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                <title>boycott - Sach Kahoon Hindi</title>
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                <title>किसान और सामाजिक संगठनों ने किया सांसद, विधायक का सामाजिक बहिष्कार</title>
                                    <description><![CDATA[लघु सचिवालय परिसर में पंचायत करते भाकियू व सामाजिक संगठनों के सदस्य।
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/farmers-and-social-organizations-boycott-mp-mla/article-20806"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-12/boycott.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:center;"><strong>लघु सचिवालय में पंचायत कर जताया विरोध, मांगा इस्तीफा</strong></h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>चरखी दादरी (सच कहूँ न्यूज)।</strong> किसान आंदोलन के समर्थन में भाकियू सहित सामाजिक संगठनों ने पंचायत करते हुए सांसद धर्मबीर सिंह व विधायक नैना चौटाला का सामाजिक बहिष्कार करने का निर्णय लिया। इस दौरान सरकार के खिलाफ रोष प्रदर्शन किया और डीसी को ज्ञापन सौंपा। साथ ही अल्टीमेटम दिया कि अगर सांसद, विधायक ने सरकार से समर्थन वापिस लेते हुए इस्तीफा नहीं दिया तो उनको गांव में नहीं घुसने देंगे और उनके निवास का घेराव करेंगे। चरखी दादरी के लघु सचिवालय परिसर में मांगेराम नीमली की अध्यक्षता में भाकियू सहित कई सामाजिक संगठनों द्वारा पंचायत का आयोजन किया गया।</p>
<p style="text-align:justify;">पंचायत में सर्वसम्मति से निर्णय लेते हुए किसान आंदोलन के पक्ष में नहीं आने पर भिवानी-महेंद्रगढ़ लोकसभा सांसद धर्मबीर सिंह व बाढड़ा विधायक नैना चौटाला का सामाजिक बहिष्कार किया गया। पंचायत में प्रतिनिधियों ने कहा कि लगातार किसान बार्डर पर बैठे शांतिपूर्ण तरीके से अपना हक मांग रहे हैं। जबकि सरकार के जनप्रतिनिधि अब तक सामने नहीं आए हैं। ऐसे में इनका गांव में घुसने पर रोक लगाने सहित उनके निवास का घेराव किया जाएगा। पंचायत के बाद प्रदर्शन करते हुए डीसी कार्यालय पहुंचे और नायब तहसीलदार अंकित कुमार को ज्ञापन सौंपा। पंचायत प्रतिनिधि रणबीर फौजी व धर्मेन्द्र सांगवान ने संयुक्त रूप से बताया कि सरकार के जनप्रतिनिधियों ने अब तक किसानों के आंदोलन का समर्थन नहीं किया है। ऐसे में उनका सामाजिक बहिष्कार का निर्णय लिया है।</p>
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                                                            <category>हरियाणा</category>
                                    

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                <pubDate>Thu, 24 Dec 2020 17:19:58 +0530</pubDate>
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                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>वकील को भारी पड़ गया सीएए का समर्थन, हुआ सामाजिक बहिष्कार!</title>
                                    <description><![CDATA[इमाम बोले-झगड़े का कारण दीन की बात | Social boycott मुरादाबाद (एजेंसी)। उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में नागरिकता संशोधन अधिनियम और एनआरसी का समर्थन एक वकील का महंगा पड़ गया। दरअसल वकील सीएए और एनआरसी का विरोध करने वालों को समझा रहा था। इस पर लोगों ने पहले उसे पीटा। फिर उसका हुक्का पानी बंद […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/social-boycott-of-lawyer-for-supporting-caa/article-12568"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2020-01/social-boycott.jpg" alt=""></a><br /><h2>इमाम बोले-झगड़े का कारण दीन की बात | <span lang="en" xml:lang="en">Social boycott</span></h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>मुरादाबाद (एजेंसी)।</strong> उत्तर प्रदेश के मुरादाबाद में नागरिकता संशोधन अधिनियम और एनआरसी का समर्थन एक वकील का महंगा पड़ गया। दरअसल वकील सीएए और एनआरसी का विरोध करने वालों को समझा रहा था। इस पर लोगों ने पहले उसे पीटा। फिर उसका हुक्का पानी बंद कर सामाजिक बहिष्कार (<span lang="en" xml:lang="en">Social boycott</span>) कर दिया गया। परेशान होकर पीड़ित ने पुलिस से न्याय की गुहार लगाई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जिले के मूंढापांडे क्षेत्र के गांव सिरस खेड़ा निवासी अधिवक्ता इदरीस अहमद ने पुलिस को शिकायत दी। शिकायती पत्र में उसने लिखा कि सिरसखेड़ा की चांद मस्जिद के इमाम अनीश मियां सीएए और एनआरसी के मुद्दों पर लोगों को गुमराह कर रहे हैं।</p>
<p style="text-align:justify;">उसने आरोप लगाया कि जब उसने इमाम को ऐसा करने से रोका तो लोगों के साथ मिलकर उससे मारपीट की। इतना ही नहीं, अब उनका हुक्का पानी बंद कर दिया है। और उसके पूरे परिवार सहित सामाजिक और धार्मिक बहिष्कार भी कर दिया। इमाम ने गांव वालों को वकील के परिवार से बातचीत करने से भी मना किया है। इदरीश और उनके परिवार पर मस्जिद में नमाज पढ़ने और बाजार से सामान खरीदने तक पर प्रतिबंध लगा दिया गया।</p>
<ul>
<li><strong>सामाजिक बहिष्कार के लिए बोले जाने का एक ऑडियो भी इदरीश ने कराया उपलब्ध </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>भरी पंचायत उसके परिवार का बहिष्कार का ऐलान कर रहे जामा मस्जिद के इमाम शाहिद </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>पीड़ित ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।</strong></li>
</ul>
<h3 style="text-align:justify;">इमाम की दलील है</h3>
<ul>
<li style="text-align:justify;"><strong>झगड़े की बात सही है, लेकिन झगड़े का कारण सीएए या एनआरसी नहीं।</strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>झगड़े का कारण दीन की बात को लेकर है, जो काफी दिनों से चला आ रहा है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>इमाम ने भी इदरीश के बेटे पर मारपीट का आरोप लगाया है।</strong></li>
</ul>
<h3 style="text-align:justify;">पुलिस बोली</h3>
<ul>
<li style="text-align:justify;"><strong>सामाजिक बहिष्कार संबंधी शिकायत मिली मिली है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>प्रथम दृष्टया मामला आपसी झगड़े का दिखाई दे रहा है। </strong></li>
<li style="text-align:justify;"><strong>जांच की जा रही है, जो भी तथ्य समाने आएंगे, उसी आधार पर कार्रवाई की जाएगी।</strong></li>
</ul>
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                <pubDate>Sat, 18 Jan 2020 11:42:02 +0530</pubDate>
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                            </item>
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                <title>मदवि गैर के शिक्षक कर्मियों ने किया कामकाज का बहिष्कार</title>
                                    <description><![CDATA[जब तक वित्ताधिकारी की नियुक्ति रद्द नहीं होती सरकार जारी रहेगा आंदोलन रोहतक(सच कहूँ न्यूज)। महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के गैर शिक्षक कर्मचारी विवि में हुडा विभाग के वरिष्ठ लेखाधिकारी सोमबीर सिंह की नियुक्ति के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। सोमवार को कर्मचारियों ने विवि के प्रशासनिक भवन के सामने गेट मीटिंग की और विवि के […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/non-teaching-workers-of-maharishi-dayanand-university-boycott-work/article-4997"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2018-07/mdv.jpg" alt=""></a><br /><h2 style="text-align:justify;">जब तक वित्ताधिकारी की नियुक्ति रद्द नहीं होती सरकार जारी रहेगा आंदोलन</h2>
<p style="text-align:justify;"><strong>रोहतक(सच कहूँ न्यूज)।</strong> महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय के गैर शिक्षक कर्मचारी विवि में हुडा विभाग के वरिष्ठ लेखाधिकारी सोमबीर सिंह की नियुक्ति के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। सोमवार को कर्मचारियों ने विवि के प्रशासनिक भवन के सामने गेट मीटिंग की और विवि के कामकाज का बहिष्कार करने का फैसला लिया। कर्मचारियों के हडताल पर चले जाने के कारण छात्रों व अभिभावकों को काफी परेशानी का सामना करना पडा।</p>
<p style="text-align:justify;">मंगलवार को भी परीक्षा नियंत्रक कार्यालय के सामने गेट मीटिंग होगी। संघ के प्रधान फूल कुमार बोहत ने गेट मीटिंग में कर्मचारियों को सम्बोधित करते हुए कहा कि किसी भी सूरत में सोमबीर सिंह को विवि के लेखाधिकारी के पद पर ज्वाइन नहीं करने देंगे। उन्होंने कहा कि सरकार ने अपने स्तर पर लेखाधिकारी की नियुक्ति करके विवि की स्वयता पर प्रहार करने का प्रयास किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार विवि की स्वयता खत्म करके अपने अधीन करने की पुरजोर कोशिश कर रही है जिसे कर्मचारी किसी भी सूरत में सहन नहीं करेंगे।</p>
<p style="text-align:justify;">फूल कुमार ने कहा कि सरकार ने बीएड कॉलेज व इंजीनियरिंग कॉलेज जोकि मदवि की आय के प्रमुख स्त्रोत थे उन्हें दूसरे विश्वविद्यालयों को दे दिया है। जिससे विवि की आय में काफी कमी हो गई है। उन्होंने कहा कि विवि में कार्यरत 60 से 70 अधिकारी व कर्मचारी हर साल सेवानिवृत हो रहे है। सरकार ने विवि में नई नियुक्तियों में पिछले कई सालों से रोक लगा रखी है। जिसके चलते कर्मचारियों को देर रात तक काम करने के लिए बाध्य होना पड रहा है। कर्मचारी देर तक काम करके न केवल अपने कत्र्तव्य का निर्वहन कर रहे है और इसी के चलते समय पर छात्रों के परिणाम घोषित किए जा रहे हंै।</p>
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                <pubDate>Tue, 24 Jul 2018 04:30:16 +0530</pubDate>
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