हमसे जुड़े

Follow us

16.1 C
Chandigarh
Sunday, February 22, 2026
More
    Home देश Dhanbad illeg...

    Dhanbad illegal mining accident: धनबाद में अवैध कोयला खनन के दौरान बड़ा हादसा, चाल धंसने से कई मजदूर दबे

    Dhanbad illegal mining accident
    Dhanbad illegal mining accident: धनबाद में अवैध कोयला खनन के दौरान बड़ा हादसा, चाल धंसने से कई मजदूर दबे

    केसरगढ़ में 10 से ज्यादा की मौत की आशंका

    Jharkhand coal mine accident: धनबाद (झारखंड)। झारखंड के धनबाद जिले के बाघमारा प्रखंड स्थित केसरगढ़ क्षेत्र में अवैध कोयला खनन के दौरान एक गंभीर हादसा सामने आया है। बीसीसीएल के ब्लॉक-2 स्थित शिव मंदिर के निकट मंगलवार देर रात खदान की चाल धंसने से 10 से अधिक मजदूरों के दबे होने की आशंका जताई जा रही है। हालांकि प्रशासन की ओर से अब तक इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। Dhanbad illegal mining accident

    घटनास्थल से प्राप्त प्रारंभिक सूचनाओं के अनुसार, चाल धंसने की यह घटना अवैध खनन के दौरान हुई, जिसमें कई मजदूर अंदर फंसे रह गए। हादसे की सूचना मिलते ही क्षेत्र में हड़कंप मच गया और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग व परिजन मौके की ओर दौड़े।

    सामाजिक कार्यकर्ता श्री सरयू रॉय ने इस हादसे पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर लिखा, “बाघमारा के जमुनिया क्षेत्र में अवैध खनन के कारण चाल धंसने से मंगलवार को नौ मजदूरों की मृत्यु हो गई है।” उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि कोयला माफिया मृतकों के शवों को छिपाने की कोशिश में जुटे हैं। रॉय ने मामले की सूचना धनबाद एसएसपी को भी दी है।

    खनन माफिया चुनचुन के संरक्षण में अवैध खनन का कार्य चल रहा

    उन्होंने यह भी बताया कि एक प्रभावशाली खनन माफिया चुनचुन के संरक्षण में अवैध खनन का यह कार्य चल रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, खदान के अंदर काम कर रहे मजदूर अचानक चाल के धंसने से भीतर ही दब गए। घटनास्थल पर तनाव का माहौल बना हुआ है। स्थानीय ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि कोयला माफिया से जुड़े लोगों ने उन्हें घटनास्थल तक पहुंचने से रोक दिया, जिससे क्षेत्र में आक्रोश फैल गया है। लोग प्रशासन और माफिया की मिलीभगत के आरोप लगा रहे हैं और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।

    ग्रामीणों ने यह भी कहा कि क्षेत्र में अवैध खनन लंबे समय से चल रहा है, और पूर्व में भी कई बार इसी तरह की दुर्घटनाएं हो चुकी हैं, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई। इस हादसे ने एक बार फिर प्रशासन की निष्क्रियता और सुरक्षा उपायों की कमी को उजागर कर दिया है। अब तक राहत और बचाव कार्य की स्थिति अस्पष्ट बनी हुई है। स्थानीय लोगों का आरोप है कि प्रशासन की ओर से देर से कार्रवाई की गई, जिसके कारण दबे हुए मजदूरों को समय पर बचाने का मौका चूक गया। उन्होंने मांग की है कि बचाव कार्य को तुरंत और तेज गति से चलाया जाए तथा इस हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों को कड़ी सजा दी जाए। Dhanbad illegal mining accident

    Kanwariyas died in Gwalior: ग्वालियर में कांवड़ियों के साथ हुआ दर्दनाक हादसा, चार की मौत