<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/ayodhya-case/tag-7790" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>Ayodhya case - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/7790/rss</link>
                <description>Ayodhya case RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>Ayodhya : अयोध्या का रिकॉर्डतोड़ वर्ल्ड रिकॉर्ड, दिवाली की पूर्व संध्या पर जलाए इतने लाख दीये!</title>
                                    <description><![CDATA[अयोध्या (Ayodhya)। उत्तर प्रदेश के अयोध्या में शनिवार को भव्य दीपोत्सव मनाया गया और इसके घाटों को लाखों मिट्टी के दीयों से रोशन किया गया। दिवाली की पूर्व संध्या पर, सरयू नदी के तट पर स्थित मंदिरों के शहर ने अपना ही विश्व रिकॉर्ड तोड़ दिया। नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के लिए अयोध्या के 51 […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/ayodhyas-world-record-broken-so-many-lakhs-of-lamps-lit-on-the-eve-of-diwali/article-54795"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-11/ayodhya.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>अयोध्या (Ayodhya)।</strong> उत्तर प्रदेश के अयोध्या में शनिवार को भव्य दीपोत्सव मनाया गया और इसके घाटों को लाखों मिट्टी के दीयों से रोशन किया गया। दिवाली की पूर्व संध्या पर, सरयू नदी के तट पर स्थित मंदिरों के शहर ने अपना ही विश्व रिकॉर्ड तोड़ दिया। नया गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड बनाने के लिए अयोध्या के 51 घाटों पर एक ही समय में लगभग 22.23 लाख दीये जलाए गए। Diwali 2023</p>
<h3>राम मंदिर का बहुप्रतीक्षित उद्घाटन 22 जनवरी 2024 को होने वाला है</h3>
<p style="text-align:justify;">2017 में योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) के नेतृत्व वाली सरकार के गठन के साथ अयोध्या में दीपोत्सव समारोह शुरू हुआ। उस वर्ष, लगभग 51,000 दीये जलाए गए और 2019 में यह संख्या 4.10 लाख हो गई। 2020 में 6 लाख से अधिक और 2021 में 9 लाख से अधिक मिट्टी के दीपक जलाए गए। 2022 में राम की पैड़ी के घाटों पर 17 लाख से ज्यादा दीये जलाए गए। हालाँकि, गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स ने केवल उन दीयों को ध्यान में रखा जो पांच मिनट या उससे अधिक समय तक जलते रहे और रिकॉर्ड 15,76,955 पर सेट किया गया। Diwali 2023</p>
<p style="text-align:justify;">इससे पहले अयोध्या में दीपोत्सव समारोह से पहले जुलूस निकाला गया जिसमें, रामायण, रामचरितमानस और विभिन्न सामाजिक मुद्दों पर आधारित अठारह झांकियां निकाली गई, जोकि जुलूस का हिस्सा थीं। जुलूस को जिसे उत्तर प्रदेश के पर्यटन और संस्कृति मंत्री जयवीर सिंह ने हरी झंडी दिखाई। जुलूस उदय चौराहे से शुरू हुआ और शहर के विभिन्न हिस्सों से गुजरते हुए राम कथा पार्क तक पहुंचा। झाँकियाँ बच्चों के अधिकार और बुनियादी शिक्षा, महिला सुरक्षा और कल्याण, आत्मनिर्भरता, वन और पर्यावरण की सुरक्षा और विज्ञान और प्रौद्योगिकी जैसे मुद्दों पर आधारित थीं। उन्होंने विभिन्न सरकारी योजनाओं का भी प्रदर्शन किया। इस साल का जश्न खास बताया जा रहा है क्योंकि अयोध्या में राम मंदिर का निर्माण कार्य जोरों पर है। राम मंदिर का बहुप्रतीक्षित उद्घाटन 22 जनवरी 2024 को होने वाला है और इसमें प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी शामिल होंगे। Diwali 2023</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Indian Railways: बाप रे बाप! रेलवे स्टेशनों पर भीड़ का ऐसा हाल, वीडियो देख होश उड़ जाएंगे!" href="http://10.0.0.122:1245/huge-crowd-at-railway-stations-on-diwali/">Indian Railways: बाप रे बाप! रेलवे स्टेशनों पर भीड़ का ऐसा हाल, वीडियो देख होश उड़ जाएंगे!</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/ayodhyas-world-record-broken-so-many-lakhs-of-lamps-lit-on-the-eve-of-diwali/article-54795</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/ayodhyas-world-record-broken-so-many-lakhs-of-lamps-lit-on-the-eve-of-diwali/article-54795</guid>
                <pubDate>Sun, 12 Nov 2023 12:19:41 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-11/ayodhya.jpg"                         length="147411"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Ayodhya Ram Mandir : खुदाई में मिले राम जन्मभूमि का सच साबित करने वाले अवशेष की फोटो जारी</title>
                                    <description><![CDATA[Ayodhya Ram Mandir: अयोध्या। श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महामंत्री चंपत राय द्वारा जारी तस्वीर से यह साबित हो रहा है कि श्रीराम जन्मभूमि पर खुदाई में मिले प्राचीन मंदिर के अवशेष राम मंदिर के ही हैं। फोटो में कई मूर्तियां और पिलर दिखाई दे रहे हैं। जोकि 21 साल पहले यानी 2002 में […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/photo-of-the-remains-found-during-excavation-proving-the-truth-of-ram-janmabhoomi-released/article-52310"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2023-09/ram-mandir.gif" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>Ayodhya Ram Mandir: अयोध्या।</strong> श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महामंत्री चंपत राय द्वारा जारी तस्वीर से यह साबित हो रहा है कि श्रीराम जन्मभूमि पर खुदाई में मिले प्राचीन मंदिर के अवशेष राम मंदिर के ही हैं। फोटो में कई मूर्तियां और पिलर दिखाई दे रहे हैं। जोकि 21 साल पहले यानी 2002 में एएसआई टीम को खुदाई करते समय बरामद हुए थे। अवशेषों की संख्या 50 के करीब बताई जा रही है, जिनमें 8 टूटे खंभे, 6 खंडित मूर्तियां, 5-6 मिट्टी के बर्तन और 6-7 कलश हैं। Ayodhya Ram Mandir</p>
<h3 style="text-align:justify;">जन्मभूमि के लिए किए संघर्ष को जानना हर हिंदू का अधिकार : दास</h3>
<p style="text-align:justify;">साधु-संतों के दावों से यह स्पष्ट होता है कि ये अवशेष 500 साल पुराने हैं। जोकि 21 साल पहले रामलला मंदिर के गर्भगृह के चारों ओर खुदाई के दौरान बरामद हुए थे। बता दें कि जहां ये अवशेष बरामद हुए हैं, वह विवादित स्थल पहले राम मंदिर हुआ करता था। अंग्रेजों के जमाने में इसके ऊपर अन्य धार्मिक ढांचा खड़ा कर दिया गया। बाद में मामला कोर्ट पहुंचा। एएसआई सर्वे हुआ, तो उस विवादित जगह से मंदिरों के यही अवशेष मिले, जो राम जन्मभूमि के सच साबित करने का मजबूत आधार बनें।</p>
<p style="text-align:justify;">बरामद हुए इन अवशेषों में काली कसौटी के पत्थर से बने पिलर यानी खंभे, पिंक सैंड स्टोन की बनी देवताओं की मूर्तियां, मिट्टी के कलश और मंदिर में लगे नक्काशीदार पत्थरों के टुकड़े शामिल हैं। इन अवशेषों को रामलला के अस्थायी मंदिर के निकास द्वार के पास सुरक्षित रखा गया है। रामलला के दर्शन कर निकलने के बाद भक्तों को यह गैलरी मिलती है। Shri Ram Janmabhoomi</p>
<p style="text-align:justify;"> ‘हर हिंदू का यह अधिकार है कि जन्मभूमि पाने के लिए किए गए संघर्ष को जानना चाहिए’ श्रीराम वल्लभाकुंज के प्रमुख स्वामी राजकुमार दास ने कहा, ‘फोटो ने हम सभी को मंदिर आंदोलन के संघर्षों की याद दिला दी है। हर सनातन धर्म को मानने वाले को श्रीराम जन्मभूमि को पाने के लिए किए गए संघर्ष को जानना चाहिए।’ डॉ. भरत दास उदासीन ऋषि आश्रम रानोपाली के महंत डॉ. भरत दास के अनुसार, ‘हर राम भक्त के लिए राम मंदिर का इतिहास जानना जरूरी है। इससे उसे पता चलेगा कि हम लोगों के पूर्वजों ने इसके लिए कितना खून-पसीना बहाया है। यह साक्ष्य न मिलते तो हमें राम जन्मभूमि इतनी आसानी से नहीं मिलने वाली थी।’ Ayodhya Ram Mandir Update</p>
<p><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="Rajouri: मुठभेड़ में कर्नल, मेजर और डीएसपी सहित 4 शहीद, दो आतंकी भी ढेर" href="http://10.0.0.122:1245/rajouri-another-terrorist-killed-in-encounter-with-security-forces/">Rajouri: मुठभेड़ में कर्नल, मेजर और डीएसपी सहित 4 शहीद, दो आतंकी भी ढेर</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/photo-of-the-remains-found-during-excavation-proving-the-truth-of-ram-janmabhoomi-released/article-52310</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/photo-of-the-remains-found-during-excavation-proving-the-truth-of-ram-janmabhoomi-released/article-52310</guid>
                <pubDate>Wed, 13 Sep 2023 21:55:25 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2023-09/ram-mandir.gif"                         length="107252"                         type="image/gif"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या मामला: सीबीआई अदालत में आडवाणी के बयान दर्ज</title>
                                    <description><![CDATA[अयोध्या में राममंदिर का भूमिपूजन पांच अगस्त को लखनऊ (एजेंसी)। अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठतम नेता और पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की विशेष अदालत में अपना बयान दर्ज कराया। आडवाणी दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीबीआई की अदालत के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-advanis-statement-recorded-in-cbi-court/article-17026"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-07/ayodhya-case.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;"><strong>अयोध्या में राममंदिर का भूमिपूजन पांच अगस्त को</strong></h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>लखनऊ (एजेंसी)।</strong> अयोध्या में बाबरी मस्जिद विध्वंस मामले में शुक्रवार को भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठतम नेता और पूर्व उपप्रधानमंत्री लालकृष्ण आडवाणी ने केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की विशेष अदालत में अपना बयान दर्ज कराया। आडवाणी दिल्ली से वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए सीबीआई की अदालत के सामने पेश हुए। उच्चतम न्यायालय के निदेर्शानुसार विशेष अदालत को इस मामले का 31 अगस्त तक निस्तारण करना है। भाजपा के वरिष्ठ नेता मुरली मनोहर जोशी ने इस मामले में गुरुवार को अपना बयान दर्ज कराया था।</p>
<p style="text-align:justify;">अदालत ने जोशी से बड़ी संख्या में इस मामले पर सवाल किए। उच्चतम न्यायालय के फैसले के बाद अयोध्या में राममंदिर निर्माण का मार्ग प्रशस्त पहले ही हो चुका है । अयोध्या में राममंदिर का भूमिपूजन पांच अगस्त को प्रधानमंत्री मंत्री नरेंद्र मोदी की मौजूदगी में होगा। सभी 32 आरोपियों के बयान सीआरपीसी की धारा 313 के तहत दर्ज किए जा रहे हैं।</p>
<p><strong>अन्य <a href="http://10.0.0.122:1245/">अपडेट</a> हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
<div class="td-g-rec td-g-rec-id-content_bottom tdi_2_227 td_block_template_1"></div>
<div class="td-g-rec td-g-rec-id-content_bottom tdi_2_5aa td_block_template_1"></div>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-advanis-statement-recorded-in-cbi-court/article-17026</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-advanis-statement-recorded-in-cbi-court/article-17026</guid>
                <pubDate>Fri, 24 Jul 2020 15:48:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2020-07/ayodhya-case.jpg"                         length="20779"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>Ayodhya Ki Taza Khabar Live : ऐतिहासिक फैसला कुछ ही पलों  में, पूरे देश में सुरक्षा के कड़े इंतजाम</title>
                                    <description><![CDATA[देश के संवेदनशील मामले में फैसले को देखते हुए देशभर में पुलिस और सुरक्षा एजेंसियां अलर्ट पर हैं।   सच कहूँ इस लाइव रिपोर्ट के जरिए फैसले से जुड़ा हर अपडेट आप तक पहुंचाएगा।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ki-taza-khabar/article-11077"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-11/ayodhya-case.jpg" alt=""></a><br /><h2><strong>उत्तर प्रदेश, जम्मू कश्मीर, राजस्थान, मध्य प्रदेश, दिल्ली, महाराष्ट्र, कर्नाटक में धारा 144 लागू | Ayodhya Ka Taja Samachar</strong></h2>
<p><strong>नई दिल्ली (सच कहूँ) – Ayodhya Ki Taza Khabar: </strong>अयोध्या के करीब पांच सौ साल पुराने विवाद में 206 साल के बाद फैसले की घड़ी आ गयी है और इन बीते वर्षों की तारीखों और तवारीखों के आइने में उच्चतम न्यायालय (<em><strong>Ayodhya News Supreme Court</strong></em>) आज इस पर अपना ऐतिहासिक फैसला सुनाने जा रहा है। अयोध्या में राम मंदिर (<em><strong>Ram Mandir ka News</strong></em>) और बाबरी मस्जिद (<em><strong>Babri Masjid Latest News</strong></em>) के मालिकाना हक को लेकर चल रहा विवाद करीब 500 साल पुराना है। माना जाता है कि इस विवाद की शुरूआत 1528 में तब हुई थी जब मुगल शासक बाबर ने राम मंदिर को गिराकर वहां मस्जिद का निर्माण कराया था। इसी वजह से इसे बाबरी मस्जिद कहा जाने लगा था। विवादित स्थल पर हिंदू और मुस्लिम पक्षकारों में मालिकाना हक का विवाद सबसे पहले 1813 में शुरू हुआ था। मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई, न्यायमूर्ति एस ए बोबडे, न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़, न्यायमूर्ति अशोक भूषण और न्यायमूर्ति एस अब्दुल नजीर की संविधान पीठ अब से चंद समय बाद इस मामले में अपना ऐतिहासिक फैसला सुनाएगी।</p>
<h2>अपना-अपना पक्ष रखने के लिए पर्याप्त अवसर दिए Ayodhya News in Hindi</h2>
<p>भारतीय राजनीति पर तीन दशक से अधिक समय से छाए इस विवाद की सुनवाई के दौरान राम जन्मभूमि पर अपने दावे के पक्ष में जहां रामलला विराजमान, निमोर्ही अखाड़ा, आॅल इंडिया हिन्दू महासभा, जन्मभूमि पुनरुद्धार समिति एवं गोपाल सिंह विशारद ने दलीलें दी, वहीं सुन्नी वक्फ बोर्ड, हासिम अंसारी (मृत), मोहम्मद सिद्दिकी, मौलाना मेहफुजुरहमान, फारुख अहमद (मृत) और मिसबाहुद्दीन ने विवादित स्थल पर बाबरी मस्जिद के मालिकाना हक का दावा किया। इस मामले (<em><strong>Ayodhya Case in Hindi</strong></em>) में शीर्ष अदालत की ओर से न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) मोहम्मद इब्राहिम कलीफुल्ला के नेतृत्व में गठित तीन सदस्यीय मध्यस्थता पैनल की ओर से मध्यस्थता असफल रहने की बात बताए जाने के बाद संविधान पीठ ने नियमित सुनवाई की और सभी पक्षों को अपना-अपना पक्ष रखने के लिए पर्याप्त अवसर दिए।</p>
<h2>चालीस दिन की सुनवाई दोनों पक्षों के वकीलों में गर्मागर्म बहस Ayodhya Case Hearing</h2>
<p><em><strong>Ayodhya Ki Taza Khabar:</strong></em> हिन्दू पक्ष की ओर से सबसे पहले ‘रामलला विराजमान’ के वकील के एस परासरण ने दलीलें शुरू की थी, जबकि सुनवाई का अंत सुन्नी वक्फ बोर्ड की जिरह से हुआ। चालीस दिन की सुनवाई के दौरान कई मौके ऐसे आए जब दोनों पक्षों के वकीलों में गर्मागर्म बहस हुई। दरअसल उच्चतम न्यायालय में अयोध्या विवाद की सुनवाई न्यायिक इतिहास की दूसरी सबसे लंबी सुनवाई बन गयी। इससे पहले आधार की संवैधानिकता को चुनौती देने वाली याचिका की सुनवाई 38 दिनों तक चली थी जबकि 68 दिनों की सुनवाई के साथ ही केशवानंद भारती मामला पहले पायदान पर बना हुआ है। वर्ष 1973 में ‘केशवानंद भारती बनाम केरल’ के मामले में उच्चतम न्यायालय की 13 न्यायाधीशों की संविधान पीठ ने अपने संवैधानिक रुख में संशोधन करते हुए कहा था कि संविधान संशोधन के अधिकार पर एकमात्र प्रतिबंध यह है कि इसके माध्यम से संविधान के मूल ढांचे को क्षति नहीं पहुंचनी चाहिए। ‘केशवानंद भारती बनाम केरल’ के मामले में 68 दिन तक सुनवाई हुई, यह तर्क-वितर्क 31 अक्टूबर 1972 को शुरू होकर 23 मार्च 1973 को खत्म हुआ था।</p>
<h2>10 मई को फैसला सुरक्षित रख लिया गया था</h2>
<p><em><strong>Ayodhya Case Judgement</strong></em>: आधार की संवैधानिकता को चुनौती देने वाली याचिकाओं पर शीर्ष कोर्ट में तत्कालीन मुख्य न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अगुवाई वाली बेंच ने सुनवाई की थी। इस बेंच में न्यायमूर्ति ए के सीकरी, न्यायमूर्ति ए एम खानविलकर, न्यायमूर्ति डी वाई चंद्रचूड़ और न्यायमूर्ति अशोक भूषण शामिल थे। आधार मामले में 38 दिनों तक चली सुनवाई के बाद गत वर्ष 10 मई को फैसला सुरक्षित रख लिया गया था, जबकि इस पर गत वर्ष सितंबर में फैसला सुनाया गया था। इस मामले में विभिन्न सेवाओं में आधार की अनिवार्यता की संवैधानिक वैधता को चुनौती दी गई थी।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करे।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ki-taza-khabar/article-11077</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ki-taza-khabar/article-11077</guid>
                <pubDate>Sat, 09 Nov 2019 10:25:33 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-11/ayodhya-case.jpg"                         length="91970"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या विवाद: 5 जजों की संविधान पीठ कल सुनाएगी फैसला</title>
                                    <description><![CDATA[40 दिन की सुनवाई के बाद सुरक्षित रखा था (Ayodhya Land Dispute Case) सीजेआई रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ सुबह 10.30 बजे फैसला सुना सकती है| 40 दिन तक सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद 16 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा था| सीजेआई ने उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव और […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/supreme-court-verdict-on-ayodhya-land-dispute-tomorrow/article-11076"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-11/capture.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;">40 दिन की सुनवाई के बाद सुरक्षित रखा था (Ayodhya Land Dispute Case)</h2>
<ul>
<li style="text-align:justify;">सीजेआई रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली पीठ सुबह 10.30 बजे फैसला सुना सकती है|</li>
<li style="text-align:justify;">40 दिन तक सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद 16 अक्टूबर को सुप्रीम कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रखा था|</li>
<li style="text-align:justify;">सीजेआई ने उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव और डीजीपी से सुरक्षा की तैयारियों पर चर्चा की|</li>
</ul>
<p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली: Ayodhya Land Dispute Case: </strong>सुप्रीम कोर्ट की 5 सदस्यीय संविधान पीठ शनिवार को <strong><a href="http://10.0.0.122:1245/ayodhya-case-ki-taza-khabar/">अयोध्या विवाद</a></strong> पर फैसला सुनाएगी। न्यूज एजेंसी के मुताबिक, अदालत ने इसकी शेड्यूलिंग कर ली है। सुबह 10.30 बजे चीफ जस्टिस रंजन गोगोई की अध्यक्षता वाली बेंच फैसला सुना सकती है। बेंच ने 40 दिन तक हिंदू और मुस्लिम पक्ष की दलीलें सुनने के बाद 16 अक्टूबर को फैसला सुरक्षित रख लिया था।</p>
<p style="text-align:justify;">इससे पहले सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस रंजन गोगोई ने उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव आरके तिवारी, डीजीपी ओमप्रकाश सिंह समेत कई वरिष्ठ अफसरों से मुलाकात की। इस दौरान चीफ जस्टिस ने अयोध्या केस में फैसला आने से पहले प्रदेश की सुरक्षा तैयारियों को लेकर चर्चा की। संविधान पीठ की अध्यक्षता कर रहे चीफ जस्टिस रंजन गोगोई 17 नवंबर को रिटायर होंगे।</p>
<p> </p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करे।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/supreme-court-verdict-on-ayodhya-land-dispute-tomorrow/article-11076</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/supreme-court-verdict-on-ayodhya-land-dispute-tomorrow/article-11076</guid>
                <pubDate>Fri, 08 Nov 2019 21:49:14 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-11/capture.jpg"                         length="33452"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या में हाई अलर्ट, पीएसी की 47 कंपनियां तैनात, 200 और बुलाईं</title>
                                    <description><![CDATA[अयोध्या (एजेंसी)।  सुप्रीम कोर्ट के संभावित फैसले और उससे पहले दीपोत्सव के चलते अयोध्या छावनी में तब्दील हो चुका है। हालांकि, यहां हमेशा ही हाई सिक्योरिटी रहती है, लेकिन इस बार हालात ज्यादा संवेदनशील हैं। इसी के मद्देनजर उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी, डीजीपी ओपी सिंह सहित कई बड़े अफसर लगातार दौरा कर […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/alerta-alta-en-ayodhya-case-47-empresas-de-pac-desplegadas-200-mas-llamadas/article-10809"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-10/ayodhya-case-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>अयोध्या (एजेंसी)। </strong> सुप्रीम कोर्ट के संभावित फैसले और उससे पहले दीपोत्सव के चलते अयोध्या छावनी में तब्दील हो चुका है। हालांकि, यहां हमेशा ही हाई सिक्योरिटी रहती है, लेकिन इस बार हालात ज्यादा संवेदनशील हैं। इसी के मद्देनजर उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव राजेंद्र तिवारी, डीजीपी ओपी सिंह सहित कई बड़े अफसर लगातार दौरा कर रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">सुरक्षा के लिहाज से अयोध्या को तीन जोन में बांटा गया है- रेड जोन, यलो जोन और ब्लू जोन। रेड जोन में विवादित स्थल की सुरक्षा है। यहां सुरक्षाबल आधुनिक हथियारों, वॉच टॉवर, ड्रोन कैमरों और सीसीटीवी से लैस हैं। अयोध्या में दाखिल होने के सभी रास्तों, घाटों और सरयू नदी के तट की निगरानी के लिए सैकड़ों सीसीटीवी कैमरे लगे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">अयोध्या में दाखिल होने वाले सभी प्रवेश द्वारों पर बैरिकेडिंग की गई है। सुरक्षा व्यवस्था के लिए पीएसी की 47 कंपनियां तैनात हैं। जल्द ही पीएसी की 200 कंपनियां और अर्द्धसैनिक बल और तैनात किए जाएंगे।</p>
<p> </p>
<p> </p>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/alerta-alta-en-ayodhya-case-47-empresas-de-pac-desplegadas-200-mas-llamadas/article-10809</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/alerta-alta-en-ayodhya-case-47-empresas-de-pac-desplegadas-200-mas-llamadas/article-10809</guid>
                <pubDate>Wed, 16 Oct 2019 10:33:43 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-10/ayodhya-case-1.jpg"                         length="55938"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या केस: मुस्लिम पक्ष के वकील बोले- सिर्फ हमसे ही सवाल पूछे जा रहे, हिंदू पक्ष से क्यों नहीं ?</title>
                                    <description><![CDATA[अयोध्या विवाद के संभावित फैसले को लेकर 10 दिसंबर तक अयोध्या में धारा 144 लागू कर दी गई है।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-3/article-10770"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-10/ayodhya-case.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामले की सुनवाई अंतिम चरण में| Ayodhya Case</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>अयोध्या (एजेंसी)।</strong> दशहरा की हफ्ते भर की छुट्टी के बाद सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या <strong>(Ayodhya Case)</strong> के राम जन्मभूमि-बाबरी मस्जिद भूमि विवाद मामले की सुनवाई सोमवार को अंतिम चरण में प्रवेश कर गई है। सोमवार को 38वें दिन की सुनवाई के दौरान कोर्ट ने विवादित इमारत पर हमेशा से मुसलमानों का कब्जा बता रहे मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन से सवाल किया कि जब बाहरी हिस्से में हिंदू राम चबूतरा और सीता रसोई बनाकर पूजा करते थे, फिर यहां आपका कब्जा कैसे हुआ? इस पर धवन ने कहा कि विचित्र बात है कि सिर्फ मुस्लिम पक्षकारों से ही सवाल पूछे जा रहे हैं। दूसरे पक्ष से कोर्ट सवाल नहीं करता। जिस पर कोर्ट ने कहा कि यह टिप्पणी अवांछित है।</p>
<h2>धवन ने दलील देते हुए कहा कि पुरातत्व एक विज्ञान है। ये कोई विचार नहीं है</h2>
<p style="text-align:justify;">राजीव धवन ने कहा कि पुरातत्व विभाग की रिपोर्ट में किसी मंदिर के ध्वस्त करने की बात नहीं कही गई है। ताला खुलने के बाद भी हिंदुओं का वहां पर कब्ज़ा नहीं रहा है। हिंदुओं के पास सिर्फ पूजा का अधिकार रहा है। धवन ने दलील देते हुए कहा कि पुरातत्व एक विज्ञान है। ये कोई विचार नहीं है। पुरातत्व विभाग का जो नोट सबूत के तौर पर कोर्ट ने स्वीकार किया, उसे कोर्ट द्वारा परखा जाना और एएसआई द्वारा उसकी सत्यता साबित किया जाना जरूरी है। इसे मुस्लिम पक्षकारों ने नकारा है। यहां किस्से कहानियों के जरिए अपना दावा किया जा रहा है। मैं किसी यात्री की डायरी या श्रद्धा या विश्वास की बात नहीं करूंगा। मैं सीधे शब्दों में कहूंगा कि विवादित स्थल पर हिंदुओं का कभी कोई एब्सोल्यूट और एक्सक्लुसिव कब्जा नहीं था।</p>
<h2 style="text-align:justify;">10 दिसंबर तक अयोध्या में धारा 144 लागू</h2>
<ul>
<li style="text-align:justify;"><strong>अयोध्या विवाद के संभावित फैसले को लेकर 10 दिसंबर तक अयोध्या में धारा 144 लागू कर दी गई है।</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong> डीएम ने जनपद में निषेधाज्ञा लगाई है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>डीएम अनुज कुमार झा ने बताया कि अयोध्या विवाद के संभावित फैसले, दीपोत्सव, चेहल्लुम व कार्तिक मेले को लेकर 2 महीने तक अयोध्या जनपद में धारा 144 लागू रहेगी। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>अयोध्या फैसले को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>बता दें कि दलीलों के दरवाजे इसी हफ्ते बंद हो जाएंगे और मामले पर फैसला दिवाली के बाद सुनाया जाएगा।</strong></li>
</ul>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-3/article-10770</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-3/article-10770</guid>
                <pubDate>Mon, 14 Oct 2019 14:00:35 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-10/ayodhya-case.jpg"                         length="146802"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या केस: हिंदू पक्ष ने 7.5 लाख और मुस्लिम पक्ष ने 5 लाख पेज की कराई फोटोकॉपी</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। अयोध्या विवाद मामले में दस्तावेजीकरण कितना ज्यादा है, इसका पता इसी बात से चलता है कि मुस्लिम, हिंदू पक्ष और निर्मोही अखाड़ा ने इस मामले की 37 सुनवाई में लगभग 11 लाख पेज की सिर्फ फोटोकॉपी करवाई है। इन दस्तावेजों की संख्या देखकर मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन ने सुप्रीम कोर्ट से […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ram-mandir-ram-janmabhoomi-babri-masjid-xerox-photocopy-pages/article-10746"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-10/reasonable-concern-of-supreme-court-on-social-media.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)। </strong>अयोध्या विवाद मामले में दस्तावेजीकरण कितना ज्यादा है, इसका पता इसी बात से चलता है कि मुस्लिम, हिंदू पक्ष और निर्मोही अखाड़ा ने इस मामले की 37 सुनवाई में लगभग 11 लाख पेज की सिर्फ फोटोकॉपी करवाई है। इन दस्तावेजों की संख्या देखकर मुस्लिम पक्ष के वकील राजीव धवन ने सुप्रीम कोर्ट से निवेदन किया कि मद्रास हाईकोर्ट की तरह दस्तावेजों में फोंट का साइज छोटा किया जाए। आसपास छोड़ा जाने वाले स्पेस भी कम किया जाए। इससे कागज और पेड़ बचेंगे। साथ ही लीगल पेपर की जगह साधारण ए-4 कागज का इस्तेमाल होना चाहिए। धवन की मांग का हिंदू पक्ष ने भी समर्थन किया।</p>
<p> </p>
<p><strong><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</strong></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ram-mandir-ram-janmabhoomi-babri-masjid-xerox-photocopy-pages/article-10746</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-ram-mandir-ram-janmabhoomi-babri-masjid-xerox-photocopy-pages/article-10746</guid>
                <pubDate>Sat, 12 Oct 2019 10:51:13 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-10/reasonable-concern-of-supreme-court-on-social-media.jpg"                         length="68883"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या मामले पर सुप्रीम कोर्ट  में सुनवाई आज</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या मामले पर शुक्रवार को सुनवाई होगी। शीर्ष अदालत की वेबसाइट पर एक नोटिस पोस्ट किया गया है। इसके मुताबिक पांच जजों की संवैधानिक बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी। इसमें सीजेआई रंजन गोगोई, जस्टिस एस.ए. बोबडे, जस्टिस डी.वाय. चंद्रचूड़, जस्टिस अशोक भूषण और जस्टिस एस.अब्दुल नजीर शामिल होंगे। मध्यस्थता […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-2/article-9000"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2019-05/court-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> सुप्रीम कोर्ट में अयोध्या मामले पर शुक्रवार को सुनवाई होगी। शीर्ष अदालत की वेबसाइट पर एक नोटिस पोस्ट किया गया है। इसके मुताबिक पांच जजों की संवैधानिक बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी। इसमें सीजेआई रंजन गोगोई, जस्टिस एस.ए. बोबडे, जस्टिस डी.वाय. चंद्रचूड़, जस्टिस अशोक भूषण और जस्टिस एस.अब्दुल नजीर शामिल होंगे। मध्यस्थता पैनल के पास यह मामला जाने के बाद पहली बार इस पर सुनवाई होगी।</p>
<p style="text-align:justify;">बताया जा रहा है कि इस दौरान मध्यस्थता पैनल अपनी रिपोर्ट पेश कर सकता है। राम मंदिर-बाबरी मस्जिद विवादित मामले को सुलझाए जाने के लिए सुप्रीम कोर्ट ने मध्यस्थता समिति का गठन किया था। तीन सदस्यीय मध्यस्थता पैनल में रिटायर्ड जस्टिस खलीफुल्लाह, अधिवक्ता श्रीराम पांचु और आध्यात्मिक गुरु श्री श्री रविशंकर शामिल हैं।</p>
<h2 style="text-align:justify;">अवध यूनिवर्सिटी में हुई मध्यस्थता प्रक्रिया</h2>
<p style="text-align:justify;">पिछले दिनों इस मामले में याचिका दाखिल करने वाले 25 लोग मध्यस्थता पैनल के सामने पेश हुए थे। याचिकाकर्ताओं के साथ उनके वकील भी मौजूद थे। इन सभी लोगों को फैजाबाद प्रशासन की तरफ से नोटिस भेजा गया था। मध्यस्थता की प्रक्रिया फैजाबाद अवध यूनिवर्सिटी में हुई। इस दौरान किसी को भी वहां जाने की अनुमति नहीं थी।</p>
<h2 style="text-align:justify;">विवादित भूमि पर पूजा की याचिका खारिज की थी</h2>
<p style="text-align:justify;">सुप्रीम कोर्ट ने अप्रैल में अयोध्या की विवादित भूमि पर पूजा करने की याचिका को अस्वीकार किया था। अदालत ने याचिकाकर्ता से कहा था कि आप लोग इस देश को शांति से नहीं रहने देंगे। कोई न कोई हमेशा उकसाता रहता है। इलाहाबाद हाईकोर्ट ने याचिकाकर्ता पर 5 लाख रुपए का जुर्माना लगाया था। सुप्रीम कोर्ट ने उस जुर्माने को भी हटाने से इनकार कर दिया था।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-2/article-9000</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-2/article-9000</guid>
                <pubDate>Fri, 10 May 2019 08:38:36 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2019-05/court-1.jpg"                         length="102258"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सुप्रीम कोर्ट की नई पीठ आज से करेगी अयोध्या मामले में सुनवाई</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली(सच कहूँ)। सुप्रीम कोर्ट की नई पीठ अयोध्या मामले की सोमवार को सुनवाई कर सकती है। शीर्ष कोर्ट के समक्ष 2010 के इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती देने वाली कई याचिकाएं लंबित हैं। हाई कोर्ट ने विवादित 2.77 एकड़ जमीन बराबर हिस्सों में तीनों पक्षकारों-भगवान रामलला, निर्मोही अखाड़ा और सुन्नी वक्फ बोर्ड […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-supreme-courts-new-bench-to-hear-today/article-6499"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-10/sc.jpg" alt=""></a><br /><p><strong>नई दिल्ली(सच कहूँ)।</strong> सुप्रीम कोर्ट की नई पीठ अयोध्या मामले की सोमवार को सुनवाई कर सकती है। शीर्ष कोर्ट के समक्ष 2010 के इलाहाबाद हाई कोर्ट के फैसले को चुनौती देने वाली कई याचिकाएं लंबित हैं। हाई कोर्ट ने विवादित 2.77 एकड़ जमीन बराबर हिस्सों में तीनों पक्षकारों-भगवान रामलला, निर्मोही अखाड़ा और सुन्नी वक्फ बोर्ड को बांटने का सुझाव दिया था।27 सितंबर को तत्कालीन प्रधान न्यायाधीश दीपक मिश्रा की अगुआई वाली पीठ ने दो-एक के बहुमत से आदेश दिया था कि विवादित भूमि के मालिकाना हक वाले दीवानी मुकदमे की सुनवाई तीन जजों की नई पीठ 29 अक्टूबर को करेगी।</p>
<p>पीठ ने नमाज के लिए मस्जिद को इस्लाम का अभिन्न हिस्सा नहीं मानने वाले इस्माइल फारूकी मामले में 1994 के फैसले के अंश को पुनर्विचार के लिए सात जजों की पीठ को भेजने से मना कर दिया था। कोर्ट ने कहा था कि विवादित जमीन पर मालिकाना हक का निर्धारण साक्ष्यों के आधार पर किया जाएगा। इसलिए पिछले फैसले का मौजूदा मामले से कोई संबंध नहीं है।</p>
<p>अपना और मुख्य न्यायाधीश की ओर से फैसला लिखने वाले जस्टिस अशोक भूषण ने कहा था कि हमें वह संदर्भ देखना है, जिसमें पांच जजों की पीठ ने वह फैसला सुनाया था। हालांकि, पीठ में शामिल जस्टिस एस. अब्दुल नजीर ने अलग फैसला देकर कहा था कि मस्जिद इस्लाम का अभिन्न हिस्सा है या नहीं, इस पर धार्मिक मान्यताओं के अनुसार विस्तृत विचार की जरूरत है।</p>
<h2>नई पीठ में कौन-कौन</h2>
<ul>
<li>– प्रधान न्यायाधीश : रंजन गोगोई</li>
<li>– जस्टिस : संजय किशन कौल और केएम जोसेफ</li>
</ul>
<h2>पिछली पीठ में कौन थे</h2>
<ul>
<li>– रिटायर्ड सीजेआइ : दीपक मिश्रा</li>
<li>– जस्टिस : अशोक भूषण और अब्दुल नजीर</li>
<li>ये हैं पक्षकार : रामलला विराजमान, हिंदू महासभा, वक्फ बोर्ड और अन्य।</li>
</ul>
<h2>अयोध्या मामले में राजनीतिक प्रतिक्रियाएं</h2>
<p>राम जन्मभूमि को लेकर संघ के विचारक इंद्रेश कुमार का कहना है कि जैसे काबा को बदला नहीं जा सकता, हरमंदिर साहब को बदला नहीं जा सकता, वेटिकन और स्वर्णमंदिर नहीं बदला जा सकता वैसे ही अयोध्या में रामजन्मभूमि का स्थान नहीं बदल सकता है। यह एक सत्य है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>देश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-supreme-courts-new-bench-to-hear-today/article-6499</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/ayodhya-case-supreme-courts-new-bench-to-hear-today/article-6499</guid>
                <pubDate>Mon, 29 Oct 2018 08:20:47 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2018-10/sc.jpg"                         length="96640"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>अयोध्या मामला: मुसलमानों के हिस्से की जमीन राम मंदिर के लिए दी जाए</title>
                                    <description><![CDATA[नई दिल्ली (एजेंसी)। केंद्रीय शिया वक्फ बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि वास्तव में अयोध्या में विवादित भूमि में मुसलमानों के शेयर का असल दावेदार वही है क्योंकि बाबरी मस्जिद मीर बाकी ने बनवाई थी, जो एक शिया थे। शुक्रवार को बोर्ड ने कहा कि वह इलाहाबाद हाई कोर्ट द्वारा मुसलमानों को दी […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<br /><p style="text-align:justify;"><strong>नई दिल्ली (एजेंसी)।</strong> केंद्रीय शिया वक्फ बोर्ड ने सुप्रीम कोर्ट से कहा है कि वास्तव में अयोध्या में विवादित भूमि में मुसलमानों के शेयर का असल दावेदार वही है क्योंकि बाबरी मस्जिद मीर बाकी ने बनवाई थी, जो एक शिया थे। शुक्रवार को बोर्ड ने कहा कि वह इलाहाबाद हाई कोर्ट द्वारा मुसलमानों को दी गई एक तिहाई भूमि को राम मंदिर बनाने के लिए हिंदुओं को दान करना चाहता है। उधर, मुसलमानों और सुन्नी वक्फ बोर्ड की ओर से पेश सीनियर ऐडवोकेट राजीव धवन ने कहा, ‘बामियान बुद्ध की मूर्तियों को मुस्लिम तालिबान ने नष्ट किया था और बाबरी मस्जिद को हिंदू तालिबान की ओर से ध्वस्त किया गया।’</p>
<h1 style="text-align:center;">यह है पूरा मामला</h1>
<p style="text-align:justify;">राम मंदिर के लिए होनेवाले आंदोलन के दौरान 6 दिसंबर 1992 को अयोध्या में बाबरी मस्जिद को गिरा दिया गया था। इस मामले में आपराधिक केस के साथ-साथ दीवानी मुकदमा भी चला। टाइटल विवाद से संबंधित मामला सुप्रीम कोर्ट में पेंडिंग है। इलाहाबाद हाई कोर्ट ने 30 सितंबर 2010 को अयोध्या टाइटल विवाद में फैसला दिया था। फैसले में कहा गया था कि विवादित लैंड को 3 बराबर हिस्सों में बांटा जाए। जिस जगह रामलला की मूर्ति है उसे रामलला विराजमान को दिया जाए।</p>
<p> </p>
<p> </p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/">Hindi News </a>से जुडे अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें <a href="https://www.facebook.com/SachKahoonOfficial">Facebook</a> और <a href="https://x.com/SACHKAHOON">Twitter</a> पर फॉलो करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>फटाफट न्यूज़</category>
                                            <category>उत्तर प्रदेश</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/ayodhya-case/article-4823</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/uttar-pradesh/ayodhya-case/article-4823</guid>
                <pubDate>Fri, 13 Jul 2018 14:37:20 +0530</pubDate>
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        