
Haryana New Railway line: नई दिल्ली/कुरुक्षेत्र सच कहूँ/देवीलाल बारना। देश में तीव्र विकास और आधुनिक इंफ्रास्ट्रक्चर को गति देने के लिए केन्द्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केन्द्रीय कैबिनेट ने रेलवे, स्टार्टअप और विकास से जुड़े कई बड़े निर्णयों को मंजूरी दी। इन योजनाओं पर करीब 1.6 लाख करोड़ रुपए खर्च होंगे। शनिवार को केंद्रीय मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कैबिनेट के फैसलों की जानकारी दी।
प्रधानमंत्री मोदी नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई आर्थिक मामलों पर कैबिनेट कमेटी (सीसीईए) की बैठक में तीन रेलवे प्रोजेक्ट्स को मंजूरी दी गई। सीसीईए के मुताबिक, इन प्रोजेक्ट्स में कसारा-मनमाड (तीसरी और चौथी लाइन), दिल्ली-अंबाला (तीसरी और चौथी लाइन), जिसकी लंबाई 194 किमी. है और बल्लारी-होसपेटे (तीसरी और चौथी लाइन) शामिल हैं। सीसीईए ने आगे बताया कि यह तीन रेलवे प्रोजेक्ट्स दिल्ली, हरियाणा, महाराष्ट्र और कर्नाटक के 12 जिलों से होकर गुजरेंगे और इससे भारतीय रेलवे का नेटवर्क करीब 389 किलोमीटर बढ़ेगा। इन प्रोजेक्ट्स से 3,902 गांव तक कनेक्टिविटी मजबूत होगी और करीब 97 लाख लोगों को फायदा होगा। सीसीईए के मुताबिक, प्रस्तावित क्षमता वृद्धि से देश भर के कई प्रमुख पर्यटन स्थलों, जिनमें भावली बांध, श्री घाटंदेवी, त्र्यंबकेश्वर ज्योतिर्लिंग, श्री माता वैष्णो देवी कटरा/श्रीनगर और हम्पी (यूनेस्को विश्व धरोहर स्थल), बल्लारी किला, दारोजी स्लॉथ बियर अभयारण्य, तुंगभद्रा बांध, केंचनागुड्डा और विजया विट्टला मंदिर आदि प्रमुख आकर्षणों के लिए रेल संपर्क में सुधार होगा।
सीसीईए ने कहा कि प्रस्तावित प्रोजेक्ट्स कोयला, इस्पात, लौह अयस्क, सीमेंट, चूना पत्थर/बॉक्साइट, कंटेनर, खाद्यान्न, चीनी, उर्वरक, तेल आदि जैसी वस्तुओं के परिवहन के लिए आवश्यक मार्ग हैं। क्षमता वृद्धि कार्यों से प्रति वर्ष 96 मिलियन टन की अतिरिक्त माल ढुलाई क्षमता प्राप्त होगी। साथ ही ये प्रोजेक्ट्स तेल आयात (22 करोड़ लीटर) को कम करेगा और कार्बन डाइआॅक्साइड उत्सर्जन (111 करोड़ किलोग्राम) को घटाएगा, जो 4 करोड़ वृक्षारोपण के बराबर है।
सड़क और मेट्रो कनेक्टिविटी को भी मिली रफ्तार | Haryana New Railway line
कैबिनेट ने कई सड़क परियोजनाओं के चौड़ीकरण और अपग्रेडेशन को मंजूरी दी। इनमें 3,175 करोड़ की लागत से गुडेबेलूर-महबूबनगर सेक्शन को फोर-लेन करना, 4,584 करोड़ की लागत से धमसिया-बिटाडा और नासरपोर-मलोथा सेक्शन का चौड़ीकरण और 3,320 करोड़ रुपये से घोटी-त्र्यंबक-पालघर सेक्शन का अपग्रेडेशन शामिल है। इसके अलावा, नोएडा मेट्रो की एक्वा लाइन के विस्तार को भी मंजूरी मिल गई, जिसमें 2,254 करोड़ रुपये का निवेश होगा।














