सरकार और किसानों के बीच 2 फरवरी को फिर होगी बातचीत

Farmers vs Government

प्रधानमंत्री की अपील के बाद किसान-सरकार के बीच कोई हल निकलेगा?

  • गाजीपुर में सुरक्षा कड़ी, किसानों का धरना-प्रदर्शन जारी

नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। दिल्ली सीमा पर पिछले दो महीने से किसानों का आंदोलन चल रहा है लेकिन अभी तक इस आंदोलन का कोई हल नहीं निकल सका है। सर्वदलीय बैठक में प्रधानमंत्री ने किसानों से अपील की है वे सरकार से बातचीत करे। प्रधानमंत्री की अपील के बाद किसानों का रूख भी सकारात्मक रहा है। किसान नेता भी सरकार से बातचीत को तैयार है। उधर गाजीपुर में किसानों की संख्या बढ़ने लगी है जिससे पुलिस ने गाजीपुर बॉर्डर पर 12 लेयर की बैरिकेडिंग कर दी गई है। जिससे एन-एच 24 पूरी तरह से बंद हो गया है। नोएडा से अक्षरधाम जाने वाले रास्ते के अलावा, दिल्ली से इंदिरापुरम और नोएडा जाने वाले भी रास्ते बंद कर दिये है।

कुंडली बॉर्डर पर किसानों ने कल उपवास रख सरकार के लिए मांगी थी सदबुद्धि

हरियाणा में सोनीपत के कुंडली बॉर्डर पर धरनारत हजारों किसानों ने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी की पुण्यतिथि के मौके पर शनिवार को एक दिन का उपवास रखा था और भगवान से सरकार के लिए सदबुद्धि की कामना की। कुंडली बॉर्डर पर हजारों किसान एक दिन के उपवास पर बैठे। किसानों ने शांति और सद्भावना के लिए प्रार्थना की। उन्होंने सरकार के लिए सदबुद्धि की कामना की ताकि सरकार किसान के प्रति नरम रवैया अपनाते हुए इन तीन कानूनों को रद्द करे और एमएसपी पर लिखित गारंटी दे।

साथ ही किसानों ने सिंघु बार्डर पर शनिवार को हुई मारपीट की कड़ी निंदा करते हुए इसे भाजपा और संघ की साजिश बताया है। किसान नेताओं ने कई भाजपा नेताओं के नाम बताते हुए पुलिस में लिखित शिकायत दी है। किसान नेताओं ने कहा कि अब जल्द ही संयुक्त मोर्चा की बैठक बुलाकर आंदोलन की अगली रणनीति की घोषणा की जाएगी। उन्होंने कहा कि सरकार ने बातचीत का रास्ता बंद किया है, संगठन हमेशा सरकार के बुलावे पर गए हैं। लेकिन सरकार की नीयत और नीति दोनों ही स्पष्ट नहीं है, इसलिए मसले का हल नहीं निकलता दिखता।

 

अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और Twitter पर फॉलो करें।