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    हड़ताल ने मरीजों के स्वास्थ्य को बिगाड़ा

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    समस्या: मरीजों को नहीं पता था कि डॉक्टर हड़ताल पर हैं

    • आईएमए की हड़ताल के कारण जिले में ‘पैन डाउन’ हड़ताल पर रहे
    • दवा लेने आए मरीज निराश होकर वापिस लौटे
    • हड़ताल पूरी तरह से सफल रही: एसोसिएशन

    संगरूर (गुरप्रीत सिंह)। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन द्वारा बुधवार को दिए हड़ताल के आदेश का प्रभाव सरकार पर बेशक न पड़ा लेकिन मरीजों पर डॉक्टरों की हड़ताल का भारी असर देखने को मिला। सरकारी अस्पताल में डॉक्टरों से दवा लेने आए मरीजों को बड़ी संख्या को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ा।
    अस्पताल में टंगे मिले बैनर

    ‘सच कहूँ’ की टीम द्वारा जिले के मुख्य सरकारी अस्पताल संगरूर का दौरा किया तो बड़ी संख्या में मरीज दवा लेने के लिए डॉक्टरों का इंतजार करते नजर आए, जिनमें से बड़ी संख्या में मरीजों को यह पता नहीं था कि आज सभी डॉक्टर हड़ताल पर हैं। अस्पताल की दीवारों पर डॉक्टरों की हड़ताल के बैनर लगे नजर आए। अस्पताल की मरीजों की बनाई जाने वाली पर्ची वाले कमरों के बाहर काफी मरीज दवा लेने के लिए रूके हुए थे।

    चैकअप किया लेकिन दवाई नहीं मिली

    ड्यूटी पर बैठे कर्मचारी ने बताया कि उन्होंने आज 50 के करीब मरीजों की पर्ची बनाई है, जिन्हें कल तक दवाएं मिलेंगी। दूसरी तरफ एमरजेंसी में एक डॉक्टर ड्यूटी पर मौजूद रहा जिसने मरीजों का चैकअप भी किया। सरकारी अस्पताल के रक्त जांच विभाग के लैब टैक्नीशियन गुरदीप सिंह ने कहा कि उन्होंने आज कई मरीजों के रक्त की जांच की परन्तु विभाग के डॉक्टर छुट्टी पर होने के कारण मरीजों को दवाएं नहीं लिखीं जा सकी।

    बेटी को बुखार है, हम बहुत परेशान हैं

    सरकारी अस्पताल में दवा लेने पहुंचे गांव लड्डा के निवासी जोगिन्द्र सिंह ने बताया कि उसकी छोटी बेटी को बुखार व उल्टियां लगी हुई थी। बीती रात से उसकी हालत काफी खराब थी, जिस कारण वह सुबह जल्द ही अपनी बेटी के लिए दवाई लेने शहर आए थे लेकिन यहां आकर पता चला कि डॉक्टर हड़ताल पर हैं। वह इस समस्या को लेकर बहुत परेशान हैं।

    पत्नी बीमार है, नहीं मिले डॉक्टर

    शहरवासी गुरदेव सिंह ने बताया कि उसकी पत्नी काफी बीमार थी लेकिन वह दवा लेने आए थे। डॉक्टर हड़ताल पर होने के कारण उसका चैकअप नहीं हो पाया। इसी तरह शेरो गांव दर्शन सिंह भी काले पीलिया की जांच संबंधी डॉक्टर को दिखाने आए थे लेकिन उसे भी निराश ही हाथ लगी।

    देश भर में रही समस्या: एसएमओ

    इस संबंधी सिविल अस्पताल के सीनियर मेडिकल अधिकारी डॉ. बलवंत सिंह से मरीजों को हो रही परेशानियों संबंधी बातचीत की तो उन्होंने दो टूक जवाब देते कहा कि डॉक्टरों की पूरे देश में हड़ताल है, अकेले संगरूर में नहीं। उन्होंने कहा कि आज कुछ डॉक्टर दिल्ली में प्रदर्शन पर गए हैं जो छुट्टी पर हैं। संगरूर हस्पताल में डॉक्टर अपनी, ड्यूटियों पर उपस्थित तो रहे लेकिन उन्होंने काम नहीं किया। जब डॉक्टरों के काम न करने पर कोई कार्रवाई न होने बारे पूछा तो वह टालमटोल कर गए।

    मांगों पर ध्यान दे सरकार: डॉ. अग्रवाल

    ‘सच कहूँ’ से बातचीत करते हुए इंडियन मेडिकल एसोसिएशन संगरूर के प्रधान डॉ. अमनदीप अग्रवाल ने कहा कि डॉक्टर अपनी, मांगों संबंधी पिछले लम्बे समय से संघर्ष कर रहे हैं लेकिन सरकार उनकी मांगों पर गौर नहीं कर रही। उन्होंने बताया कि डॉक्टरों की हड़ताल पूर्ण रूप से सफल रही। संगरूर जिले के सभी डॉक्टर निजी व सरकारी हड़ताल पर रहे। जिले के 25 डॉक्टर दिल्ली प्रदर्शन के लिए संगरूर से रवाना हुए। केवल सरकारी हस्पताल में ही एमरजेंसी डॉक्टर ही ड्यूटी पर मौजूद रहे।

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