<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/three/tag-6517" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>three - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/6517/rss</link>
                <description>three RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>Bank Strike: आज से तीन दिनों तक  बैंकों में नहीं होगा कामकाज, हड़ताल पर कर्मचारी</title>
                                    <description><![CDATA[अगर आप बैंक के कामकाज निपटाने के बारे में सोच रहे हैं तो अलर्ट हो जाइए। ऐसा इसलिए क्योंकि आप अगले तीन दिनों तक बैंक के काम नहीं निपटा पाएंगे। कल से लगातार तीन दिनों तक देश में बैंक बंद रहने वाले हैं।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/strik-banks-closed-three-days/article-12842"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-01/banks-strik.jpg" alt=""></a><br /><h2>यूनियन ने  एक अप्रैल से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का एलान किया है | Bank Strike</h2>
<h4>Edited By Vijay Sharma</h4>
<p><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ बिजनेस डेस्क)। (Bank Strike)</strong> अगर आप बैंक के कामकाज निपटाने के बारे में सोच रहे हैं तो अलर्ट हो जाइए। ऐसा इसलिए क्योंकि आप अगले तीन दिनों तक बैंक के काम नहीं निपटा पाएंगे। कल से लगातार तीन दिनों तक देश में बैंक बंद रहने वाले हैं। 31 जनवरी से बैंक यूनियनों ने दो दिन की हड़ताल की घोषणा की है। यानी 31 जनवरी और एक फरवरी 2020 को हड़ताल के चलते बैंक बंद रहेंगे। वहीं दो फरवरी को रविवार है, इसलिए उस दिन भी आप बैंक का कोई कामकाज नहीं कर पाएंगे। इतना ही नहीं, यूनियन ने मार्च के महीने में तीन दिन और एक अप्रैल से अनिश्चितकालीन हड़ताल पर जाने का एलान किया है।</p>
<h2>वेतन में 12.5 फीसदी वृद्धि करने का प्रस्ताव मंजूर करने की मांग |Bank Strike</h2>
<p>दिल्ली प्रदेश बैंक कर्मचारी संगठन के महासचिव अश्वनी राणा ने बताया कि इंडियन बैंक एसोसिएशन ने वेतन में 12.5 फीसदी वृद्धि करने का प्रस्ताव दिया है, जो कि मंजूर नहीं है। इसलिए देश भर के सभी सरकारी बैंकों में कार्यरत कर्मचारी हड़ताल पर रहेंगे। इससे बैंकिंग सेवाओं पर असर पड़ सकता है।</p>
<ul>
<li>बैं<strong>क यूनियन की यह है मांग</strong></li>
<li><strong>बैंक यूनियनों की मांग है कि वेतन में कम से कम 20 फीसदी की वृद्धि की जाए।</strong></li>
<li><strong>बैंकों में पांच दिन का कार्यदिवस हो।</strong></li>
<li><strong>बेसिक पे में स्पेशल भत्ते का विलय हो।</strong></li>
<li><strong>एनपीएस को खत्म किया जाए।</strong></li>
<li><strong>पेंशन का अपडेशन हो।</strong></li>
<li><strong>परिवार को मिलने वाली पेंशन में सुधार।</strong></li>
<li><strong>स्टाफ वेलफेयर फंड का परिचालन लाभ के आधार पर बांटना।</strong></li>
<li><strong>रिटायर होने पर मिलने वाले लाभ को आयकर से बाहर करना।</strong></li>
<li><strong>शाखाओं में कार्यों के घंटे और लंच समय का सही से बटवारा।</strong></li>
<li><strong>अधिकारियों के लिए बैंक में कार्य के घंटे का नियमतिकरण।</strong></li>
<li><strong>कांट्रैक्ट और बिजनेस कॉरेस्पॉन्डेंट के लिए समान वेतन।</strong></li>
</ul>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi</a><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/"> News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/strik-banks-closed-three-days/article-12842</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/strik-banks-closed-three-days/article-12842</guid>
                <pubDate>Fri, 31 Jan 2020 11:52:00 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-01/banks-strik.jpg"                         length="32176"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Encounter : जम्&amp;#x200d;मू के नगरोटा में मुठभेड़, तीन आतंकी ढेर</title>
                                    <description><![CDATA[जम्मू कश्मीर में बड़ा आतंकवादी हमला करने की मंशा से घुस आए तीन आतंकवादियों को सुरक्षाबलों ने जम्मू जिले के नगरोटा के बन टोल प्लाजा के निकट मार गिराया। मुठभेड़ जारी है।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/encounter-in-jammu-nagrota-three-terrorists-killed/article-12840"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-01/2019_4largeimg20_apr_2019_083040793.jpg" alt=""></a><br /><h1>फायरिंग में एक पुलिस कर्मी घायल |Encounter</h1>
<h4>Edited By Vijay Sharma</h4>
<p><strong>जम्मू (एजेंसी)।</strong> जम्मू कश्मीर में बड़ा आतंकवादी हमला करने की मंशा से घुस आए तीन आतंकवादियों को सुरक्षाबलों ने जम्मू जिले के नगरोटा के बन टोल प्लाजा के निकट मार गिराया। मुठभेड़ जारी है। श्रीनगर की ओर जा रहे आतंकवादियों ने घाटी जाने की कोशिश में नगरोटा के निकट सुरक्षाबलों की नाका पार्टी पर गोलीबारी की थी। इसमें एक पुलिस कर्मी घायल है। जम्मू-कश्मीर पुलिस के डीजीपी दिलबाग सिंह ने बताया कि ये आतंकवादियों का यह समूह श्रीनगर की ओर जा रहा था संदेह है कि उन्होंने कठुआ, हीरानगर सीमा से घुसपैठ की, इस मामले में जांच अभी जारी है।</p>
<h2> पुलिस ने चेकिंग के लिए एक ट्रक को रोका तभी ट्रक के अंदर छिपे आतंकवादियों ने फायरिंग कर दी</h2>
<p>जम्मू के आइजी मुकेश सिंह ने बताया कि सुबह लगभग सुबह लगभग 5 बजे, पुलिस ने चेकिंग के लिए एक ट्रक को रोका गया था। तभी ट्रक के अंदर छिपे आतंकवादियों ने फायरिंग शुरु कर दी। जिसमें एक पुलिसकर्मी भी घायल हो गया। इस इलाके में कम से कम चार और आतंकवादियों के छिपे होने की आशंका है। क्षेत्र को घेर लिया गया है और तलाशी अभियान जारी है। ट्रक चालक का नाम मोहम्मद मकबूल वानी है जो अनंतनाग का रहने वाला है।</p>
<h2> नेशनल हाइवे को किया बंद |Encounter</h2>
<ul>
<li><strong>आतंकवादियों और पुलिस बल के  इस मुठभेड़ में तीन आतंकी मारे जा चुके हैं। </strong></li>
<li><strong> नगरोटा के करीब </strong><strong>आतंकियों के छिपे होने की सूचना के बाद सुरक्षाबलों ने इलाके को घेर लिया। </strong></li>
<li><strong>ये आतंकी हाइवे के पास एक ट्रक में देखे गये थे। </strong></li>
<li><strong>मौके पर तैनात सुरक्षाबल ने पूरे इलाके को घेर लिया था और सर्च ऑपरेशन जारी कर दिया था। </strong></li>
<li><strong>जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाइवे के पास आ‍तंकियों के छिपे होने की सूचना के बाद नेशनल हाइवे को बंद कर दिया गया है।</strong></li>
</ul>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi</a><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/"> News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/encounter-in-jammu-nagrota-three-terrorists-killed/article-12840</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/encounter-in-jammu-nagrota-three-terrorists-killed/article-12840</guid>
                <pubDate>Fri, 31 Jan 2020 11:10:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-01/2019_4largeimg20_apr_2019_083040793.jpg"                         length="49883"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Hyderabad encounter: दिल्ली की तीन सदस्यीय टीम हैदराबाद पहुंची, चारों आरोपियों का दोबारा पोस्टमार्टम</title>
                                    <description><![CDATA[डॉक्टर से दुष्कर्म व हत्या मामले में हैदराबाद पुलिस द्वारा एनकाउंटर में मारे गए 4 आरोपियों को सोमवार को डॉक्टरों की टीम ने दोबारा पोस्टमार्टम किया गया।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/hyderabad-encounter-delhis-three-member-team-reaches-hyderabad-post-mortem-of-four-accused/article-11929"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-12/55.jpg" alt=""></a><br /><h2>तेलंगाना हाई कोर्ट के आदेश पर दोबारा किया जा रहा है पोस्टमार्टम | Hyderabad encounter</h2>
<h5 style="text-align:justify;">Edited By Vijay Sharma</h5>
<p style="text-align:justify;"><strong>हैदराबाद (सच कहूँ डेस्क)।</strong> डॉक्टर से दुष्कर्म व हत्या मामले में हैदराबाद पुलिस द्वारा एनकाउंटर <strong>(Hyderabad encounter)</strong> में मारे गए 4 आरोपियों को सोमवार को डॉक्टरों की टीम ने दोबारा पोस्टमार्टम किया गया। एम्स दिल्ली की तीन सदस्यीय टीम हैदराबाद के गांधी मेडिकल कॉलेज पहुंची । एम्स के डॉक्टर सुधीर गुप्ता, डॉक्टर अभिषेक यादव और डॉक्टर आदर्श कुमार ने सुबह 9 बजे से पोस्टमार्टम शुरू किया। तेलंगाना हाई कोर्ट के आदेश पर दोबारा पोस्टमार्टम किया जा रहा है।</p>
<h2>क्या है पूरा मामला ?| Hyderabad encounter</h2>
<p>दुष्कर्म और हत्या के चारों आरोपियों को पुलिस ने छह दिसंबर को कथित मुठभेड़ में मार गिराया था। अदालत ने गांधी अस्पताल के अधीक्षक को 23 दिसंबर की शाम पांच बजे से पहले एम्स (अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान) नई दिल्ली के फोरेंसिक विशेषज्ञों की एक टीम से पोस्टमार्टम करने का निर्देश दिया। अदालत ने इसके बाद शवों को उनके परिवारों को सौंपने के भी निर्देश जारी किए।</p>
<ul>
<li><strong>चीफ जस्टिस आरएस चौहान  ने अधिकारियों से कहा कि पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी करें और अदालत में इसे दायर करें। </strong></li>
<li><strong>अदालत ने सामाजिक कार्यकर्ता के सजया और अन्य की ओर से दायर जनहित याचिका पर आदेश दिया। </strong></li>
<li><strong>सुप्रीम कोर्ट में दायर जनहित याचिका को हाईकोर्ट में भेजकर इस पर संज्ञान लेने को कहा गया।</strong></li>
</ul>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/hyderabad-encounter-delhis-three-member-team-reaches-hyderabad-post-mortem-of-four-accused/article-11929</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/hyderabad-encounter-delhis-three-member-team-reaches-hyderabad-post-mortem-of-four-accused/article-11929</guid>
                <pubDate>Mon, 23 Dec 2019 13:02:09 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-12/55.jpg"                         length="42544"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हिसार आर्मी कैंट में तीन संदिग्ध पाकिस्तानी एजेंट काबू</title>
                                    <description><![CDATA[मोबाइल में मिली वीडियो क्लिप से मची सनसनी हिसार(sach kahoon) हिसार छावनी में सेना की जांच एजेंसियों ने तीन संदिग्ध लोगों को पकड़ा है। इनके मोबाइल फोन से छावनी के अंदर की वीडियो मिली है। तीनों से पूछताछ की जा रही है और जल्द पुलिस को सौंपा जाएगा। आरोपितों की पहचान उत्तर प्रदेश के शामली […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/three-suspected-pakistani-agents-arrested-in-hisar-army-cantt/article-10168"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-08/pakistani-agents.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">मोबाइल में मिली वीडियो क्लिप से मची सनसनी</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>हिसार(sach kahoon)</strong> हिसार छावनी में सेना की जांच एजेंसियों ने तीन संदिग्ध लोगों को पकड़ा है। इनके मोबाइल फोन से छावनी के अंदर की वीडियो मिली है। तीनों से पूछताछ की जा रही है और जल्द पुलिस को सौंपा जाएगा। आरोपितों की पहचान उत्तर प्रदेश के शामली के मसाबी निवासी खालिद, मुजफ्फरनगर के शेरपुर निवासी महताब और रागिब के रूप में हुई है।</p>
<p style="text-align:justify;">छावनी में इन दिनों निर्माण कार्य चल रहा है। पकड़े गए तीनों संदिग्ध भी ठेकेदार के जरिए मजदूरी करने छावनी में घुसे थे। जांच एजेंसियों ने शक के आधार पर 1 अगस्त को तीनों को पकड़ा। इनके मोबाइल में कैंट की वीडियो क्लिप मिली। वाट्सएप से जुलाई में पाकिस्तान भी फोन किया गया था।</p>
<h2 style="text-align:justify;">पाक सेना के संपर्क में था महताब</h2>
<p style="text-align:justify;">आरोपितों में महताब मुख्य है। उसने एक भारतीय फोन नंबर पर कैंट क्षेत्र की वीडियो और फोटो बनाकर भेजी थी। आरोपित खालिद जांच एजेंसियों को बरगला रहा है। उसने जुलाई के प्रथम सप्ताह में जिस नंबर पर वाट्सएप कॉल की थी वह पाक सेना के किसी शख्स का है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/three-suspected-pakistani-agents-arrested-in-hisar-army-cantt/article-10168</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/three-suspected-pakistani-agents-arrested-in-hisar-army-cantt/article-10168</guid>
                <pubDate>Sat, 03 Aug 2019 11:31:12 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-08/pakistani-agents.jpg"                         length="72960"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>आगरा:  बाथरूम में गैस गीजर से दम घुटने से कारोबारी की पत्नी और दो मासूम बेटियों की मौत</title>
                                    <description><![CDATA[आगरा(एजेंसी)।   ताजनगरी आगरा में कल कारोबारी की पत्नी तथा दो बेटियों की दम घुटने से मौत हो गई। शाहगंज के पांडव नगर में बाथरूम में गैस गीजर से दम घुटने से कारोबारी की पत्नी और दो मासूम बेटियों की मौत हो गई। आगरा में 131 पांडव नगर निवासी रोहित धूपड़ का जयपुर हाउस में […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p style="text-align:justify;"><strong>आगरा(एजेंसी)।</strong>   ताजनगरी आगरा में कल कारोबारी की पत्नी तथा दो बेटियों की दम घुटने से मौत हो गई। शाहगंज के पांडव नगर में बाथरूम में गैस गीजर से दम घुटने से कारोबारी की पत्नी और दो मासूम बेटियों की मौत हो गई। आगरा में 131 पांडव नगर निवासी रोहित धूपड़ का जयपुर हाउस में साड़ी शोरूम है। उनके पिता डॉ. नवीन का पास में ही दवाखाना है। कल रोहित, उनके पिता और मां विमल शोरूम और दवाखाने पर गए थे। घर में रोहित की पत्नी रितु (38 वर्ष) और उनकी छह वर्षीय बेटी सचिका व तीन वर्षीय बेटी कायरा थीं। शाम छह बजे रितु की मां ने उन्हें फोन किया। काफी देर तक फोन नहीं उठा तो उन्होंने अपने दामाद को इसके बारे में बताया।</p>
<p style="text-align:justify;">किसी अनहोनी की आशंका को लेकर रोहित ने पड़ोस में रहने वाली एक महिला को घर पर जाकर देखने को कहा। महिला से भी काफी प्रयास के बाद दरवाजा नहीं खुला। इसके बाद रात साढ़े आठ बजे रोहित घर पहुंचे। धक्का मारकर दरवाजे खोले। बाथरूम में रितु और दोनों बच्चे नहाने की अवस्था में पड़े हुए थे। एसएसपी अमित पाठक ने पहुंचकर जांच की। पुलिस व वैज्ञानिकों को गीजर की गैस और पानी की टंकी खाली मिली है। बाथरूम में एग्जॉस्ट फैन भी बंद था। इसी कारण मौत का कारण दम घुटना माना जा रहा है। पुलिस दूसरे बिंदुओं पर भी जांच कर रही है।</p>
<h2 style="text-align:justify;">मचा कोहराम, देर रात तक लगी रही भीड़</h2>
<p style="text-align:justify;">मां के साथ दो मासूम बेटियों की मौत से पांडव नगर को हिला दिया। इस घटना को जिसने सुना, दौड़कर पहुंच गया। बच्चियों को देखकर हर आंख नम थी। हर व्यक्ति यही कह रहा था कि भगवान तूने ये क्या कर दिया। जिसने भी कारोबारी रोहित धूपड़ की पत्नी और बेटी की मौत की खबर सुनी, दौड़कर उनके घर पहुंच गया। वहां की तस्वीर दिल दहला देने वाली थी। जो मासूम बेटियां कल दोपहर में कॉलोनी के पार्क में मां के साथ घूम रही थीं। वो शांत पड़ी थीं। मौत ने उनको आगोश में ले लिया था।</p>
<h2 style="text-align:justify;">पानी की टंकी और गैस सिलेंडर हो गया खाली</h2>
<p style="text-align:justify;">दोपहर एक बजे बाद किसी ने रितु को नहीं देखा। आशंका है कि वे इसके बाद बच्चों को नहलाने और खुद नहाने को बाथरूम में गईं। इसके बाद पानी चलता रहा और गैस गीजर भी। शाम को पानी की टंकी और गैस सिलेंडर दोनों खाली मिले। आशंका है कि उनके बेहोश होने के बाद भी पानी और गैस गीजर चलता रहा होगा। वेंटिलेशन की कोई व्यवस्था नहीं थी और एग्जॉस्ट फैन भी बंद था।</p>
<h2 style="text-align:justify;">जानलेवा है गीजर से निकलने वाली गैस</h2>
<p style="text-align:justify;">सर्दियों में गरम पानी से नहाने के लिए अगर गैस गीजर लगवा रहे हैं तो सावधानी बरतें। थोड़ी सी लापरवाही जान पर भारी पड़ सकती है। एसएन मेडिकल कॉलेज के फोरेंसिक साइंस विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. अजय अग्रवाल का कहना है कि एलपीजी सिलेंडर के जरिये गैस गीजर में पानी गर्म किया जाता है।एलपीजी में ब्यूटेन व प्रोपेन गैस होती है, जो जलने के बाद कार्बन डाईऑक्साइड पैदा करती है। छोटी जगह में जब गैस गीजर चलता है तो कार्बन डाईऑक्साइड की मात्र बढऩे लगती है और ऑक्सीजन की कमी होने लगती है। ऐसे में नहाने के दौरान पर्याप्त मात्र में ऑक्सीजन न मिलने से दिमाग में भी ऑक्सीजन की कमी हो जाती है, कोमा जैसी स्थिति हो जाती है। व्यक्ति दरवाजा खोलकर बाहर तक आने की स्थिति में भी नहीं रहता। कई बार बेहोश होकर पड़े रहने से जान भी जा सकती है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/three-killed-throttle/article-7854</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/three-killed-throttle/article-7854</guid>
                <pubDate>Mon, 25 Feb 2019 12:35:43 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तीन तलाक पर राजनीतिक दलों का निराशाजनक रवैया</title>
                                    <description><![CDATA[नए साल के पहले ही दिन संसद से मुस्लिम महिलाओं के लिये निराशा से भरी खबर आई। असल में गुजरते साल के आखिरी दिन संसद के ऊपरी सदन राज्यसभा में तीन तलाक बिल पेश भी नहीं किया जा सका। कारण राजनीतिक विभेद, मुस्लिम मर्दों का तुष्टिकरण और हंगामे की निरंतर एवं शायद अन्तहीन परंपरा। कांग्रेस […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p>नए साल के पहले ही दिन संसद से मुस्लिम महिलाओं के लिये निराशा से भरी खबर आई। असल में गुजरते साल के आखिरी दिन संसद के ऊपरी सदन राज्यसभा में तीन तलाक बिल पेश भी नहीं किया जा सका। कारण राजनीतिक विभेद, मुस्लिम मर्दों का तुष्टिकरण और हंगामे की निरंतर एवं शायद अन्तहीन परंपरा। कांग्रेस समेत विपक्षी दलों की पुरानी जिद बरकरार रही कि बिल संसद की स्थायी या प्रवर समिति को भेजा जाए।</p>
<p>नेता प्रतिपक्ष गुलाम नबी आजाद ने समिति में चर्चा के बाद सदन में बिल को पारित करने का आश्वासन दिया है, तो समिति के बजाय संसद में ही चर्चा करने में क्या दिक्कत है? राज्यसभा के उपसभापति हरिवंश आसन से नसीहत देते रहे कि पूरा देश देख रहा है कि संसद के उच्च सदन में शोर और हंगामा मचाया जा रहा है। राष्ट्रीय महत्त्व का बिल है, जिसे लोकसभा में पारित किया जा चुका है और अब राज्यसभा में उस पर बहस की जानी है, लेकिन किसी भी सांसद के कानों पर जूं तक नहीं रेंगी। सभी की प्रतिबद्धताएं और उनके पूर्वाग्रह अपने-अपने हैं। राष्ट्र प्राथमिकता में रहता ही नहीं। अंतत: हंगामे और चीखा-चिल्ली के मद्देनजर राज्यसभा की कार्यवाही स्थगित करनी पड़ी।</p>
<h2>अदालत के फैसले के बावजूद 477 मुस्लिम औरतों को तीन तलाक का शिकार होना पड़ा।</h2>
<p style="text-align:justify;">तीन तलाक एक सियासी, मजहबी, चुनावी मुद्दा ही नहीं है, बल्कि सामाजिक और लैंगिक न्याय के मद्देनजर एक बेहद नाजुक सरोकार है। यह एक कुरीति भी है, जिसे कुरान में पाप माना गया है। तीन तलाक पर सर्वोच्च न्यायालय के फैसले में एक न्यायाधीश ने सवाल भी किया था कि जो कुरान में पाप है, वह कानून में भी पाप क्यों नहीं होगा? नतीजतन ऐसे पाप को अवैध, असंवैधानिक करार दिया गया था और इस मुद्दे पर कानून बनाने का सुझाव भी दिया था, लेकिन कुरीति इतनी है कि शीर्ष अदालत के फैसले के बावजूद 477 मुस्लिम औरतों को तीन तलाक का शिकार होना पड़ा।</p>
<p style="text-align:justify;">क्या ऐसी दुरावस्था पर सरकार और संसद खामोश रह सकती थी? करीब 48 फीसदी मुस्लिम औरतें अशिक्षित हैं, करीब 82 फीसदी के पास कोई संपत्ति नहीं है, करीब 73 फीसदी गृहिणी हैं और करीब 45 फीसदी घरेलू हिंसा की शिकार हैं। क्या वे लैंगिक इंसाफ, गरिमा, सम्मान और सुरक्षित वैवाहिक जीवन की हकदार नहीं हैं? यह सामाजिक लड़ाई लड़ने के बजाय ज्यादातर विपक्षी दलों का आरोप है कि तीन तलाक के मुद्दे का अपराधीकरण किया जा रहा है। कांग्रेस की दलीलों को स्वीकार करते हुए सरकार ने तीन तलाक को जमानती बनाया, शौहर-बीवी के दरमियान समझौते लायक बनाया, तीन तलाक के संदर्भ में सिर्फ पीडित पत्नी या उसके सगे परिजन ही प्राथमिकी दर्ज करा सकेंगे। जमानत और समझौते के अधिकार प्रथम श्रेणी मजिस्ट्रेट को दिए गए हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">तीन तलाक के मुद्दे पर विभाजन और सियासी मतभेद राज्यसभा में स्पष्ट दिखाई दिए। मुस्लिम औरतों ने सोचा होगा कि तीन तलाक का बिल राज्यसभा में भी पारित हो जाएगा। यह कानून की शक्ल लेगा और उसके जरिए उन्हें वैवाहिक नरक से निजात मिलेगी। विडंबना है कि कानूनन आदेश तो सर्वोच्च न्यायालय पहले ही दे चुका है, लेकिन नए साल की पूर्व संध्या तक तीन तलाक जारी रहे हैं। मुस्लिम औरतों ने भी ख्बाव देखा होगा कि वे भी गरिमा और सम्मान से अपना दांपत्य जीवन जी सकेंगी, बच्चे भी लावारिस नहीं होंगे। परंपराओं से चली आ रही एक कुप्रथा के अंत की शुरूआत हो सकेगी। इस तरह नए साल में खुशियां बटोरने के सपने मुस्लिम महिलाओं ने भी देखे थे, लेकिन राज्यसभा में बिल ही पेश करने की नौबत नहीं आई। संसद में स्वास्थ्य, शिक्षा, कुपोषण, पर्यावरण और बुनियादी रोजगार सरीखे बेहद संवेदनशील मुद्दों पर सम्यक बहस होने के दिन ही लद चुके हैं। खानापूर्ति और दिखावे के लिए कुछ बिल शोर के बावजूद पेश किए जाते रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">हंगामे और नारेबाजी के दौरान ही कुछ ही मिनटों में विधेयक ध्वनिमत से पारित घोषित कर दिए जाते रहे हैं। तीन तलाक के मुद्दे पर वह भी नहीं हो सका। गौरतलब यह है कि एक पूरे समुदाय की आधी दुनिया का सरोकार है कि उसके वैवाहिक अधिकारों को संवैधानिक संरक्षण मिले, लेकिन राजनीतिक दल शेष आधी दुनिया, यानी मुस्लिम मर्दों के भी वोट नहीं खोना चाहते, लिहाजा स्पष्ट विरोध के बजाय संसद में हंगामा मचाते हैं। नतीजतन उस चिल्ल-पौं में कई मकसद गुम होकर रह जाते हैं। यह स्वीकार्य नहीं होना चाहिए।</p>
<p style="text-align:justify;">प्रमुख विपक्ष ने लोकसभा में बहस की है, अपने संशोधन भी पेश किए हैं, 2017 में बिल का लोकसभा में ही कांग्रेस ने समर्थन किया था, तो राज्यसभा में सांप क्यों सूंघ जाता है? कांग्रेस ने जो बुनियादी सुझाव दिए थे, उन्हें नए बिल में पिरोया गया है। अब अधिकार मजिस्टेÑट को दिए गए हैं कि वह दोषी को जमानत दे सकते हैं। तलाकशुदा पत्नी या उसके परिजन ही एफआईआर दर्ज करा सकेंगे। सवाल है कि कांग्रेस और विपक्षी दल प्रवर समिति में और किन बिंदुओं पर चर्चा चाहते हैं? तीन तलाक के स्वेच्छाचारी मर्दों को जेल की सलाखों के पीछे क्यों न भेजा जाए?</p>
<p style="text-align:justify;">क्या कांग्रेस समेत विपक्ष मजिस्ट्रेट को भी मान्यता देने को तैयार नहीं हैं? पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफगानिस्तान इंडोनेशिया, कतर, ईरान-इराक, संयुक्त अरब अमीरात, सूडान, मिस्र आदि 22 इस्लामी और अन्य देशों में तीन तलाक पर पाबंदी है या अदालती दखल के बिना यह संभव नहीं है, लेकिन हिंदोस्तान सरीखे धर्मनिरपेक्ष देश में करीब 8.4 करोड़ मुस्लिम औरतें तीन तलाक से पीड़ित या प्रभावित हैं। क्या मुस्लिम पत्नी के कोई मानवाधिकार नहीं हैं? या वे सड़क पर धक्के खाने को ही बनी हैं अथवा बच्चों समेत वे कहां जाएं? यदि संसद इन मुद्दों को संबोधित नहीं करेगी, तो पीड़ित मुस्लिम औरतें कहां जाएं? लोकसभा से बिल पारित होने के बाद उनकी उम्मीद जगी है, लेकिन अंतिम अग्पिरीक्षा राज्यसभा में ही होगी।</p>
<p style="text-align:justify;">वहां बहुमत के लिए 123 सांसदों का समर्थन अनिवार्य है, लेकिन भाजपा के 73 सांसद मिलाकर एनडीए के पक्ष में कुल 86 सांसद हैं, जबकि कांग्रेस के 50 समेत यूपीए और अन्य को 108 सांसदों का समर्थन हासिल है। अब उच्च सदन में मानवीय भावनाओं के आधार पर ही पाले बदले जा सकते हैं। साफ है, सरकार के पास तीन तलाक बिल पर जारी अध्यादेश को संसद में पारित कराने के लिए सिर्फ 8 जनवरी तक का समय है. अगर सरकार इसे 8 जनवरी तक राज्यसभा में पारित नहीं करा पाई तो उसे फिर से अध्यादेश लाने पर विचार करना होगा।</p>
<p style="text-align:right;"><strong>संतोष कमार भार्गव</strong></p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>लेख</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/article/the-disappointing-attitude-of-political-parties-on-three-divorces/article-7190</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/article/the-disappointing-attitude-of-political-parties-on-three-divorces/article-7190</guid>
                <pubDate>Thu, 03 Jan 2019 13:02:24 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>तीन तलाक पर रोक</title>
                                    <description><![CDATA[आखिरकार केंद्र की एनडीए सरकार ने तीन तलाक की कुप्रथा पर रोक लगाने के लिए अध्यादेश जारी कर दिया है। राज्य सभा में बिल अटकने के कारण व सरकार के अंतिम साल में होने के कारण ओर कोई रास्ता भी नहीं था। नि:संदेह इस निर्णय के राजनीतिक पहलू भी हैं। फिर भी देश की करोड़ों […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/editorial/stay-on-three-divorce/article-6010"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-09/three-divocs.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">आखिरकार केंद्र की एनडीए सरकार ने तीन तलाक की कुप्रथा पर रोक लगाने के लिए अध्यादेश जारी कर दिया है। राज्य सभा में बिल अटकने के कारण व सरकार के अंतिम साल में होने के कारण ओर कोई रास्ता भी नहीं था। नि:संदेह इस निर्णय के राजनीतिक पहलू भी हैं। फिर भी देश की करोड़ों मुस्लमान महिलाओं को पुरूष प्रधान समाज की गुलामी से निकालना जरूरी था।</p>
<p style="text-align:justify;">केवल रोटी न बढ़िया पका सकना, कपड़े प्रैस करते सलवट रह जाने, लड़की पैदा होने पर तलाक इत्यादि बातों पर महिलाओं को दुखों में डालना समाज के कुरूप चेहरे की निशानी हैं। तलाक देने के तरीके भी अजीबो-गरीब थे और रिश्तों को मूली-गाजर की तरह लिया जाता था। फोन और वट्सएप पर तलाक दिए जाते रहे हैं। यह कुरीति बहुत पहले खत्म होनी चाहिए थी। धर्म के नाम पर तलाक होते रहे। तलाक के खिलाफ बोलना भी ईशनिंदा की तरह ही माना जाता था।</p>
<p style="text-align:justify;">दरअसल भारतीय समाज की यह बड़ी समस्या है कि कुरीति को बचाने के लिए धर्मों की दुहाई दी जाती है। धर्म व विज्ञान दोनों की नजर में यह अत्याचार है। लोकतंत्र भी इसी सिद्धांत का समर्थक है। अब वक्त महिलाओं को हर क्षेत्र में बराबरी देने का है। राजनीति में 33 प्रतिशत आरक्षण का बिल एक दशक से अधिक समय से लटका हुआ है। राज्यों ने अपने स्तर पर पंचायती चुनाव में 50 प्रतिशत तक आरक्षण दिया है। एक देश में एक सिद्धांत लागू होना चाहिए। तीन तलाक खत्म करने से ही हिंदू, सिख परिवारों में बढ़ रहे तलाक के रुझान को भी रोकने की आवश्यकता है।</p>
<p style="text-align:justify;">महानगरों से चली यह बुराई गांवों तक पहुंच गई है। महिलाओं पर अत्याचार की इंतहा हो गई है। बच्चियों के साथ गैंगरेप आम बात हो गई है। महिलाओं की सुरक्षा के लिए कानून व्यवस्था को मजबूत करने के साथ भारतीय संस्कृति के पुन : जागरण की आवश्यकता है। महिलाओं को आर्थिक तौर पर भी आत्मनिर्भर बनाना होगा। आर्थिक मजबूती महिलाओं की सामाजिक पहरेदार बनेगी लेकिन अभी तक हालात यह हैं कि देश में पुरुष व महिलाएं दोनों के लिए रोजगार पानी समस्या बनी हुई है। बेरोजगारी भी एक बड़ी समस्या है। सरकार को रोजगार के अवसरों को खोजने की आवश्यकता है। वैश्वीकरण के नकारात्मक पक्ष ने सामाजिक रिश्तों की प्रतिष्ठा को ठेस पहुंचाई है। महिलाओं पर अत्याचार रोकने के साथ-साथ भारतीय सामाजिक रिश्तों की अहमीयत को भी बहाल करना होगा।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
<p> </p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>सम्पादकीय</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/editorial/stay-on-three-divorce/article-6010</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/editorial/stay-on-three-divorce/article-6010</guid>
                <pubDate>Thu, 20 Sep 2018 09:13:16 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-09/three-divocs.jpg"                         length="60215"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>आपत्तियां  खारिज, आज तीसरे नंबर पर ही शपथ लेंगे जस्टिस जोसफ</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। उत्तराखंड हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस केएम जोसेफ तमाम विवादों के मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस के तौर पर शपथ लेंगे। सुप्रीम कोर्ट में नियुक्ति के लिए तीन जजों की लिस्ट में जस्टिस जोसेफ का नाम तीसरे नंबर पर है। इस मामले को लेकर काफी विवाद हुआ। सुप्रीम कोर्ट के कुछ […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/objections-rejected-justice-joseph-today-will-swear-at-number-three/article-5203"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-08/km-josaf.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"></div>
<div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> उत्तराखंड हाई कोर्ट के चीफ जस्टिस केएम जोसेफ तमाम विवादों के मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट में जस्टिस के तौर पर शपथ लेंगे। सुप्रीम कोर्ट में नियुक्ति के लिए तीन जजों की लिस्ट में जस्टिस जोसेफ का नाम तीसरे नंबर पर है। इस मामले को लेकर काफी विवाद हुआ। सुप्रीम कोर्ट के कुछ जजों का मानना था कि केंद्र ने पदोन्नति में उनकी वरिष्ठता को कम कर दिया है। हालांकि सरकार ने साफ किया कि वह इस मामले में नियमों के अनुसार ही काम कर रही है और वरिष्ठता तथा परंपरा के अनुसार ही नोटिफिकेशन जारी किया गया है।</div>
<h2 style="text-align:justify;">सीजेआई से मिले थे जज, सरकार ने साफ किया स्टैंड</h2>
<div style="text-align:justify;">वरिष्ठता उल्लंघन के मसले पर चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया दीपक मिश्रा अटॉर्नी जनरल के के वेणुगोपाल से सोमवार दोपहर मुलाकात की थी और उन्हें इसपर जस्टिस कुरियन जोसफ की आपत्तियों से अवगत कराया था। फिर इस मामले को कानून मंत्री के रविशंकर प्रसाद के सामने भी रखा गया था। सूत्रों के अनुसार प्रसाद ने साफ-साफ कहा कि सरकार ने नियमों के तहत ही यह फैसला किया है और वरिष्ठता तथा परंपरा का पालन किया है।</div>
<h2 style="text-align:justify;">शपथग्रहण कार्यक्रम की अधिसूचना जारी</h2>
<div style="text-align:justify;">दूसरी ओर, चीफ जस्टिस मिश्रा ने आज सुप्रीम कोर्ट में होने वाले शपथ ग्रहण कार्यक्रम की अधिसूचना जारी कर दी, जिसमें जस्टिस केएम जोसेफ को जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस विनीत सरन के बाद दर्शाया गया है। चीफ जस्टिस मंगलवार को जस्टिस जोसेफ के अलावा जस्टिस इंदिरा बनर्जी और जस्टिस विनित सरन को शपथ दिलवाएंगे। अगर जस्टिस जोसेफ तीसरे नंबर पर शपथ लेते हैं तो वह तीनों में सबसे जूनियर होंगे। ऐसी व्यवस्था है कि सरकार जिस ऑर्डर में जजों के नाम नोटिफाई करती है, उसी के अनुरूप चीफ जस्टिस उन्हें शपथ दिलाते हैं।</div>
<h2 style="text-align:justify;">लोक सभा में उठा मामला</h2>
<div style="text-align:justify;">कांग्रेस ने सोमवार को लोकसभा में बिना कोई नाम लिए सरकार पर मनमाने ढंग से जजों की नियुक्ति का आरोप लगाया। केरल से कांग्रेस सांसद केसी वेणुगोपाल ने शून्य काल में कहा कि सरकार कलीजियम की सिफारिशों की अनेदखी कर अपने तरीके से काम करना चाहती है। चार महीने पहले कलीजियम ने एक जज के नाम की सिफारिश की थी, जो सरकार ने खारिज कर दी थी। दोबारा उनके नाम का प्रस्ताव आने पर उन्हें स्वीकृति दी गई। सरकार को सफाई देनी चाहिए कि इस जज के मामले में ऐसा क्यों हुआ?</div>
<div style="text-align:justify;"></div>
<div style="text-align:justify;"><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</div>
<div></div>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/objections-rejected-justice-joseph-today-will-swear-at-number-three/article-5203</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/objections-rejected-justice-joseph-today-will-swear-at-number-three/article-5203</guid>
                <pubDate>Tue, 07 Aug 2018 09:18:08 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-08/km-josaf.jpg"                         length="50514"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सरकारी अस्पताल अबोहर में 24 घंटों में तीन दुराचार पीड़ित</title>
                                    <description><![CDATA[अबोहर(सुधीर अरोड़ा)। एक तरफ सरकार का नारा है ह्यबेटी पढ़ाओ बेटी बचाओह्ण वहीं दूसरी ओर अबोहर के सरकारी अस्पताल में तीन तीन मासूम बेटियां दुराचार से पीड़ित पड़ी है। इनमें से 2 मामले तो 3 साल व 7 साल की बच्चियों के है। जैसे ही मेरा अबोहर के प्रमुख एडवोकेट अमित असीजा बावा व एडवोकेट […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/three-miscreants-suffer-24-hours-government-hospital-abohar/article-5123"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-08/three-miscreants-suffer-24-hours-government-hospital-abohar-copy.jpg" alt=""></a><br /><p>अबोहर(सुधीर अरोड़ा)।</p>
<p>एक तरफ सरकार का नारा है ह्यबेटी पढ़ाओ बेटी बचाओह्ण वहीं दूसरी ओर अबोहर के सरकारी अस्पताल में तीन तीन मासूम बेटियां दुराचार से पीड़ित पड़ी है। इनमें से 2 मामले तो 3 साल व 7 साल की बच्चियों के है। जैसे ही मेरा अबोहर के प्रमुख एडवोकेट अमित असीजा बावा व एडवोकेट तेजिंद्र सिंह खालसा टीम के इन दो बच्चियों का कुशलक्षेम जानने सरकारी अस्पताल पहुंचे तो स्तब्ध रह गये । एक ओर 16 वर्षीय बच्ची भर्ती के लिये अपने परिवार के सदस्यों के साथ आयी हुई थी । मेरा अबोहर की टीम जिनमें डॉ. विशाल तनेजा , डॉ ममता तनेजा सेशन कोर्ट वकील मुकेश पाल बिश्नोई आदी शामिल थे । सबसे पहले 7 साल की बच्ची के परिवार से मिले उनको हौसला दिया व आश्वस्त किया की किसी भी तरह की जरूरत के समय मेरा अबोहर फ्री लीगल सर्विस के सभी सदस्य उनके साथ खड़े हैं ओर सारा मामला भी वो बिलकुल मुफ्त लड़ेंगे , चाहे अबोहर ओर चाहे फाजिल्का सेशन कोर्ट । इसी तरह अन्य दोनों बच्चियों के परिवार वालों को भी हौसला ओर साथ देने का वायदा किया, व फ्री मुकदमा लड़ने का भरोसा भी दिया । अमित असीजा बावा का मानना है। इन सब में प्रशासन कसूरवार नहीं क्योंकि वो अपना काम बखूबी कर रहा है ओर गिरफ्Þतारिया भी हो रही हैं। इन सब में कसूर है घटिया मानसिकता का 70 साल की उम्र के करीब का एक बूढ़ा अगर 7 साल की बच्ची से दुराचार करता है तो किस हद तक उसकी मानसिकता में गिरावट आई होगी। डूब मरना चाहिए, ऐसी घटिया मानसिकता के लोगों को।</p>
<p>असल में ये लोग बीमार है, जिन्हें समाज से अलग कर देना चाहिए, ताकि इनकी ये बीमारी और ना फैले। असीजा ने कहा कि उनका प्रयास रहेगा ऐसे लोगों को कठोर से कठोर सजÞा मिले। ताकि इसके बाद कोई ऐसा काम करने की हिम्मत ना करें। डॉ. ममता तनेजा ने कहा के एक महिला होकर वो इन बच्चियों का दर्द खुद महसूस कर सकती है व एक मां होने के कारण वो इनकी मां पर क्या बीत रही वो भी भली-भांति महसूस कर रही है। आज बेटियां सुरक्षित नहीं। तजिंद्र खालसा ने कहा कि मोबाइल चैन खींचते खींचते ये गुंडातत्व अब इस हद तक पंहुच गये के इज्जत पर हाथ डालने लग गये। तभी इनका सही इलाजÞ हो जाता तो ये नौबत ना आती।</p>
<p> </p>
<div style="text-align:justify;">
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
</div>
<div style="text-align:justify;"></div>
<div style="text-align:justify;"></div>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>राज्य</category>
                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/three-miscreants-suffer-24-hours-government-hospital-abohar/article-5123</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/three-miscreants-suffer-24-hours-government-hospital-abohar/article-5123</guid>
                <pubDate>Fri, 03 Aug 2018 06:35:16 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-08/three-miscreants-suffer-24-hours-government-hospital-abohar-copy.jpg"                         length="57159"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बड़ा खुलासा: दिल्ली में तीन बच्चियों की भूख से मौत नहीं हत्या!</title>
                                    <description><![CDATA[प्रारंभिक मजिस्ट्रेट जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद खड़ा हुआ सवाल (नई दिल्ली)। पूर्वी दिल्ली के मंडावली इलाक़े में हुई तीन बच्चियों की मौत पर अब ये सवाल उठ रहा है कि क्या भूख से उनकी मौत हुई या उनकी हत्या की गई थी? ये शक़ इस मामले की प्रारंभिक मजिस्ट्रेट जाच रिपोर्ट सामने आने के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/horror-starvation-in-delhi-three-minor-girls-dies-in-lack-of-food/article-5034"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-07/horror-starvation-in-delhi.jpg" alt=""></a><br /><h2>प्रारंभिक मजिस्ट्रेट जांच रिपोर्ट सामने आने के बाद खड़ा हुआ सवाल</h2>
<p><strong>(नई दिल्ली)। </strong>पूर्वी दिल्ली के मंडावली इलाक़े में हुई तीन बच्चियों की मौत पर अब ये सवाल उठ रहा है कि क्या भूख से उनकी मौत हुई या उनकी हत्या की गई थी? ये शक़ इस मामले की प्रारंभिक मजिस्ट्रेट जाच रिपोर्ट सामने आने के बाद खड़ा हुआ है और इस रिपोर्ट ने पूरे मामले को एक नया मोड़ दे दिया है <strong>।</strong> रिपोर्ट्स के अनुसार, जांचरिपोर्ट में कहा गया है कि बच्चियों के पिता ने उन्हें कुछ ‘अज्ञात दवाई’ दी थी<strong>। </strong>रिपोर्ट में ये भी कहा गया है कि पिता का आचरण संदेह पैदा करता है और इस संबंध में और गहराई से जाँच करने की ज़रूरत है <strong>। </strong>तीनों बहनें मंगलवार को मृत मिली थीं और उस समय से उनके पिता गायब हैं<strong>।</strong> रिपोर्ट में लिखा गया है कि लड़कियां दस्त और उल्टी से पीड़ित थीं<strong>।</strong></p>
<h2>पिता मंगल को नशे की भी लत</h2>
<p>पुलिस जांच में पता चला कि बच्चियों के पिता मंगल सिंह बचपन से ही दिल्ली के होटलों में बर्तन धोता था। होटल से काम छोड़ने के बाद मजदूरी करने लगा। करीब दो साल से वह रिक्शा चलाने लगा था। उसे नशे की लत भी लग गई थी।</p>
<h2>तीन बच्चों की मौत की विस्तृत जांच हो : भाजपा</h2>
<p>मंडावली में हुई बच्चों की मौत की विस्तृतज जांच कली जानी चाहिए। यह मांग भाजपा प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी ने की। उन्होंने कहा कि मंडावली में तीन बच्चों की भूख से मृत्यु के मामले ने मुझे झकझोर दिया है। देश की राजधानी जहां राज्य सरकार हर व्यक्ति के घर पर अन्न पहुंचाने की योजनाओं का राजनीतिक प्रचार करती है। वहां उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के चुनाव क्षेत्र में इतनी दुखद घटना होना अचंभित करने के साथ ही दुखी भी करता है। उन्होंने कहा कि इस घटना की विस्तृत जांच की आवश्यकता है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/horror-starvation-in-delhi-three-minor-girls-dies-in-lack-of-food/article-5034</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/horror-starvation-in-delhi-three-minor-girls-dies-in-lack-of-food/article-5034</guid>
                <pubDate>Sat, 28 Jul 2018 04:52:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-07/horror-starvation-in-delhi.jpg"                         length="74270"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अर्थव्यवस्था की गाड़ी के तीन टायर पंक्चर: कांग्रेस</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। कांग्रेस ने नरेंद्र मोदी सरकार पर कारोबार करने का माहौल बिगाड़ने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था की गाड़ी के चारों टायर में से तीन पंक्चर हो चुके हैं जबकि प्रधानमंत्री ‘जुमलेबाजी’ में लगे हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता और पूर्व वित्त मंत्री पी.चिदंबरम ने यहां पार्टी मुख्यालय में एक […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/three-car-tire-ranks-of-economy-congress/article-4089"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/pchindrem.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)। </strong>कांग्रेस ने नरेंद्र मोदी सरकार पर कारोबार करने का माहौल बिगाड़ने का आरोप लगाते हुए सोमवार को कहा कि भारतीय अर्थव्यवस्था की गाड़ी के चारों टायर में से तीन पंक्चर हो चुके हैं जबकि प्रधानमंत्री ‘जुमलेबाजी’ में लगे हैं। कांग्रेस के वरिष्ठ प्रवक्ता और पूर्व वित्त मंत्री पी.चिदंबरम ने यहां पार्टी मुख्यालय में एक विशेष संवाददाता सम्मेलन में कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी प्रतिदिन एक नया जुमला बनाते हैं जबकि पिछले चार साल से भारतीय अर्थव्यवस्था के तमाम संकेतक नकारात्मक रुख दिखा रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">मोदी सरकार के पिछले चार सालों की उपलब्धियों के प्रचार अभियान का उल्लेख करते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि उन्होंने कहा रोजगार, निर्यात, कारोबारी माहौल एवं भरोसा, निवेश, बचत और औद्योगिकी सूचकांक सब गिरावट में हैं। प्रधानमंत्री अर्थव्यवस्था में वृद्धि का बखान कर रहे हैं जबकि इसके चार टायर में से तीन पंक्चर हो चुके हैं और चौथा सरकारी व्यय का टायर किसी तरह से चल रहा है। लेकिन बढ़ते वित्तीय घाटे और चालू खाता घाटे से यह भी कभी भी पंक्चर हो सकता है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/three-car-tire-ranks-of-economy-congress/article-4089</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/three-car-tire-ranks-of-economy-congress/article-4089</guid>
                <pubDate>Mon, 11 Jun 2018 14:22:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/pchindrem.jpg"                         length="25729"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ओबीसी समेत तीन सरकारी बैंकों ने महंगा किया कर्ज</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। रिजर्व बैंक की ओर से रेपो रेट में बढ़ोतरी के फैसले के बाद सार्वजनिक क्षेत्र के तीन और बैंकों ने कर्ज महंगा करने का एलान किया है। बैंक ऑफ इंडिया (बीओआइ), ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स (ओबीसी) और सिंडीकेट बैंक ने ब्याज दरों में 0.05 से 0.15 फीसद तक की वृद्धि की है। बैंक […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/three-government-banks-including-obc-have-costly-loans/article-4071"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-06/obc.jpg" alt=""></a><br /><div style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)। </strong>रिजर्व बैंक की ओर से रेपो रेट में बढ़ोतरी के फैसले के बाद सार्वजनिक क्षेत्र के तीन और बैंकों ने कर्ज महंगा करने का एलान किया है। बैंक ऑफ इंडिया (बीओआइ), ओरिएंटल बैंक ऑफ कॉमर्स (ओबीसी) और सिंडीकेट बैंक ने ब्याज दरों में 0.05 से 0.15 फीसद तक की वृद्धि की है। बैंक ऑफ इंडिया ने सभी अवधि के लोन के लिए मार्जिनल कॉस्ट बेस्ड लेंडिंग रेट (एमसीएलआर) में 0.10 फीसद की वृद्धि की है। इस बदलाव के बाद एक साल के कर्ज के लिए बीओआइ की ब्याज दर 8.50 फीसद और एक दिन के कर्ज के लिए 7.90 फीसद हो गई है। एक महीने, तीन महीने और छह महीने के लिए दरें क्रमश: 8.20 फीसद, 8.30 फीसद और 8.45 फीसद हो गई हैं। बढ़ी दरें 10 जून से प्रभावी होंगी।</div>
<div style="text-align:justify;"></div>
<div style="text-align:justify;">ओबीसी ने एमसीएलआर में अलग-अलग अवधि के कर्ज के लिए दरों में 0.10 फीसद से 0.15 फीसद तक की वृद्धि की है। एक महीने, छह महीने और सालभर के कर्ज के लिए ब्याज दरें 0.15 फीसद बढ़कर क्रमश: 8.35 फीसद, 8.60 फीसद और 8.65 फीसद हो गई हैं। एक दिन और तीन महीने के लिए दरें 0.10 फीसद बढ़कर क्रमश: 8.20 फीसद और 8.40 फीसद रहेंगी। वृद्धि 11 जून से प्रभावी होगी। सिंडीकेट बैंक ने एमसीएलआर में 0.05 फीसद की वृद्धि की है। 10 जून से प्रभावी हो रही वृद्धि के बाद एक साल के कर्ज पर 8.55 फीसद की दर से ब्याज देना होगा। अन्य सभी अवधि के कर्ज के लिए ब्याज दरों में बदलाव नहीं किया गया है। इससे पहले भारतीय स्टेट बैंक, आइसीआइसीआइ बैंक, एचडीएफसी बैंक, करूर वैश्य बैंक और इंडियन बैंक भी कर्ज महंगा करने का एलान कर चुके हैं। एमसीएलआर में बढ़ोतरी से आवास और वाहन ऋण महंगे हो जाएंगे।</div>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/three-government-banks-including-obc-have-costly-loans/article-4071</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/three-government-banks-including-obc-have-costly-loans/article-4071</guid>
                <pubDate>Sun, 10 Jun 2018 08:21:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-06/obc.jpg"                         length="117649"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        