हमसे जुड़े

Follow us

11.7 C
Chandigarh
Saturday, February 7, 2026
More
    Home राज्य राजस्थान गैस आधारित उद...

    गैस आधारित उद्योगों और निवेश में अग्रणी राज्य है राजस्थान : शकुंतला रावत

    Jaipur News

    जयपुर (सच कहूं न्यूज)। प्रचुर प्राकृतिक संसाधनों से समृद्ध राज्य राजस्थान, पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस तथा अक्षय ऊर्जा दोनों ही तरह के ऊर्जा क्षेत्रों में प्रमुख स्थान रखता है। राजस्थान ऑनशोर क्रूड ऑयल उत्पादन में देश में प्रथम स्थान पर और ऑनशोर प्राकृतिक गैस उत्पादन में भी राजस्थान देश में अग्रणी राज्य है। राजस्थान में जहां सौर ऊर्जा उत्पादन का पोटेन्शियल 142 गीगावाट आंका गया है, वहीं पवन ऊर्जा में राजस्थान का पोटेन्शियल 127 गीगावाट से अधिक है। Jaipur News

    राजस्थान सरकार का वर्तमान कार्यकाल राजस्थान में उद्योगों और निवेश के लिए स्वर्णिम कार्यकाल रहा है। यह सरकार की प्रगतिशील नीतियों एवं व्यवहारिक सोच का परिणाम है कि राजस्थान, कॉर्पोरेट इन्वेस्टमेंट प्राप्त करने में देशभर में दूसरे स्थान पर है। यह बात राजस्थान सरकार की उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री शकुंतला रावत (Shakuntala Rawat) ने आज कही। Jaipur News

    आईटीसी राजपूताना में रीको और फिक्की द्वारा राजस्थान में गैस आधारित उद्योगों के लाभ और अवसरों पर आयोजित कॉन्फ्रेंस में शकुंतला रावत ने कहा कि एमएसएमई उद्योगों को प्रारंभिक तीन वर्षों के लिए राज्य स्तरीय स्वीकृतियां प्राप्त करने से मुक्त करना- जिसे अब 5 वर्षों तक बढ़ा दिया गया है। मुख्यमंत्री लघु उद्योग प्रोत्साहन योजना, 10 करोड़ रुपए से अधिक के निवेश प्रस्तावों को अधिक प्रभावी ढंग से फेसिलिटेट करने के लिए वन-स्टॉप शॉप सुविधा जैसी अन्य योजनाएं राज्य में उद्योगों के विकास और निवेश के लिए क्रांतिकारी कदम हैं। उन्होंने वर्तमान में राज्य में चल रही कई परियोजनाओं पर भी प्रकाश डाला।

    अतिरिक्त मुख्य सचिव, उद्योग एवं वाणिज्य तथा खान एवं पेट्रोलियम वीनू गुप्ता ने कहा राजस्थान में 80 प्रकार के मिनरल्स हैं। यह भारत के पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस सेक्टर्स में अग्रणी बन गया है, जो प्राकृतिक गैस भंडार में दूसरे स्थान पर है। हाल में ही जीआईजीएल और गेल के जुड़ने से राज्य में आपूर्ति नेटवर्क की समस्याओं का निस्तारण किया जा रहा है। एसीएस ने विभिन्न उद्योगों और निवेशकों, विशेषकर मोरबी और फिरोजाबाद के निवेशकों से राजस्थान में निवेश करने का भी आग्रह किया।

    रीको के प्रबंध निदेशक सुधीर कुमार शर्मा ने कहा कि यह कॉन्फ्रेंस निवेशकों को यह समझने में मदद करेगा कि राजस्थान में प्रचुर मात्रा में उपलब्ध विविध प्रकार के प्राकृतिक संसाधनों को ईंधन के रूप में प्राकृतिक गैस का उपयोग करके कैसे अधिक लाभप्रद और मूल्यवर्धित किया जा सकता है। रीको के पास वर्तमान में 408 औद्योगिक क्षेत्र हैं, जो राज्य की लंबाई और चौड़ाई में 50 हजार एकड़ से अधिक भूमि पर विकसित है। रीको के औद्योगिक क्षेत्रों में अब तक करीब 43 हजार यूनिट्स उत्पादन में हैं।

    जीएसपीएल इंडिया गैसनेट लिमिटेड (जीआईजीएल) के मुख्य कार्यकारी अधिकारी प्रकाश कार्णिक ने राज्य में जीआईजीएल द्वारा किए गए निवेश से राजस्थान को होने वाले लाभों के बारे में बात की। उन्होंने कहा कि जीआईजीएल राज्य में पाइपलाइन इन्फ्रास्ट्रक्चर में 3,300 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश कर रहा है।

    गैस मार्केटिंग गेल इंडिया के कार्यकारी निदेशक सुमित किशोर ने बताया कि कैसे यूएस और चीन के बाद भारत प्राइमरी एनर्जी का तीसरा सबसे बड़ा उपभोक्ता है, और देश का सबसे बड़ा राज्य होने के नाते, राजस्थान कैसे ऊर्जा क्षेत्र की भारी मांग में योगदान देगा। उन्होंने कहा कि गेल ने प्राकृतिक गैस पाइपलाइन के माध्यम से राजस्थान के 900 किलोमीटर के क्षेत्र को कवर किया है।

    फिक्की राजस्थान स्टेट काउंसिल के चेयरमैन रणधीर विक्रम सिंह ने धन्यवाद ज्ञापित किया। जबकि फिक्की राजस्थान स्टेट काउंसिल के सलाहकार अजय सिंघा ने सत्र का संचालन किया। उद्घाटन सत्र के बाद ‘नेचुरल गैस एंड इंडस्ट्रीयल इन्फ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट: स्टेट्स एंड फ्यूचर प्लॉन बाय सिटी गैस डिस्ट्रिब्यूशन कंपनीज और इंडस्ट्रीयल इन्फ्रास्ट्रक्चर बाय रीको’ विषय पर प्लैनेरी सेशन आयोजित किया गया। Jaipur News

    यह भी पढ़ें:– दुष्कर्म और महिला अपराध की घटनाओं से प्रदेश कलंकित हो रहा है : सीपी जोशी

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here