हमसे जुड़े

Follow us

28.6 C
Chandigarh
Sunday, March 1, 2026
More
    Home सच कहूँ विशेष स्टोरी प्री मानसून क...

    प्री मानसून की बरसात किसानों के लिए अमृत

    pre-monsoon-rain sachkahoon

    तूफान ने रुलाया , बरसात ने बचाया

    • तूफान ने पेड़ों को जड़ से उखाड़ा , बिजली व्यवस्था हुई प्रभावित

    pre-monsoon-rain Sachkahoon

    उकलाना (कुलदीप स्वतंत्र )। कुछ दिनों पहले गर्मी अपने यौवन पर थी। इंसानों के साथ-साथ अन्य जीव जंतु भी इस तपिश में हांफ रहे थे। इस झुलसती गर्मी में पक्षियों को भी अपनी प्यास बुझाने के लिए दूर पानी की तलाश में जाना पड़ता था। लेकिन कुछ दिन पहले और मंगलवार सायें हुई बरसात से पशु पक्षियों व अन्य जीव-जंतुओं के साथ-साथ किसानों को बड़ी राहत मिली है। फसलें गर्मी की वजह से सूख रही थी और धान की रोपाई में भी देरी हो रही थी। लेकिन अब बरसात होने से जहां नरमा , बाजरा , ज्वार की फसलों को फायदा पहुंचा है वहीं अन्य फसलों की बिजाई के साथ -साथ सब्जियों की बिजाई के लिए भी रास्ते खुले हैं।

    pre-monsoon-rain Sachkahoon

    बरसात से किसानों को पहुंचा फायदा

    गिडविल रिसर्च सेंटर के वैज्ञानिक डॉ हेतराम का कहना है कि इस बरसात से कपास की फसल को बहुत फायदा पहुंचा है। धान की रोपाई और बाजरा, मूंग , गंवार इत्यादि फसलों को बोने के लिए सही समय पर बरसात हुई है जोकि किसानों के लिए बहुत फायदेमंद है । फलों की फसलों के लिए , चारे वाली फसलें और सब्जियों वाली फसलों के लिए बहुत ही लाभदायक है। घीया, टिंडा, तोरी, ककड़ी जैसी सब्जियों की रोपाई के लिए तो सोने पर सुहागा है । तेलों वाली फस्लों में मूंगफली के लिए भी बरसात अमृत के समान है।

    pre-monsoon-rain sachkahoon

    तूफान ने बिगाड़ा समीकरण

    गत दिनों भयंकर तूफान ने धान की होने वाली रोपाई में खलल डाली है जिससे ताजा – ताजा धान की रोपाई के समय पौधे तूफान के कारण जमीन में पानी के बहाव के साथ-सरक गए और किसानों को खाली हुई जगह पर दोबारा पौधे रोपित करने पड़े। तूफान के कहर से अनेक जगहों पर पेड़ टूट गए। बिठमड़ा हिसार रोड, आस-पास के खेतों में व अन्य जगहों पर सड़क के दोनों और लगे पेड़ों को काफी नुकसान पहुंचा है। तूफान इतना तेज था की कई जगहों पर पेड़ जड़ से ही उखड़ गए।

    pre-monsoon-rain sachkahoon

    खेतों में बिजली व्यवस्था हुई प्रभावित

    तूफान की तबाही से खेतों में बिजली के खम्बे टूटने से बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई है जिसके कारण बिजली सप्लाई बाधित हो गई । किसान राममेहर पातड़ गाँव सुरेवाला ने जानकारी देते हुए बताया की खेतों में बसी ढाणियों में रह रहे किसानों के पशु पानी की सप्लाई बंद होने से प्यासे मर गए । हालांकि बिजली प्रशासन द्वारा तूफान में टूटे खम्बों को ठीक करके बिजली व्यवस्था को दुरस्त का कार्य जारी है ।

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और Twitter पर फॉलो करें।