Live coverage from Hathinikund Barrage: खिजराबाद, राजेन्द्र कुमार। यमुनानगर स्थित हथिनीकुंड बैराज पर यमुना नदी लपटों की तरह बह रही है। मानसून की मूसलाधार बारिश और पानी के दबाव को नियंत्रित करने हेतु बैराज के गेट खोलने पड़े हैं। इससे दिल्ली, हरियाणा और यूपी में बाढ़ की आशंका प्रबल हो गई है। संबंधित राज्यों के प्रशासन ने अलर्ट जारी कर नदी किनारे के इलाकों से लोगों को दूर रहने का निर्देश दिया है। मानसून की तेज बारिश के बीच बाढ़ नियंत्रण और राहत कार्यों के लिए राज्य सरकार सक्रिय हो चुकी है। वहीं यमुना खतरने के निशान से ऊपर बह रही है। रात 2:00 बजे 1 लाख, 5 हजार क्यूसेक पानी हथिनी कुंड बैराज से छोड़ा गया है। हथनी कुंड बैराज के सभी गेट खोल दिए गए हैं।
प्रशासन की सक्रियता:
हरियाणा के मुख्यमंत्री कार्यालय ने बाढ़ की स्थिति की व्यक्तिगत निगरानी शुरू कर दी है, और मुख्यमंत्री नयाब सिंह सैनी ने अपनी अन्य सभी कार्यक्रम स्थगित कर दिए हैं। प्रभावित जिलों में विशेष रूप से यमुनानगर समेत कई जिलों में सतर्कता बढ़ा दी गई है। राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण द्वारा कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है, तथा संबंधित विभागों—सार्वजनिक कार्य, सिंचाई, कृषि और नगर निकाय—को राहत और बचाव कार्यों के लिए सक्रिय रखा गया है।
नुकसान को कैसे रोकें?
अपने घर के पास किसी भी प्रकार के पानी के बहाव के रास्ते को साफ करें
नदी के किनारे रहने वाले लोगों को नदी का पानी उनके घर में घुसने से बचाने के लिए कुछ ठोस उपाय करने की सलाह दी जाती है।















