एमएसजी नैचुरोपैथी अस्पताल व वैलनेस शुरू
सरसा (सच कहूँ/मनदीप सिंह)। डेरा सच्चा सौदा (Dera Sacha Sauda) में स्वास्थ्य सेवा के क्षेत्र में एक नई उपलब्धि जोड़ते हुए एमएसजी रिजॉर्ट (MSG Resort) में एमएसजी नेचुरोपैथी अस्पताल (MSG Naturopathy Hospital) व वैलनेस की शुरूआत हो चुकी है। यह अस्पताल पूज्य गुरु संत डॉ. गुरमीत राम रहीम सिंह जी इन्सां के पावन मार्गदर्शन से ही स्थापित हुआ है। इस अस्पताल को इस उद्देश्य से विकसित किया गया है कि लोग दवाओं पर अत्यधिक निर्भर हुए बिना प्राकृतिक तरीकों से स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकें और जीवनशैली को बेहतर बनाकर लंबे समय तक स्वस्थ रह सकें। इस अस्पताल की विशेषता यह है कि यहां उपचार के लिए आधुनिक तकनीक से लैस कई ऐसी मशीनें लगाई गई हैं, जो विश्व स्तरीय आधुनिक तकनीक वाली हैं। Sirsa News
योग, डाइट और पंचकर्म के जरिए रोगों का जड़ से होगा उपचार
अस्पताल की चिकित्सा व्यवस्था का संचालन चीफ मेडिकल आॅफिसर डॉ. रवि की निगरानी में किया जा रहा है। डॉ. रवि के अनुसार मरीजों के इलाज की प्रक्रिया विस्तृत जांच से शुरू होती है, जिसके बाद रिपोर्ट के आधार पर हर मरीज के लिए अलग उपचार पद्धति तय की जाती है। इसमें डाइट, थेरेपी और आवश्यक जीवनशैली सुधार को शामिल किया जाता है, ताकि रोग की मूल वजह पर कार्य करके शरीर को प्राकृतिक रूप से मजबूत बनाया जा सके। उनके अनुसार यह अस्पताल केंद्रीय आयुष विभाग में पंजीकृत है और इसे लगभग साढ़े तीन एकड़ क्षेत्र में विकसित किया गया है।
यहां आने वाले मरीजों को स्वच्छ वातावरण, शांत परिसर और हरित क्षेत्र का लाभ भी मिलेगा, जिससे उपचार के दौरान मानसिक शांति बनी रहे। अस्पताल को एक समग्र उपचार प्रणाली के रूप में तैयार किया गया है, जिसमें योग, ध्यान, पंचकर्म और विभिन्न प्राकृतिक चिकित्सा विधियों को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है। प्रबंधन के अनुसार यहां उपचार की शुरूआत मरीज की जांच से होती है। जांच के बाद मरीज के लिए अलग डाइट प्लान बनाया जाता है और उसी अनुसार थेरेपी निर्धारित की जाती है। यहां मरीजों को योग, प्राणायाम, ध्यान और प्राकृतिक चिकित्सा की विभिन्न पद्धतियों से शारीरिक और मानसिक दोनों रूप से मजबूत बनाने का प्रयास किया जाता है। Sirsa News
प्रदूषण मुक्त और हरित वातावरण से जल्दी ठीक होते हैं मरीज
अस्पताल में मरीजों के लिए 40 बेड की सुविधा उपलब्ध करवाई गई है। महिला और पुरुष मरीजों के लिए अलग-अलग व्यवस्था की गई है ताकि उपचार प्रक्रिया अधिक सहज और सुविधाजनक हो सके। अस्पताल परिसर को हवादार और स्वच्छ रखा गया है, जहां प्राकृतिक रोशनी और खुला वातावरण मिलता है। यहां डिटॉक्स के लिए सात दिन और संपूर्ण उपचार के लिए पंद्रह दिन का स्टे पैकेज भी उपलब्ध कराया गया है, जिससे मरीज पूरी तरह से उपचार लेकर स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकें। अस्पताल परिसर को पूरी तरह हरित क्षेत्र के रूप में विकसित किया गया है।
यहां मरीजों के लिए वॉकिंग ट्रैक, ग्राउंडिंग एरिया और शांत वातावरण उपलब्ध कराया गया है। चारों ओर हरियाली होने के कारण वातावरण में ताजगी बनी रहती है, जिससे मरीजों को मानसिक शांति और प्राकृतिक ऊर्जा मिलती है। यह अस्पताल प्रदूषण मुक्त और शोर रहित वातावरण मरीजों की रिकवरी प्रक्रिया को तेज करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
48 प्रकार की थैरेपी हैं उपलब्ध, मसाज से लेकर हाइड्रोथैरेपी तक सुविधाएं उपलब्ध
एमएसजी नेचुरोपैथी अस्पताल में कुल 48 प्रकार की उपचार पद्धतियां उपलब्ध करवाई गई हैं। इनमें 10 प्रकार की मसाज थेरेपी, 12 प्रकार की हाइड्रोथैरेपी, पेट से संबंधित डिटॉक्स के लिए पांच प्रकार की सफाई विधियां, साथ ही योग, पंचकर्म, एक्यूप्रेशर, एक्यूपंक्चर और फिजियोथेरेपी जैसी सुविधाएं शामिल हैं। योग विभाग में षट कर्म, प्राणायाम, ध्यान, मुद्रा और साउंड थेरेपी करवाई जाती है, जबकि पंचकर्म उपचार में शिरोधारा, नस्य, बस्ती और अभ्यंग जैसी प्रक्रियाएं अपनाई जाती हैं। वहीं फिजियोथेरेपी यूनिट में टैंस, अल्ट्रासाउंड, आईएफटी, ट्रैक्शन और इंफ्रारेड जैसी आधुनिक तकनीकों की सहायता से मरीजों को राहत दी जाती है। Sirsa News
डाइट, योग और जीवनशैली सुधार से होता है इलाज
एमएसजी नेचुरोपैथी अस्पताल में उपचार का सबसे महत्वपूर्ण आधार डाइट सुधार को माना गया है। यहां मरीजों को दवाओं पर निर्भर करने की बजाय प्लांट बेस्ड फूड यानी फल, सब्जियां, सलाद, अंकुरित अनाज, मोटे अनाज और प्राकृतिक आहार अपनाने के लिए प्रेरित किया जाता है। मरीज की जांच रिपोर्ट के अनुसार विशेषज्ञों द्वारा व्यक्तिगत डाइट चार्ट तैयार किया जाता है, जिससे शरीर में मौजूद विषैले तत्व बाहर निकलें और पाचन तंत्र मजबूत हो। इसके साथ-साथ योग, प्राणायाम और ध्यान के माध्यम से तनाव कम करने तथा जीवनशैली को संतुलित बनाकर रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने पर भी जोर दिया जाता है। Sirsa News















