सोलन। नए वर्ष के पहले दिन सोलन जिले के नालागढ़ क्षेत्र में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब नालागढ़ पुलिस थाना परिसर के समीप सुबह लगभग 9:45 बजे एक भीषण विस्फोट हुआ। धमाके की गूंज इतनी तीव्र थी कि करीब 400 से 500 मीटर दूर तक इसकी आवाज सुनाई दी। विस्फोट के कारण आसपास की कई इमारतों के शीशे टूट गए और कुछ स्थानों पर ढांचागत क्षति भी दर्ज की गई। प्रभावित भवनों में पुलिस थाना, ईसीएचएस पॉलीक्लिनिक (सेना अस्पताल), मार्केट कमेटी कार्यालय और सैनिक विश्राम गृह शामिल हैं। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी के घायल होने की सूचना नहीं मिली है। Solan Blast
धमाका पुलिस थाने से सटी एक संकरी गली में हुआ, जिससे स्थानीय नागरिकों और दुकानदारों में दहशत फैल गई। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार विस्फोट इतना तेज था कि धरती हिलती हुई महसूस हुई और आसपास मौजूद लोग घबराकर बाहर निकल आए। सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन सक्रिय हो गया। घटनास्थल को तत्काल घेराबंदी कर सील कर दिया गया और क्षेत्र में आवाजाही पर रोक लगा दी गई।
विस्फोट के कारणों की वैज्ञानिक जांच कर रही फॉरेंसिक टीम
बद्दी के पुलिस अधीक्षक विनोद धीमान तथा नालागढ़ के पुलिस उपाधीक्षक भीष्म ठाकुर स्वयं मौके पर पहुंचे और हालात का जायजा लिया। फॉरेंसिक विशेषज्ञों की टीम को भी बुलाया गया है, जो घटनास्थल से नमूने एकत्र कर विस्फोट के कारणों की वैज्ञानिक जांच कर रही है।
फिलहाल पुलिस अधिकारी किसी निष्कर्ष पर पहुंचने से बच रहे हैं। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि औद्योगिक क्षेत्र होने के कारण किसी प्रकार के कबाड़ या रासायनिक अवशेष की वजह से विस्फोट हुआ हो सकता है। हालांकि सभी संभावनाओं को ध्यान में रखते हुए विस्तृत जांच जारी है। नालागढ़-बद्दी क्षेत्र एक प्रमुख औद्योगिक इलाका है, जहां बड़ी संख्या में फैक्ट्रियां स्थित हैं। नए साल के अवसर पर प्रदेश में भारी संख्या में पर्यटकों की मौजूदगी के बीच यह घटना सुरक्षा एजेंसियों के लिए गंभीर चिंता का विषय बन गई है। Solan Blast















