हमसे जुड़े

Follow us

15.7 C
Chandigarh
Thursday, February 19, 2026
More

    Australia: 4 करोड़ साल पुराणी कुदरती धरोहर की संभाल के लिए जुटी साध संगत

    Australia
    Australia: 4 करोड़ साल पुराणी कुदरती धरोहर की संभाल के लिए जुटी साध संगत:

    Australia: (सच कहूँ न्यूज़)। मेलबोर्न (ऑस्ट्रेलिया) (क्रेनबॉर्न नार्थ) हमारी ये खूबसूरत धरती, जिसकी रहस्मयी खोजें व् जानकारियां अक्सर ही कुदरत प्रेमियों की जिज्ञासा में दिलच्पी बनाये रखती हैं इसी विषय को लेकर ऑस्ट्रेलिया के साउथ ईस्ट मेलबोर्न (South East Melbourne) के क्रेनबॉर्न नार्थ (Cranbourne North) में फ्रेंड्स ऑफ़ द टूलिअल्लान एल्म्स (Friends of the Tulliallan Elms) ग्रुप की और से एक विशेष कार्यक्रम का आयोजन किया गया जिसका उद्देश्य इस धरती के करीब 4 करोड़ साल पुराणी कुदरती धरोहर के बचे ख़ास पेड़ों की लुप्त हो रही प्रजाति की संभाल के लिए जागरूकता करना था। Australia

    दरअसल “एल्म्स” (Elms ) नाम के यह पेड़ अब कुश ही देशों में बहुत कम गिनती में बचे हैं। जानकारी के अनुसार इन पेड़ों की उम्र आम तौर पर 100 से 200 साल तक हो सकती है जो की पुराने समय में थी भी, लेकिन(डच एल्म डिजीज) Dutch Elm disease बीमारी के चलते यह प्रजाति धीरे धीरे खत्म होती चली गयी जिसके फलसवररूप पूरी दुनिया में अब यह पेड़ बहुत कम संख्या में बचे हैं।

    क्रेनबॉर्न के टूलिअल्लान अवेनुए ऑफ़ एल्म्स (Tulliallan Avenue of Elms ) में रखे इस कार्यक्रम में इन्हीं सब बातों को लेकर एक सेमिनार किया गया। जैसा की इसके नाम से पता चलता है की कार्यक्रम का आयोजन इन्हीं पेड़ों के पार्क में किया गया। इस पार्क को विक्टोरिया में केसी काउन्सिल (casey Council ) द्वारा इसे (Heritage Council of Victoria ) धरोहर घोषित किया गया है । 125 साल पुराने इन पेड़ों की संभाल के लिए डेरा सच्चा सौदा की शाह सतनाम जी ग्रीन एस वेलफरे कमेटी व् साध संगत ने पूरे उत्शाह के साथ इस जागरूकता कार्यक्रम में भाग लिया व् पेड़ों के बचाव के लिए उठाये जाने वाले क़दमों व् प्रयासों को समझा। Australia

    इस मौके पर साध संगत के इन पेड़ों के आस पास साफ़ सफाई की।साध संगत के इस उपरले की स्थानीय लोगों ने खूब सराहना की। सेवादारों की और से भी वहां पर मौजूद लोगों को कुदरत के प्रति बनती अपनी जिमेवारी को निभाने के संकलप को दोहराते हुए बताया की कैसे डेरा सच्चा सौदा के पूज्य संत डॉ गुरमीत राम रहीम सिहं जी इंसा ने करोड़ों पौधे लगाकर व् उनकी संभाल करके वातावरण की संभाल में अपना सहयोग दिया गया है सेवादारों ने मौजूद लोगों को आश्वाशन दिया की वे भविष्य में भी ऐसे कार्यकर्मों का हिस्सा बन कर कुदरत की संभाल के लिए हर संभव कोशिश करेंगे। Australia

    यह भी पढ़ें:– Krasheninnikov Volcano Eruption: रूस में 600 वर्षों बाद फटा ज्वालामुखी, 7.0 तीव्रता के भयंकर भूकंप से हिला रूस