Hazaribagh Elephant Attack: हजारीबाग। झारखंड के हजारीबाग जिले के चुरचू प्रखंड अंतर्गत गोंदवार गांव में गुरुवार की देर रात जंगली हाथियों के एक झुंड ने भीषण उत्पात मचाया, जिसमें छह ग्रामीणों की मृत्यु हो गई। मृतकों में एक ही परिवार के चार सदस्य सम्मिलित हैं। घटना के पश्चात गांव में शोक, भय और आक्रोश का वातावरण व्याप्त है। Jharkhand News
ग्रामीणों के अनुसार रात लगभग एक से दो बजे के बीच पांच हाथियों का दल अचानक बस्ती में प्रवेश कर गया। अधिकांश ग्रामीण उस समय गहरी नींद में थे। हाथियों ने कच्चे मकानों को निशाना बनाते हुए दीवारें और दरवाजे तोड़ दिए। अफरा-तफरी के बीच लोग घरों से बाहर निकलकर सुरक्षित स्थान की ओर भागने लगे, किंतु इस दौरान छह लोग हाथियों की चपेट में आ गए।
मृतकों की पहचान सूरज भुईयां (55), उनकी पुत्रवधू सुमन देवी (25), सुमन के दो मासूम बच्चों, मंगरा भुईयां (58) तथा धनेश्वर राम (लगभग 55) के रूप में हुई है। बताया गया कि सूरज भुईयां का परिवार एक ही कक्ष में विश्राम कर रहा था और अचानक हुए हमले के कारण उन्हें बाहर निकलने का अवसर नहीं मिल सका। Jharkhand News
ग्रामीणों को रात्रि के समय सतर्क रहने और समूह में रहने की सलाह
ग्रामीणों ने हाथियों को भगाने के लिए ढोल-नगाड़े बजाए, बर्तन पीटे तथा टॉर्च की रोशनी का सहारा लिया, किंतु झुंड काफी देर तक गांव में उत्पात मचाता रहा। बाद में हाथी पुनः जंगल की दिशा में लौट गए।
सूचना मिलने पर शुक्रवार प्रातः प्रशासन, पुलिस एवं वन विभाग की टीम घटनास्थल पर पहुंची। शवों को पोस्टमार्टम हेतु भेज दिया गया है। वन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि क्षेत्र में हाथियों की गतिविधियों पर सतत निगरानी रखी जा रही है तथा प्रभावित परिवारों को तात्कालिक राहत प्रदान करने की प्रक्रिया आरंभ कर दी गई है। ग्रामीणों को रात्रि के समय सतर्क रहने और समूह में रहने की सलाह दी गई है।
उल्लेखनीय है कि झारखंड में मानव-हाथी संघर्ष की घटनाओं में वृद्धि देखी जा रही है। पिछले लगभग डेढ़ माह में राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में हाथियों के हमलों से बीस से अधिक लोगों की जान जा चुकी है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों में असुरक्षा की भावना गहराती जा रही है। Jharkhand News















