पाकिस्तानी अकाउंट ने एआई की मदद से भारतीय सेना के पूर्व आर्मी चीफ के बयान को बदला!
Social Media News: नई दिल्ली। United States, Israel और Iran के बीच जारी तनावपूर्ण हालात के बीच कुछ पाकिस्तानी सोशल मीडिया खातों द्वारा भारत से जुड़ी भ्रामक और मनगढ़ंत जानकारी फैलाने की कोशिशें तेज हो गई हैं। इस तरह की भ्रामक सामग्री का खंडन करने के लिए Press Information Bureau और Ministry of External Affairs के फैक्ट-चेक प्लेटफॉर्म लगातार सक्रिय हैं। PIB Fact Check
हाल ही में पीआईबी ने एक ऐसे वीडियो को फर्जी बताया है, जिसे सोशल मीडिया पर तेजी से साझा किया जा रहा था। इस वीडियो में भारत के पूर्व सेना प्रमुख Manoj Pande को भारतीय सेना के संबंध में कथित रूप से विवादित टिप्पणी करते हुए दिखाया गया है।
पीआईबी फैक्ट-चेक ने स्पष्ट किया कि यह वीडियो कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई) तकनीक की मदद से तैयार किया गया डीपफेक है और इसमें दिखाए गए बयान पूरी तरह मनगढ़ंत हैं। संस्था ने लोगों से अपील की कि किसी भी वीडियो या संदेश को साझा करने से पहले उसकी सत्यता की पुष्टि आधिकारिक स्रोतों से अवश्य करें। पीआईबी के अनुसार, ऐसे छेड़छाड़ किए गए वीडियो एक समन्वित दुष्प्रचार अभियान का हिस्सा हो सकते हैं, जिनका उद्देश्य जनता को भ्रमित करना और भारतीय सशस्त्र बलों के प्रति विश्वास को कमज़ोर करना है। PIB Fact Check
”सोशल मीडिया पर प्रसारित किसी भी संदिग्ध सामग्री को बिना जांचे-परखे साझा न करें”
दरअसल, सोशल मीडिया पर प्रसारित वीडियो में यह दिखाने का प्रयास किया गया कि पूर्व सेना प्रमुख किसी विदेशी नीति या सैन्य सहयोग को लेकर नकारात्मक टिप्पणी कर रहे हैं। जबकि वास्तविकता में उन्होंने अपने एक संबोधन में केवल यह कहा था कि बदलते वैश्विक सुरक्षा परिदृश्य को ध्यान में रखते हुए सेनाओं को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार रहना चाहिए।
उन्होंने यह भी कहा था कि आधुनिक युद्ध की प्रकृति तेजी से बदल रही है, इसलिए सेनाओं को नई तकनीकों, रणनीतियों और क्षमताओं के साथ स्वयं को सशक्त बनाना आवश्यक है। सरकारी एजेंसियों ने नागरिकों से आग्रह किया है कि सोशल मीडिया पर प्रसारित किसी भी संदिग्ध सामग्री को बिना जांचे-परखे साझा न करें और केवल विश्वसनीय तथा आधिकारिक स्रोतों से ही जानकारी प्राप्त करें। PIB Fact Check















