हमसे जुड़े

Follow us

18.7 C
Chandigarh
Saturday, March 28, 2026
More
    Home राज्य दिल्ली/यूपी बैंकों को सीब...

    बैंकों को सीबीआई, कैग, सीवीसी से डरने की जरूरत नहीं: सीतारमण

    Nirmala Sitharaman

    इस बैठक में सीबीआई निदेशक एवं संयुक्त निदेशक भी शामिल हुये

    (Nirmala Sitharaman)

    नई दिल्ली (एजेंसी)। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने (Nirmala Sitharaman) कहा है कि सरकारी बैंकों को अपने अधिकारियों के विरुद्ध लंबित सतर्कता मामलों को निपटाने के निर्देश दिये गये है और जो सही एवं विवेक से लिए गये मामले हैं उनके लिए बैंकों को केन्द्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई), नियंत्रक एवं महालेखा परीक्षक (कैग) और केन्द्रीय सतर्कता आयोग (सीवीसी) से डरने की जरूरत नहीं है। श्रीमती सीतारमण ने सरकारी एवं निजी बैंक प्रमुखों के साथ बैंकों के प्रदर्शन की समीक्षा के बाद शनिवार को यहां संवाददाताओं से कहा कि पहली बार इस बैठक में सीबीआई निदेशक एवं संयुक्त निदेशक भी शामिल हुये हैं।

    विवेक से लिये गये वाणिज्यिक निर्णय की संरक्षा की जायेगी  उसके लिए किसी भी बैंकर को डरने की जरूरत नहीं है

    उन्होंने कहा कि वह प्रवर्तन निदेशालय, राजस्व खुफिया निदेशालय और आयकर विभाग के अधिकारियों के साथ भी इस तरह की बैठक करेंगी और उन्हें भी बैंक अधिकारियों को धोखाधड़ी से जुड़े मामलों में सतर्कता बरतने के बारे में बताने की अपील करेंगी। उन्होंने कहा कि बैंकरों को आश्वस्त किया गया है कि विवेक से लिये गये वाणिज्यिक निर्णय की संरक्षा की जायेगी और उसके लिए किसी भी बैंकर को डरने की जरूरत नहीं है। इस बैठक में यह भी निर्णय लिया गया है

    •  आयकर विभाग द्वारा नोटिस भेजने के लिए बनाये गये तंत्र की तरह सीबीआई भी एक तंत्र विकसित करेगा
    • जिससे केन्द्रीय जांच एजेंसी के सभी नोटिस पर एक पंजीयन नंबर होगा
    • जिससे अनाधिृकत पत्राचार और किसी तरह के उत्पीड़न की आशंका समाप्त हो जायेगी।

    सीबीआई भी बैंक अधिकारियों को इस संबंध में प्रशिक्षित करेगा

    -उन्होंने कहा कि जिम्मेदार लोगों के विरूद्ध कार्रवाई के दौरान सीबीआई को उचित वाणिज्यिक निर्णय और दोषपूर्ण निर्णय के बीच अंतर करना चाहिए।

    • सरकारी बैंक धोखाधड़ी से जुड़े प्राथमिक रिपोर्ट (एफआईआर) से सीबीआई को एक विशेष ईमेल से अवगत करायेंगे।
    • इसके साथ ही सीबीआई भी एक विशेष फोन नंबर जारी करेगा
    • जिसके माध्यम से कोई भी व्यक्ति जांच मशीनरी के उत्पीड़न के बारे में सूचना दे सकेगा।
    •  बैंकों को फोरेंसिक आॅडिटर चयन के मानकों को कड़ाई से पालन करने के लिए कहा ।
    •  सीबीआई से फोरेंसिक आॅडिटरों को प्रशिक्षित कराने के लिए कहा गया है।
    • सीबीआई भी बैंक अधिकारियों को इस संबंध में प्रशिक्षित करेगा।’

     

    Hindi News से जुडे अन्य अपडेट हासिल कने के लिए हमें Facebook और Twitter पर फॉलो करें।