नई दिल्ली। 2 जनवरी 2026 को देश के सर्राफा बाजार में सोने के दामों में उल्लेखनीय तेजी दर्ज की गई। 24 कैरेट सोना ₹1,070 की बढ़त के साथ ₹1,36,910 प्रति 10 ग्राम पर पहुंच गया, जबकि 22 कैरेट सोने की कीमत ₹1,25,501 प्रति 10 ग्राम रही। पिछले बंद भाव की तुलना में यह बढ़ोतरी निवेशकों के बीच बढ़ते भरोसे को दर्शाती है।भारत में सोने के मूल्य निर्धारण पर अंतरराष्ट्रीय बाजार में स्पॉट गोल्ड की चाल, अमेरिकी डॉलर में उतार-चढ़ाव, आयात शुल्क और कर जैसे कई कारक प्रभाव डालते हैं। इन वैश्विक और घरेलू कारणों के चलते भारतीय बाजार में सोने की कीमतें लगातार ऊंचे स्तर पर बनी हुई हैं। Gold Price Today
दुबई की तुलना में भारत में सोना काफी महंगा बना हुआ है। 2 जनवरी 2026 को दुबई में 24 कैरेट सोने का भाव ₹1,12,816 प्रति 10 ग्राम रहा, जबकि भारत में यही सोना ₹1,36,910 पर कारोबार करता दिखा। इस प्रकार दोनों बाजारों के बीच ₹24,094 यानी लगभग 21.36 प्रतिशत का अंतर सामने आया। इसी अनुपात में 22 कैरेट और 18 कैरेट सोने की कीमतें भी भारत में अधिक रहीं, जिसमें शुल्क और करों को शामिल नहीं किया गया है।
दामों में तेजी के कारण
विशेषज्ञों के अनुसार अमेरिकी डॉलर की कमजोरी और अमेरिका में टैरिफ से जुड़ी नीतिगत दबावों ने सोने की कीमतों को समर्थन दिया है। कमजोर डॉलर के कारण अन्य मुद्राओं में लेन-देन करने वाले निवेशकों के लिए सोना अपेक्षाकृत सस्ता हो जाता है, जिससे इसकी मांग बढ़ती है। वर्ष 2025 में सोने की कीमतों में 65 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की गई थी, जिसका बड़ा कारण वैश्विक व्यापार नीतियों में सख्ती रहा।
इसके साथ ही अमेरिका और वेनेजुएला के बीच बढ़ता भू-राजनीतिक तनाव तथा रूस-यूक्रेन संघर्ष को लेकर बनी अनिश्चितता ने सोने की सुरक्षित निवेश विकल्प के रूप में मांग को और मजबूत किया है। जब वैश्विक हालात अस्थिर होते हैं, तब निवेशक सोने जैसी कीमती धातुओं की ओर रुख करते हैं।
अमेरिकी फेडरल ओपन मार्केट कमेटी की हालिया बैठक के संकेतों से यह भी स्पष्ट हुआ है कि यदि महंगाई में नरमी जारी रहती है, तो केंद्रीय बैंक मौद्रिक नीति में ढील दे सकता है। ब्याज दरों में संभावित कटौती का माहौल आमतौर पर सोने के पक्ष में जाता है। इसके अतिरिक्त, केंद्रीय बैंकों की निरंतर खरीद और एक्सचेंज ट्रेडेड फंड्स में मजबूत निवेश प्रवाह ने भी सोने की कीमतों को सहारा दिया है।
चांदी भी मजबूत
सिर्फ सोना ही नहीं, बल्कि चांदी की कीमतों में भी मजबूती देखने को मिल रही है। सीमित आपूर्ति और औद्योगिक क्षेत्र से बढ़ती मांग के चलते चांदी के भाव ऊपर बने हुए हैं। अमेरिका द्वारा चांदी को महत्वपूर्ण खनिजों की सूची में शामिल किए जाने और चीन के निर्यात प्रतिबंधों से आने वाले समय में इसके दाम और बढ़ने की संभावना जताई जा रही है। भू-राजनीतिक तनाव ने चांदी को भी सुरक्षित निवेश के रूप में आकर्षक बना दिया है। Gold Price Today















