हमसे जुड़े

Follow us

11.7 C
Chandigarh
Saturday, February 7, 2026
More

    ABM Khairul Haque arrest: बांग्लादेश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश एबीएम खैरुल हक गिरफ्तार

    ABM Khairul Haque arrest
    Ex-CGI Khairul Haque

    Dhaka DB police news: ढाका। बांग्लादेश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश एबीएम खैरुल हक को गुरुवार सुबह ढाका के धनमंडी इलाके स्थित उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया गया। यह कार्रवाई ढाका मेट्रोपॉलिटन पुलिस की जासूसी शाखा (डीबी) द्वारा की गई। रिपोर्ट के अनुसार, उन्हें पूछताछ के लिए मिंटो रोड स्थित डीबी मुख्यालय ले जाया गया है। ABM Khairul Haque arrest

    ढाका ट्रिब्यून के हवाले से, डीबी के संयुक्त आयुक्त मोहम्मद नसीरुल इस्लाम ने बताया कि खैरुल हक के खिलाफ कई मामले दर्ज हैं, जिनकी जांच की जा रही है। हालांकि, अभी तक गिरफ्तारी से संबंधित विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। एबीएम खैरुल हक ने वर्ष 2010 में देश के 19वें मुख्य न्यायाधीश के रूप में कार्यभार संभाला था। वे 67 वर्ष की अनिवार्य सेवानिवृत्ति आयु पूरी कर पिछले वर्ष सेवानिवृत्त हुए थे। उन्हें 2013 में लॉ कमीशन के चेयरमैन के रूप में तीन वर्षों के लिए नियुक्त किया गया था और बाद में उन्हें इस पद पर कई बार पुनः नियुक्ति मिली।

    राजनीतिक आरोप और गिरफ्तारी की मांग | ABM Khairul Haque arrest

    उल्लेखनीय है कि इस वर्ष अप्रैल में बांग्लादेश जातीयताबादी ऐनजीबी फोरम (बीजेएएफ) — जो बीएनपी समर्थक वकीलों का एक समूह है — ने खैरुल हक की गिरफ्तारी और उन पर मुकदमे की मांग की थी। बीजेएएफ के अध्यक्ष एडवोकेट जैनुल आबेदीन ने आरोप लगाया कि खैरुल हक ने देश की न्यायिक स्वतंत्रता और लोकतांत्रिक व्यवस्था को कमजोर करने में अहम भूमिका निभाई है।

    उन्होंने आरोप लगाया कि तत्कालीन प्रधानमंत्री शेख हसीना की सरकार ने न्यायपालिका के समर्थन से फासीवादी शासन स्थापित किया और अगर न्यायपालिका ने अपनी संवैधानिक ज़िम्मेदारियाँ निभाई होतीं, तो लोकतंत्र को बचाया जा सकता था। एडवोकेट आबेदीन ने कहा, “खैरुल हक जैसे व्यक्ति, जो न्यायिक पतन के केंद्र में रहे, उन्हें अब तक न तो गिरफ़्तार किया गया और न ही किसी मुकदमे का सामना करना पड़ा है। ऐसे में उन्हें जवाबदेह ठहराना बांग्लादेश की जनता की एक प्रमुख मांग बन चुकी है।” ABM Khairul Haque arrest

    Ban on woke AI: डोनाल्ड ट्रंप का बड़ा फैसला: सरकारी एजेंसियों में ‘वोक’ एआई पर प्रतिबंध, एग्जीक्यूटिव ऑर्डर जारी