
Leopard Attacked: चामराजनगर। कर्नाटक के चामराजनगर जनपद में तालुबेटा वन क्षेत्र से होकर गुजरने वाली माले महादेश्वर पहाड़ी की वार्षिक तीर्थयात्रा एक दर्दनाक घटना के कारण शोक में बदल गई। बुधवार को तेंदुए के हमले में एक युवक की जान चली गई, जिससे श्रद्धालुओं और प्रशासन दोनों में चिंता का माहौल बन गया। यह मार्ग हर वर्ष बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं द्वारा पैदल तय किया जाता है और घने जंगल से होकर गुजरता है। Leopard News
मृतक युवक की पहचान 30 वर्षीय प्रवीण के रूप में हुई है। वह अपने चार साथियों के साथ मांड्या जिले के चीरनहल्ली गांव से पैदल यात्रा पर निकला था। बताया गया कि देर रात जब समूह पहाड़ी के निकट सड़क किनारे पहुंचा, तभी एक तेंदुआ अचानक सामने आ गया। तेंदुए को देखकर सभी घबरा गए और अलग-अलग दिशाओं में भागने लगे। इसी अफरा-तफरी के बीच प्रवीण साथियों से बिछड़ गया।
कुछ समय बाद उसके साथियों को उसी स्थान के आसपास खून के निशान दिखाई दिए, जहां प्रवीण को आखिरी बार देखा गया था। काफी देर तक तलाश करने के बावजूद जब उसका पता नहीं चला, तो तत्काल वन विभाग और पुलिस को सूचना दी गई। बुधवार सुबह दोनों विभागों की टीमों ने संयुक्त रूप से सघन खोज अभियान शुरू किया। Leopard News
काफी प्रयासों के बाद प्रवीण का शव जंगल के भीतर बरामद किया गया
काफी प्रयासों के बाद प्रवीण का शव जंगल के भीतर एक गहरी खाई से बरामद किया गया। अधिकारियों के अनुसार, तेंदुए ने उसके सिर, गर्दन और छाती पर गंभीर घाव किए थे और शव को लगभग एक किलोमीटर तक घसीटते हुए जंगल के अंदर ले गया था। जब टीम मौके पर पहुंची, तब भी तेंदुआ शव के पास मौजूद था, जिससे बचाव कार्य में कठिनाई आई। पर्याप्त संसाधन न होने के कारण जानवर को भगाने और शव को बाहर निकालने में समय लगा।
प्रारंभिक जांच में यह संभावना जताई गई है कि भागने के दौरान प्रवीण गिर पड़ा था, जिसके बाद तेंदुए ने उस पर हमला किया। मामले में आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है और जांच जारी है।
घटना के बाद स्थानीय ग्रामीणों और श्रद्धालुओं में रोष देखा गया। उनका कहना है कि क्षेत्र में पहले से ही तेंदुए की गतिविधियां नजर आ रही थीं और इसकी सूचना भी दी गई थी, लेकिन समय रहते सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए। इस हादसे ने वन क्षेत्रों से होकर गुजरने वाली तीर्थयात्राओं की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। Leopard News












