<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/year/tag-6310" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>year - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/6310/rss</link>
                <description>year RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>फिरोजपुर जिले ने एक साल में जीते 3 नेशनल  स्काच अवार्ड</title>
                                    <description><![CDATA[फिरोजपुर में स्किल डिवैल्पमैंट को बढ़ावा देने के लिए अगले 2 महीनों में 10 नये सैंटर भी खोले जा रहे हैं।  इसी तरह स्मार्ट स्कूल प्रॉजैक्ट में बढ़िया प्रदर्शन के लिए स्काच आर्डर आफ मैरिट अवार्ड के साथ नवाजा गया है। 
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/won-3-national-scotch-awards-in-a-year-in-ferozepur-district/article-12510"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-01/national-scotch-awards.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;">पोषण अभियान, स्क्लि डिवैल्पमैंट और स्मार्ट स्कूल प्रॉजैक्ट में अच्छे प्रदर्शन के लिए राष्ट्रीय स्तर पर प्राप्त हुई उपलब्धि (National Scotch Awards)</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>सच कहूँ/सतपाल थिन्द फिरोजपुर।</strong> जिले फिरोजपुर ने एक साल में तीन नेशनल अवार्ड (National Scotch Awards) हासिल कर नयी उपलब्धि स्थापित की है। इंडियन हैबीटेट सैंटर नयी दिल्ली में हुए राष्ट्र स्तरीय समारोहों में स्काच अवार्ड प्रतियोगिता में फिरोजपुर जिले को पोषण अभियान, स्किल डिवैल्पमैंट और स्मार्ट स्कूल प्रॉजैक्ट में अच्छा प्रदर्शन करने पर अवार्ड देकर सम्मानित किया गया है। डिप्टी कमिशनर चंद्र गेंद ने 3 क्षेत्रों में अवार्ड मिलने का श्रेय जिला प्रशासन की समूह टीम को देते बताया कि फिरोजपुर जिले को पोषण अभियान में किए गए कामों के लिए स्काच सिल्वर मैडल देकर नवाजा गया है। फिरोजपुर जिले में लगभग 20 करोड़ रूपये की लागत से 200 से अधिक नये आंगणवाड़ी सेंटरों का निर्माण किया जा रहा है।</p>
<ul>
<li style="text-align:justify;">इसी तरह स्किल डिवैल्पमैंट के क्षेत्र में भी फिरोजपुर का प्रदर्शन शानदार रहा है।</li>
<li style="text-align:justify;">सिर्फ एक साल में स्किल डिवैल्पमैंट मुहिम के अंतर्गत 6 हजार युवावों को ।</li>
<li style="text-align:justify;">अलग -अलग क्षेत्रों में संबंधित प्रशिक्षण देकर उनको रोजगार के योग्य बनाया गया है।</li>
</ul>
<h3>फिरोजपुर में स्किल डिवैल्पमैंट को बढ़ावा देने के लिए अगले 2 महीनों में 10 नये सैंटर भी खोले जा रहे हैं</h3>
<p style="text-align:justify;">स्किल डिवैल्पमैंट के प्रशिक्षण के बाद इन युवाओं को बढ़िया नौकरियां भी दिलाई गई हैं और बड़ी संख्या में युवाओं को स्व -रोजगार के क्षेत्र में खड़े होने के लिए मदद मुहैया करवाई गई है। फिरोजपुर में स्किल डिवैल्पमैंट को बढ़ावा देने के लिए अगले 2 महीनों में 10 नये सैंटर भी खोले जा रहे हैं।  इसी तरह स्मार्ट स्कूल प्रॉजैक्ट में बढ़िया प्रदर्शन के लिए स्काच आर्डर आफ मैरिट अवार्ड के साथ नवाजा गया है। उन्होंने बताया अलग -अलग स्कीमों और सीएसआर प्रोगराम के अंतर्गत जिले में शिक्षा कामों और स्कूलों में करीब 17 करोड़ रूपये खर्च किये गए हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">स्कूलों को स्मार्ट बनाने के लिए कई प्रयास किए जा रहे हैं, जिनमें क्लास रूम से लेकर स्कूल का पूरा कायाकल्प करने का काम शामिल है। उन्होंने ने बताया कि भविष्य में भी इस तरह की कोशिशें जारी रहेंगी, के साथ ही उन्होंने अधिकारियों को और मेहनत और लगन के साथ काम करने के लिए भी कहा। इस मौके जिला शिक्षा अधिकारी कुलविन्दर कौर, डिप्टी डीईओ, सुखविन्दर सिंह और जिला योजना बोर्ड के अधिकारी संजीव मैनी भी उपस्थित थे।</p>
<p> </p>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
<p><span class="tlid-translation translation" lang="en" xml:lang="en"><span title=""> </span></span></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/won-3-national-scotch-awards-in-a-year-in-ferozepur-district/article-12510</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/won-3-national-scotch-awards-in-a-year-in-ferozepur-district/article-12510</guid>
                <pubDate>Wed, 15 Jan 2020 18:04:33 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-01/national-scotch-awards.jpg"                         length="60700"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ठंड ने तोड़ दिया 119 साल का रिकॉर्ड</title>
                                    <description><![CDATA[घरों में दुबकने को मजबूर हुए लोग | Cold Broke Record नई दिल्ली। उत्तर भारत में ठंड (Cold) और कोहरे ने आमजन का जीना मुहाल कर दिया है। उधर दिल्ली में पिछले 119 साल का रिकॉर्ड तोड़कर दिसंबर सबसे ठंडा महीना रहा है। हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और उत्तर प्रदेश समेत देश के अलग-अलग हिस्सों में […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/the-cold-broke-the-119-year-record/article-12116"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-12/cold-broke-record.jpg" alt=""></a><br /><h2>घरों में दुबकने को मजबूर हुए लोग | Cold Broke Record</h2>
<p><strong>नई दिल्ली।</strong> उत्तर भारत में ठंड (<span lang="en" xml:lang="en">Cold</span>) और कोहरे ने आमजन का जीना मुहाल कर दिया है। उधर दिल्ली में पिछले 119 साल का रिकॉर्ड तोड़कर दिसंबर सबसे ठंडा महीना रहा है। हरियाणा, पंजाब, राजस्थान और उत्तर प्रदेश समेत देश के अलग-अलग हिस्सों में गलन महसूस की गई। सर्दी से बचने के लिए लोग अपने घरों में ही रहना ज्यादा पसंद कर रहे हैं। भयंकर सर्दी और कोहरे ने यातायात की रफ्तार को धीमा कर दिया है। इसकी वजह से फ्लाइट्स और ट्रेनें बुरी तरह से प्रभावित हुई हैं।</p>
<h3>211 ट्रेन चल रही लेट, हवाई सेवा भी प्रभावित</h3>
<p>ठंड और कोहरे के चलते मंगलवार को यातायात बुरी तरह चरमराती दिखी। आज तकरीबन 211 ट्रेन अपने निर्धारित समय से लेट चल रही हैं। वहीं हवाई सफर पर भी कोहरे का असर है। दिल्ली के इंदिरा गांधी एयरपोर्ट ने यात्रियों को सलाह दी है कि एयरपोर्ट पहुंचने से पहले संबंधित फ्लाइट के संबंध में बात कर लें।</p>
<h3>जम्मू-कश्मीर में 10 साल की सबसे सर्द रात</h3>
<p>जम्मू-कश्मीर की शीतकालीन राजधानी जम्मू में बीती रात 10 वर्षों में अब तक की सबसे सर्द रात दर्ज की गई। श्रीनगर में पारा शून्य से 6.5 डिग्री सेल्सियस नीचे दर्ज किया गया। मौसम विभाग ने बताया कि जम्मू में पिछले एक दशक में इस मौसम की सबसे सर्द रात दर्ज की गई। यहां पारा लुढ़ककर 2.4 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। विभाग ने बताया कि शहर में सबसे सर्द रात 28 दिसंबर, 1998 को दर्ज की गई थी, जब पारा 0.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था। इसके बाद इतनी ठंड 31 दिसंबर 2007 को पड़ी, जब तापमान 2.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।</p>
<ul>
<li><strong>हरियाणा, पंजाब सहित देश में नहीं थम रहा ठंड का कहर</strong></li>
<li><strong>स्कूलों में छुट्टियां घोषित</strong></li>
<li><strong>दफ्तरों में भी कम दिख रही अधिकारी, कर्मचारियों की हाजरी</strong></li>
<li><strong>अलावों का सहारा लेने के मजबूर हुए लोग</strong></li>
<li><strong>सड़कों पर रेंग-रेंग कर चल रहे वाहन</strong></li>
</ul>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल कने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/the-cold-broke-the-119-year-record/article-12116</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/the-cold-broke-the-119-year-record/article-12116</guid>
                <pubDate>Tue, 31 Dec 2019 10:54:17 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-12/cold-broke-record.jpg"                         length="82811"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>नए साल पर आतिशबाजी से दूर रहेगा आस्ट्रेलिया</title>
                                    <description><![CDATA[एसीटी आपातकालीन सेवा एजेंसी की आयुक्त की सलाह पर लिया निर्णय |  Fireworks कैनबरा (एजेंसी)। आस्ट्रेलिया में जंगलों की आग के कारण राजधानी कैनबरा में नये साल की पूर्व संध्या पर आतिशबाजी (fireworks) का प्रदर्शन रद्द कर दिया है। इवेंट्स एसीटी ने नये साल का जश्न मनाने के लिए मंगलवार रात 9 बजे और 12 […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/international/australia-will-stay-away-from-fireworks-on-new-year/article-12098"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-12/fireworks-in-australia.jpg" alt=""></a><br /><h3>एसीटी आपातकालीन सेवा एजेंसी की आयुक्त की सलाह पर लिया निर्णय |  Fireworks</h3>
<p style="text-align:justify;"><strong>कैनबरा (एजेंसी)।</strong> आस्ट्रेलिया में जंगलों की आग के कारण राजधानी कैनबरा में नये साल की पूर्व संध्या पर आतिशबाजी <strong>(<span lang="en" xml:lang="en">fireworks</span>)</strong> का प्रदर्शन रद्द कर दिया है। इवेंट्स एसीटी ने नये साल का जश्न मनाने के लिए मंगलवार रात 9 बजे और 12 बजे कैनबरा में आतिशबाजी के प्रदर्शन की योजना बनाई थी। लेकिन एसीटी आपातकालीन सेवा एजेंसी की आयुक्त जॉर्जिना व्हेलन द्वारा ऐसा नहीं करने की सलाह दिये जाने के बाद इसे रद्द कर दिया गया। सुश्री व्हेलन ने संवाददाताओं से कहा, ‘यह हमारे लिए समझदारी भरा निर्णय होगा कि हम एसीटी में आतिशबाजी न करें। हजारों लोगों के आतिशबाजी देखने के लिए कैनबरा के केंद्रीय व्यापारिक जिले में पहुंचने की उम्मीद थी। लेकिन सुश्री व्हेलन ने कहा कि इसमें बहुत बड़ा जोखिम था।</p>
<ul>
<li><strong>आस्ट्रेलिया में पिछले 10 दिन में जंगलों में लगी आग ने भीषण रूप अख्तियार कर लिया है। </strong></li>
<li><strong>आग के कारण दो लोगों की मौत हो गई, बड़ी संख्या में लोगों को घरबार छोड़ना पड़ा है। </strong></li>
<li><strong>पूर्वी गिप्सलैंड क्षेत्र से 30,000 से अधिक लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने के लिए कहा गया है। </strong></li>
<li><strong>बढ़ते तापमान और तेज हवाओं के कारण भीषण दावानल की लपटें फैलने की आशंका </strong></li>
<li><strong>130,000 हेक्टेयर जंगलों को लील चुकी है आग</strong></li>
</ul>
<h3 style="text-align:justify;">जंगलों में आग के प्रमुख कारण</h3>
<p style="text-align:justify;">आग लगने के लिए तीन चीजों की जरूरत होती है, इंधन, आक्सीजन और गर्मी। गर्मियों के मौसम में जब सूखा चरम पर होता है तो एक छोटी सी चिंगारी भी उग्र रूप धारण कर सकती है। आग प्राकृतिक रूप से आग लग सकती है। जैसे अधिक गर्मी की वजह से या फिर बिजली कड़कने से। हालांकि, जंगलों में आग लगने की अधिकतर घटनाएं इंसानों की वजह से होती हैं, जैसे आगजनी, कैम्पफायर, बिना बुझी सिगरेट फेंकना, जलता हुआ कचरा छोड़ना, माचिस या ज्वनशील चीजों से खेलना।</p>
<div class="QmZWSe">
<div class="DHcWmd"><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल कने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></div>
</div>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>विदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/international/australia-will-stay-away-from-fireworks-on-new-year/article-12098</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/international/australia-will-stay-away-from-fireworks-on-new-year/article-12098</guid>
                <pubDate>Mon, 30 Dec 2019 14:39:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-12/fireworks-in-australia.jpg"                         length="14373"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बड़ी खोज: इथोपिया में मिली 38 लाख साल पुरानी मानव खोपड़ी</title>
                                    <description><![CDATA[शोधकर्ताओं ने इसको एमआरडी के नाम दिया है। अदीस अबाबा। इथोपिया में पुरातत्वविदों को 38 लाख साल पुरानी एक खोपड़ी का अवशेष मिला है, जो मनुष्य के विकास के बारे में हमारी वर्तमान समझ को बदल सकता है। वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह किसी छोटे लूसी (प्राचीन मनुष्य की प्रजाति) का अवशेष होगा, जो […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/3-8-million-year-old-human-skull-found-in-ethiopia/article-10345"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-08/human-head.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">शोधकर्ताओं ने इसको एमआरडी के नाम दिया है।</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>अदीस अबाबा।</strong> इथोपिया में पुरातत्वविदों को 38 लाख साल पुरानी एक खोपड़ी का अवशेष मिला है, जो मनुष्य के विकास के बारे में हमारी वर्तमान समझ को बदल सकता है। वैज्ञानिकों का अनुमान है कि यह किसी छोटे लूसी (प्राचीन मनुष्य की प्रजाति) का अवशेष होगा, जो मानव के विकास के संबंध में अब तक की अवधारणाओं को पूरी तरह बदल सकता है। नेचर नामक पत्रिका में इस खोपड़ी के बारे में विस्तार से बताया गया है।</p>
<p style="text-align:justify;">शोधकर्ताओं ने इस खोपड़ी को ‘एमआरडी’ के नाम दिया है। क्लीवलैंड म्यूजियम ऑफ नेचुरल हिस्ट्री के पुरातत्वविद योहानेस हैले सेलासी ने कहा कि यह खोपड़ी लगभग तीन लाख वर्ष से अधिक पुराने होमीनिड का जीवाश्म है। लंदन के नेचुरल हिस्ट्री म्यूजियम के फ्रेड स्पूर ने कहा कि यह मानव विकास का एक और प्रतीक बनने के लिए तैयार है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">पहले भी मिल चुके हैं अवशेष</h2>
<p style="text-align:justify;">पुरातत्वविदों ने वर्ष 2001 में चाड में टूमई (सहेलंथ्रोपस टेडेंसिस की प्रजाति के जीव) के लगभग सात लाख वर्ष पुराने अवशेष खोजे थे, जिन्हें मानव वंश का पहला प्रतिनिधि माना जाता है। अर्डी (होमीनिड की एक अन्य प्रजाति) 1994 में इथोपिया में पाई गई थी और माना जाता है कि यह लगभग 45 लाख साल पुरानी है और लूसी के अवशेषों को इथोपिया में ही वर्ष 1974 में खोजा गया था, जो लगभग 32 लाख वर्ष पुराने हैं। लूसी को ऑस्ट्रेलोपिथेकस एफरेंसिस भी कहा जाता है। यह सबसे लंबे समय तक जीवित रहने वाला और सबसे अधिक अध्ययन की जाने वाली प्रारंभिक मानव प्रजाति है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">वर्नसो-मिल की साइट से मिले जीवाश्म</h2>
<p style="text-align:justify;">शोधकर्ताओं ने कहा कि पुरातत्ववेत्ताओं ने जो नई खोपड़ी ‘एमआरडी’ खोजी है, वह ऑस्ट्रेलोपेथेकस एनामेंसिस प्रजाति के जीवों से संबंधित है। फरवरी 2016 में पूवरेत्तर इथोपिया के अफार क्षेत्र में वर्नसो-मिल की एक साइट पर खोदाई के दौरान लूसी के कुछ अवशेष मिले थे। पहली नजर में यह आधुनिक मनुष्यों की खोपड़ी की तरह ही दिखाई देती है। शोधकर्ताओं ने कहा कि ऑस्ट्रेलोपेथेकस के बारे में लोग अभी बहुत ज्यादा नहीं जानते। पुरातत्वविदों को इसका जो जीवाश्म मिला है, वह लगभग 39 लाख साल पुराना है</p>
<h2 style="text-align:justify;">मिलेंगी अहम जानकारियां</h2>
<p style="text-align:justify;">शोधकर्ताओं ने कहा कि इन जीवाश्मों के मिलने से लाखों साल पहले विलुप्त हो चुके होमिनिड्स के बारे में कई अहम जानकारियां मिल सकती है। शोधकर्ताओं का अनुमान है कि यह खोज मानव विकास के बारे में मौजूद वर्तमान विश्वास को चुनौती दे सकती है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">हजारों वर्षों तक साथ रहे एनामेंसिस और एफरेंसिस</h2>
<p style="text-align:justify;">अध्ययन के सह-लेखक और मैक्स प्लैंक इंस्टीट्यूट फॉर इवोल्यूशनरी एंथ्रोपोलॉजी के स्टेफनी मेलिलो ने कहा कि पहले हमारा अनुमान था कि एनामेंसिस (एमआरडी) समय के साथ धीरे-धीरे एफरेंसिस (लुसी) में बदला होगा, लेकिन होमीनिड के जीवाश्मों के अध्ययन से पता चलता है कि इन दोनों प्रजातियों का अस्तित्व लगभग दस लाख वर्षो तक रहा। इसका मतलब है कि यह मानव विकास की हमारी समझ को बदल कर रख सकता है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>विदेश</category>
                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/3-8-million-year-old-human-skull-found-in-ethiopia/article-10345</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/3-8-million-year-old-human-skull-found-in-ethiopia/article-10345</guid>
                <pubDate>Fri, 30 Aug 2019 10:53:23 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-08/human-head.jpg"                         length="69825"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मासूम के साथ की थी घिनौनी हरकत, कोर्ट ने सुनाई पांच साल की सजा</title>
                                    <description><![CDATA[लुधियाना (सच कहूँ न्यूज)।। पांच वर्षीय मासूम बच्चे के साथ कुकर्म करने के दोष में अतिरिक्त सेशन जज सोनिया किनरा ने आरोपित को पांच साल कैद की सजा सुनाई है। इसके अलावा दोषी को 1.10 लाख रुपये जुर्माना भी भरने के आदेश दिए हैं। कोर्ट के फैसले के के बाद पीड़‍ित बच्चे की मां की […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p style="text-align:justify;"><strong>लुधियाना (सच कहूँ न्यूज)।</strong>। पांच वर्षीय मासूम बच्चे के साथ कुकर्म करने के दोष में अतिरिक्त सेशन जज सोनिया किनरा ने आरोपित को पांच साल कैद की सजा सुनाई है। इसके अलावा दोषी को 1.10 लाख रुपये जुर्माना भी भरने के आदेश दिए हैं। कोर्ट के फैसले के के बाद पीड़‍ित बच्चे की मां की आंखें भर आईं। उसका पति उसे हौसला दे रहा था। कोर्ट ने कहा कि इस प्रकार के दोषियों के साथ सख्त बर्ताव होना चाहिए, ताकी दूसरों को सबक मिल सके। सरकारी वकील दिनेश कुमार वर्मा ने बताया कि थाना सदर में 20 अप्रैल 2018 को पीड़‍ित बच्चे की मां की शिकायत पर केस दर्ज किया गया था।</p>
<p style="text-align:justify;">उसने बताया था कि 19 अप्रैल 2018 को वह कामकाज के सिलसिले में घर से बाहर गई हुई थी, जबकि बेटा घर पर ही था। दोपहर 3 बजे घर पहुंची तो उसने देखा कि घर के अंदर से कुंडी लगी हुई थी। किसी तरह दरवाजा खोलकर अंदर गई तो देखा कि उसका एक रिश्तेदार ही बच्चे के साथ घिनौनी हरकत कर रहा था। इस दौरान आरोपित झट से भाग निकला। वहीं संदीप ने खुद को बेकसूर बताया। उसका कहना था की शिकायतकर्ता ने लव मैरिज की थी, जिसका उसके ससुर ने विरोध किया था। उसने शिकायतकर्ता के ससुर का साथ दिया था। इसी रंजिश में उसे झूठा फंसाया गया है, जबकि कुछ ही दिनों में उसके भाई की शादी होनी थी। संदीप के भाई कुलदीप सिंह ने भी बयान दर्ज करवाए।</p>
<h2 style="text-align:justify;">पीड़‍ित बच्चा बोला, जज साहब मैं बड़ा होकर अफसर बनूंगा</h2>
<p style="text-align:justify;">अदालत में पीडि़त बच्चे की गवाही के समय जज ने जब उसे प्यार से पूछा कि वो बड़ा होकर क्या बनना चाहेगा तो उसने कहा की मैं बड़ा होकर अफसर बनूंगा। जज ने उसके स्कूल व क्लास के बारे में भी पूछा। अदालत में गवाही के बाद बच्चे ने अंग्रेजी में दस्तखत किए।</p>
<h2 style="text-align:justify;">दबाव डालने का किया प्रयास, लालच में नहीं आई मां</h2>
<p style="text-align:justify;">बच्चे की मां ने बताया कि पहले तो परिजन उसको केस ही दर्ज नहीं करवाने दे रहे थे। उनका कहना था कि इससे गांव की बदनामी होगी, लेकिन उसने बच्चे को इंसाफ दिलाने की ठान ली थी। पीड़‍ित की मां के अनुसार हर तरह से उन पर दबाव डालने का प्रयास किया गया, लेकिन वो लालच में नहीं आई। उसने बताया कि आज भी वो पहले अपने बच्चे के स्कूल में पेरेंट्स टीचर मीटिंग में भाग लेने के बाद दोपहर अदालत का फैसला सुनने पहुंची है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/court-sentences-five-year-sentence/article-7520</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/court-sentences-five-year-sentence/article-7520</guid>
                <pubDate>Fri, 01 Feb 2019 20:33:48 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>चुनावी साल में उम्मीदें जगाने वाला ‘बजट’</title>
                                    <description><![CDATA[2019 के आम चुनाव से पहले केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार ने अपने कार्यकाल का आखिरी बजट पेश किया है। बजट में किसान, नौकरीपेशा,महिलाओं पर मेहरबानी दिखाई गई। आगामी लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर प्रभारी मंत्री पियूष गोयल ने चुनावी चासनी में डूबा हुआ बजट पेश किया है। बजट का मुख्य आकर्षण है आयकर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p style="text-align:justify;">2019 के आम चुनाव से पहले केंद्र की नरेन्द्र मोदी सरकार ने अपने कार्यकाल का आखिरी बजट पेश किया है। बजट में किसान, नौकरीपेशा,महिलाओं पर मेहरबानी दिखाई गई। आगामी लोकसभा चुनाव को ध्यान में रखकर प्रभारी मंत्री पियूष गोयल ने चुनावी चासनी में डूबा हुआ बजट पेश किया है। बजट का मुख्य आकर्षण है आयकर सीमा मे छूट। अब पांच लाख तक की आय करमुक्त होगी। रक्षा बजट पहली बार तीन लाख करोड़ के पार हो गया है। कार्यवाहक वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने बजट में लोक लुभावन घोषणाएं के साथ मोदी सरकार की उपलब्धियों का भी जिक्र किया है। वर्तमान परिस्थिति के मद्देनजर वित्त मंत्री ने काफी व्यवहारिक बजट बनाया है। बजट में सभी क्षेत्रों को तरजीह दी गई और आने वाले समय में क्या होगा इसके संकेत दिए गए हैं। सरकार के एजेंडे में आम आदमी का हित सबसे उपर है। कृषि क्षेत्र के विकास के लिए सरकार ने उत्साहवर्धक माहौल तैयार करने के लिए कई प्रावधान किए हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">केंद्र सरकार की ओर से हर साल पेश किए जाने वाले बजट के बाद कुछ प्रतिक्रिया आम होती है। सत्ता पक्ष के नेता इसकी सराहना करते हैं तो विपक्ष इसकी आलोचना। प्रतिक्रिया देने वाले कुछ तो ऐसे होते हैं जिनकी प्रतिक्रिया बजट पेश होने के पहले ही तैयार होती हैं। उद्योग जगत ने बजट को सकारात्मक बताया है। जबकि विपक्ष इसे ‘थोथा चना बाजे घना’ और ‘चुनावी जुमला बजट’ बता रहा है। बीजेपी ने इसे ‘सबका साथ, सबका विकास’ वाला बजट करार दिया है। चुनावी साल को देखते हुए जिसकी उम्मीद थी, वही हुआ। मोदी सरकार ने अपने छठे बजट में सैलरीड क्लास, पेंशनर्स, वरिष्ठ नागरिकों और छोटे व्यापारियों को बड़ा तोहफा दिया है। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने टैक्स फ्री इनकम की सीमा बढ़ाकर दोगुनी कर दी। अब 2.5 लाख रुपये की जगह 5 लाख रुपये तक की आय पर कोई टैक्स नहीं लगेगा। पांच लाख रुपये</p>
<p style="text-align:justify;">तक की व्यक्तिगत आय पूरी तरह से कर मुक्त होगी और विभिन्न निवेश उपायों के साथ 6.50 लाख रुपये तक की व्यक्तिगत आय पर कोई कर नहीं देना होगा। व्यक्तिगत कर छूट का दायरा बढ़ने से तीन करोड़ करदाताओं को 18,500 करोड़ रुपये तक का कर लाभ मिलेगा। वेतनभोगी तबके के लिए स्टैंडर्ड डिडक्शन को 40,000 से बढ़ाकर 50,000 रुपये किया गया। इस टैक्स छूट का लाभ 3 करोड़ मध्यवर्गीय करदाताओं को मिलेगा। देश की जीडीपी में लगभग 17 प्रतिशत मेहनतकशों को रोजगार देने वाले कृषिक्षेत्र को इस आम बजट से कई बड़ी उम्मीदें थी। कम एमएसपी, मानसून की मार, कर्ज के बोझ और बाजार ने किसानों की इनकम दोगुनी करने के रास्ते को बहुत संकरा कर दिया है। ऐसे में गांव और किसान की चिन्ता भी बजट में साफ तौर पर दिखती है। मोदी सरकार ने किसानों के खाते में सीधे 6 हजार रुपये हर साल डालने की घोषणा की है।</p>
<p style="text-align:justify;">इसका फायदा उन किसानों को मिलेगा जिनकी जमीन 2 हेक्टेयर से कम है। विपक्ष किसानों को दी जाने वाली सहायता राशि की घोषणा को ऊंट के मुंह में जीरा बताा रहा है। सहायता राशि भले ही कम हो लेकिन इस तरह की ठोस पहल पूर्व में नहीं हुई है। किसानों के लिए और बेहतर किया जा सकता था। ग्रामीण रोजगार पर ध्यान देते हुए मनरेगा के लिए 60 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है। गौमाता के लिए कामधेनु योजना और राष्ट्रीय गोकुलु आयोग बनाने की घोषणा भी बजट में की गयी है। बजट में किसानों के साथ-साथ मजदूरों और श्रमिकों के लिए तोहफों का पिटारा खोल दिया है। बजट में मोदी सरकार ने तोहफों की बौछार के बावजूद कई सेल्फ गोल भी किये है। मोदी सरकार ने ग्रामीण भारत में व्याप्त असंतोष और समस्याओं को स्वीकार तो किया है लेकिन बजट में की गयी घोषणाएं अपर्याप्त हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं युवाओं के आगे मुंहबाये खड़ी बेरोजगारी की समस्या के समाधान के लिये कोई ठोस कदम बजट नहीं किया गया है। गरीबो को 10 प्रतिशत आरक्षण तो दिया लेकिन अपने चुनावी वादे के अनुसार युवाओं को नौकरिया देने में मोदी सरकार असफल रही है। अंतरिम बजट में रोजगार की बात को लेकर कोई साफ तस्वीर पेश नहीं की गयी है। मोदी सरकार का यह बजट-किसान, गांव, गरीब पर फोकस है। जिसे देर आयद, दुरुस्त आयद कहा जा सकता है। मोदी सरकार ने इस बजट के माध्यम से अपनी कारपोरेट-मित्र छवि से उबरने की कोशिश तो है ही, ग्रामीण अर्थव्यवस्था को भी संजीवनी देने की बड़ी कोशिश है। सरकार ने आखिर महसूस कर लिया कि किसान, गरीब और गांव की हालत सुधारे बगैर अर्थव्यवस्था को सुधारा नहीं जा सकता है।</p>
<p style="text-align:justify;">नोटबंदी और जीएसटी के बाद से ही उद्योग जगत और विशेषकर व्यापारी वर्ग मोदी सरकार से नाराज चल रहा है। जीएसटी को लेकर व्यापारी वर्ग में नाराजगी खत्म होने का नाम नहीं ले रही है। व्यापारी वर्ग को मोदी सरकार के आखिरी बजट से काफी उम्मीदें थीं, लेकिन बजट में अर्थव्यवस्था के सभी वर्गों को सुविधाएं दी गई है लेकिन व्यापारी वर्ग को पूरी तरह नकार दिया गया है। व्यापारी देश की अर्थव्यवस्था में रीड की हड्डी का काम करते हैं। बजट को देख कर लगता है कि व्यापारी वर्ग की मांगों और परेशानियों की ओर से मोदी सरकार ने मुंह फेर लिया है। व्यापारी वर्ग की अनदेखी चुनावी वर्ष में मोदी सरकार को भारी पड़ सकती है।</p>
<p style="text-align:right;"><strong>आशीष वशिष्ठ</strong></p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>लेख</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/perspectives/opinion-and-analysis/the-budget-that-raises-expectations-in-the-election-year/article-7517</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/perspectives/opinion-and-analysis/the-budget-that-raises-expectations-in-the-election-year/article-7517</guid>
                <pubDate>Fri, 01 Feb 2019 20:15:06 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>देशभर में नए साल का जश्न, राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री ने दी शुभकामनाएं</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली(सच कहूँ)। घडी की सुईयों ने जैसे ही बारह बजाए वैसे ही पूरा देश नए साल के आगमन की खुशी में जश्न मनाने में डूब गया। वर्ष 2018 को अलविदा कर वर्ष 2019 का स्वागत करने की खुशी का इजहार लोगों ने अपने-अपने अंदाज में किया। नेताओं से लेकर अभिनेताओं तक नववर्ष की बधाईयां […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/new-year-celebration-across-the-country/article-7151"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-01/happy-new-year.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली(सच कहूँ)।</strong> घडी की सुईयों ने जैसे ही बारह बजाए वैसे ही पूरा देश नए साल के आगमन की खुशी में जश्न मनाने में डूब गया। वर्ष 2018 को अलविदा कर वर्ष 2019 का स्वागत करने की खुशी का इजहार लोगों ने अपने-अपने अंदाज में किया। नेताओं से लेकर अभिनेताओं तक नववर्ष की बधाईयां दे रहे हैं। राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई नेताओं ने इस मौके पर देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं।नए साल का आगाज हो गया है।भारत में नए साल का जोरदार स्वागत किया गया। दिल्ली से लेकर शिमला और गोवा में जबरदस्त अंदाज में लोगों ने नववर्ष का स्वागत किया। न्यूजीलैंड में सबसे पहले 2019 की शुरुआत हुई और इस मौके पर जमकर जश्न मनाया गया। न्यूजीलैंड के बाद ऑस्ट्रेलिया में नए साल की शुरुआत हुई।</p>
<h2>पीएम मोदी ने सोमवार को ट्वीट कर न्यू ईयर की शुभकामनाएं दीं</h2>
<p style="text-align:justify;">पीएम मोदी ने सोमवार को ट्वीट कर न्यू ईयर की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, ‘सभी को 2019 की शुभकामनाएं। मैं कामना करता हूं कि ये साल सभी के जीवन में खुशियां, समृद्धि और अच्छा स्वास्थ्य लेकर आए।’राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने न्यू ईयर की बधाई दी। उन्होंने ट्वीट में लिखा, ‘सभी को नव वर्ष की हार्दिक शुभकामनाएं! वर्ष 2019 में सभी देशवासियों और पूरे विश्व समुदाय के जीवन में सुख-समृद्धि, शांति और उल्लास का संचार होता रहे।’</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/new-year-celebration-across-the-country/article-7151</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/new-year-celebration-across-the-country/article-7151</guid>
                <pubDate>Tue, 01 Jan 2019 09:34:39 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-01/happy-new-year.jpg"                         length="92209"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>पूर्व जज सुरिंदर सिंह को एक साल की सजा</title>
                                    <description><![CDATA[चंडीगढ़ (सच कहूँ)। भ्रष्टाचार मामले में सजा पा चुके चंडीगढ़ जिला अदालत के पूर्व जज सुरिंदर सिंह भारद्वाज को अब सीबीआइ की कस्टडी से भागने के मामले में दोषी करार दिया गया है। मामले में भारद्वाज को एक साल की कैद की सजा सुनाई गई है। साथ ही पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/ex-judge-surinder-singh-gets-one-year-sentence/article-6025"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-09/court.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>चंडीगढ़ (सच कहूँ)।</strong> भ्रष्टाचार मामले में सजा पा चुके चंडीगढ़ जिला अदालत के पूर्व जज सुरिंदर सिंह भारद्वाज को अब सीबीआइ की कस्टडी से भागने के मामले में दोषी करार दिया गया है। मामले में भारद्वाज को एक साल की कैद की सजा सुनाई गई है। साथ ही पांच हजार रुपये का जुर्माना लगाया गया है।भारद्वाज पर सात लाख रुपये रिश्वत मांगने का दोष था। जब सीबीआइ उनके घर में तलाशी ले रही थी तब वह सीबीआइ की कस्टडी से भाग गए थे। 15 साल पुराने इस मामले में निचली अदालत ने चार साल पहले भारद्वाज को इस मामले में बरी कर दिया था। बाद में, निचली अदालत के इस फैसले के खिलाफ प्रॉसिक्यूशन ने सेशन कोर्ट में अपील दायर की थी। उस समय सेशन कोर्ट ने निचली अदालत के फैसले को पलटते हुए भारद्वाज को दोषी करार दिया था।</p>
<h2 style="text-align:justify;">यह है मामला</h2>
<p style="text-align:justify;">वर्ष 2003 में पूर्व जज सुरिंदर सिंह भारद्वाज पर 7 लाख रुपये रिश्वत लेने का दोष था। सीबीआइ ने जालंधर के समरा की शिकायत पर 10 मई 2003 को भारद्वाज को ट्रैप लगाकर दबोचा था। सीबीआइ ने भारद्वाज को सेक्टर-22 में उनके सराकारी आवास से सात लाख रुपये रिश्वत लेते गिरफ्तार किया था। रिश्वत मामले में वर्ष 2009 में भारद्वाज को तीन साल कैद की सजा सुनाई गई थी। वे देश के पहले जज थे, जिन्हें भ्रष्टाचार के आरोप में सजा हुई।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं, मोबाइल में रिकॉर्डिंग में समरा और भारद्वाज के बीच पैसे के लेनदेने को लेकर भी ऑडियो रिकॉर्डिंग सामने आई थी, लेकिन जब सीबीआइ के अफसर भारद्वाज के घर तलाशी ले रहे थे वे सीबीआइ के अफसरों को झांसा देकर वहां से फरार हो गए। कोर्ट से उनके नाम के वारंट भी जारी किए गए थे। करीब एक महीने बाद उन्हें हिरासत में ले लिया गया था।</p>
<p style="text-align:justify;"><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/ex-judge-surinder-singh-gets-one-year-sentence/article-6025</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/ex-judge-surinder-singh-gets-one-year-sentence/article-6025</guid>
                <pubDate>Sat, 22 Sep 2018 09:31:25 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-09/court.jpg"                         length="79232"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अगले साल तक खुलेगा कालेधन का पूरा चिट्ठा</title>
                                    <description><![CDATA[स्विस बैंकों में जमा भारतीयों के धन में 13 साल में सबसे तेज वृद्धि नई दिल्ली (एजेंसी)। वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि स्विट्जरलैंड में भारतीयों द्वारा जमा किए गए (Complete, Blog, Black Money, Open, Till, Next, Year) कालेधन के सभी आंकड़े अगले वर्ष तक मिल जायेंगे। गोयल का यह बयान ऐसे […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/complete-blog-of-black-money-will-be-open-till-next-year/article-4562"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/blackmoney.jpg" alt=""></a><br /><h1>स्विस बैंकों में जमा भारतीयों के धन में 13 साल में सबसे तेज वृद्धि</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong></p>
<p style="text-align:justify;">वित्त मंत्री पीयूष गोयल ने शुक्रवार को कहा कि स्विट्जरलैंड में भारतीयों द्वारा जमा किए गए <strong>(Complete, Blog, Black Money, Open, Till, Next, Year)</strong> कालेधन के सभी आंकड़े अगले वर्ष तक मिल जायेंगे। गोयल का यह बयान ऐसे समय में आया है जब स्विट्जरलैंड ने वीरवार को एक रिपोर्ट जारी किया, जिसके अनुसार वर्ष 2017 में भारतीय द्वारा उसके यहां जमा की गयी धनराशि 50 फीसदी से अधिक बढ़कर सात हजार करोड़ रुपये के पार पहुंच गई है।</p>
<h1>अवैध लेनदेन की आशंका जताना सही नहीं</h1>
<p style="text-align:justify;">गोयल ने यहां संवाददाताओं से कहा कि सरकार के पास सभी जानकारियां हैं और यदि कोई भी व्यक्ति दोषी पाया जायेगा तो उसके विरूद्ध कठोर कार्रवाई की जायेगी। वर्तमान समय में किसी भी व्यक्ति को देश से बाहर रुपये जमा करने का साहस नहीं है और यह सरकार के कठिन परिश्रम से संभव हुआ है। गोयल ने कहा कि भारत और स्विट्जरलैंड के बीच एक संधि है जिसके तहत उसने भारत और कुछ अन्य देशों द्वारा दी गयी जानकारियों के आधार पर विदेशी ग्राहकों के बारे में सूचनायें साझा करना शुरू कर दिया है। एक जनवरी 2018 से 31 मार्च 2019 तक सभी डाटा उपलब्ध हो जाएंगे। उन्होंने वीरवार को जारी रिपोर्ट का हवाला देते हुए कहा कि इसको अभी से कालाधन या अवैध लेनदेन की आशंका जताना सही नहीं है।</p>
<h1>राहुल का मोदी पर तंज, क्या अब ये व्हाइट मनी है!</h1>
<p style="text-align:justify;">कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने पिछले चार साल के दौरान स्विस बैंकों में भारतीयों की जमा राशि में 50 फीसदी की वृद्धि होने पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर तंज कसते हुए शुक्रवार को कहा कि पहले इसे कालाधन बताने वाले मोदी उसे अब उसे सही बता रहे हैं। गांधी ने ट्वीट किया, ‘उन्होंने (मोदी)2014 में कहा, ‘मैं स्विस बैंक से सारा कलाधन वापस लाऊंगा और हर भारतीय के खाते में 15 लाख रुपए जमा करूंगा। उन्होंने 2016 में कहा, ‘नोटबंदी से देश में कालाधन खत्म हो जाएगा। वह 2018 में कह रहे हैं भारतीयों द्वारा स्विस बैंक में जमा की गयी राशि 50 फीसदी बढ़ गयी है और यह सफेद पैसा है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
<p> </p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/complete-blog-of-black-money-will-be-open-till-next-year/article-4562</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/complete-blog-of-black-money-will-be-open-till-next-year/article-4562</guid>
                <pubDate>Fri, 29 Jun 2018 22:17:37 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/blackmoney.jpg"                         length="9962"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अगले 18 माह में खुलेंगे 29 कॉलेज, हर साल तैयार होंगे 2000 डॉक्टर</title>
                                    <description><![CDATA[कुरुक्षेत्र (सच कहूँ/देवीलाल बारना)। प्रदेश में आज 50 से अधिक विश्वविद्यालय खुल गए हैं। हरियाणा में 20 किलोमीटर के दायरे में एक कॉलेज है। राज्य सरकार ने 29 और ऐसी जगहों को चिन्हित किया गया है जहां पर नए कॉलेजों की आवश्यकता है। इन नए कॉलेजों के निर्माण के बाद हरियाणा में बेटियों व ग्रामीण […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/29-colleges-will-open-in-next-18-months-2000-doctors-will-be-ready-every-year/article-4076"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/cm-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>कुरुक्षेत्र (सच कहूँ/देवीलाल बारना)।</strong> प्रदेश में आज 50 से अधिक विश्वविद्यालय खुल गए हैं। हरियाणा में 20 किलोमीटर के दायरे में एक कॉलेज है। राज्य सरकार ने 29 और ऐसी जगहों को चिन्हित किया गया है जहां पर नए कॉलेजों की आवश्यकता है। इन नए कॉलेजों के निर्माण के बाद हरियाणा में बेटियों व ग्रामीण क्षेत्र के युवाओं को उच्च शिक्षा के लिए शहरों की ओर नहीं जाना पड़ेगा।</p>
<p style="text-align:justify;">मुख्यमंत्री मनोहर लाल शनिवार को यहां कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के सीनेट हॉल में हरियाणा राज्य उच्चतर शिक्षा परिषद व कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वाधान में प्रदेशभर के राज्य से अनुदान प्राप्त विश्वविद्यालयों के कुलपतियों, कुलसचिवों व अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के लिए विश्वविद्यालय में शैक्षणिक व आर्थिक प्रबंधन विषय पर आयोजित दो दिवसीय कार्यशाला के अंतिम दिन प्रथम सत्र में बतौर मुख्यातिथि संबोधित कर रहे थे। हरियाणा सरकार ने प्रदेश के प्रत्येक जिले में एक मेडिकल कॉलेज बनाने का लक्ष्य रखा है। जब सभी मेडिकल कॉलेज बनकर तैयार हो जाएंगे तो हरियाणा से हर वर्ष कम से कम 2000 चिकित्सक बनकर निकलेंगे। इसके लिए हमें विश्वविद्यालयों में सार्इंस फैकल्टी को ओर अधिक मजबूत बनाने की जरूरत है।</p>
<p style="text-align:justify;">नए स्कूल व कॉलेजों में भी सांइस फैकल्टी का विस्तार किया जा रहा है। मुख्यमंत्री ने कि प्रदेश के प्रत्येक विश्वविद्यालय कम से कम एक विषय में अपनी उत्कृष्टता साबित करें। इस मौके पर स्टेट यूनिवर्सिटी आफ पर्फोमिंग एंड विजुअल आर्टस के कुलपति प्रो. राजबीर सिंह, सीडीएलयू सरसा के कुलपति डॉ विजय के कायत, दीनबंधू छोटूराम यूनिवर्सिटी मुरथल के कुलपति प्रो. राजेन्द्र कुमार अनायत, चौधरी बंसी लाल यूनिवर्सिटी भिवानी के कुलपति प्रो. राजकुमार मित्तल, हरियाणा विश्वकर्मा स्किल यूनिवर्सिटी फरीदाबाद के कुलपति राज नेहरू, वाईएमसीए फरीदाबाद के कुलपति डॉ. दिनेश कुमार  मौजूद रहे।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/29-colleges-will-open-in-next-18-months-2000-doctors-will-be-ready-every-year/article-4076</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/29-colleges-will-open-in-next-18-months-2000-doctors-will-be-ready-every-year/article-4076</guid>
                <pubDate>Sun, 10 Jun 2018 09:21:59 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/cm-1.jpg"                         length="164836"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तंबाकू जनित बीमारियों से हर साल 70 लाख से अधिक मौतें</title>
                                    <description><![CDATA[जिनेवा (एजेंसी)। विश्व में हर साल तंबाकू उत्पादों से सत्तर लाख से अधिक लोगों की मौत हो रही है और 30 लाख लोग इसके कारण दिल की बीमरियों तथा लकवे का शिकार हो रहे हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने आज यह जानकारी दी। डब्ल्यूएचओ ने आज विश्व तंबाकू निषेध दिवस(नो टौबेको डे) के मौके पर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/more-than-7-million-deaths-per-year-from-tobacco/article-3862"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-05/aa.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>जिनेवा (एजेंसी)। </strong>विश्व में हर साल तंबाकू उत्पादों से सत्तर लाख से अधिक लोगों की मौत हो रही है और 30 लाख लोग इसके कारण दिल की बीमरियों तथा लकवे का शिकार हो रहे हैं। विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने आज यह जानकारी दी। डब्ल्यूएचओ ने आज विश्व तंबाकू निषेध दिवस(नो टौबेको डे) के मौके पर जारी अपनी रिपोर्ट में कहा कि धूम्रपान करने वाले लोग तो इससे होने वाली बीमारियों की चपेट में आकर मारे जाते हैं लेकिन ये लोग आस पास धुआं छोड़ते हैं तो इसके संपर्क में आकर लोग भी अपनी जान गवां रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">इस तरह के सेकंड हैंड एक्सपोजर से मरने वालों का आंकड़ा 890,000 है। डब्ल्यूएचओ ने तंबाकू उत्पादों और ध्रूमपान के खतरों से लोगों को अवगत कराने के लिए 2005 में एक प्रस्ताव पेश किया था जिसका अनुमोदन 180 देशों ने कर दिया है। इसमें तंबाकू उत्पादों के विज्ञापन और प्रायोजकता पर प्रतिबंध लगाने की बात कही गई थी।</p>
<p style="text-align:justify;">डब्ल्यूएचओ के अंसचारी रोग विभाग के निदेशक डगलस बैचर ने बताया कि इस मुहिम के अच्छे परिणाम सामने आए हैं और 2000 में जहां विश्व की कुल आबादी का 20 प्रतिशत हिस्सा तंबाकू उत्पादों का सेवन करता था वहीं यह 2016 में घटकर 20 प्रतिशत रह गया है। उन्होंने कहा कि अभी इस दिशा में काफी कुछ किया जाना है और सबसे अधिक दिक्कतें निम्न और मध्य आय वाले देशों में आ रही हैं जहां तंबाकू लाबी इतनी ताकतवर है कि वे अपने उत्पादों के प्रचार के लिए किसी भी तरह के हथकंडे अपनाने को तैयार रहती हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">ये कंपनियां अपने उत्पादों का प्रचार गलत तरीके से करती हैं और इनका लक्ष्य युवा वर्ग होता है जिसके लिए ये उत्पादों की कीमत कम रखती हैं। रिपोर्ट में बताया गया है कि प्रति वर्ष तंबाकू उत्पादों के सेवन से सत्तर लाख से अधिक लोग मारे जा रहे हैं और इनमें से अधिकांश को पता होता है कि धूम्रपान कैंसर का एक बड़ा कारण है लेकिन फिर भी ये इनके दुष्चक्र में फंस जाते हैं। विश्व में धूम्रपान करने वालों की संख्या 1़ 1 अरब है जिनमें चीन में 30़ 7 करोड़ लोग और भारत में 10़ 6 करोड़ लोग इसके जाल में फंसे हुए हैं।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/more-than-7-million-deaths-per-year-from-tobacco/article-3862</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/more-than-7-million-deaths-per-year-from-tobacco/article-3862</guid>
                <pubDate>Thu, 31 May 2018 10:04:04 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-05/aa.jpg"                         length="15320"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        