हमसे जुड़े

Follow us

12.4 C
Chandigarh
Saturday, February 7, 2026
More
    Home रंगमंच भारतीय सिनेमा...

    भारतीय सिनेमा को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान दिलायी मृणाल सेन ने

    Mrinal Sen

    जन्मदिवस 14 मई के अवसर पर | Mrinal Sen

    मुंबई। भारतीय सिनेमा जगत में मृणाल सेन का नाम एक ऐसे फिल्मकार के तौर पर शुमार किया जाता है जिन्होंने अपनी फिल्मों के जरिये भारतीय सिनेमा को अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर विशेष पहचान दिलाई। 14 मई 1923 को फरीदाबाद अब बंग्लादेश में जन्में मृणाल सेन ने अपनी प्रारंभिक शिक्षा फरीदाबाद से हासिल की। इसके बाद उन्होने कलकता के मशहूर स्काटिश चर्च कॉलेज से आगे की पढ़ाई पूरी की ।इस दौरान वह कम्युनिस्ट पार्टी द्वारा आयोजित सांस्कृतिक कार्यक्रमों में हिस्सा लेने लगे। कॉलेज से पढ़ाई पूरी करने के मृणाल सेन की रूचि फिल्मों के प्रति हो गयी और वह फिल्म निर्माण से जुड़े पुस्तकों का अध्यन्न करने लगे।

    इस दौर में वह अपने मित्र ऋतविक घटक और सलिल चौधरी को अक्सर यह कहा करते कि भविष्य में वह अर्थपूर्ण फिल्म का निर्माण करेगे लेकिन परिवार की आर्थिक स्थित खराब रहने के कारण उन्हें अपना यह विचार त्यागना पड़ा और मेडिकल रिप्रेजेंटेटिव के रूप में काम करना पड़ा। लेकिन कुछ दिनों के बाद उनका मन इस काम में नही लगा और उन्होंने यह नौकरी छोड़ दी। फिल्म के क्षेत्र में मृणाल सेन अपने करियर की शुरूआत कोलकाता फिल्म स्टूडियो में बतौर ..ऑडियो टेकनिशियेन ..से की।

    बतौर निर्देशक मृणाल सेन ने अपने करियर की शुरूआत वर्ष 1955 में प्रदर्शित फिल्म ..रात भौर ..से की । उत्तम कुमार अभिनीत यह फिल्म टिकट खिड़की पर बुरी तरह नाकाम साबित हुयी ।इसके बाद वर्ष 1958 में मृणाल सेन की ..नील आकाशे नीचे ..फिल्म प्रदर्शित हुयी। फिल्म की कहानी एक ऐसे चीनी व्यापारी वांगलु पर आधारित होती है जिसे कलकता में रहने वाली बसंती अपने वामपंथी विचारधारा के जरिये प्रभावित करती है।

     

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और Twitter पर फॉलो करें।