकारों को लेकर खींचतान जारी है। मुख्य न्यायधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच जजों की बेंच ने उप-राज्यपाल की शक्तियों को सीमित करते हुए […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/centre-state-co-ordination/article-47943"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-05/pm-modi-vs-kejriwal.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">देश में केंद्र व राज्य सरकारों में अधिकारों को लेकर विवाद कोई नया नहीं है। ताजा मामला केंद्र शासित राज्य (Delhi) का हे, जहां दिल्ली सरकार व केंद्र सरकार में अधिकारों को लेकर खींचतान जारी है। मुख्य न्यायधीश डीवाई चंद्रचूड़ की अध्यक्षता वाली पांच जजों की बेंच ने उप-राज्यपाल की शक्तियों को सीमित करते हुए चुनी हुई सरकार को अधिकार सौंपे दिए थे। साथ ही, दिल्ली हाईकोर्ट के पांच साल पुराने फैसले को पलटते हुए दिल्ली सरकार के पक्ष में फैसला सुनाया और उसे नौकरशाही पर नियंत्रण का अधिकार भी दिया था। अब केंद्र सरकार ने अध्यादेश जारी कर सुप्रीम कोर्ट के आदेशों को पलट दिया है। यह मामला राजनैतिक स्तर पर तूल पकड़ चुका है।</p>
<p style="text-align:justify;">विपक्षी दलों को एकजुटता का एक और मौका मिल गया है। (Delhi) वास्तव में देश में संघीय ढांचे की व्यवस्था है। केंद्र के साथ-साथ राज्यों को भी कानून बनाने के अधिकार दिए गए हैं, लेकिन यह भी तय है कि पूर्ण राज्य व केंद्र अधीन राज्यों के अधिकारों में कुछ अंतर भी है। यह मामला केवल उन्हीं केंद्र प्रशस्त राज्यों का है, जहां विधानसभा का भी प्रावधान है। दूसरी तरफ जब सरकारें अलग-अलग दलों की हों, तब भी केंद्र व पूर्ण राज्यों में भी टकराव होता रहा है। देश में चुनावी राजनीति हावी होने के चलते राजनीतिक निर्णय टकराव का कारण बनते हैं, विशेष तौर पर जब आम चुनाव या विधानसभा चुनाव नजदीक हों। यूं भी यह कहना गलत नहीं होगा कि केंद्र व राज्यों में तल्खियां कम हुई हैं। पहले अक्सर धारा 356 का प्रयोग चर्चा में रहता था।</p>
<p style="text-align:justify;">केंद्र सरकार द्वारा सैकड़ों बार धारा 356 का प्रयोग करते हुए राज्यों में (Delhi) विपक्षी दलों की सरकारें गिराई गर्इं। आपाताकल के दौरान 9 राज्यों की सरकारें भंग कर दी गई थी, फिर भी नई सरकार ने बदला लिया और विपक्षी पार्टियों से सत्ता छीनी। तल्खी भरे माहौल के कारण राजनीति में गिरावट आ रही है। सभी पक्षों को संवैधानिक प्रावधानों के तहत एक संतुलन और सार्थक विरोध को स्वीकार करने की भावना से कार्य करने की आवश्यकता है। साथ ही पार्टियों के वरिष्ठ नेताओं की भाषा का स्तर को भी मर्यादित होना चाहिए। राज्यपालों व मुख्यमंत्रियों के बीच भी भाषा में संयम बरतने की कमी आ रही है। राज्यपाल या उप-राज्यपाल को चाहिए कि वे लोगों की चुनी हुई सरकार का मार्गदर्शन करें, टकराव पैदा होने पर समाधान भी करें। इस मामले को भी केंद्र व दिल्ली सरकार तालमेल स्थापित कर गंभीरता से निपटाएं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="आरबीआई का बड़ा ऐलान, 4 महीने बाद भी चलते रहेंगे 2000 के नोट" href="http://10.0.0.122:1245/rbis-big-announcement-notes-will-work-even-after-four-months/">आरबीआई का बड़ा ऐलान, 4 महीने बाद भी चलते रहेंगे 2000 के नोट</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सम्पादकीय</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/centre-state-co-ordination/article-47943</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/perspectives/editorial/centre-state-co-ordination/article-47943</guid>
                <pubDate>Mon, 22 May 2023 17:07:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-05/pm-modi-vs-kejriwal.jpg"                         length="94047"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>राजधानी में अधिकारों की लड़ाई</title>
                                    <description><![CDATA[Delhi Government और उपराज्यपाल के बीच तनातनी काफी पुरानी है, जहां अधिकारों को लेकर लगातार जंग छिड़ी रहती है। केंद्र सरकार की तरफ से नियुक्त उपराज्यपाल और चुनी हुई दिल्ली सरकार के बीच इस लड़ाई को लेकर पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट का एक और फैसला आया है। सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि चुनी हुई […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/perspectives/opinion-and-analysis/fight-for-rights-in-the-capital/article-47803"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-05/delhi-government.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Delhi Government और उपराज्यपाल के बीच तनातनी काफी पुरानी है, जहां अधिकारों को लेकर लगातार जंग छिड़ी रहती है। केंद्र सरकार की तरफ से नियुक्त उपराज्यपाल और चुनी हुई दिल्ली सरकार के बीच इस लड़ाई को लेकर पिछले दिनों सुप्रीम कोर्ट का एक और फैसला आया है। सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि चुनी हुई सरकार को ही फैसले लेने का अधिकार होना चाहिए। इस फैसले के बाद दिल्ली की केजरीवाल सरकार ने इसे अपनी जीत बताया और अब अधिकारियों के तबादले शुरू हो चुके हैं।</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:–</strong><a title="तेज आंधी के चलते तीन नहरें टूटीं, सैकड़ों एकड़ भूमि हुई जलमग्न" href="http://10.0.0.122:1245/three-canals-broke-due-to-strong-storm/">तेज आंधी के चलते तीन नहरें टूटीं, सैकड़ों एकड़ भूमि हुई जलमग्न</a></p>
<p style="text-align:justify;">संविधान पीठ ने सर्वसम्मत फैसला दिया है कि दिल्ली में lieutenant governor (एलजी) ही सर्वेसर्वा नहीं है। वह दिल्ली सरकार के फैसलों को मानने और कैबिनेट की सलाह के अनुसार काम करने को बाध्य हैं। एलजी की शक्तियां उन्हें दिल्ली विधानसभा और निर्वाचित सरकार की शक्तियों में हस्तक्षेप करने का अधिकार नहीं देतीं। चूंकि निर्वाचित सरकार अपने क्षेत्र के लोगों के प्रति जवाबदेह होती है और उसे जनता की मांगों का भी ध्यान रखना होता है, लिहाजा उसके नियंत्रण में प्रशासनिक ढांचा होना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;">दरअसल दिल्ली एक केंद्र शासित प्रदेश है, लेकिन बाकी केंद्र शासित प्रदेशों से यहां कुछ नियम अलग हैं। बाकी तमाम राज्यों के राज्यपालों की तुलना में दिल्ली के एलजी यानी उपराज्यपाल के पास ज्यादा शक्तियां होती हैं। बेशक दिल्ली अर्द्धराज्य और संघ शासित क्षेत्र है, लेकिन 1991 के कानून के बाद यहां विधानसभा है और जनता के द्वारा चुनी हुई सरकार भी है। बेशक पूर्ण राज्य नहीं है, फिर भी दिल्ली को कानून बनाने का अधिकार है। यह व्याख्या प्रधान न्यायाधीश जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ की है।</p>
<h3>आखिर फैसला सर्वोच्च न्यायालय को देना पड़ा | Delhi Government</h3>
<p style="text-align:justify;">विधान सभा बनने से पूर्व दिल्ली में महानगर परिषद (मेट्रो पॉलिटन काउंसिल) होती थी जिसकी संरचना मौजूदा विधान सभा जैसी ही थी। निर्वाचित सदन, उसका सभापति और मुख्य कार्यकारी काउंसलर होता था जिसकी हैसियत कमोबेश मुख्यमंत्री जैसी ही थी, लेकिन उसका केंद्र से टकराव नहीं होता था। लेकिन अधिक अधिकार की चाहत में विधानसभा की मांग के साथ राज्य का दर्जा देने का जोर बढ़ा और राजनीतिक दबाव के कारण राष्ट्रीय राजधानी को केंद्र शासित राज्य मानकर वहां निर्वाचित विधानसभा और उप-राज्यपाल (लेफ्टीनेंट गवर्नर) का पद सृजित किया गया। शुरू-शुरू में तो ठीक चला किंतु ‘आप’ के सत्तासीन होने के बाद केंद्र सरकार के साथ दिल्ली सरकार की टकराहट बढ़ती गई जिसकी वजह से ही सर्वोच्च न्यायालय को फैसला देना पड़ा।</p>
<p style="text-align:justify;">सुप्रीम कोर्ट ने फैसला दिया है कि अधिकारियों की नियुक्ति और तबादलों का (Delhi Government) अधिकार केजरीवाल सरकार को होगा। बेशक अफसरों का काडर बुनियादी तौर पर भारत सरकार के अधीन होता है, लेकिन राज्य सरकारें उनकी तैनाती और तबादले का फैसला ले सकती हैं। केंद्र एलजी के जरिए राज्य के अधिकारों को टेकओवर न करे। केंद्र सभी विधायी शक्तियां रख लेगा, तो संघीय ढांचा ही खत्म हो जाएगा। यह टिप्पणी भी प्रधान न्यायाधीश ने की, जो संविधान पीठ का नेतृत्व कर रहे थे। बीते 9 साल से अधिक समय से दिल्ली की केजरीवाल सरकार और एलजी के बीच तनातनी का माहौल बना हुआ है। प्रशासनिक संबंधों में भी खुन्नस थी। आम आदमी पार्टी के विधायकों और नेताओं ने एलजी के प्रति अपशब्दों का भी प्रयोग किया।</p>
<h3>पुलिस, भूमि, जन-व्यवस्था के मुद्दे भारत सरकार के अधीन होंगे</h3>
<p style="text-align:justify;">अभी तक असमंजस की स्थिति थी कि दिल्ली कौन चलाएगा? (Delhi Government) दिल्ली का कार्यकारी प्रमुख कौन हैं? दिल्ली अर्द्धराज्य से जुड़े फैसले कौन करेगा? नौकरशाही पर नियंत्रण किसका होगा? केंद्र सरकार कहां तक दखल दे सकती है? अब संविधान पीठ ने स्पष्ट व्याख्या कर दी है कि पुलिस, भूमि, जन-व्यवस्था के मुद्दे एलजी के जरिए भारत सरकार के अधीन होंगे। शेष फैसले निर्वाचित केजरीवाल सरकार लेगी।</p>
<p style="text-align:justify;">केजरीवाल सरकार पुलिस पर भी अपना नियंत्रण चाहती है। लेकिन फैसले में सर्वोच्च न्यायालय ने जमीन, कानून व्यवस्था और पुलिस पर केंद्र के नियंत्रण को मान्य करते हुए चुनी हुई सरकार को प्रशासनिक अधिकारियों के स्थानांतरण और पद स्थापना का काम सौंपने संबंधी जो निर्णय दिया उससे समस्या का आंशिक समाधान ही होगा और भविष्य में केजरीवाल सरकार इस बात के लिए लड़ेगी कि उसे वे सभी अधिकार मिलने चाहिए जो एक निर्वाचित राज्य सरकार को संविधान में दिए गए हैं। ये देखते हुए केंद्र शासित राज्य की व्यवस्था को लेकर भी सवाल खड़े होते हैं। चंडीगढ़, दादरा व नगर हवेली, लक्षद्वीप, दमन और दीव, लद्दाख आदि केंद्र शासित क्षेत्रों में प्रशासक काम देखते हैं।</p>
<h3>केजरीवाल के पास दिल्ली की जनता का जबरदस्त जनादेश है</h3>
<p style="text-align:justify;">वहीं दिल्ली, पुडुचेरी, अंडमान निकोबार और जम्मू-कश्मीर में उपराज्यपाल हैं। (Delhi Government) लेकिन फिलहाल चुनी हुई विधानसभा केवल दिल्ली और पुडुचेरी में ही है। उसमें भी विवाद की स्थिति दिल्ली में सबसे ज्यादा है क्योंकि यहां केंद्र सरकार का मुख्यालय होने से शक्तियों और अधिकारों का विकेंद्रीकरण या बंटवारा बेहद कठिन है। निश्चित रूप से केजरीवाल सरकार के पास दिल्ली की जनता का जबरदस्त जनादेश है किंतु दूसरी तरफ ये भी सही है कि राष्ट्रीय राजधानी में दो सरकारों का एक साथ होना समस्या पैदा करता रहेगा। केंद्र शासित होने के बाद भी जिस तरह अन्य क्षेत्र बिना विधानसभा के अपना शासन चलाते हैं वैसा ही दिल्ली के लिए भी श्रेयस्कर होता।</p>
<p style="text-align:justify;">इस फैसले से मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल और आम आदमी पार्टी को अब विकास करवाने में कोई बाधा आड़े नहीं आएगी। इस मामले को राजनीतिक दृष्टि की बजाय सामान्य नजरिये से देखें तो ये महसूस होता है कि राष्ट्रीय राजधानी में दो चुनी हुई सरकारों का होना हमेशा टकराव पैदा करता रहेगा। केंद्र और राज्य दोनों के अधिकार और कर्तव्य संविधान में उल्लिखित हैं। लेकिन केंद्र शासित क्षेत्र में चुनी हुई विधानसभा बनने के बाद उसे पूर्ण राज्य का दर्जा दिया जाना ही उचित होता है जैसा कि गोवा के मामले में हो चुका है।</p>
<h3>केजरीवाल सरकार का मनोबल बढ़ेगा | Delhi Government</h3>
<p style="text-align:justify;">दरअसल, मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल आरोप लगाते रहे हैं कि केंद्र सरकार द्वारा तैनात अधिकारी उन्हें काम नहीं करने दे रहे हैं क्योंकि उनकी नियुक्ति व तबादले का अधिकार उनकी सरकार के पास नहीं है। निस्संदेह, सुप्रीम कोर्ट का फैसला सिर्फ प्रशासनिक व्यवस्था के लिये ही नहीं बल्कि इसके राजनीतिक मायने भी हैं। निस्संदेह, इससे केजरीवाल सरकार का मनोबल बढ़ेगा। आप दलील देती रही है कि जो जनता हमें सरकार बनाने का जिम्मा सौंपती है, नौकरशाहों के जरिए उनके लिए काम करने का अधिकार भी हमें होना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;">ऐसी विकट स्थिति में हम जनता के दरबार में फिर किस मुंह से जाएंगे? यदि उनके कार्य न करा पाएंगे। अब सचिवों के सरकार के अधीन होने से हम यह जिम्मेदारी पूरी कर सकेंगे। कोर्ट का मानना था कि किसी भी चुनी हुई सरकार को लोकतांत्रिक प्रक्रिया को आगे बढ़ाने का अधिकार होना चाहिए। दूसरे शब्दों में किसी भी सरकार में वास्तविक ताकत जनप्रतिनिधियों के हाथ में ही होनी चाहिए। जो संघीय ढांचे व लोकतांत्रिक मूल्यों के लिये भी जरूरी है।</p>
<p style="text-align:right;"><strong>राजेश माहेश्वरी, वरिष्ठ लेखक एवं स्वतंत्र टिप्पणीकार (ये लेखक के निजी विचार हैं।)</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>लेख</category>
                                            <category>विचार</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/perspectives/opinion-and-analysis/fight-for-rights-in-the-capital/article-47803</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/perspectives/opinion-and-analysis/fight-for-rights-in-the-capital/article-47803</guid>
                <pubDate>Fri, 19 May 2023 09:56:14 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-05/delhi-government.jpg"                         length="75126"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली सरकार ने आम जनता को दिया बड़ा तोहफा, अब एक क्लिक में उपलब्ध होंगी सरकारी सेवाएं, जानकारियां</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal ने मंगलवार को कहा कि दिल्ली सरकार की सेवाएं और जानकारियां अब एक क्लिक में उपलब्ध होंगी। केजरीवाल ने मंगलवार को दिल्ली सरकार के बेवपोर्टल के साथ विभिन्न विभागों की 180 वेबसाइट को लांच किया। इस दौरान उन्होंने आईटी विभाग को बधाई देते हुए कहा कि दिल्ली […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/arvind-kejriwal-delhi-government-gave-a-big-gift-to-the-general-public-now-government-services-information-will-be-available-in-one-click/article-46713"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-04/arvind-kejriwal3.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> मुख्यमंत्री Arvind Kejriwal ने मंगलवार को कहा कि दिल्ली सरकार की सेवाएं और जानकारियां अब एक क्लिक में उपलब्ध होंगी। केजरीवाल ने मंगलवार को दिल्ली सरकार के बेवपोर्टल के साथ विभिन्न विभागों की 180 वेबसाइट को लांच किया। इस दौरान उन्होंने आईटी विभाग को बधाई देते हुए कहा कि दिल्ली सरकार के 50 विभागों की 180 वेबसाइट लांच की गई है। सभी वेबसाइट दिल्ली सरकार के वेब पोर्टल से इंटीग्रेटेड हैं। इससे पहले 2008 में दिल्ली सरकार की वेबसाइट बनाई गई थी, जो पुरानी तकनीक पर आधारित थी और सर्वर भी पुराने तकनीक पर थे। वह वेबसाइट मोबाइल और टैब फ्रैंडली नहीं थी। इन सब बातों को ध्यान में रखते हुए अब हम क्लाउड पर चले गए हैं और सर्वर की जरूरत को खत्म कर दी गई है।</p>
<p style="text-align:justify;">उन्होंने कहा कि कोविड के दौरान दिल्ली सरकार ने कुछ स्कीम की घोषणा की थी। उस दौरान एकदम से वेबसाइट पर ट्रैफिक बढ़ गया था और सर्वर तक क्रैश कर गए थे, लेकिन अब ऐसा नहीं होगा। अब हमारे पास नवीनतम तकनीक है और पर्याप्त स्पेस है। हम आने वाले समय में इस बात पर भी नजर रखेंगे कि लोगों की क्या-क्या जरूरतें हैं। कौन सी चीजों को जनता ज्यादा देख रही है और जनता को कौन सी चीज ज्यादा चाहिए। उन्होंने कहा कि टेक्नोलॉजी का भविष्य आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस है। हम लोगों की सेवाएं बढ़ाने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस का सरकार के कामकाज में अधिक से अधिक कैसे इस्तेमाल कर सकते हैं, इस पर ज्यादा ध्यान देंगे।</p>
<h4 style="text-align:justify;">सरकार के विभिन्न विभागों की वेबसाइट का पुनर्गठन Arvind Kejriwal</h4>
<p style="text-align:justify;">दिल्ली के आईटी मंत्री कैलाश गहलोत ने कहा कि 2007-8 के बाद अब जाकर सरकार के विभिन्न विभागों की वेबसाइट का पुनर्गठन हो सका है। अभी तक हम जब भी कोई प्रोग्राम लांच करते थे तो ट्रैफिक बढ़ते ही वेबसाइट क्रैश हो जाती थी। उन्होंने कहा कि सरकार ने कोविड के दौरान पैरा ट्रांजिट ड्राइवरों को पांच हजार रुपए की आर्थिक मदद देने की घोषणा की थी। उस समय जैसे ही वेबसाइट पर ट्रैफिक बढ़ता था, तब वेबसाइट क्रैश हो जाती थी। नई वेबसाइट में इन बातों का ध्यान रखा गया है। अब अगर वेबसाइट पर प्रति सेकेंड लाखों की संख्या में ट्रैफिक होती है तब भी यह क्रैश नहीं होगी। पब्लिक यूजर फ्रैंडली बनाने के लिए वेबसाइट में सभी आवश्यक चीजों का ध्यान रखा गया है। अब लोग मोबाइल पर भी वेबसाइट को बड़ी आसानी से एक्सेस कर सकते हैं।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/arvind-kejriwal-delhi-government-gave-a-big-gift-to-the-general-public-now-government-services-information-will-be-available-in-one-click/article-46713</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/arvind-kejriwal-delhi-government-gave-a-big-gift-to-the-general-public-now-government-services-information-will-be-available-in-one-click/article-46713</guid>
                <pubDate>Tue, 25 Apr 2023 16:58:22 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-04/arvind-kejriwal3.jpg"                         length="55368"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>दिल्ली सरकार ने एक जनवरी 2023 तक पटाखों की बिक्री पर लगाई रोक</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में लोगों को प्रदूषण से बचाने के उद्देश्य से पटाखों के उत्पादन, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर एक जनवरी 2023 तक पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। इस बार पटाखों की आॅनलाइन बिक्री और डिलीवरी पर भी रोक रहेगी। दिल्ली के पर्यावरण एवं वन मंत्री गोपाल […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-bans-sale-of-firecrackers-till-january-1-2023/article-37509"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2022-09/firecrackers-will-not-explode-in-ncr-areas-of-the-state-khattar-government-hardened.gif" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)।</strong> दिल्ली सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी में लोगों को प्रदूषण से बचाने के उद्देश्य से पटाखों के उत्पादन, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर एक जनवरी 2023 तक पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया है। इस बार पटाखों की आॅनलाइन बिक्री और डिलीवरी पर भी रोक रहेगी। दिल्ली के पर्यावरण एवं वन मंत्री गोपाल राय ने बुधवार को ट्वीट करके यह जानकारी दी। राय ने कहा, ‘दिल्ली में लोगों को प्रदूषण के खतरे से बचाने के लिए पिछले साल की तरह ही इस बार भी सभी तरह के पटाखों के उत्पादन, भंडारण, बिक्री और उपयोग पर पूरी तरह प्रतिबंध लगाया जा रहा है, तांकि लोगों की जिंदगी बचाई जा सके। इस बार दिल्ली में पटाखों की आॅनलाइन बिक्री एवं डिलीवरी पर भी प्रतिबंध रहेगा।</p>
<p><strong><span style="color:#ff0000;">यह भी पढ़ें – </span></strong><a href="http://10.0.0.122:1245/cm-kejriwal-wrote-a-letter-to-pm-modi-to-make-government-schools-luxurious/">केजरीवाल ने सरकारी स्कूलों को शानदार बनाने के लिए मोदी को लिखा पत्र</a></p>
<p style="text-align:justify;">यह प्रतिबंध एक जनवरी 2023 तक लागू रहेगा। उन्होंने कहा कि प्रतिबंध को कड़ाई से लागू करने को लेकर दिल्ली पुलिस, दिल्ली प्रदूषण नियंत्रण समिति(पीडीसीसी) और राजस्व विभाग के साथ मिलकर एक कार्य योजना बनाई जाएगी। राय ने कहा कि सर्दियों के दौरान प्रदूषण के खतरे को रोकने के लिए दिल्ली सरकार के कई विभागों ने एक कार्य योजना पर बैठक की और 15 बिंदुओं पर चर्चा की।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://twitter.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-bans-sale-of-firecrackers-till-january-1-2023/article-37509</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/delhi-government-bans-sale-of-firecrackers-till-january-1-2023/article-37509</guid>
                <pubDate>Wed, 07 Sep 2022 15:52:06 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2022-09/firecrackers-will-not-explode-in-ncr-areas-of-the-state-khattar-government-hardened.gif"                         length="133858"                         type="image/gif"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>122 शिक्षकों को राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित करेगी केजरीवाल सरकार</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली। कोरोना काल में अद्वितीय काम करने वाले दिल्ली सरकार के स्कूलों के 122 शिक्षकों को केजरीवाल सरकार राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित करेगी। दिल्ली स्टेट टीचर अवार्ड 2021 इस बार कई मायनों में काफी खास है। इस बार ह्यफेस ऑफ डीओईह्ण के साथ-साथ एससीईआरटी/डाइट के टीचर-एजुकेटरों को भी सम्मानित किया जाएगा। दिल्ली के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/kejriwal-government-to-honor-122-teachers-with-state-teacher-award/article-26528"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2021-09/manish-sisodia.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली।</strong> कोरोना काल में अद्वितीय काम करने वाले दिल्ली सरकार के स्कूलों के 122 शिक्षकों को केजरीवाल सरकार राज्य शिक्षक पुरस्कार से सम्मानित करेगी। दिल्ली स्टेट टीचर अवार्ड 2021 इस बार कई मायनों में काफी खास है। इस बार ह्यफेस ऑफ डीओईह्ण के साथ-साथ एससीईआरटी/डाइट के टीचर-एजुकेटरों को भी सम्मानित किया जाएगा। दिल्ली के उप मुख्यमंत्री और शिक्षा मंत्री मनीष सिसोदिया ने आज कहा कि कोरोना काल में हमारे टीचर्स ने न केवल अपने छात्रों की शिक्षा सुनिश्चित की बल्कि कोविड ड्यूटी में सबसे आगे रहकर और आगे बढ़कर नेतृत्व किया।</p>
<p style="text-align:justify;">हमारे शिक्षकों ने कोरोना के दौरान दिल्ली से अन्य राज्यों में चले गए बच्चों को कड़ी मेहनत से न सिर्फ ढूंढा बल्कि अपने खर्चों पर दिल्ली बुलाया। ऐसे बच्चे जो ऑनलाइन क्लास नहीं कर सकते थे उन्हें डिवाइस दिए, डेटा रिचार्ज करवाया लेकिन उनकी पढ़ाई नहीं रुकने दी। ये साल बहुत चुनौतीपूर्ण रहा है फिर भी शिक्षकों ने न केवल अपने स्टूडेंट्स की शिक्षा सुनिश्चित की बल्कि कोविड ड्यूटी में सबसे आगे रहकर नेतृत्व किया। उन्होंने शिक्षक दिवस की पूर्व संध्या पर शिक्षकों का आभार प्रकट करते हुए कहा कि हमें अपने शिक्षकों पर गर्व है। दिल्ली की स्कूली शिक्षा में क्रन्तिकारी बदलाव उनकी बदौलत ही आए है। इसे अब विश्व स्तर पर भी मान्यता मिल चुकी है।</p>
<h4 style="text-align:justify;">शिक्षकों ने अपने खर्चों पर बच्चों को दिल्ली बुलाया</h4>
<p style="text-align:justify;">उपमुख्यमंत्री ने कहा कि दिल्ली के शिक्षकों ने कोरोना के कठिन समय में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है। उन्होंने न केवल प्रशासन के साथ कंधे से कन्धा मिलाकर चलने का काम किया है बल्कि वैक्सीनेशन, क्वॉरेंटीन सेंटर, खाना बांटने, मास्क इन्फोर्समेंट, एयरपोर्ट् ड्यूटी सभी में उल्लेखनीय काम किया। इन ड्यूटी के साथ-साथ अपना मूल कर्तव्य निभाते हुए ऑनलाइन टीचिंग का काम भी जारी रखा और बच्चों की पढ़ाई को रुकने नहीं दिया। कोरोना के दौरान बड़े स्तर पर लोगों का माइग्रेशन हुआ, बहुत से बच्चे दूसरे राज्यों में चले गए। इसके बावजूद हमारे शिक्षकों ने न केवल इन बच्चों को ढूंढने का काम किया बल्कि अपने खर्चों पर बच्चों को दिल्ली बुलाया। ऐसे बच्चे जो ऑनलाइन क्लास नहीं कर सकते थे उन्हें डिवाइस दिए और डेटा रिचार्ज करवाया लेकिन उनकी पढ़ाई नहीं रुकने दी। इससे पता चलता है कि गुरु श्रेष्ठ है।</p>
<p><b>अन्य </b><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a></strong><b> हासिल करने के लिए हमें </b><strong><a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a></strong><b> और </b><strong><a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a></strong><b>, <a href="https://www.instagram.com/sachkahoon/">Instagram</a>, <a href="https://www.linkedin.com/company/sachkahoon">LinkedIn</a> , <a href="https://www.youtube.com/channel/UCOcEoUWkETVpZIzmQPVlpfg">YouTube</a>  पर फॉलो करें।</b></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/kejriwal-government-to-honor-122-teachers-with-state-teacher-award/article-26528</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/kejriwal-government-to-honor-122-teachers-with-state-teacher-award/article-26528</guid>
                <pubDate>Sat, 04 Sep 2021 20:26:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2021-09/manish-sisodia.jpg"                         length="17387"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        