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Thursday, February 26, 2026
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    ‘जब तक सिंचाई पानी नहीं तब तक नहीं जाएंगे घर, पैदा कर देंगे दिल्ली जैसे हालात’

    Protest

     धरना देकर बैठे भाखड़ा नहरों के काश्तकार (Protest)

    हनुमानगढ़ (सच कहूँ न्यूज)। भाखड़ा सिस्टम में 1200 क्यूसेक पानी चलाने की मांग को लेकर भाखड़ा क्षेत्र के किसानों ने पूर्व घोषणानुसार बुधवार को जंक्शन स्थित जल संसाधन विभाग के मुख्य अभियंता कार्यालय का घेराव कर विरोध-प्रदर्शन किया। विरोध-प्रदर्शन कर रहे किसान सिंचाई विभाग कार्यालय में धरने पर बैठ गए। किसान प्रतिनिधियों की मुख्य अभियंता के साथ वार्ता भी हुई। मुख्य अभियंता विनोद मित्तल ने किसानों को पंजाब में राजस्थान फीडर व सरहिंद फीडर के कॉमन बैंक में आई दरार के चलते जारी मरम्मत कार्य जल्द पूर्ण कर भाखड़ा सिस्टम की नहरों में मांग अनुसार पानी उपलब्ध करवाने का आश्वासन दिया लेकिन किसानों ने चेतावनी दी कि जब तक पानी नहीं तब तक घर नहीं जाएंगे। अन्यथा यहां भी दिल्ली जैसे हालात पैदा कर देंगे।

     कॉमन बैंक में दरार के चलते पंजाब ने भाखड़ा सिस्टम में कम किया पानी

    वार्ता विफल होने के चलते किसानों का घेराव व धरना-प्रदर्शन जारी था। धरनास्थल पर हुई सभा को संबोधित करते हुए किसान प्रतिनिधियों ने कहा कि आज भाखड़ा सिस्टम में जीरो क्यूसेक पानी कर दिया गया है। पानी के अभाव में फसलें जल रही हैं। न तो सरकारों को और न ही सिंचाई विभाग के अधिकारियों को किसानों की चिंता है। अगस्त में बांध लबालब भरे हुए थे। लेकिन तब पानी पाकिस्तान निकल जाने दिया। आज डैम खाली हो गए हैं और किसान पानी के लिए संघर्ष कर रहा है। उन्होंने बताया कि पंजाब में सरहिंद फीडर में निर्माण कार्य चल रहा है। पंजाब राजस्थान को पानी नहीं देना चाहता। पंजाब चाहता है कि राजस्थान कैनाल में पानी नहीं चले जिससे वे अपना निर्माण कार्य कर सकें। अभी गेहूं को एक पूरा पानी चाहिए।

    अधिकारी हाई लेवल पर बात करें तो हमें मांग अनुसार पानी मिल सकता है

    अप्रेल में जब आईजीएनपी में बंदी के दौरान निर्माण कार्य चलेगा तब सरहिंद फीडर में पानी चलना था। लेकिन पंजाब गलत समय पर निर्माण कार्य करवा रहा है। विभागीय अधिकारी चाहें तो समस्या का समाधान हो सकता है लेकिन यहां के इंजीनियर हाई लेवल तक बात ही नहीं करते। किसानों को यूं ही उजाड़ने के लिए छोड़ रखा है। अगर अधिकारी हाई लेवल पर बात करें तो हमें मांग अनुसार पानी मिल सकता है। अगर ऐसा हो तो किसान गेहूं की फसल पका सकता है। अन्यथा वर्तमान में जो हालात दिल्ली में बने हुए हैं वही हालात यहां हो जाएंगे। घेराव-प्रदर्शन करने वालों में प्रो. ओम जांगू, यादविन्द्र बनवाला, अशोक चौधरी, कुलविन्द्र सिंह ढिल्लों, विनोद धारणिया, जोगेन्द्र सिंह, गुरचरण सिंह ढिल्लों, ईश्वर सहारण, जसवन्त खीचड़, बलराज सिंह के अलावा भाखड़ा क्षेत्र के कई किसान शामिल थे।

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