Param Pita Shah Satnam Ji: सच्चे सतगुरु पूजनीय परम पिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज के गद्दीनशीन होने से पहले की बात है कि आप जी, पूजनीय बेपरवाह साईं शाह मस्ताना जी महाराज से आज्ञा लेकर अपने घरेलू कार्यों के लिए अपने गांव पवित्र भूमि श्री जलालआणा साहिब आए थे। आप जी को पारिवारिक कार्यों में लगभग पांच-छह दिन लग गए। जब आप जी वापिस लौटे, उस समय पूजनीय बेपरवाह जी डेरा सच्चा सौदा, रानियां (सिरसा) में डेरे के बाहर एक पेड़ के नीचे विराजमान थे। जब आप जी पूजनीय बेपरवाह जी के पास पहुंचे, तो पूजनीय बेपरवाह जी ने वचन फरमाया- ‘‘हरबंस सिंह (पूजनीय परम पिता शाह सतनाम सिंह जी महाराज का बचपन का नाम), इतने दिन कहां रहे? यह देह अब बूढ़ी हो गई है, अब आगे आपको ही काम करना है।’’ गद्दी बख्शिश से पहले ही पूजनीय बेपरवाह शाह मस्ताना जी महाराज ने स्पष्ट रूप से यह वचन फरमा दिए थे। MSG Maha Rahmokaram Month
स्त्रोत: सच्चे रूहानी रहबर, भाग-2















