हमसे जुड़े

Follow us

12.8 C
Chandigarh
Saturday, February 7, 2026
More
    Home देश सोमालियाई नाग...

    सोमालियाई नागरिक को भारतीय डॉक्टरों ने दी नई जिंदगी

    Chandigarh News
    Chandigarh News: चंडीगढ़ में सरकारी अस्पतालों में ओपीडी का समय बदला

    हैदराबाद (एजेंसी)। पैर में भरी मवाद और तीव्र दर्द से पीड़ित सोमालिया के 53 वर्षीय नागरिक को यहां अमोर अस्पताल में उच्च स्तरीय चिकित्सीय मदद मुहैया कराकर एक नया जीवन दिया गया है। अस्पताल प्रशासन की ओर से जारी की गयी विज्ञप्ति में बताया गया कि सोमालिया का किसान आबिद अली के पैर में खेत में काम के दौरान कीचड़ में फिसलने से एक पत्थर गड़ गया था जिससे उसे फंगल इंफेक्शन हो गया था । उसने अपने देश और बाद में कीनिया में इलाज कराया लेकिन कोई राहत नहीं मिलने पर वह हैदराबाद के अमोर अस्पताल में इलाज के लिए आया। जब अस्पताल में आया था तब उसके पैर में बहुत सूजन थी और उसके कूल्हे की हड्डी से लगातार बदबूदार पस का रिसाव हो रहा था तथा इस कारण वह लंबे समय से तीव्र दर्द से पीड़ित भी था।

    क्या है मामला

    अमोर अस्पताल के डॉ़ किशोर रेड्डी ने बताया कि आबिद के सीधे पैर में ग्रोइन (जांघ और श्रोणिमेखला के संधि क्षेत्र) से काला दानेदार पस का रिसाव हो रहा था और इस कारण वह तीन साल से जबरदस्त दर्द झेल रहा था। उसका पैर, जांघ, कूल्हा और पेल्विस सभी में इंफेक्शन पैर पसार चुका था। उन्होंने बताया कि मरीज के पैर और पेल्विस से फंगल बॉल को निकालने के लिए विशेषज्ञ टीम की मदद से आॅपरेशन किया गया। आपरेशन के बाद आबिद की नेगेटिव प्रेशन वूंड थेरेपी से इलाज किया गया और उसके पेल्विक एरिया में एंटीबायोटिक सीमेंट बीडस् लगायी गयी।

    इसकी मदद से और रिवर्स सूरल आरट्री फ्लैप का इस्तेमाल कर मुलायम ऊतकों के पुनर्निमाण का काम कराया गया। इस जबरदस्त उच्च तकनीकों की मदद से आखिरकार आबिद को तीन साल पुराने दर्द ने न केवल निजात मिली बल्कि एक नया जीवन ही मिला। डॉ. किशोर ने बताया कि अब आबिद पूरी तरह से ठीक हो गया है और उसको स्थिर हालात में अस्पताल से छुट्टी भी दे दी गयी है। आबिद और उसके परिवार ने उसे एक नया जीवन देने के लिए अमोर अस्पताल और विशेष रूप से डॉ़ किशोर को धन्यवाद दिया।

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।

    LEAVE A REPLY

    Please enter your comment!
    Please enter your name here