परिजनों ने निभाया संकल्प, मेडिकल शोध के लिए दान किया पार्थिव शरीर, नम आंखों से दी गई विदाई
डबवाली (सच कहूँ/सुभाष)। शहर के वार्ड नंबर 8, एकता नगरी निवासी चिरंजी लाल इन्सां (83) शुक्रवार अलसुबह 3:30 बजे अपनी सांसारिक यात्रा पूरी कर सचखंड जा विराजे। उनके निधन के बाद परिजनों ने उनके जीवनकाल में लिए संकल्प को निभाते हुए पार्थिव शरीर को मेडिकल शोध के लिए एफ.एच. मेडिकल कॉलेज (एत्मादपुर, आगरा) को दान कर मानवता की मिसाल पेश की। यह सेवा कार्य डेरा सच्चा सौदा की अमर सेवा मुहिम के तहत पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह की प्रेरणा से संपन्न हुआ। Sirsa News
अंतिम विदाई से पूर्व उनके निवास पर अरदास की गई। इसके बाद एकता नगरी से चौटाला रोड स्थित बिश्नोई धर्मशाला तक अंतिम यात्रा निकाली गई, जिसमें बड़ी संख्या में साध-संगत और शहरवासी शामिल हुए। जब तक सूरज चांद रहेगा, चिरंजी लाल इन्सां तेरा नाम रहेगा जैसे नारों से वातावरण गूंज उठा। अंतिम यात्रा के दौरान परिजनों ने भी समाज को मजबूत संदेश दिया। पुत्रवधू बिमला देवी, बेटियां वीना व नीलम, पोत्री पूनम और सुनीता सहित अन्य परिजनों ने अर्थी को कंधा देकर महिला सहभागिता की मिसाल पेश की।

सचखंडवासी चिरंजी लाल इन्सां वर्ष 2026 में डबवाली के तीसरे देहदानी बने
सचखंडवासी चिरंजी लाल इन्सां वर्ष 2026 में डबवाली के तीसरे देहदानी बने हैं। बता दें कि चिरंजी लाल इन्सां ने वर्ष 1966 में पूजनीय परमपिता शाह सतनाम जी महाराज से नाम दीक्षा लेकर अपना जीवन मानव सेवा को समर्पित कर दिया था। परिवार की सेवा भावना पहले भी सामने आ चुकी है, जब वर्ष 2004 में उनके पुत्र प्रेम कुमार इन्सां के नेत्रदान किए गए थे।
अंतिम यात्रा में ब्लॉक प्रेमी सेवक गोविंद इन्सां, सच्चे नम्र सेवादार शीला इन्सां, सचखंडवासी की धर्मपत्नी कौशल्या देवी इन्सां, पोत्र लक्ष्मण इन्सां, दामाद विपिन इन्सां व अंग्रेज इन्सां, विशू इन्सां सहित शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफेयर कमेटी के सेवादार, रिश्तेदार और शहर के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे। इस मौके पर नगर परिषद डबवाली के अध्यक्ष टेक चंद छाबड़ा ने कहा कि शरीरदान महादान है और इससे समाज को नई दिशा मिलती है। उन्होंने आमजन से भी इस पुण्य कार्य में आगे आने का आह्वान किया। Sirsa News















