<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/forced-live/tag-7705" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Forced Live - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/7705/rss</link>
                <description>Forced Live RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>नरक भरी जिंदगी जीने का मजबूर तपा खेड़ावासी</title>
                                    <description><![CDATA[करीब हजार एकड़ से अधिक नरमे व धान की फसल बरसात के पानी में डूबने से हुई खत्म श्री मुक्तसर साहिब/लम्बी। बीते मंगलवार को हुई बरसात के साथ जहां क्षेत्र लम्बी के विभिन्न गांवों में धान व नरमे की फसल का हजारों एकड़ क्षेत्रफल बरसात के पानी में डूबने से किसानों द्वारा दिन-रात एक कर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/punjab/hell-life-forced-live-tappa-khera-people/article-4755"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-07/tappa-khera-news.jpg" alt=""></a><br /><h1 style="text-align:center;">करीब हजार एकड़ से अधिक नरमे व धान की फसल<br />
बरसात के पानी में डूबने से हुई खत्म</h1>
<p style="text-align:justify;"><strong>श्री मुक्तसर साहिब/लम्बी।</strong> बीते मंगलवार को हुई बरसात के साथ जहां क्षेत्र लम्बी के विभिन्न गांवों में धान व नरमे की फसल का हजारों एकड़ क्षेत्रफल बरसात के पानी में डूबने से किसानों द्वारा दिन-रात एक कर की मेहनत पर भी पानी फिर गया है वहीं ब्लॉक लम्बी के गांव तप्पाखेड़ा को तो इस बरसात कारण दोहरी मार झेलनी पड़ रही है। इस गांव के चार चारों तरफ पानी ही पानी फैल चुका है।</p>
<p style="text-align:justify;">गांव तप्पाखेड़ा निवासी निरजीत सिंह और सन्दीप सिंह ढिल्लों ने बताया कि बीते दिनों जिले के डिप्टी कमिशनर सुमित जारंगल ने गांव तप्पाखेड़ा के दौरे दौरान कहा था कि एक बार गांव वासी पानी उठाने वाले पंखे लगाकर पानी उठाना शुरू करवा दें व डीजल वगैरह का खर्च देने के लिए उन्होंने पंचायत विभाग को हिदायतें दे दी हैं। इस लिए उन्होंने उस दिन से ही गांव के आसपास जमा बरसात के पानी को पंखों के साथ उठवाकर ड्रेन में फेंकना शुरू करवा रखा है, जिससे बरसात का पानी गांव में घुसकर घरों का नुक्सान न घर दे।</p>
<p style="text-align:justify;">तप्पाखेड़ा निवासियों ने ओर बताया कि गांव तप्पाखेड़ा के पास के गांवों आधनियां, माहूआना, अबुल्लखुराना से काफी निचला होने के कारण इन गांवों का बरसात का पानी भी यहां पहुंच जाता है। यह भी बताया कि पूर्व सरकार दौरान तप्पाखेड़ा में से फाल्तू बरसात के पानी को निकालने के लिए 2 लिंक ड्रेनें मंजूर हुई थीं, जिनके द्वारा बरसात का पानी अबुल्लखुराना ड्रेन में पड़ना था, परंतु सरकार बदलने से ड्रेनें बन नहीं सकीं।</p>
<h1 style="text-align:center;">स्थानीय वासियो में पैदा हुआ डर</h1>
<p style="text-align:justify;">इस वक्त तप्पाखेड़ा-आधनियां कच्चा रास्ता के साथ गांव वासियों ने बरसात पानी को बांध लगाकर रोका है, परंंतु यदि बरसात आ गई तो यह बांध टूट भी सकता, जिससे तप्पाखेड़ा के गरीब परिवारों की कॉलोनी, जो कि फतिपुर मनिया व दयोणखेड़ा लिंक सड़कों के बीच आती है, यह पानी सीधा बाढ़ बनकर इस कालोनी में जाकर मकानों को नुक्सान पहुंचा सकता है।</p>
<h1 style="text-align:center;">गरीब परिवारों के मकानों में आई दरारें</h1>
<p>बरसात के कारण गांव के कुछ गरीब परिवारों के मकानों में दरारें आ गई हैं, जिस कारण इन मकानों में रहने वाले लोगों को मकानों के गिरने का अंदेशा पैदा हो गया है। बरसात के पानी कारण इस वक्त तप्पाखेड़ा -फतेहपुर मनियां लिंक सड़क भी बंद पड़ी है। इसके अलावा गांव के बड़ी संख्या में किसानों का नरमा व धान की फसल पानी में डूब गई है।</p>
<p style="text-align:justify;">गांव के पीड़ित किसानों का कहना है कि जिस दिन डीसी श्री मुक्तसर साहब गांव आए थे तो उन्होंने कहा था कि पानी में डूबी फसल की स्पैशल गिरदावरी करवाई जायेगी, परंतु अभी तक स्पैशल गिरदावरी का काम शुरू नहीं हुआ।</p>
<h1 style="text-align:center;">पानी हम होने पर शुरु होगी फसलों की गिरदावरी : अधिकारी</h1>
<p style="text-align:justify;">इस संबंधी जतिन्दरपाल सिंह ढिल्लों नायब तहसीलदार लम्बी ने बताया कि जब एक दो दिनों में फसलों में से पानी थोड़ा कम जाएगा तो गिरदावरी शुरू कर दी जाएगी व किसानों को खराब हुई फसलों का उचित मुआवजा दिया जाएगा।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>पंजाब</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/hell-life-forced-live-tappa-khera-people/article-4755</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/punjab/hell-life-forced-live-tappa-khera-people/article-4755</guid>
                <pubDate>Mon, 09 Jul 2018 04:42:11 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-07/tappa-khera-news.jpg"                         length="95104"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        