<?xml version="1.0" encoding="utf-8"?>        <rss version="2.0"
            xmlns:content="http://purl.org/rss/1.0/modules/content/"
            xmlns:dc="http://purl.org/dc/elements/1.1/"
            xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom">
            <channel>
                <atom:link href="https://www.sachkahoon.com/sirsa/tag-988" rel="self" type="application/rss+xml" />
                <generator>Sach Kahoon Hindi RSS Feed Generator</generator>
                <title>sirsa - Sach Kahoon Hindi</title>
                <link>https://www.sachkahoon.com/tag/988/rss</link>
                <description>sirsa RSS Feed</description>
                
                            <item>
                <title>‘बुरे विचारों से कमजोर होती है सोचने की शक्ति’</title>
                                    <description><![CDATA[पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां फरमाते हैं कि राम का नाम जपने से आत्मा बलवान होती है और मन दबता चला जाता है। अगर आप सुमिरन करने का नियम नहीं रखते, सुबह-शाम मालिक को नियमानुसार याद नहीं करते तो आपके मन के विचार आप पर हमेशा हावी रहेंगे। पूज्य गुरु […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/anmol-vachan/negative-thoughts-weaken-the-power-of-thinking/article-83392"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-04/sirsa-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां फरमाते हैं कि राम का नाम जपने से आत्मा बलवान होती है और मन दबता चला जाता है। अगर आप सुमिरन करने का नियम नहीं रखते, सुबह-शाम मालिक को नियमानुसार याद नहीं करते तो आपके मन के विचार आप पर हमेशा हावी रहेंगे। पूज्य गुरु जी फरमाते हैं कि इन्सान के अंदर जो बुरे विचार आते हैं, वो सब मन की देन हैं और जो अच्छे विचार आते हैं, वो आत्मिक विचार हैं। बुरे विचारों से इन्सान के शरीर पर हर तरह का असर होता है। शारीरिक शक्ति का नाश होता है, दिमाग के सोचने की शक्ति कम हो जाती है और बुरे विचारों का ताना-बाना बुनते रहने से इन्सान का आत्मबल कम होता चला जाता है। पूज्य गुरु जी फरमाते हैं कि इन्सान को सुमिरन का नियम बनाना चाहिए। जैसे आप सुबह तैयार होते हैं, नाश्ता लेते हैं, पढ़ने जाते हैं, दफ्तर जाते हैं, खेती-बाड़ी आदि काम-धंधे पर जाते हैं। ऐसे ही सुबह उठकर हाथ-मुंह धो लें, ताकि नींद उड़ जाए। अगर आपको यह मुश्किल लगता है तो चलो, लेटे-लेटे ही सुमिरन कर लें। क्योंकि यह सुमिरन बिल्कुल ही न करने से लाख गुणा बेहतर है।</p>
<p style="text-align:justify;">
पूज्य गुरु जी फरमाते हैं कि आप लगातार दो महीने सुबह-शाम 15-15 मिनट सुमिरन करके देख लें, अगर 1-1 घंटा करो तो कहना ही क्या। फिर तो हम भी गारंटी दे सकते हैं कि 100 प्रतिशत आपके अंदर मालिक के नजारे आएंगे ही आएंगे। अगर दो महीनों के घंटों को जोड़ो तो सिर्फ 5 दिन-रात बनते हैं। तो कितना आसान है कि आप अपने अंदर के आत्मबल को कैसे जगा सकते हैं और दुनिया के हर क्षेत्र में आत्मविश्वास अति जरूरी है। पूज्य गुरु जी फरमाते हैं कि संसार का मानना है कि इन्सान अपने दिमाग को 15-20 प्रतिशत तक ही इस्तेमाल में लाता है, जोकि रूहानियत की नजर से भी सच है। जो लोग रिसर्च करते हैं, सारा-सारा दिन या 18-20 घंटे काम करते हैं, वो 15-20 प्रतिशत और आम इन्सान 10-15 प्रतिशत ही अपना दिमाग इस्तेमाल करते हैं। सुपर कम्प्यूटर इसी दिमाग से निकला हुआ छोटा सा अंश है। वैज्ञानिकों ने भी आज माना है कि अगर आप आत्मबल चाहते हैं, तो सुबह-सवेरे 2 से 5 बजे के बीच में एक घंटा ध्यान में जाओ। उससे आपका आत्मबल बढ़ेगा, उस आत्मबल से आप दिमाग का ज्यादा इस्तेमाल करेंगे और इसके ज्यादा इस्तेमाल से आप परेशानियों से आजाद होते जाएंगे। इसलिए आत्मबल जागना बहुत ही जरूरी है और आत्मबल सुमिरन से आता है। सुमिरन करने में इतने फायदे हैं कि सारे गिनवाये नहीं जा सकते। आप सुमिरन करके देखें, अभ्यास करें तो आपको मालूम जरूर हो जाएगा।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>अनमोल वचन</category>
                                            <category>आध्यात्मिक</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/anmol-vachan/negative-thoughts-weaken-the-power-of-thinking/article-83392</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/anmol-vachan/negative-thoughts-weaken-the-power-of-thinking/article-83392</guid>
                <pubDate>Sun, 12 Apr 2026 13:12:44 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2026-04/sirsa-1.jpg"                         length="34784"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>मार्च महीना फिर से डेरा सच्चा सौदा के लिए तीसरी बार साक्षी बनने को आतुर था&amp;#8230;</title>
                                    <description><![CDATA[सर्दी और गर्मी के मीठे अहसास को अपने आंचल में समेटेने वाला मार्च महीना फिर से डेरा सच्चा सौदा के लिए तीसरी बार साक्षी बनने को आतुर था। 25 मार्च 1973 का दिन था, जब पूज्य हजूर पिता संत डॉ गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां अपने नन्हें-नन्हें कोमल कदमों से डेरा सच्चा सौदा दरबार […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/where-did-revered-guru-ji-take-the-gurumantra/article-82696"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2026-03/msg-1.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;">सर्दी और गर्मी के मीठे अहसास को अपने आंचल में समेटेने वाला मार्च महीना फिर से डेरा सच्चा सौदा के लिए तीसरी बार साक्षी बनने को आतुर था। 25 मार्च 1973 का दिन था, जब पूज्य हजूर पिता संत डॉ गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां अपने नन्हें-नन्हें कोमल कदमों से डेरा सच्चा सौदा दरबार में पधारे थे, पूज्य बापू स. मग्घर सिंह जी के पावन सान्निध्य में पूज्य पिता जी अपने मुर्शिदे-कामिल से रूबरू हो रहे थे। उस दिन नाम दान का प्रोग्राम शाह मस्ताना जी धाम के तेरावास व सचखण्ड हाल के बीच वाले पंडाल में था।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/when-is-eating-figs-beneficial-and-when-is-it-harmful-know-complete-information/#google_vignette">Right Way to Eat Anjeer: अंजीर कब खाना है फायदेमंद और कब नुकसानदायक? जानें पूरी जानकारी</a></p>
<p style="text-align:justify;">आपजी अपने पूजनीय बापू जी के साथ गुरूमंत्र लेने वालों में पीछे ही बैठे हुए थे। पूजनीय परमपिता शाह सतनाम जी महाराज ने आपजी को आगे बुलाते हुए फरमाया, ‘‘काका, अग्गे आ जाओ।’’परमपिता जी ने घर-परिवार के बारे में काफी बातें करते हुए अपनी कुर्सी (स्टेज) के पास बिठाकर गुरुमंत्र की बख्शिश की। पूजनीय परमपिता जी ने आपजी को 23 सितंबर 1990 को सबके सामने साध-संगत में अपने पवित्र कर-कमलों से अपना उत्तराधिकारी घोषित कर गुरगद्दी पर विराजमान किया। आपजी ने साध-संगत में ये भी वचन किये कि ये हमारा ही रूप हैं। आपजी ने ये भी फरमाया कि हम थे, हम हैं और हम ही रहेंगे।</p>
<p style="text-align:justify;">पूजनीय परमपिता जी ने डेरा सच्चा सौदा में गुरगद्दी की नई रस्म शुरू करते हुए गुरगद्दी बख्शिश करने से कुछ महीने पहले ही पूज्य हजूर पिता जी के नाम सरकारी वसीयत लिखवा दी। पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने मानवता की भलाई के लिए समय-समय पर नए कार्य शुरू किए हैं। वर्तमान में डेरा सच्चा सौदा द्वारा 175 मानवता भलाई कार्य किए जा रहे हैं, जिसके तहत डेरा सच्चा सौदा के लगभग सात करोड़ अनुयायी, शाह सतनाम जी ग्रीन एस वैल्फेयर फोर्स विंग के सेवादार व साध-संगत दुनियाभर में दीन-दुखियों, बेसहारों, बीमारों, लाचारों व जरूरतमंदों तथा भूखे-प्यासे लोगों, पशु-पक्षियों आदि के लिए दिन-रात सेवाकार्य में जुटी हुई है। रक्तदान, नेत्रदान, जीते-जी गुर्दादान व मरणोपरांत शरीरदान की अनूठी मुहिम चलाने वाला डेरा सच्चा सौदा मानवता भलाई कार्यों में विश्वभर में अनेकों खिताब हासिल कर चुका है।</p>
<p><a href="http://10.0.0.122:1245/sinking-cities/">Sinking Cities: आने वाले समय में पानी में डूब जाएगें दुनिया के ये शहर, रिपोर्ट में हुआ बड़ा खुलासा</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>प्रेरणास्रोत</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/where-did-revered-guru-ji-take-the-gurumantra/article-82696</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/where-did-revered-guru-ji-take-the-gurumantra/article-82696</guid>
                <pubDate>Wed, 25 Mar 2026 11:12:24 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2026-03/msg-1.jpg"                         length="56616"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शाह सतनाम जी बॉयज कॉलेज व एरिका एलायंसेज के बीच करियर विकास हेतु एमओयू पर हस्ताक्षर</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ न्यूज)। शाह सतनाम जी बॉयज कॉलेज, सरसा और एरिका एलायंसेज के बीच करियर विकास, प्रशिक्षण एवं कौशल संवर्धन को लेकर एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। यह समझौता दोनों संस्थाओं के बीच शैक्षिक एवं पेशेवर सहयोग को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से किया गया है। शाह सतनाम जी बॉयज कॉलेज […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/an-mou-was-signed-between-shah-satnam-ji-boys-college-and-erica-alliances-for-career-development/article-79288"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-12/sirsa-5.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ न्यूज)।</strong> शाह सतनाम जी बॉयज कॉलेज, सरसा और एरिका एलायंसेज के बीच करियर विकास, प्रशिक्षण एवं कौशल संवर्धन को लेकर एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर किए गए। यह समझौता दोनों संस्थाओं के बीच शैक्षिक एवं पेशेवर सहयोग को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से किया गया है। शाह सतनाम जी बॉयज कॉलेज के छात्रों को उद्योग-आधारित प्रशिक्षण, कार्यशालाओं एवं विशेषज्ञों के मार्गदर्शन का लाभ मिलेगा, जिससे उनके रोजगार के अवसर बढ़ेंगे। इस अवसर पर कॉलेज के प्राचार्य डॉ. दिलावर सिंह ने कहा कि यह समझौता छात्रों के लिए नए अवसरों के द्वार खोलेगा। समझौता ज्ञापन के अनुसार दोनों संस्थाएं संयुक्त रूप से इंटर्नशिप, कार्यशालाएं एवं अन्य विकासात्मक गतिविधियां आयोजित करेंगी। यह सहयोग छात्रों के कौशल विकास और करियर निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/an-mou-was-signed-between-shah-satnam-ji-boys-college-and-erica-alliances-for-career-development/article-79288</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/an-mou-was-signed-between-shah-satnam-ji-boys-college-and-erica-alliances-for-career-development/article-79288</guid>
                <pubDate>Wed, 17 Dec 2025 11:04:21 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-12/sirsa-5.jpg"                         length="45871"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सेवादारों के निष्काम सेवाभाव से गदगद हुए मरीज, बोले- घर से भी सुखद मिल रहा माहौल</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा सच कहूँ/राजेश बैनीवाल। चार बुजुर्ग बैठकर बातें कर रहे थे और चारों ही अलग अलग जगहों से आए हुए थे। उन्हें देखकर ऐसा लग रहा था जैसे एक ही परिवार के हों। बोली कोई हरियाणवी तो कोई हिन्दी तो कोई बागड़ी बोल रहे थे। इसी बीच दिल्ली से आए चांद सिंह बता रहा था […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/the-patients-were-overwhelmed-by-the-selfless-service-of-the-volunteers-and-said-we-are-receiving-an-even-more-comfortable-environment-here-than-at-home/article-79180"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-12/sirsa-2.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा सच कहूँ/राजेश बैनीवाल।</strong> चार बुजुर्ग बैठकर बातें कर रहे थे और चारों ही अलग अलग जगहों से आए हुए थे। उन्हें देखकर ऐसा लग रहा था जैसे एक ही परिवार के हों। बोली कोई हरियाणवी तो कोई हिन्दी तो कोई बागड़ी बोल रहे थे। इसी बीच दिल्ली से आए चांद सिंह बता रहा था कि मेरी एक आंख में कोई परेशानी हो गई थी। कई अस्पतालों में भी गया लेकिन विश्वास नहीं हुआ कि मेरी आंख का ईलाज सही से करेंगे या नहीं। एक घटना का जिक्र करते हुए चांद सिंह बताने लगे कि एक बार मैं एक अस्पताल में चला गया वहां एक बुजुर्ग को बैड पर बैठे देखा उसने पूछने पर बताया कि यहां आॅप्रेशन करवाया था तो डॉक्टर ने गलत कर दिया अब मुझे पहले जैसा भी दिखाई नहीं दे रहा। इस बात से डरकर मैं चुपचाप घर चला आया। अब मुझे किसी सेवादार ने बताया कि सरसा स्थित शाह सतनाम जी स्पैशलिटी अस्पताल में नि:शुल्क आॅप्रेशन किया जा रहा है तो मैं अपने पुत्र को लेकर यहां आ गया। कल मेरा आॅप्रेशन हो जाएगा।</p>
<p style="text-align:justify;">वहीं जय भगवान सिंह और रामधन इन्सां (74 वर्षीय) बैठे हुए थे, ये दोनों एक ही गांव समालखां ब्लॉक (पानीपत) से आए थे। बताने लगे कि यहां की सेवा-सुश्रुषा देखने लायक है। इधर के सेवादार बिन मांगे ही सब सेवा करते हुए घूम रहे हैं हमारा तो मन कर रहा है कि हम तो यहीं रह जाएं। एक बार तो घर वाले भी मना कर देते हैं लेकिन ये सेवादार तो दिन में तीन बार खाना, दूध, चाय-पानी का पता ही नहीं कितनी बार पिला रहे हैं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">चार साल पहले यहीं पर बनी थी एक आंख</h3>
<p style="text-align:justify;">ब्लॉक हांसी जिला हिसार से आए कृष्ण लाल ने बताया कि मैं डेरा सच्चा सौदा में 4 साल पहले 2021 में लगे कैंप में भी आया था उस समय मेरी एक आंख का आॅप्रेशन हुआ था जिससे बिल्कुल सही दिख रहा है। और अब दूसरी आंख का आॅप्रेशन मुफ्त हो जाएगा।</p>
<h4 style="text-align:justify;">सेवादार निभा रहे हैं दिल से सेवा</h4>
<p style="text-align:justify;">आॅप्रेशन होने वाले लोगों के शिविर में सेवाकार्य में जुटे अलवर से आए सेवादार केशव इन्सां व अरविंद इन्सां चाय पानी की सेवा में लगे हुए थे। उन्होंने बताया कि हम हर सेवा कार्य में एक-दो माह मेें आते रहते हैं अब शिविर में हमारी ड्यूटी लगी है तो हमारे लिए तो सबसे बड़ी सेवा है। फेफाना ब्लॉक के सेवादार देवेंद्र इन्सां, भोगरान निवासी गुरुदत्त व अजय इन्सां 10 दिसंबर को सेवाकार्य के लिए डेरा सच्चा सौदा पहुंंच गए और मरीजों की सार संभाल इधर-उधर लाने ले जाने में अपनी सेवा निभा रहे हैं। उनका कहना है कि विभिन्न जगहों और अलग-अलग स्वभाव के लोगों से मिलना हो रहा है। बीमार लोगों का कहना है कि हमने ऐसी सेवा कहीं भी नहीं देखी हमें ऐसा लग भी नहीं रहा कि हम यहां पर ईलाज करवाने आए हैं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">महिला-पुरुषों के लिए बनाए अलग-अलग वार्ड</h3>
<p style="text-align:justify;">आॅपरेशन के बाद मरीजों की सुविधा के लिए शाह सतनाम जी स्पेशलिटी अस्पताल में ही महिला व पुरुषों के लिए अलग-अलग मेडिकल वार्ड बनाए गए हैं। जहां पैरामेडिकल स्टाफ दवाइयों सहित सभी आवश्यक चिकित्सकीय सुविधाएं उपलब्ध करवा रहा है। वहीं शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफेयर कमेटी के महिला व पुरुष सेवादार भोजन व्यवस्था, साफ-सफाई और आवागमन में मरीजों की नि:स्वार्थ सेवा कर रहे हैं। मरीजों के साथ आए परिजनों ने सेवादारों की सेवा भावना की सराहना करते हुए इसे मानवता का सच्चा उदाहरण बताया। कैंप में सेवाएं देने पहुंचे विभिन्न मेडिकल कॉलेजों के नेत्र रोग विशेषज्ञों ने भी व्यवस्थाओं की प्रशंसा करते हुए इसे जरूरतमंद व असहाय लोगों के लिए वरदान बताया।</p>
<h4>मरीजों के लिए लग्जरी परिवहन सुविधा</h4>
<p>34वें याद-ए-मुर्शिद परम पिता शाह सतनाम जी महाराज फ्री आई कैंप में आने वाले मरीजों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए डेरा सच्चा सौदा की ओर से व्यापक और बेहतर व्यवस्थाएं की गई हैं। कैंप में पहुंचने से लेकर ठहरने, भोजन, जांच और उपचार तक हर स्तर पर मरीजों का विशेष ध्यान रखा जा रहा है। आॅपरेशन के लिए चयनित मरीजों को शाह सतनाम जी स्पेशलिटी अस्पताल में बनाए गए मेडिकल वार्डों में भर्ती कराने के लिए लग्जरी परिवहन सुविधा उपलब्ध कराई गई है। सेवादार मरीजों को सम्मान पूर्वक वाहन में बैठाकर अस्पताल तक पहुंचा रहे हैं। इन व्यवस्थाओं से मरीजों और उनके परिजनों को किसी प्रकार की असुविधा नहीं हो रही और वे निश्चिंत होकर उपचार का लाभ उठा रहे हैं।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>सच कहूँ विशेष स्टोरी</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/the-patients-were-overwhelmed-by-the-selfless-service-of-the-volunteers-and-said-we-are-receiving-an-even-more-comfortable-environment-here-than-at-home/article-79180</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/the-patients-were-overwhelmed-by-the-selfless-service-of-the-volunteers-and-said-we-are-receiving-an-even-more-comfortable-environment-here-than-at-home/article-79180</guid>
                <pubDate>Sun, 14 Dec 2025 10:42:34 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-12/sirsa-2.jpg"                         length="55938"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>बेगू रोड स्थित नगर परिषद की मार्केट की प्लानिंग शुरू, जल्द मिलेगा प्लॉट मालिकों को पजेशन</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ न्यूज)। बेगू रोड स्थित मेला ग्राउंड मार्केट को लेकर वर्षों से अटकी प्रक्रिया अब रफ्तार पकड़ चुकी है। नगर परिषद ने भूमि की पैमाइश पूरी करने के बाद अब प्लॉट मालिकों को पजेशन देने की तैयारी शुरू कर दी है। प्रशासन ने नक्शे के अनुरूप मार्किंग कार्य आरंभ कर दिया है। विशेष […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/planning-for-the-municipal-council-market-on-begu-road-begins-plot-owners-will-soon-receive-possession/article-77876"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-11/sirsa-22.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ न्यूज)।</strong> बेगू रोड स्थित मेला ग्राउंड मार्केट को लेकर वर्षों से अटकी प्रक्रिया अब रफ्तार पकड़ चुकी है। नगर परिषद ने भूमि की पैमाइश पूरी करने के बाद अब प्लॉट मालिकों को पजेशन देने की तैयारी शुरू कर दी है। प्रशासन ने नक्शे के अनुरूप मार्किंग कार्य आरंभ कर दिया है। विशेष रूप से शहरी स्थानीय निकाय विभाग द्वारा नियुक्त प्लानिंग एक्सपर्ट्स और नगर परिषद की इंजीनियरिंग विंग इस कार्य में जुटी हुई है। अगले एक माह में करीब 200 प्लॉट मालिकों को पजेशन देने का लक्ष्य रखा गया है। वहीं 73 प्लॉटों की ई-बोली प्रक्रिया भी नगर परिषद द्वारा करवाई जाएगी। बता दें कि वर्ष 2003 में नगर सुधार मंडल ने बेगू रोड पर 7 एकड़ में मेला ग्राउंड मार्केट विकसित की थी, जिसमें लगभग 200 प्लॉट बेचे गए थे, परंतु अब तक मालिकों को पजेशन नहीं मिल सका। करीब एक माह पूर्व भूमि पैमाइश के दौरान यह पाया गया कि नगर परिषद की कुछ जमीन पास की गत्ता फैक्ट्री की सीमा में आ रही है। इसके बाद से ही मार्केट को विकसित करने का कार्य तेज किया गया है। मार्केट को आधुनिक सुविधाओं से लैस किया जाएगा। जिसमें सीवरेज व्यवस्था, पेयजल लाइन, सड़क निर्माण व पार्क व स्ट्रीट लाइट्स की व्यवस्था की जाएगी।</p>
<h3 style="text-align:justify;">गंदगी से अटी पड़ी मार्केट, होगी सफाई</h3>
<p style="text-align:justify;">मौजूदा समय में मार्केट क्षेत्र में गंदगी के ढ़ेर लगे हुए हैं। स्थानीय लोगों ने बताया कि बदबू और गंदगी के कारण वहां से गुजरना भी मुश्किल है। पूर्व शहरी स्थानीय निकाय मंत्री डॉ. कमल गुप्ता और विधायक गोकुल सेतिया मार्केट का निरीक्षण कर चुके हैं और विभाग को इसे शीघ्र विकसित करने के निर्देश दिए हैं।</p>
<h4 style="text-align:justify;">6 बार समाधान शिविरों में लगा चुके है गुहार</h4>
<p style="text-align:justify;">मेला ग्राउंड प्लॉट होल्डर एसोसिएशन के प्रधान रमेश साहुवाला ने बताया कि वर्ष 2003 से प्लॉट मालिक पजेशन का इंतजार कर रहे हैं। उन्होंने कहा हमारी कमेटी पिछले कई वर्षों से इस मामले को उठा रही है। छह बार समाधान शिविरों में मांग रख चुके हैं, लेकिन अब तक काम अधूरा है। कई बार नगर परिषद के चक्कर लगा चुके हैं। उन्होंने यह भी बताया कि कई प्लॉट मालिकों की मृत्यु हो जाने के बाद प्लॉट ट्रांसफर की प्रक्रिया भी रुकी हुई है, क्योंकि नगर परिषद के पास ट्रांसफर फॉर्म उपलब्ध नहीं हैं। सरकार ने 200 गज के प्लॉट की फीस 25,000 तय की है। प्रधान ने मांग की कि अधिकारी अब गंभीरता दिखाते हुए पजेशन की प्रक्रिया पूरी करें।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>हरियाणा</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/planning-for-the-municipal-council-market-on-begu-road-begins-plot-owners-will-soon-receive-possession/article-77876</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/planning-for-the-municipal-council-market-on-begu-road-begins-plot-owners-will-soon-receive-possession/article-77876</guid>
                <pubDate>Sat, 08 Nov 2025 12:30:29 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-11/sirsa-22.jpg"                         length="46465"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>सच कहूँ से विशेष बातचीत में नवनियुक्त एसपी की नशा तस्करों को दो टूक</title>
                                    <description><![CDATA[सिरसा (रविन्द्र सिंह)। सिंथेटिक नशे के तेजी से फैलने पर सरकार व प्रशासन गंभीर चिंतित हैं। सीमांत जिले होने के कारण नशा तस्करी के रास्ते आसान बने हुए हैं और इसी चुनौती से निपटने के लिए हाल ही में जिला पुलिस कप्तान मयंक गुप्ता को हटाकर 2014 बैच के आईपीएस दीपक सहारण को सिरसा का […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/interview-in-a-special-conversation-with-sach-kahun-the-newly-appointed-sps-blunt-words-to-drug-smugglers/article-77593"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-11/sirsa.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सिरसा (रविन्द्र सिंह)।</strong> सिंथेटिक नशे के तेजी से फैलने पर सरकार व प्रशासन गंभीर चिंतित हैं। सीमांत जिले होने के कारण नशा तस्करी के रास्ते आसान बने हुए हैं और इसी चुनौती से निपटने के लिए हाल ही में जिला पुलिस कप्तान मयंक गुप्ता को हटाकर 2014 बैच के आईपीएस दीपक सहारण को सिरसा का नया वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक नियुक्त किया गया है। रोहतक, हिसार और झज्जर जिलों में अपनी सेवाएँ दे चुके दीपक सहारण ने पदभार संभालते ही सक्रिय कार्रवाई शुरू कर दी है। उन्होंने सख्त नीति अपनाते हुए रानियां क्षेत्र के एसएचओ को निलंबित कर दिया और पीड़ित परिवारों से मिलकर तस्करों को स्पष्ट चेतावनी दी — “नशा बेचो या सिरसा छोड़ दो।”</p>
<p><iframe title="Sirsa Police Action | ਨਸ਼ਾ ਤਸਕਰਾਂ 'ਚ ਹੜਕੰਪ | Sirsa SP ਨਾਲ ਖਾਸ ਗੱਲਬਾਤ | Drug Free Haryana" width="500" height="281" src="https://www.youtube.com/embed/IczrC8IJod0?feature=oembed" frameborder="0" allowfullscreen=""></iframe></p>
<h4 style="text-align:justify;">सच कहूँ ने संवेदनशील मुद्दे पर आईपीएस दीपक सहारण से विशेष बातचीत की —</h4>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 1: सिरसा में नशा लगातार बढ़ रहा है। आप इस समस्या को कैसे नियंत्रित करेंगे?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: समस्या बेहद गंभीर है। इस पर हमारी तीन-स्तरीय रणनीति रहेगी — (1) नशा बेचने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई, (2) नशा के आदी लोगों का पुनर्वास और उनका इलाज, तथा (3) जन-जागरूकता अभियान। इसमें ड्रग कंट्रोल विभाग, पुलिस, समाज कल्याण और स्वास्थ्य विभाग मिलकर काम करेंगे। हमारा लक्ष्य है कि ये समन्वित प्रयास सिरसा जिले से नशे की जड़ों को जड़ से उखाड़ दें।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 2: आपने ड्यूटी ज्वाइन करते ही सक्रियता दिखाई — जनता से आपकी क्या अपेक्षाएँ हैं?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: आम नागरिकों की सक्रिय भागीदारी बहुत जरूरी है। अभिभावकों से मेरी अपील है कि वे अपने बच्चों पर ध्यान दें। उनके साथ समय बिताएँ, उनकी संगति पर नजर रखें। युवाओं को समझाइए कि नशा जीवन को बर्बाद कर देता है। चिकित्सा नशे भी जानलेवा हो सकते हैं। यदि किसी पर यह लत हावी है तो उसका इलाज कराएँ। प्रशासन और समाज मिलकर ही इस समस्या को जड़ से खत्म कर सकते हैं।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 3: नशा तस्करी की चेन तोड़ना कितना चुनौतीपूर्ण है?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: यह चुनौतीपूर्ण है, पर हमारी टीम पूरी तरह समर्पित है। हम अन्य विभागों व लोकल NGO का सहयोग लेकर कार्रवाई कर रहे हैं। तस्करों पर ऐसी कार्रवाई होगी कि वह अन्य अपराधियों के लिए उदाहरण बनेगी। सीमावर्ती इलाकों पर विशेष नाके व पेट्रोलिंग बढ़ाई जा रही है और संदिग्ध वाहनों की नियमित तलाशी हो रही है।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 4: तस्कर महिलाओं को आड़ में लेकर तस्करी करवा रहें हैं, इसे कैसे देखते हैं आप?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: नशे के सौदागरों के लिए न तो लिंग मायने रखता है और न ही वक्त। इसलिए हमारी कार्रवाई 24×7 है। सीमा क्षेत्रों पर विशेष नाके, रात में सघन जांच और गुप्त सूचनाओं के आधार पर छापेमारी जारी रहेगी। जो भी शामिल होगा, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 5: शहर में केमिस्ट शॉप्स पर मैडीकल नशा भी बहुत ज्यादा पनप रहा है। इसके लिए क्या योजना है?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: हमने सभी कैमिस्ट एसोसिएशनों की बैठकें कर ली हैं। कैमिस्टों को स्पष्ट चेतावनी दी गई है। यदि किसी की दुकान से कोई नशीला पदार्थ बेचा गया और उसके कारण किसी को नुकसान या मृत्यु हुई, तो उसके खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई होगी। यह उनकी पहली और आखिरी चेतावनी है — ऐसे कारोबार से जुड़ा कोई भी पक्ष दोषी पाया गया तो उसे लंबी सजा का सामना करना पड़ेगा।</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>प्रश्न 6: आख़िर में — आप नशा तस्करों व अपराधियों को क्या संदेश देना चाहेंगे?</strong><br />
आईपीएस दीपक सहारण: जिन लोगों का जीवन अपराध और नशे से जुड़ा है, उनके लिए केवल एक जगह है सलाखों के पीछे। मैं उन लोगों से विनती करता हूँ कि यह रास्ता छोड़ दें। नहीं तो वे गंभीर परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहें। नए अधीक्षक की सक्रियता और समन्वित रणनीति से अपेक्षा की जा सकती है कि आगामी दिनों में तस्करी की कड़ी कमजोर होगी। परन्तु अंतिम सफलता के लिए प्रशासन के साथ-साथ समाज, अभिभावक और स्वास्थ्य संस्थानों की भी लगातार भागीदारी आवश्यक है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>हरियाणा</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/interview-in-a-special-conversation-with-sach-kahun-the-newly-appointed-sps-blunt-words-to-drug-smugglers/article-77593</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/interview-in-a-special-conversation-with-sach-kahun-the-newly-appointed-sps-blunt-words-to-drug-smugglers/article-77593</guid>
                <pubDate>Sat, 01 Nov 2025 11:34:48 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-11/sirsa.jpg"                         length="55230"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>ये है सरसा जिले का किसान जिसने पराली को बनाया बिजनेस और 400 से अधिक नौजवानों को दे दिया रोजगार</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा सच कहूँ/पवन कुमार। जिले के प्रगतिशील किसान रणजीत सिंह ने पराली को जलाने की बजाय इसे आय और रोजगार का जरिया बना दिया है। उन्होंने वर्ष 2017 में पराली प्रबंधन की शुरूआत की थी और आज वे 10 लाख क्विंटल पराली का प्रबंधन कर 400 से अधिक लोगों को रोजगार दे रहे हैं। उनकी […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/this-is-a-farmer-from-sirsa-district-who-has-turned-stubble-into-a-business-and-provided-employment-to-over-400-youth/article-77468"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-10/sirsa-4.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा सच कहूँ/पवन कुमार।</strong> जिले के प्रगतिशील किसान रणजीत सिंह ने पराली को जलाने की बजाय इसे आय और रोजगार का जरिया बना दिया है। उन्होंने वर्ष 2017 में पराली प्रबंधन की शुरूआत की थी और आज वे 10 लाख क्विंटल पराली का प्रबंधन कर 400 से अधिक लोगों को रोजगार दे रहे हैं। उनकी कंपनी का टर्नओवर 100 करोड़ रुपये से अधिक पहुंच चुका है। रणजीत सिंह का कहना है कि अगर किसान सही दिशा में मेहनत करें तो पराली से भी सुनहरा भविष्य बनाया जा सकता है। उन्होंने सरकार की नीतियों और कृषि विभाग के सहयोग से 2019 में पहला बेलर मशीन खरीदा था और तब से वे लगातार पराली को रोजगार और उद्योग से जोड़ रहे हैं। स्नातक पास रणजीत सिंह अब सरसा जिले के कई गांवों से पराली खरीदते हैं। वर्तमान में वे 10 हजार एकड़ क्षेत्र की पराली का उठान कर रहे हैं। इस वर्ष अब तक अढाई लाख क्विंटल से अधिक पराली का सफल प्रबंधन कर चुके हैं। उन्होंने बताया कि उनके पास 20 एकड़ अपनी जमीन है और हर साल वे 40 एकड़ धान की बुवाई तथा 30 एकड़ भूमि पराली और उसके उत्पादों को रखने के लिए ठेके पर लेते हैं।</p>
<h4 style="text-align:justify;">पेलेट बनाकर भेजते हैं पावर प्लांटों में</h4>
<p style="text-align:justify;">रणजीत सिंह पराली से तूड़ी नहीं बनाते, बल्कि पराली व अन्य फसली अवशेष से पेलेट तैयार करते हैं। इन पेलेट्स को विभिन्न पावर प्लांटों में ईंधन के रूप में भेजा जाता है। उन्होंने बताया कि इस काम से न केवल पर्यावरण संरक्षण हो रहा है, बल्कि ग्रामीण युवाओं को स्थायी रोजगार भी मिल रहा है। 400 से अधिक लोगों को रोजगार देने वाले रणजीत सिंह आज जिले ही नहीं बल्कि पूरे प्रदेश के किसानों के लिए प्रेरणा स्रोत बन गए हैं। उन्होंने कहा कि पराली को जलाना नुकसानदायक है, जबकि उसका सही उपयोग आर्थिक अवसरों के द्वार खोल सकता है।</p>
<h4 style="text-align:justify;">पराली खेती में मिलाने से बढ़ती है जमीन की उर्वरा शक्ति</h4>
<p style="text-align:justify;">फसल अवशेष जलाने से होने वाले प्रदूषण को रोकने व पराली प्रबंधन के लिए ग्रामीण क्षेत्र में विद्यार्थियों व कृषि विभाग की ओर से जागरूकता कार्यक्रम चलाया जा रहा है। पराली जलाने से मित्र कीट के नष्ट होने, जमीन की उर्वरा शक्ति घटने व प्रदूषण की वजह से होने वाली परेशानियों को लेकर किसानों को जागरूक किया जा रहा है। इसी क्रम में गत दिवस ठोबरियां, मोडियाखेड़ा, मिठनपुरा, बुर्जकर्मगढ, रोड़ी, पनिहारी, गंगा, देसूमलकाना, अभोली, रत्ताखेड़ा, गिंदडखेड़ा, सक्ताखेड़ा, सुखेराखेड़ा, मल्लेवाला, अबूतगढ, मल्लेकां, अलीकां व जीवननगर आदि गांवों में स्कूली विद्यार्थियों व विभाग की टीमों ने ग्रामीणों को पराली न जलाने व फसल अवशेष प्रबंधन करने के लिए जागरूक किया।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>कृषि</category>
                                            <category>सच कहूँ विशेष स्टोरी</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/this-is-a-farmer-from-sirsa-district-who-has-turned-stubble-into-a-business-and-provided-employment-to-over-400-youth/article-77468</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/this-is-a-farmer-from-sirsa-district-who-has-turned-stubble-into-a-business-and-provided-employment-to-over-400-youth/article-77468</guid>
                <pubDate>Wed, 29 Oct 2025 11:31:50 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-10/sirsa-4.jpg"                         length="44643"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>परमार्थी दिवस पर साध-संगत ने किया रक्तदान, दिखा उत्साह</title>
                                    <description><![CDATA[सिरसा। डेरा सच्चा सौदा के पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के पूज्य पिता बापू नंबरदार मग्घर सिंह जी की पावन स्मृति में रविवार को खूनदान कैंप लगाया गया। इस शिविर का आयोजन शाह सतनाम जी स्पेशलिटी अस्पताल स्थित पूज्य बापू मग्घर सिंह जी इंटरनेशनल ब्लड सेंटर में किया गया। रक्तदान […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/dera-sacha-sauda-organised-blood-donation-on-parmarthi-diwas-devotees-showed-enthusiasm/article-76537"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-10/sirsa.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सिरसा।</strong> डेरा सच्चा सौदा के पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के पूज्य पिता बापू नंबरदार मग्घर सिंह जी की पावन स्मृति में रविवार को खूनदान कैंप लगाया गया। इस शिविर का आयोजन शाह सतनाम जी स्पेशलिटी अस्पताल स्थित पूज्य बापू मग्घर सिंह जी इंटरनेशनल ब्लड सेंटर में किया गया। रक्तदान शिविर का डेरा सच्चा सौदा की मैनेजमेंट कमेटी , अस्पताल व ब्लड सेंटर के चिकित्सकों व सेवादारों द्वारा अरदास का भजन बोलकर शुभारंभ किया गया। इसके पश्चात डेरा अनुयायियों ने रक्तदान कर मानवता की सेवा का संदेश दिया।</p>
<p style="text-align:justify;">रक्तदान शिविर को लेकर श्रद्धालुओं में विशेष उत्साह देखने को मिला। इस अवसर पर डेरा सच्चा सौदा की साध-संगत ने कहा कि यह सेवा कार्य बापू मग्घर सिंह जी की पुण्य स्मृति को समर्पित है, जिन्होंने सदैव दूसरों की भलाई को प्राथमिकता दी। बता दें कि 5 अक्तूबर 2004 को पूज्य बापू नम्बरदार मग्घर सिंह जी कुल मालिक के चरणों में सचखंड जा विराजे थे । इसलिए इस दिन को डेरा सच्चा सौदा की साध-संगत हर साल परमार्थी दिवस के रूप में मनाती है और रक्तदान शिविर सहित अन्य मानवता भलाई के कार्य करती है। सर्वप्रथम 10 अक्तूबर 2004 को पूज्य बापू जी की याद में श्रद्धांजलि स्वरूप रक्तदान कैंप लगाया गया। जिसमें 17921 यूनिट रक्तदान हुआ। जो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स में दर्ज है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/dera-sacha-sauda-organised-blood-donation-on-parmarthi-diwas-devotees-showed-enthusiasm/article-76537</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/dera-sacha-sauda-organised-blood-donation-on-parmarthi-diwas-devotees-showed-enthusiasm/article-76537</guid>
                <pubDate>Sun, 05 Oct 2025 13:44:32 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-10/sirsa.jpg"                         length="76975"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल सरसा की 17 वर्षीय छात्रा स्नेहा ने जीता गोल्ड मेडल, परिजनों में खुशी की लहर</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ/सुनील वर्मा)। शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल (Shah Satnam Ji Girls School) सरसा की 17 वर्षीय छात्रा स्नेहा ने एक बार फिर अपने सटीक निशाने से प्रदेश का नाम रोशन किया है। अंडर-19 शूटिंग प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीतकर स्नेहा ने साबित कर दिया है कि मेहनत और जुनून से कोई भी मुकाम […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/sneha-a-student-of-shah-satnam-ji-girls-school-won-the-gold-medal/article-75776"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-09/sirsa-4.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ/सुनील वर्मा)।</strong> शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल (Shah Satnam Ji Girls School) सरसा की 17 वर्षीय छात्रा स्नेहा ने एक बार फिर अपने सटीक निशाने से प्रदेश का नाम रोशन किया है। अंडर-19 शूटिंग प्रतियोगिता में गोल्ड मेडल जीतकर स्नेहा ने साबित कर दिया है कि मेहनत और जुनून से कोई भी मुकाम हासिल किया जा सकता है। यह उनका अब तक का 9वां पदक है। स्नेहा ने चौधरी देवीलाल यूनिवर्सिटी में आयोजित गन शूटिंग प्रतियोगिता में शानदार प्रदर्शन करते हुए प्रथम स्थान हासिल किया। उनके निशाने की सटीकता और आत्मविश्वास ने सभी को प्रभावित किया। स्नेहा की यह उपलब्धि न केवल उनके परिवार के लिए बल्कि पूरे डबवाली क्षेत्र के लिए गर्व की बात है। वहीं खिलाड़ी स्नेहा ने बताया कि ये सब पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के मार्गदर्शन से ही हो पाया है।</p>
<h3 style="text-align:justify;">बचपन से ही था शूटिंग का शौक | Sirsa</h3>
<p style="text-align:justify;">स्नेहा को बचपन से ही शूटिंग का शौक था। शुरूआत में उन्होंने स्कूल में आयोजित प्रतियोगिताओं में भाग लेना शुरू किया और धीरे-धीरे अपने कोच की मदद से तकनीकी दक्षता हासिल की। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने हार नहीं मानी और लगातार अभ्यास करती रहीं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">अब तक जीत चुकी हैं 9 पदक</h3>
<p style="text-align:justify;">शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल सरसा की 17 वर्षीय छात्रा स्नेहा ने 9 पदक जीत चुकी हैं।</p>
<h3 style="text-align:justify;">आईपीएस बनने का है सपना</h3>
<p style="text-align:justify;">स्नेहा का सपना सिर्फ शूटिंग तक सीमित नहीं है। वह भविष्य में भारतीय पुलिस सेवा (आईपीएएस) अधिकारी बनकर देश की सेवा करना चाहती हैं। इसके लिए वह पढ़ाई और शूटिंग दोनों को बराबर महत्व दे रही हैं। उनका मानना है कि अनुशासन, मेहनत और आत्मविश्वास ही सफलता की कुंजी है। आपकी जानकारी के लिए बता दें स्नेहा मूल रूप से डबवाली उपमंडल के गांव गंगा की है। स्नेहा शाह सतनाम जी गर्ल्स स्कूल में 11वीं कक्षा की छात्रा है। Sirsa</p>
<p style="text-align:justify;"><strong>यह भी पढ़ें:– </strong><a title="हर घर तक डाक्टर पहुंचाने का लक्ष्य, बाढ़ के बाद बीमारियों की रोकथाम ऐसे करेगी मान सरकार" href="http://10.0.0.122:1245/the-aim-is-to-provide-a-doctor-to-every-home-mann-government-will-prevent-diseases-after-the-flood/">हर घर तक डाक्टर पहुंचाने का लक्ष्य, बाढ़ के बाद बीमारियों की रोकथाम ऐसे करेगी मान सरकार</a></p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>हरियाणा</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/sneha-a-student-of-shah-satnam-ji-girls-school-won-the-gold-medal/article-75776</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/sneha-a-student-of-shah-satnam-ji-girls-school-won-the-gold-medal/article-75776</guid>
                <pubDate>Mon, 15 Sep 2025 17:02:25 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-09/sirsa-4.jpg"                         length="67238"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>स्वच्छता के लिए जिला प्रशासन ने किया शाह सतनाम जी पुरा की ग्राम पंचायत को सम्मानित</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ न्यूज)। सच्चे समाज सुधारक पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन प्रेरणा पर चलते हुए गाँव शाह सतनाम जी पुरा स्वच्छता को लेकर देश के अन्य गाँवों के लिए मिसाल है। इसी के चलते शाह सतनाम जी पुरा की पंचायत को सरसा जिला प्रशासन द्वारा सम्मानित किया […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/district-administration-honored-gram-panchayat-of-shah-satnam-ji-pura-for-cleanliness/article-75608"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-09/sirsa-3.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ न्यूज)।</strong> सच्चे समाज सुधारक पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की पावन प्रेरणा पर चलते हुए गाँव शाह सतनाम जी पुरा स्वच्छता को लेकर देश के अन्य गाँवों के लिए मिसाल है। इसी के चलते शाह सतनाम जी पुरा की पंचायत को सरसा जिला प्रशासन द्वारा सम्मानित किया गया। पंचायत सदस्यों ने यह प्रशस्ति पत्र पूज्य गुरु जी को समर्पित किया है। सरसा के पंचायत भवन में स्वच्छता सेवा पखवाड़ा के आयोजन की तैयारियों को लेकर बुधवार को कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम के दौरान जिला परिषद के मुख्य कार्यकारी अधिकारी डॉ. सुभाष चंद्र ने स्वच्छता के लिए विशेष रूप से शाह सतनाम जी पुरा की ग्राम पंचायत को सम्मानित किया। गांव शाह सतनाम जी पुरा के सरपंच चरणजीत इन्सां व अन्य सदस्यों ने प्रशस्ति पत्र प्राप्त किया। इस अवसर पर स्वच्छ भारत अभियान के जिला कार्यक्रम प्रबंधक सुखविंदर सिंह भी मौजूद रहे।</p>
<h3 style="text-align:justify;">पूज्य गुरुजी के पावन मार्गदर्शन व आशीर्वाद से ही हुआ संभव : सरपंच चरणजीत इन्सां</h3>
<p style="text-align:justify;">स्वच्छता के लिए विशेष रूप से प्रशासन द्वारा सम्मानित किए जाने पर गांव शाह सतनामजी पुरा के सरपंच चरणजीत सिंह इन्सां ने कहा कि पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के पावन मार्गदर्शन व आशीर्वाद से ही स्वच्छ व सुंदर गांव की कल्पना को मूर्त रूप दिया गया है। गांव में रहने वाले सभी लोग स्वच्छता के प्रति अपनी जिम्मेवारी समझते हैं। गांव में नियमित रूप से सफाई होती है तथा कोई भी खुले में कूड़ा नहीं फैंकता। पूरे गांव में स्वच्छता के साथ साथ हरियाली पर विशेष ध्यान दिया जाता है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>प्रेरणास्रोत</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/district-administration-honored-gram-panchayat-of-shah-satnam-ji-pura-for-cleanliness/article-75608</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/district-administration-honored-gram-panchayat-of-shah-satnam-ji-pura-for-cleanliness/article-75608</guid>
                <pubDate>Thu, 11 Sep 2025 08:22:05 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-09/sirsa-3.jpg"                         length="55976"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>हिसार घग्गर ड्रेन सेमनाले के कटाव को बांधने में जुटे ग्रीन एस के सेवादार</title>
                                    <description><![CDATA[सिरसा। शनिवार सुबह हिसार घग्गर ड्रेन सेमनाला में मोडिया खेड़ा के समीप कटाव होने से मोडिया खेड़ा और गुड़िया खेड़ा की सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। प्रशासन के आह्वान और पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की प्रेरणाओं पर चलते हुए शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफेयर कमेटी के ब्लॉक […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/shah-satnam-ji-green-s-welfare-committees-servants-of-dera-sacha-sauda-engaged-in-tying-the-erosion-of-hisar-ghaggar-drain-semnale-send-feedback-side-panels-history-saved/article-75467"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-09/sirsa-2.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सिरसा।</strong> शनिवार सुबह हिसार घग्गर ड्रेन सेमनाला में मोडिया खेड़ा के समीप कटाव होने से मोडिया खेड़ा और गुड़िया खेड़ा की सैकड़ों एकड़ फसल जलमग्न हो गई। प्रशासन के आह्वान और पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां की प्रेरणाओं पर चलते हुए शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफेयर कमेटी के ब्लॉक ब्लॉक कल्याण नगर, ऐलनाबाद, माधोसिंघाना सहित अन्य ब्लॉकों से करीब 500 डेरा सच्चा सौदा के सेवादार तुरंत मौके पर पहुंचे और कटाव को बन्द करने में जुट गए। सेवादारों ने मिट्टी के गट्टे भरकर, मानव श्रृंखला बनाकर और लकड़ी की जालियों का उपयोग करके कटाव को रोकने का कार्य शुरू किया।</p>
<p style="text-align:justify;">समाचार लिखे जाने तक सेवादार कटाव को बंध करने में जुटे हुए थे। गुड़िया खेड़ा के सरपंच प्रतिनिधि भरत सिंह और मोडिया खेड़ा के सरपंच भारत सिंह ने डेरा सच्चा सौदा के सेवादारों के इस सेवा कार्य की प्रशंसा की। उन्होंने कहा कि सेवादार पूरी निष्ठा और लगन के साथ बांध को बंध करने में जुटे हैं, जिससे गांववासियों को बड़ी राहत मिली है। बता दे डेरा सच्चा सौदा कि सेवादार पंजाब, हरियाणा, राजस्थान, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर के बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत कार्यों में सक्रियता से जुटे हुए हैं। ये सेवादार न केवल राहत सामग्री वितरित कर रहे हैं, बल्कि घर-घर जाकर पीड़ितों का हौसला भी बढ़ा रहे हैं।सच्चे नम्र सेवादार प्यारे लाल इन्सां और करनैल सिंह इन्सां ने बताया कि सुबह 5 बजे कटाव की सूचना मिलते ही पूज्य गुरु जी की प्रेरणाओं पर चलते हुए वे तुरंत 500 सेवादारों के साथ मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू कर दिया। डेरा सच्चा सौदा के सेवादारों का यह मानवसेवा कार्य क्षेत्र में सराहनीय योगदान दे रहा है।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                            <category>सरसा</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/shah-satnam-ji-green-s-welfare-committees-servants-of-dera-sacha-sauda-engaged-in-tying-the-erosion-of-hisar-ghaggar-drain-semnale-send-feedback-side-panels-history-saved/article-75467</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/state/haryana/sarsa/shah-satnam-ji-green-s-welfare-committees-servants-of-dera-sacha-sauda-engaged-in-tying-the-erosion-of-hisar-ghaggar-drain-semnale-send-feedback-side-panels-history-saved/article-75467</guid>
                <pubDate>Sat, 06 Sep 2025 12:20:37 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-09/sirsa-2.jpg"                         length="64595"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>
            <item>
                <title>एक दिन में 30-30 इंजेक्शन लगाने वाले कमलदीप ने छोड़ा नशा</title>
                                    <description><![CDATA[सरसा (सच कहूँ न्यूज)। सच्चे, पूर्ण सतगुरु की सोहब्बत, संग किस तरह बुराइयों में फंस कर उजड़ चुके इंसान के जीवन में नई खुशियां लेकर आती है, इसके लाखों करोड़ों प्रत्यक्ष उदाहरण है। पूज्य गुरु जी की डेप्थ मुहिम से प्रभावित होकर युवा नशे की दलदल से बाहर निकलकर खुशहाल जीवन में लौट रहे हैं। […]
]]></description>
                
                                    <content:encoded><![CDATA[<a href="https://www.sachkahoon.com/national/kamaldeep-who-used-to-inject-30-injections-a-day-quit-his-addiction/article-75351"><img src="https://www.sachkahoon.com/media/400/2025-09/sirsa.jpg" alt=""></a><br /><p style="text-align:justify;"><strong>सरसा (सच कहूँ न्यूज)।</strong> सच्चे, पूर्ण सतगुरु की सोहब्बत, संग किस तरह बुराइयों में फंस कर उजड़ चुके इंसान के जीवन में नई खुशियां लेकर आती है, इसके लाखों करोड़ों प्रत्यक्ष उदाहरण है। पूज्य गुरु जी की डेप्थ मुहिम से प्रभावित होकर युवा नशे की दलदल से बाहर निकलकर खुशहाल जीवन में लौट रहे हैं। ऐसा ही एक उदाहरण है पंजाब में पटियाला जिले की तहसील जखवाली के गांव जागो का रहने वाला कमलदीप पुत्र मलकीत सिंह। 22 साल का कमलदीप अच्छा कारीगर था और बिल्डिंग निर्माण के लिए लोहे के बीम, जाल इत्यादि बनाता है। बुरे लोगों के संपर्क में आकर चिट्टे (हेरोइन) का नशा करने लगा तो इसने अपना सब कुछ बर्बाद कर दिया। जमा पूंजी तो गवाई ही साथ ही शारीरिक व सामाजिक तौर पर भी पतन होता गया। नशे की लत में फंसकर एक दिन में 30-30 इंजेक्शन लगाने लगा। नशे की पूर्ति के लिए अपनी मां से मारपीट कर रुपये छीनकर ले जाता तो कभी इधर उधर से उधार ले लेता। नशे की दलदल में फंसकर युवा कमलदीप की जमीन भी बिक गई। परंतु जब गांव के ही एक डेरा सच्चा सौदा के श्रद्धालु ने कमलदीप को नशा छोड़ने के लिए प्रेरित किया और आॅनलाइन गुरुकुल के माध्यम से पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां का सत्संग सुना तो कमलदीप ने ठान लिया कि वह भी नशा छोड़कर फिर से नेक इंसान बनेगा। खुद अपनी जुबानी अपनी कहानी सुनाते हुए कमलदीप ने बताया कि वे तीन भाई हैं। मैं नशेड़ी दोस्तों के साथ रहकर चिट्टे का नशा करना लगा।</p>
<p style="text-align:justify;">परिवार के लोग उसे जेब खर्च के लिए कुछ रुपये देते तो वह उनको नशे पर खर्च कर देता। आहिस्ता-आहिस्ता उसकी नशे की लत बढ़ती गई। शुरूआत में वह एक ग्राम नशीला पदार्थ लेता इसके बाद धीरे-धीरे तीन से चार ग्राम तक पहुँच गया। एक वक्त वह अपनी नशे की पूर्ति करने के लिए 30 इंजैक्शन तक लगा लेता था। उसने अपनी टांगों, हाथों और यहां तक कि गर्दन पर भी नशे की टीके लगाए। नशा करने के बाद उसे कुछ होश नहीं रहता। लेकिन जब नशे का असर खत्म होता तो पूरे शरीर में भयंकर असहनीय दर्द होता। कमलदीप ने बताया कि नशे के लिए वह इस हद तक गिर गया था कि कई बार वह अपनी माँ के साथ भी मारपीट करके रुपये छीन ले जाता। नशे के कारण उसका खुशहाल परिवार बर्बादी के कागार पर पहुंच गया। जमीन तक बिकवा दी।</p>
<h3 style="text-align:justify;">नशा छुड़वाने के लिए परिवारवालों ने किए भरसक प्रयास</h3>
<p style="text-align:justify;">कमलदीप की नशे की आदत से परेशान होकर परिवार वालों ने उसका नशा छुड़वाने के भरसक प्रयास किए, लेकिन वे पूरी तरह नाकाम रहे। यहां तक कि परिवार वालों ने परेशान होकर उसे घर में कई दिनों तक रस्सियों से बांध कर रखा। लेकिन कोई फायदा न हुआ। वो नशा करता रहा और इस नशे की लत में घर की सारी जमा पूंजी बर्बाद हो गई। पड़ोसी उन्हें ताने देते कि इसका कुछ करते क्यों नहीं, लेकिन परिवार वाले उनकी बातें सुनकर बेबसी में चुप रह जाते। उसने बताया कि वह आए दिन परिवार से नशे के लिए रुपये मांगता और झगड़ा करता।</p>
<h3 style="text-align:justify;">सेवादार ने बताई डेरा सच्चा सौदा में नशा छुड़वाने की बात तो सुना सत्संग</h3>
<p style="text-align:justify;">कमलदीप और परिवार की इस बदहाली के बारे में पता चलने पर एक दिन उनके गाँव के एक डेरा सच्चा सौदा के सेवादार ने उससे संपर्क साधा और उसे डेरा सच्चा सौदा चलने के लिए कहा। लेकिन वह नहीं आया। उस सेवादार ने उससे फिर बात की और उसका नशा छुड़वाने की बात की। सेवादार ने कहा कि पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां अपने पावन वचनों से ही भयानक से भयानक नशा छुड़वा देते हैं। इन शब्दों को सुनकर उसके जीवन में जैसे रोशनी की एक किरण आ गई थी।</p>
<h4 style="text-align:justify;">पूज्य गुरुजी ने की जज्बे की सराहना</h4>
<p style="text-align:justify;">आॅनलाइन गुरुकुल में पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां ने इस युवा द्वारा नशा छोड़ने पर इसके जज्बे की सराहना करते हुए वचन फरमाए, शाबास बेटा! अपने माता-पिता का नाम रोशन करना।</p>
<h4 style="text-align:justify;">नाम सुमिरन से इच्छा शक्ति हुई प्रबल, हो गई नशे से नफरत</h4>
<p style="text-align:justify;">कमलदीप ने तुरंत कहा कि मैं नशा छोड़ना चाहता हूँ। इसके पश्चात कमलदीप उस सेवादार के साथ जखवाली में आॅनलाइन गुरुकुल में पहुँचा और वहां पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के पावन वचन श्रवण किए। इसके पश्चात उसने गुरुमंत्र लिया। पूज्य गुरु जी के वचनानुसार उसने प्रसाद भी लिया। प्रसाद खाते ही उसे अपने अंदर एक अनोखी शक्ति का एहसास हुआ और नशे से नफरत हो गई। उस दिन के बाद वह गुरुमंत्र का जाप करने लगा। जैसे-जैसे जाप करता तो अंदर से नशों से दूर रहने की इच्छाशक्ति प्रबल होती गई। फिर पूज्य गुरु जी के वचनानुसार एक सप्ताह डेरा सच्चा सौदा में सेवा की। उसने बताया कि मैंने देखा कि मेरे जैसे कितने ही लोग यहां आकर नशा छोड़ रहे हैं। इस दौरान जब कभी इलाज की जरूरत पड़ी तो वो भी डेरा सच्चा सौदा के अस्पताल में फ्री किया गया। यहां तक कि भोजन तक का प्रबंध भी नि:शुल्क रहा। एक पैसा भी खर्च नहीं करना पड़ा। पूज्य गुरु जी ने मेरे ऊपर जो उपकार किया है उसके लिए मैं उनके चरणों में कोटि-कोटि नमन करता हूँ।</p>
<h3 style="text-align:justify;">नशे से कोई परेशान है तां ओ सच्चा सौदा जरूर आवे</h3>
<p style="text-align:justify;">कमलदीप ने कहा कि नशे की गिरफ्त में फंसे नौजवानों से मैं इतना ही कहना चाहता हूँ कि नशा बहुत बुरी बला है, भ्राओ एहनूं छड्ड देयो। एह तुहाड़ी जिंदगी तां तबाह करदा ही है, हँसदे-खेड़दे घरां नू नरक बणा के उजाड़ दींदा है। जेहड़े माँ-प्यो औलाद वनी सुखां दी आस वेखदे ने ओहनां दी जिंदगी नूं हंजूआ दे हड़ विच डोब दींदा है। ऐसे करके एस तो जिन्ना छेती हो सके खैड़ा छुड़ा लवो। मैं एहदा गवाह हाँ। जे नशे करके कोई परिवार परेशान है तां ओ परिवार डेरा सच्चा सौदा जरूर आवे और मेरे वांग अपनी जिंदगी खुशहाल बणावे।</p>
]]></content:encoded>
                
                                                            <category>देश</category>
                                            <category>मानवता भलाई कार्य</category>
                                            <category>सच कहूँ विशेष स्टोरी</category>
                                            <category>न्यूज़ ब्रीफ</category>
                                    

                <link>https://www.sachkahoon.com/national/kamaldeep-who-used-to-inject-30-injections-a-day-quit-his-addiction/article-75351</link>
                <guid>https://www.sachkahoon.com/national/kamaldeep-who-used-to-inject-30-injections-a-day-quit-his-addiction/article-75351</guid>
                <pubDate>Wed, 03 Sep 2025 10:53:02 +0530</pubDate>
                                    <enclosure
                        url="https://www.sachkahoon.com/media/2025-09/sirsa.jpg"                         length="43598"                         type="image/jpeg"  />
                
                                    <dc:creator><![CDATA[Sach Kahoon Desk]]></dc:creator>
                            </item>

            </channel>
        </rss>
        