Israel attack on Iran: पश्चिम एशिया में तनाव एक बार फिर खतरनाक मोड़ पर पहुंच गया है। इजरायल ने ईरान पर हमला शुरू करने की घोषणा करते हुए इसे “पहले से किया गया हमला” (pre-emptive strike) बताया है। इस कार्रवाई के तुरंत बाद दोनों देशों में सुरक्षा इंतज़ाम कड़े कर दिए गए हैं और पूरे क्षेत्र में अस्थिरता की आशंका बढ़ गई है।
पूरे इजरायल में आपातकाल
इजरायल के रक्षा मंत्री इजरायल काट्ज ने देशभर में “विशेष और स्थायी आपातकाल” लागू करने की घोषणा की है। नागरिकों से सतर्क रहने और सुरक्षित स्थानों के पास रहने को कहा गया है। इजरायली सेना के अनुसार, देश के कई हिस्सों में सायरन बजाए गए ताकि लोग संभावित मिसाइल हमले की आशंका को देखते हुए शेल्टर के पास रहें। प्रशासन ने स्कूलों को बंद करने, सार्वजनिक सभाओं पर रोक लगाने और आवश्यक सेवाओं को छोड़कर बाकी दफ्तरों को बंद रखने का आदेश दिया है। तेल अवीव में सामान्य गतिविधियां प्रभावित हुई हैं और बेन गुरियन एयरपोर्ट से सभी उड़ानों को अस्थायी रूप से रद्द कर दिया गया है। तेहरान में जोरदार धमाके ईरान की राजधानी तेहरान के मध्य क्षेत्र में तीन बड़े धमाकों की आवाज सुनी गई। ईरानी मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, धमाकों के बाद सुरक्षा बलों को तुरंत मौके पर तैनात कर दिया गया।
फार्स न्यूज एजेंसी ने दावा किया है कि तेहरान के “रिपब्लिक” इलाके में कई मिसाइलें गिरी हैं। हालांकि, अब तक किसी बड़े नुकसान या हताहतों की आधिकारिक पुष्टि नहीं की गई है। रिपोर्ट्स के अनुसार, हमलों में इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) के इंटेलिजेंस विभाग को भी निशाना बनाया गया हो सकता है, लेकिन इस दावे की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है।
खामेनेई को सुरक्षित स्थान पर ले जाया गया
ईरान के सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई को तेहरान से एक सुरक्षित स्थान पर ले जाए जाने की खबर है। एक ईरानी अधिकारी ने अंतरराष्ट्रीय समाचार एजेंसी को बताया कि सुरक्षा कारणों से यह कदम उठाया गया है। यह कदम इस बात का संकेत माना जा रहा है कि ईरान संभावित बड़े सैन्य टकराव की आशंका को गंभीरता से ले रहा है।
क्या होगा आगे?
- फिलहाल ईरान की ओर से इजरायल पर सीधे मिसाइल हमले की कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि, विशेषज्ञों का मानना है कि यदि जवाबी कार्रवाई होती है तो यह संघर्ष व्यापक क्षेत्रीय युद्ध का रूप ले सकता है, जिसमें लेबनान, सीरिया या अन्य क्षेत्रीय ताकतें भी अप्रत्यक्ष रूप से शामिल हो सकती हैं।
- क्षेत्रीय और वैश्विक असर
- तेल की कीमतों में उछाल की आशंका
- वैश्विक शेयर बाजारों में अस्थिरता
पश्चिम एशिया में हवाई यातायात प्रभावित
कूटनीतिक स्तर पर अमेरिका और यूरोपीय देशों की सक्रियता बढ़ने की संभावना
इस घटनाक्रम ने पूरे अंतरराष्ट्रीय समुदाय का ध्यान अपनी ओर खींच लिया है। आने वाले घंटे और दिन यह तय करेंगे कि यह टकराव सीमित सैन्य कार्रवाई तक रहता है या व्यापक युद्ध का रूप ले लेता है। स्थिति तेजी से बदल रही है और दोनों देशों की आधिकारिक प्रतिक्रियाओं का इंतजार किया जा रहा है।















