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    …आम की 850 किस्म लेकर पहुंचे एक हजार आम उत्पादक

    Mango Fair
    Mango Fair: आम मेले में रखे विभिन्न प्रकार की आम की किस्में।

    यादवेंद्र गार्डन में सजा उत्तर भारत का सबसे बड़ा आम मेला

    • दो ग्राम से लेकर ढाई किलो तक की आम की वैरायटी बनी आकर्षण | Mango Fair

    चंडीगढ (सच कहूँ/ देवीलाल बारना)। Aam Mela News: पिंजौर के यादवेंद्र गार्डन में 850 आम की किस्मों के साथ तीन दिवसीय आम मेला सज गया है। यह मेला 6 जुलाई तक चलेगा। 32वें मैंगो मेले का शुभारंभ कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा व कैबिनेट मँत्री अरविंद शर्मा ने किया। आम मेले में हरियाणा प्रदेश के अलावा 5 राज्यों पंजाब, उत्तर प्रदेश, उत्तराखंड, गुजरात और महाराष्ट्र के आम उत्पादकों और आम पर रिसर्च करने वालों को न्यौता भेजा गया था।

    इस आम मेले में इस बार मोदी मैंगो की जगह नूरजहां आम की किस्म ने भी सबका मन मोह लिया है। नूरजहां आम का वजन एक किलो से ढाई किलो तक है। बड़े आम में नूरा और हाथी झूल भी चर्चा में रहे। इसके अलावा हिसार के हरियाणा कृषि विश्वविद्यालय और करनाल के बागवानी विश्वविद्यालय के वैज्ञानिक और विशेषज्ञ भी मेले में आए हैं। इस आम मेले में दो ग्राम वजनी आम से लेकर ढाई किलोग्राम वजनी आम की किस्में आई हैं। Mango Fair

    बता दें कि हरियाणा सरकार इस मेले में आने वाले आम उत्पादकों को प्रोत्साहन देती है। दूसरे राज्यों सहित स्थानीय आम उत्पादकों को उनकी बेहतर फसल को लेकर नगद पुरस्कार देती है। इस बार सरकार की ओर से हरियाणा के आम उत्पादकों को आम रत्न और दूसरे राज्यों से पहुंचने वाले उत्पादकों को आम केसरी पुरस्कार देगी। प्रत्येक श्रेणी में 11-11 हजार रुपए की पुरस्कार राशि दी जाएगी।

    लोगों के लिए आकर्षण बन रहा आम मेला

    मेले का शुभारंभ करने के उपरांत हरियाणा के कृषि मंत्री श्याम सिंह राणा ने कहा कि यह आम मेला उत्तर भारत का एक विशेष बड़ा मेला है। यहां आई लगभग एक हजार प्रकार की वैरायटी लोगों के आकर्षण का केंद्र हैं। हरियाणा सरकार द्वारा आयोजित इस मेले का उद्देश्य आम उत्पादकों को बढावा देना है।

    33 साल पहले चौ. भजन लाल ने शुरू किया था आम मेला | Mango Fair

    पंचकूला जिले के पिंजौर के यादवेंद्र गार्डन में आयोजित होने वाले मैंगो मेले का इतिहास बहुत समृद्ध है। आम मेले का आयोजन 33 साल पहले 1992 में शुरू हुआ था। सूबे के तत्कालीन मुख्यमँत्री भजन लाल ने इस मेले में यूपी सहित दूसरे राज्यों को भी न्योता भेजा था। यहीं से पिंजौर के आम मेले की शुरूआत हुई थी। यह आम मेला पूरे देश में बहुत प्रसिद्ध है।

    230 वैरायटी लेकर पहुंचे उस्मान

    सबसे छोटा व सबसे बड़ा आम दिखाता आम उत्पादक उस्मान।

    सहारनपुर से आम की 230 वैरायटी लेकर पहुंचे उस्मान अली का कहना है कि इस बार आम का उत्पादन काफी कम है। हालांकि वे 230 वैरायटी लेकर पहुंचे हैं जिसमें छोटे आम से लेकर आमरपाली व हाथी झूल आम तक शामिल हैैं। उन्होने कहा कि इस बार मौसम बदलाव के चलते 20 प्रतिशत ही उत्पादन हुआ है। आम की फसल पर बूर तो बहुत आया लेकिन आम का उत्पादन न हो सका। Mango Fair

    कलाकारों ने मोहा पर्यटकों का मन

    आम मेले को लेकर यादवेंद्र गार्डन को दुल्हन की तरह सजाया गया। सुबह से ही पर्यटकों की भीड लग गई। वहीं कलाकारों ने पर्यटकों का मन मोह लिया। वहीं आम मेले में आने वाले लोगों के लिए पर्यटन विभाग की ओर से दिलचस्प प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। अनेक स्कूलों के स्कूली छात्र भी इस मेले मे पहुंचे। लोगों के लिए मैंगो इटिंग प्रतियोगिताओं का भी आयोजन किया गया। Mango Fair