हमसे जुड़े

Follow us

11.9 C
Chandigarh
Friday, February 6, 2026
More
    Home राज्य पंजाब सुनाम में बेस...

    सुनाम में बेसहारा पशुओं की भरमार, हल निकालने में प्रशासन भी दिख रहा बेबस

    Destitute Animal

    सुनाम ऊधम सिंह वाला(सच कहूँ/कर्म थिंद )। स्थानीय शहर में बढ़ रही बेसहारा पशुओं की संख्या को लेकर लोगों में सहम का माहौल बना हुआ है। उल्लेखनीय है कि स्थानीय शहर में बेसहारा पशुओं की संख्या बेहद बढ़ गई है। शहर का सुनाम से पटियाला रोड हो या सुनाम से बठिंडा रोड, माता मोदी रोड, शहर का बस स्टैंड या रेलवे स्टेशन रोड यहां तक कि शहर के हर गली मौहल्ले में इन पशुओं के झुंड आम देखे जा सकते हैं। इन बेसहारा पशुओं की संख्या इतनी बढ़ गई है कि अब तो इनका कोई हल निकालना प्रशासन के बस से बाहर हो गया है।

    क्योंकि रोजाना ही इनके टकराने से वाहनों का नुक्सान हो रहा है और कई लोगों की जिंदगीयां इन हादसों में खत्म हो चुकी हैं। बीते दिन सुनाम से बठिंडा रोड पर ते मोटरसाईकल सवार दो व्यक्ति इन पशुओं से टकराने से घायल हो गए जोकि अभी भी उपचाराधीन हैं। थोड़े दिन पहले एक सांड ने सुनाम के एक रिटा: अध्यापक को टक्कर मार दी, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गए और उनको पीजीआई चंडीगढ़ में भर्ती करवाया गया, जहां उनकी ईलाज दौरान मौत हो गई।

    प्रशासन पूरी तरह फेल: डॉ. सिद्धू

    डॉ. समिन्दर सिद्धू का कहना है कि सरकार और प्रशासन इसके कन्ट्रोल करने में पूरी तरह असमर्थ है। उन्होंने कहा कि म्यूनिसपल कमेटी की सीमा में जान-माल की रक्षा करने की जिम्मेवारी म्युंसिपल कमेटी के अधिकारियों की बनती है। उन्होंने बताया कि इस संबंधी बीते दिनों उनकी सीनियर सिटीजन वैलफेयर एसो. सुनाम द्वारा बेसहारा पशुओं से बचाव के लिए एक ज्ञापन म्युंसिपल कमेटी के प्रधान निशान सिंह टोनी को नगर कौंसिल कार्यालय में सौंप चुके हैं परंतु इसका अभी तक कोई हल नहीं किया गया। उन्होंने कहा कि इसका प्रशासन द्वारा जल्द कोई सार्थक हल निकाला जाए ताकि बच्चे, युवा, बुजुर्ग इन दुर्घटनाओं से बच सकें।

    झुंड बनाकर सड़कों पर घूम रहे पशु, निकाला जाए कोई सार्थक हल : जैन

    सीनियर उप प्रधान इंटरनेशनल वैस फैडरेशन (पंजाब) और सीनियर उप प्रधान अग्रवाल सभा सन्दीप जैन का कहना है कि शहर सुनाम में बेसहारा पशुओं की भरमार है। एक दो पशु नहीं बल्कि यह पशु 10-15 के झुंड बनाकर गलियों में घूमते रहते हैं। जब पशु झुंड बनाकर निकलते हैं तो पूरे मौहल्ले में डर का माहौल बन जाता है और घरों के बाहर खड़े वाहनों को भी नुक्सान पहुंचाते हैं। उन्होंने कहा कि वह सरकार और प्रशासन से मांग करते हैं कि इन बेसहारा पशुओं का जल्द कोई सार्थक हल निकाला जाए ताकि लोगों के हो रहे जानमाल के नुक्सान से बचाव हो सके ।

    लोगों से गौसेस के नाम पर लिए गए टैक्स को गौ रक्षा में किया जाए इस्तेमाल : जिन्दल

    समाज सेविका और बीजेपी नेता मोनिका मानसी जिन्दल ने कहा कि बेसहारा पशुओं से जानमाल का नुकसान हो रहा है। उन्होंने कहा कि इन बेसहारा पशुओं की तादाद भी पहले से कई गुणा बढ़ गई है। इसे कारण जो आम जनता गौ सैस्स के नाम पर टैक्स दे रही है। उस टैक्स को पंजाब सरकार द्वारा गौरक्षा के लिए ही इस्तेमाल किया जाए। उन्होंने कहा कि जीवित पशुओं के साथ साथ मृतक पशुओं का भी कोई सार्थक हल लाजमी करना चाहिए।

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here