नई दिल्ली। ऋतु परिवर्तन के साथ बालों और त्वचा पर प्रतिकूल प्रभाव स्पष्ट दिखाई देने लगता है। विशेषकर रूसी, सिर में खुजली और अत्यधिक बाल झड़ना अनेक लोगों के लिए गंभीर चिंता का कारण बन जाता है। बार-बार लौटने वाली रूसी केवल बाहरी समस्या नहीं है, बल्कि यह खोपड़ी के असंतुलित पोषण, संक्रमण या फंगल वृद्धि का संकेत भी हो सकती है।
आयुर्वेद में इस प्रकार की समस्याओं के समाधान हेतु अनेक प्राकृतिक उपाय वर्णित हैं, जिनमें नीम को अत्यंत प्रभावी औषधि माना गया है। नीम में विद्यमान जीवाणुनाशक, फफूंदरोधी और सूजन-निवारक गुण खोपड़ी को शुद्ध करने तथा बालों की जड़ों को सुदृढ़ बनाने में सहायक माने जाते हैं। Neem Hair Therapy
बालों के लिए नीम के प्रमुख लाभ
1. नीम काढ़ा हेयर रिंस
नीम की ताजी पत्तियों को जल में उबालकर ठंडा कर लें। बालों को शैम्पू से धोने के बाद इस जल से अंतिम बार सिर धोएँ। यह विधि खोपड़ी की सफाई करती है, खुजली कम करती है और रूसी को नियंत्रित करने में सहायक हो सकती है।
2. नीम युक्त नारियल तेल
सूखी नीम पत्तियों को नारियल तेल में मंद आंच पर पकाकर छान लें। सप्ताह में दो बार इस तेल से हल्की मालिश करें। यह उपाय जड़ों तक पोषण पहुंचाने और संक्रमण की आशंका घटाने में उपयोगी माना जाता है।
3. नीम पाउडर हेयर मास्क
नीम चूर्ण में दही और एलोवेरा जेल मिलाकर लेप तैयार करें। इसे आधे घंटे तक बालों में लगाकर रखें, फिर धो लें। यह मिश्रण बालों को कोमल बनाते हुए रूसी कम करने में सहायक हो सकता है।
4. नीम–मेथी संयुक्त लेप
रात भर भिगोई गई मेथी के दानों को नीम की पत्तियों के साथ पीसकर पेस्ट तैयार करें। इस लेप को खोपड़ी पर लगाकर कुछ समय बाद धो लें। यह उपचार बालों के झड़ने को कम करने और स्कैल्प की स्वच्छता बनाए रखने में सहायक हो सकता है।
सावधानियाँ | Neem Hair Therapy
- यदि खोपड़ी पर घाव या एलर्जी हो तो प्रयोग से पूर्व विशेषज्ञ की सलाह लें।
- किसी भी घरेलू उपाय को नियमित रूप से सीमित मात्रा में ही अपनाएँ।
- प्राकृतिक उपायों के साथ संतुलित आहार, पर्याप्त जल सेवन और स्वच्छता भी स्वस्थ बालों के लिए आवश्यक है। नीम आधारित उपचार पारंपरिक ज्ञान पर आधारित हैं और नियमित उपयोग से सकारात्मक परिणाम मिल सकते हैं।















