कैथल सच कहूँ/कुलदीप नैन। गुहला चीका से कांग्रेस विधायक देवेंद्र हंस ने एसडीएम को बच्चों के खेलने वाला झुनझुना देने की कोशिश की। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि इसे पकड़ो और जाकर बजाते रहो। सोमवार को विधायक देवेंद्र हंस कांग्रेस कार्यकर्ताओं के साथ चीका बीडीपीओ परिसर में बनी दुकानों की लंबाई और किराया बढ़ाने के विरोध में चीका बीडीपीओ पहुंचे। यहां विधायक गुहला के एसडीएम कैप्टन प्रमेश सिंह पर भड़क गए। एसडीएम को झुनझुना देने और कहासुनी का 24 सेकेंड का वीडियो सामने आया।
वीडियो में विधायक देवेंद्र हंस कह रहे हैं, भाई, इससे कुछ भी नहीं होने वाला। तभी विधायक पास खड़े व्यक्ति की जैकेट से एक बच्चों के खेलने वाला झुनझुना निकालते हैं और एसडीएम को देने लगते हैं। इस पर एसडीएम कहते हैं, ‘विधायक जी, आप इसे अपने पास रखिए। वीडियो में दिख रहा है कि जब एसडीएम झुनझुना पकड़ने से मना कर देते हैं तो विधायक कहते हैं, “इसे पकड़ो और जाकर बजाते रहो। आपसे कुछ नहीं होता। एसडीएम हंसते हुए पीछे हट जाते हैं। एसडीएम कैप्टन प्रमेश सिंह ने कहा कि शिकायत को गंभीरता से लेकर जांच करवाई गई थी। जिसमें सामने आया कि कोई गड़बड़ी नहीं की और काम नियमों के अनुसार हो रहा है।
विधायक ने लगाए आरोप
विधायक देवेंद्र हंस ने कहा कि सरकारी जमीन को खुर्दबुर्द करने व दुकानों की लंबाई बढ़ाने की एवज में भारी भरकम राशि ली गई। शहर की प्राइम लोकेशन शहीद ऊधम सिंह चौक पर चीका का बीडीपीओ आॅफिस बना हुआ है। इस परिसर के पिहोवा व पटियाला रोड की तरफ दुकानें बनी हुई हैं। पहले पिहोवा रोड की तरफ बनी 8 दुकानों की लंबाई 10 फीट के आसपास थी। विधायक ने आरोप लगाया कि दिसंबर महीने में सरकार से मंजूरी लिए बिना दुकानों की लंबाई बढ़ाई गई। निर्माण कार्य छुट्टी वाले दिन किया गया। इस संबंध में जब लोगों ने शिकायत दी तो गुहला के एसडीएम कैप्टन प्रमेश सिंह को जांच का जिम्मा दिया गया। एसडीएम ने अपनी जांच में निर्माण कार्य को गलत ठहराते हुए निर्माण रोकने के आदेश सुना दिए। इसके बाद शहर के लोगों ने उन्हें इस बारे में सूचना दी। देवेंद्र हंस ने कहा कि जब वे एसडीएम से मिलने गए तो मामले की जांच व उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया गया, लेकिन बाद में कोई कार्रवाई नहीं हुई।















