हमसे जुड़े

Follow us

22.1 C
Chandigarh
Friday, February 6, 2026
More
    Home राज्य दिल्ली/यूपी जर्मन एनआरआई ...

    जर्मन एनआरआई महिला के बैंक खाते से ‘भाई’ ने फिल्मी अंदाज में उड़ाए 1.35 करोड़

    Fraud

    नई दिल्ली (सच कहूँ न्यूज)। दिल्ली पुलिस ने जर्मनी में रहने वाली एनआरआई महिला के बैंक खाते से फिल्मी अंदाज में एक करोड़ 35 लाख रुपए उड़ाये जाने के मामले में मुख्य आरोपी फर्जी भाई एवं आईसीआईसीआई बैंक के पूर्व अधिकारी समेत पांच अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है, जिनमें एक महिला भी शामिल है। मध्य दिल्ली की पुलिस उपायुक्त श्वेता चौहान ने बताया कि जर्मनी में रहने वाली एनआरआई कनिका गिरधर की राजेंद्र नगर थाने में दर्ज प्राथमिकी के आधार पर मुख्य आरोपी शैलेंद्र प्रताप सिंह (42), सुमित पांडे (24), नीलम (32) जगदंबा प्रसाद पांडे (22) और आदर्श जयसवाल (23) को गिरफ्तार किया गया है।

    उन्होंने बताया कि मुख्य आरोपी शैलेंद्र ने कनिका के बैंक खाते से फजीर्वाड़ा कर निकाली गई रकम से दिल्ली के शास्त्री नगर में करीब 90 लाख रुपये वर्तमान मूल्य का एक मकान, एक कार, एक मोटरसाइकिल, कई मोबाइल फोन, बेनामी संपत्ति के 41 लाख रुपये से अधिक मूल मूल्य की रजिस्टर्ड सेल डीड समेत कई चीजें बरामद की है। पुलिस ने नीलम और शैलेंद्र से 27 लाख रुपए नकद बरामद किए हैं।

    क्या है मामला

    पुलिस उपायुक्त ने बताया कि गुरुग्राम की रहने वाली नीलम ने अपने को कनिका के तौर पर बैंक के समक्ष पेश कर फजीर्वाड़े में साथ दिया था। उन्होंने बताया कि सुमित ने राजेंद्र नगर में आईसीआईसीआई बैंक अधिकारी के पद का दुरुपयोग करते हुए कनिका के बैंक खाते में जमा रकम और उसके बारे में अन्य गोपनीय जानकारी अपने मित्र शैलेंद्र को उपलब्ध करवायी थी।

    शैलेंद्र ने उस रकम को निकालने के लिए फिल्मी अंदाज में साजिश रची। उसने हरियाणा के फरीदाबाद में “वर्कफोर्स इंडिया प्राइवेट लिमिटेड” नाम से एक कंपनी बनाई। उसमें जगदंबा प्रसाद, आदर्श जयसवाल और राहुल को नौकरी पर रखा । इन युवकों को नौकरी पर रखकर इलाके से मजदूरों को बड़ी कंस्ट्रक्शन कंपनी में भेजने के नाम पर बुलाता था और उन्हें बहला-फुसलाकर बैंक खाते खुलवाए। मजदूरों के दस्तावेज धोखे से हासिल कर उसके सहारे कनिका के बैंक खातों से लगभग पूरी रकम फर्जी तरीके से निकाल ली गई।

    आरोपी उत्तर प्रदेश का रहने वाला

    आरोपी शैलेंद्र ने कनिका का भाई बनकर बैंक से नया चेक बुक, एटीएम समेत कई कागजात हासिल किए, जिसके आधार पर उसने इस ठगी को अंजाम दिया। उन्होंने बताया कि गिरफ्तार आरोपी अच्छे खासे पढ़े-लिखे हैं। शास्त्री नगर निवासी शैलेंद्र ने दिल्ली यूनिवर्सिटी से एम. कॉम की डिग्री ले रखी है जबकि नीलम ने एमएड की पढ़ाई की है। जगदंबा उत्तर प्रदेश के मऊ का रहने वाला है और आदर्श आजमगढ़ का। पुलिस उपायुक्त ने बताया की कनिका की शिकायत पर 13 नवंबर 2020 को राजेंद्र नगर थाने में प्राथमिकी दर्ज की गई थी, जिसे 22 दिसंबर 2022 को जिले के साइबर सेल में स्थानांतरित किया गया था।

    अन्य अपडेट हासिल करने के लिए हमें Facebook और TwitterInstagramLinkedIn , YouTube  पर फॉलो करें।