हमसे जुड़े

Follow us

19.3 C
Chandigarh
Wednesday, February 11, 2026
More
    Home देश चुनाव आयोग ने...

    चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों पर दिया जवाब

    Election Commission
    Election Commission चुनाव आयोग ने राहुल गांधी के आरोपों पर दिया जवाब

    नई दिल्ली। चुनाव आयोग ने लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी के हरियाणा विधानसभा के 2024 में हुए चुनावों में धांधली के आरोपों को नकारते हुए कहा है कि यदि कहीं कोई गड़बड़ी हो रही थी और एक ही नाम से कई बार मतदान किया जा रहा था तो कांग्रेस के चुनाव एजेंटों को इस पर आपत्ति दर्ज करनी चाहिए थी। गांधी के बुधवार को यहां संवाददाता सम्मेलन में चुनाव आयोग पर मतदाता सूची में हेराफेरी करने के आरोपों को बेबुनियाद बताते हुए आयोग ने सोशल मीडिया एक्स पर कहा कि हरियाणा में मतदाता सूची को लेकर कहीं कोई शिकायत नहीं है। वर्तमान में 90 सदस्यों वाली विधानसभा चुनाव से जुड़ी 22 याचिकाएं उच्च न्यायालय में लंबित हैं।

    आयोग ने गांधी के फर्जी वोटिंग के आरोप पर कहा कि यदि एक ही नाम पर कई बार मतदान हो रहा था तो गांधी को बताना चाहिए कि उनकी पार्टी के पोलिंग एजेंट मतदान केंद्रों पर क्या कर रहे थे। आयोग का यह भी कहना था कि यदि किसी मतदाता पर संदेह था तो कांग्रेस के मतदान एजेंटों ने मतदाता की पहचान को लेकर कोई आपत्ति दर्ज क्यों नहीं कराई।

    चुनाव आयोग का कहना कि गांधी को स्पष्ट करना चाहिए कि वह मतदाता सूची पुनरीक्षण का समर्थन करते हैं कि उसका विरोध कर रहे हैं। सत्यापन के साथ-साथ डुप्लिकेट, मृत और स्थानांतरित मतदाताओं को हटाने वाली इस व्यवस्था के वे समर्थक हैं या विरोधी। सूची पुनरीक्षण के दौरान जब एक से अधिक नाम सामने आ रहे थे तो कांग्रेस के एजेंट कोई आपत्ति क्यों नहीं उठा रहे थे। बड़ा सवाल यह है कि गांधी को कैसे पता चला कि डुप्लीकेट वोटरों ने भाजपा को ही वोट दिया है। हाउस नंबर जीरो पर उन्होंने स्पष्टीकरण दिया कि हाउस नम्बर जीरो उन घरों के लिए है जहां पंचायत और नगर पालिकाओं ने हाउस नंबर नहीं दिए हैं। बीएलओ ने उन मकानों के नंबर शून्य बताए हैं, जहां नगर पालिकाओं, पंचायतों द्वारा कोई मकान नंबर आवंटित नहीं किया गया है। बिहार को लेकर आयोग ने कहा कि वहां मतदाता सूची पुनरीक्षण एक अगस्त से 15 अक्टूबर तक हुआ था तो इस दौरान कांग्रेस की तरफ से कोई अपील दायर क्यों नहीं की गई। आयोग ने हरियाणा विधानसभा के 2024 के हुए चुनाव को लेकर श्री गांधी के सवालों के मद्देनजर कुछ तथ्य दिये हैं जिनमें कहा गया है कि मतदाता सूची को दो अगस्त 2024 को मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों को वितरित किया गया था और फिर अंतिम सूची को भी इन दलों को दिया गया था।