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                <title>Rainy Season - Sach Kahoon Hindi</title>
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                <description>Rainy Season RSS Feed</description>
                
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                <title>Snake News: चोरी से भी घर में नहीं घुस पाएगा सांप, जब लगा लेंगे ये विशेष गंध वाला 1 पौधा, जानें इस पौधे की पहचान&amp;#8230;</title>
                                    <description><![CDATA[Snake News: बरसात का मौसम सही से शुरू भी नहीं हुआ है कि देश के कई राज्यों में बाढ़ की समस्या देखने को मिल गई, इससे जल जनित बीमारियां, इंफेक्शन आदि से लोग तो ग्रस्त होते ही हंै साथ ही कीड़े-मकोड़े, जीव जंतुओं के काटने और घऱ में घुसने का खतरा भी काफी बढ़ जाता […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/home-and-family/snakes-will-not-be-able-to-enter-the-house-even-by-stealth-when-you-plant-this-plant-with-a-special-smell/article-59752"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2024-07/snake-news.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">Snake News: बरसात का मौसम सही से शुरू भी नहीं हुआ है कि देश के कई राज्यों में बाढ़ की समस्या देखने को मिल गई, इससे जल जनित बीमारियां, इंफेक्शन आदि से लोग तो ग्रस्त होते ही हंै साथ ही कीड़े-मकोड़े, जीव जंतुओं के काटने और घऱ में घुसने का खतरा भी काफी बढ़ जाता है, गांवों, पहाड़ी, जंगल, पार्क, नदी, नालों आदि के पास जिनका घर होता है, उन्हें अधिक समस्याएं होती हैं, खासकर जिनका घर ग्राउंड फ्लोर और पहली मंजिल पर हो, उन्हें हर तरह के जीव-जंतुओ से बचकर रहना चाहिए, छोटे-मोटे कीडे मकोड़ों को तो कई तरह के कीटनाशक या घरेलू नुस्खों से आप आसानी से मार या भगा सकते हैं, लेकिन घर में सांप घुस जाए तो आप क्या करोंगे?</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/if-you-dont-have-a-place-to-walk-in-the-rain-then-do-this-yoga-at-home-you-will-get-many-benefits/">Yoga Benefits: बरसात में नहीं है वॉक करने की जगह, तो घर में करें ये योगा, मिलेगे अनेकों फायदें</a></p>
<p style="text-align:justify;">जी हां बारिश के मौसम में पानी वाले सांप या कई अन्य किस्म के सापों के आने की खबरें खूब सामने आती हैं, ऐसे में पहले से तैयारी या सावधानी ना बरती जाए तो यह आपके और आपके परिवार के सदस्यों के लिए जानलेवा साबित हो सकता है। तो बारिश के इस सीजन में कैसे अपने घर को सांपों से दूर रखा जा सकता है? अगर इसका कोई उपाय आपके पास नहीं हैं तो हम आपको बेहद ही आसान सा तरीका आपको बताने जा रहे हैं, इसमें आपको अधिक मेहनत करने की जरूरत नहीं पड़ेगी, बस इसको लिए आपकी अपनी बालकनी, छत और दरवाजे पर सर्पगंधा का पौधा लगाना है। Snake News</p>
<p style="text-align:justify;">सर्पगंधा एक ऐसा औषधीय पौधा है, जिसमें मौजूद प्राकृतिक गुण सांपों को आपके घर से दूर रखने में मदद करते हैं, बारिश के मौसम में इसे जरूर अपने घर के आसपास, आंगन, छत, बालकनी, मुख्य द्वार पर लगाना चाहिए। खासकर उन लोगों को ये पौधा जरूर लगाना चाहिए, जिनके इलाके में सांपों का बसेरा हो। बता दें कि इस पौधे का साइंटिफिक नाम सवोल्फिया सर्पेतिना है। कहा जाता है कि इस पौधे की गंध काफी खराब होती है, जिसे सांप भी बर्दाश्त नहीं कर पाते हैं और इस पौधे के पास भी नहीं भटकना चाहते, सर्पगंधा का इस्तेमाल जीव-जंतुओं के काटने के बाद इलाज के तौर पर भी किया जाता है, इसकी पत्तियां और छाल को बिच्छू, मकड़ी के जहर को बेअसर करने के लिए भी इस्तेमाल में लाया जाता है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">ये अन्य पौधे भी सापों को घर से दूर रखते हैं | Snake News</h3>
<p style="text-align:justify;">वहीं यदि आप सर्पगंधा का पौधा खरीदना चाहते हैं, लेकिन आपको पता नहीं कि ये कैसा दिखाई पड़ता है, तो आपको बता दें कि इसकी जड़ पीले और भूरे रंग की होती है और पत्ते चमकीले हरे रंग के होते हैं, सर्पगंधा के साथ ही आप लहसुन, मगवॉर्ट, स्नेक प्लांट या मदर इन लॉ टंग, तुलसी, प्याज, सोसाइटी गार्लिक, लेमन ग्रास का पौधा भी आप लगा सकते हैं, ये सभी प्लांट्स सांपों के साथ ही बारिश में पनपने वाले कई अन्य कीड़े-मकोड़े, मच्छरों आदि को घर से दूर रख सकते हैं।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>घर परिवार</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

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                <pubDate>Sat, 13 Jul 2024 10:44:53 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
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            <item>
                <title>बरसाती मौसम: बीमारियों से रहें सतर्क</title>
                                    <description><![CDATA[बरसात में जगह-जगह पानी इकट्ठा हो जाने से, हवा में नमी की वजह से, गंदगी आदि के बढ़ जाने से कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। (Rainy-Season) सर्दी-जुकाम, बुखार, डेंगू, मलेरिया आदि इस मौसम में होने वाली आम बीमारियां हैं, जिनसे बचाव करने में जरा सी भी असावधानी बड़ी परेशानी खड़ी कर […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/home-and-family/rainy-season-be-alert-from-diseases/article-27696"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2021-10/rainy-season.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">बरसात में जगह-जगह पानी इकट्ठा हो जाने से, हवा में नमी की वजह से, गंदगी आदि के बढ़ जाने से कई तरह की बीमारियों का खतरा बढ़ जाता है। <strong>(Rainy-Season)</strong> सर्दी-जुकाम, बुखार, डेंगू, मलेरिया आदि इस मौसम में होने वाली आम बीमारियां हैं, जिनसे बचाव करने में जरा सी भी असावधानी बड़ी परेशानी खड़ी कर सकती है। आज हम बरसात के मौसम में होने वाली उन्हीं बीमारियों और उनके उपचार के बारे में चर्चा करेंगे, जिनकी वजह से सावन के मनोहर वातावरण की किरकिरी होने में देर नहीं लगती।</p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>सर्दी-जुकाम, बुखार</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">बारिश के मौसम में यह बीमारी आम है। काफी देर तक शरीर में नमी रहने के कारण सर्दी-खांसी के बैक्टीरिया जन्म लेते हैं, जिससे सर्दी-जुकाम, बुखार और खांसी जैसे रोगों की संभावना बढ़ जाती है। इससे बचाव के लिए बारिश में भीगने से बचना जरुरी है। अगर किसी वजह से भी जाते हैं तो तुरंत कपड़े बदलकर सूखे कपड़े पहन लेना चाहिए। गीलापन सुखाने के लिए पंखे आदि की बजाय हीटर या फिर आग प्रयोग में लाएं। सर्दी-जुकाम से संक्रमित व्यक्तियों से संपर्क के बाद हाथ ठीक से धोएं। अधिक परेशानी होने पर डॉक्टर से संपर्क करें।</p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>मलेरिया</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">बारिश में जगह-जगह पानी इकट्ठा हो जाने से मलेरिया की संभावना काफी प्रबल रहती है। मादा एनिफिलीज मच्छर के काटने से होने वाला यह रोग एक संक्रामक रोग है और दुनिया के सबसे जानलेवा बीमारियों में से एक है। इसलिए इसे हल्के में लेना भारी पड़ सकता है। यदि बुखार और बदनदर्द के साथ आपको कंपकंपाहट हो रही है तो यह लक्षण मलेरिया के हैं। मच्छरों के काटने से खुद का बचाव करना इसके रोकथाम का पहला मंत्र है। इसके लिए रात को सोते समय मच्छरदानी का प्रयोग, घर के आसपास पानी न इकट्ठा होने देना और नालियों में डीडीटी का छिड़काव जैसे तरीके अपनाए जा सकते हैं। मलेरिया के लक्षण दिखते ही तुरंत डॉक्टर से संपर्क करने में ही समझदारी है।</p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>हैजा</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">दूषित जल और अस्वच्छता की बरसात के मौसम में कोई कमी नहीं होती और इनकी वजह से फैलने वाला रोग जिंदगी का सबसे बड़ा खतरा बन सकता है। आस-पास की गंदगी हैजा फैलने का सबसे बड़ा कारण है। इस रोग के होने पर दस्त और उल्टियां आती हैं, पेट में तेज दर्द होता है, बेचैनी और प्यास की अधिकता हो जाती है। इससे बचने के लिए आसपास की सफाई के अलावा पानी उबालकर पीना चाहिए। इस रोग से बचाव का सबसे अच्छा उपाय टीकाकरण है। यह सुलभ भी है और सबसे ज्यादा विश्वसनीय भी। समय रहते रोगी का उपचार जरुरी है, क्योंकि हैजा जानलेवा भी हो सकती है।</p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>टाइफाइड</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">मानसून के दिनों की सबसे खतरनाक बीमारियों में से एक है टाइफाइड। संक्रमित जल और भोजन से होने वाले इस रोग में तेज बुखार आता है, जो कई दिनों तक बना रहता है। ठीक होने के बाद भी इस बीमारी से होने वाला संक्रमण रोगी के पित्ताशय में जारी रहता है, जिससे जीवन का खतरा बना रहता है। संक्रामक रोग होने के कारण टाइफाइड के रोगी को लोगों से दूर रहना चाहिए। टीकाकरण इस बीमारी को रोकने के लिए बहुत जरुरी है। ज्यादा से ज्यादा तरल पदार्थों का सेवन इस रोग से बचाव के लिए फायदेमंद होता है।</p>
<blockquote class="wp-embedded-content"><p><a href="http://10.0.0.122:1245/wear-cotton-in-summer/">गर्मियों में पहनें सूती वस्त्र</a></p></blockquote>
<p><iframe class="wp-embedded-content" title="“गर्मियों में पहनें सूती वस्त्र” — Sach kahoon - Best Online Hindi News" src="http://10.0.0.122:1245/wear-cotton-in-summer/embed/#?secret=IGMS0cO3Zb%23?secret=rGTUh4Vc90" width="500" height="282" frameborder="0"></iframe></p>
<h3 style="text-align:justify;"><strong>चिकनगुनिया</strong></h3>
<p style="text-align:justify;">मानसून में मच्छरजनित रोग बढ़ जाते हैं। ऐसी ही एक और बीमारी है चिकनगुनिया, जो एडीज ऐजिपटी मच्छर के काटने से होती है। इस खास तरह के मच्छर के काटने के 3 से 7 दिन के बाद चिकनगुनिया के लक्षण रोगी के शरीर में दिखाई देने लगते हैं। बुखार आना और जोड़ों में दर्द होना, सिर दर्द, मांसपेशियों में दर्द, जोड़ों में सूजन और शरीर पर दाने आना इस रोग के लक्षण हैं। इस रोग से बचाव के लिए जरुरी है कि बाहर बिकने वाले खुले खाने से परहेज करें। साफ पानी पिएं, अधिकाधिक मात्रा में तरल पदार्थ लें ताकि शरीर में पानी की कमी न रहे। लक्षण का पता चलते ही डॉक्टर से संपर्क करें।</p>
<p style="text-align:right;"><em><strong>-डॉ. अनुराधा रानी</strong></em></p>
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                                                            <category>घर परिवार</category>
                                    

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                <pubDate>Tue, 19 Oct 2021 10:45:00 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>भोपाल में बारिश से मौसम खुशनुमा</title>
                                    <description><![CDATA[राजधानी (Bhopal) में मौसम खुशनुमा भोपाल(एजेंसी) मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल (Bhopal) में आज करीब एक पखवाड़े बाद बारिश से मौसम एक बार फिर खुशनुमा हो गया। राजधानी में कल रात से छाए बादलों के बीच सुबह करीब 10 बजे से बारिश का दौर शुरु हुआ। इसके चलते राजधानी में मौसम खुशनुमा हो गया है। पिछले एक […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/rainfall-bhopal/article-5245"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-08/bhopal-rain.jpg" alt=""></a><br /><h2>राजधानी <strong>(Bhopal) </strong>में मौसम खुशनुमा</h2>
<p><strong>भोपाल(एजेंसी)</strong> मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल <strong>(Bhopal)</strong> में आज करीब एक पखवाड़े बाद बारिश से मौसम एक बार फिर खुशनुमा हो गया। राजधानी में कल रात से छाए बादलों के बीच सुबह करीब 10 बजे से बारिश का दौर शुरु हुआ। इसके चलते राजधानी में मौसम खुशनुमा हो गया है।</p>
<p>पिछले एक पखवाड़े से बारिश नहीं होने से शहर में पिछले कई दिन से उमस और गर्मी का प्रकोप जारी था। मौसम विभाग ने आगामी 24 घन्टों के दौरान प्रदेश के सभी संभागों के जिलों में अनेक स्थानों पर बारिश या गरज-चमक के साथ बौछारों के साथ भारी से बहुत भारी वर्षा होने की संभावना जताई है।</p>
<p>विभाग का कहना है कि वर्तमान में मानसून द्रोणिका का अक्ष बीकानेर, चुरु, झांसी, उमरिया, उत्तरी छतीसगढ़ एवं आसपास के क्षेत्रों में स्थित स्पष्ट चिन्हित कम दवाब क्षेत्र का केन्द्र से होती हुई मध्यपूर्व बंगाल की खाड़ी तक विस्तारित है, जिसके चलते बारिश का दौर जारी रहेगा।</p>
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<p> </p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

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                <pubDate>Wed, 08 Aug 2018 15:43:35 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शहर हुआ पानी पानी, थोड़ी बरसात ने ही खोली दावों की पोल</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ न्यूज)। पिछले करीब एक पखवाड़े से भयंकर गर्मी की मार झेल रहे सरसावासियों को इन दिनों बरसाती मौसम (Heavy Rain) खूब भा रहा है मगर साथ ही साथ बरसाती पानी के सड़कों पर जमा होने की परेशानी से भी जूझना पड़ रहा है। आलम ये है कि शहर के अनेक हिस्सों में […]
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                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/heavy-rain-in-sirsa/article-4670"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-07/sirsa.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ न्यूज)।</strong> पिछले करीब एक पखवाड़े से भयंकर गर्मी की मार झेल रहे सरसावासियों को इन दिनों बरसाती मौसम <a href="http://10.0.0.122:1245/rain/"><strong>(Heavy Rain)</strong></a> खूब भा रहा है मगर साथ ही साथ बरसाती पानी के सड़कों पर जमा होने की परेशानी से भी जूझना पड़ रहा है। आलम ये है कि शहर के अनेक हिस्सों में जलभराव होने के कारण लोगों को आने जाने में काफी दिक्कतों से दोचार होना पड़ा।</p>
<p style="text-align:justify;">उल्लेखनीय है कि बीते मंगलवार रात को हुई तेज बरसात के कारण बुधवार को शहर के अनेक हिस्सों जिसमें मुख्य तौर पर सुर्खाब चौक, जनता भवन मार्ग, अग्रसेन कॉलोनी, तुलाराम झूंथरा धर्मशाला से लेकर भगवान परशुराम चौक, खैरपुर व नहर कॉलोनी के सामने के हिस्सों में काफी मात्रा में पानी एकत्रित हो गया।</p>
<p style="text-align:justify;">जलभराव की स्थिति होने पर बुधवार सुबह सबसे अधिक दिक्कतें स्कूल जाने वाले विद्यार्थियों को हुई क्योंकि उनके घरों से होकर मुख्य सड़कों तक जाने में ही काफी मात्रा में बरसाती पानी से होकर उन्हें गुजरना पड़ा। अहम बात यह है कि प्रशासनिक तंत्र की ओर से बरसात के मौसम से पूर्व ही शहर में जलनिकासी का कड़ा प्रबंध करने के दावे करते रहे हैं मगर अब शहर में हुई बरसात ने इन दावों की कलई खोलकर रख दी है।</p>
<h1 style="text-align:center;"><a href="http://10.0.0.122:1245/rain/">कहां कितना बरसा पानी</a> | Heavy Rain</h1>
<ul>
<li><strong>सरसा               23 एमएम</strong></li>
<li><strong>ओटू                 10 एमएम</strong></li>
<li><strong>पंजुआना          18 एमएम</strong></li>
<li><strong>रोड़ी                  10 एमएम </strong></li>
<li><strong>कांलावाली        20 एमएम</strong></li>
<li><strong>खुइयां              24 एमएम</strong></li>
<li><strong>अबूबशहर        20 एमएम</strong></li>
<li><strong>गोलेवाला         12 एमएम</strong></li>
</ul>
<p> </p>
<p> </p>
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                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/heavy-rain-in-sirsa/article-4670</link>
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                <pubDate>Thu, 05 Jul 2018 03:49:14 +0530</pubDate>
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