नई दिल्ली। फूड डिलीवरी प्लेटफॉर्म ज़ोमैटो ने 31 दिसंबर को एक विस्तृत डेटा रिपोर्ट जारी कर वर्ष 2025 में भारत में ऑनलाइन फूड ऑर्डरिंग के रुझानों की तस्वीर पेश की है। इस रिपोर्ट के अनुसार, दिल्ली-एनसीआर देश का सबसे बड़ा फूड डिलीवरी बाज़ार बनकर उभरा है। आंकड़ों से पता चलता है कि 28 दिसंबर 2025 तक दर्ज ऑर्डर के आधार पर दिल्ली-एनसीआर में मुंबई और बेंगलुरु की तुलना में लगभग 4.22 करोड़ अधिक ऑर्डर दर्ज किए गए। Zomato Market News
ज़ोमैटो की ओर से साझा पोस्ट के कैप्शन में लिखा गया, “जब भारत आगे बढ़ता है, तो हम भी उसके साथ आगे बढ़ते हैं।” ऑनलाइन फूड ऑर्डरिंग के मामले में नेशनल कैपिटल रीजन की मांग सबसे ज़्यादा रही। कुल ऑर्डर वॉल्यूम के लिहाज से यह ज़ोमैटो का सबसे बड़ा बाज़ार रहा, जहां रात 8 बजकर 25 मिनट पर 18.72 लाख ऑर्डर दर्ज किए गए। इस समय को प्लेटफॉर्म ने “भारत का नेशनल डिनर टाइम” बताया है।
आईआईटी खड़गपुर ने यूनिवर्सिटी कैंपस से सबसे अधिक ऑर्डर
शैक्षणिक संस्थानों की बात करें तो आईआईटी खड़गपुर ने यूनिवर्सिटी कैंपस से सबसे अधिक ऑर्डर के मामले में शीर्ष स्थान हासिल किया, जहां से 2.4 लाख ऑर्डर किए गए। इसके बाद आईआईटी बीएचयू और आईआईटी बॉम्बे का स्थान रहा। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भी ज़ोमैटो ने मजबूत उपस्थिति दर्ज कराई है। Zomato Market News
दीपेंद्र गोयल के नेतृत्व वाले इस प्लेटफॉर्म ने विशेष रूप से मध्य पूर्व क्षेत्र में अच्छा प्रदर्शन किया। वर्ष 2025 में संयुक्त अरब अमीरात से 2.30 लाख ऑर्डर दर्ज हुए, जबकि अमेरिका से 1.2 लाख और यूनाइटेड किंगडम से लगभग 80 हजार ऑर्डर प्राप्त हुए।
इसके अलावा, भारत में विजयवाड़ा जंक्शन जैसे रेलवे स्टेशन से भी इस साल करीब 1.4 लाख ऑर्डर दर्ज किए गए। त्योहारों के दौरान ऑर्डरिंग में भी जबरदस्त उछाल देखा गया। रक्षा बंधन के दिन हर मिनट औसतन 171 मिठाइयों के ऑर्डर आए, वहीं क्रिसमस के मौके पर प्रति मिनट 98 केक ऑर्डर किए गए।
दिन के सबसे अधिक ऑर्डर वाले समय इस प्रकार रहे—
- रात 8:25 बजे: 18.72 लाख ऑर्डर
- रात 8:24 बजे: 18.71 लाख ऑर्डर
- रात 8:22 बजे: 18.69 लाख ऑर्डर
ज़ोमैटो ने शाम 6 बजे से आधी रात तक के पीक आवर में प्रति ऑर्डर 120 से 150 रुपये तक का प्रोत्साहन राशि डिलीवरी पार्टनर्स को दी।
डिलीवरी पार्टनर्स के लिए इंसेंटिव में बढ़ोतरी
साल के अंतिम दिनों में बढ़ती मांग को देखते हुए ज़ोमैटो ने नए साल की पूर्व संध्या पर पीक आवर के लिए अपने डिलीवरी पार्टनर्स के इंसेंटिव में इजाफा किया। यह फैसला ऐसे समय आया, जब देशभर में गिग वर्कर्स ने कम पारिश्रमिक, सामाजिक सुरक्षा की कमी और कार्य स्थितियों को लेकर विरोध प्रदर्शन किए थे, जिनमें ज़ोमैटो और स्विगी से जुड़े डिलीवरी पार्टनर्स भी शामिल थे।
हालांकि, ज़ोमैटो ने स्पष्ट किया है कि इंसेंटिव बढ़ाने का निर्णय इन विरोध प्रदर्शनों से जुड़ा नहीं है। कंपनी की पेरेंट फर्म एटर्नल के एक प्रवक्ता ने कहा कि यह कदम त्योहारी सीज़न के दौरान अपनाई जाने वाली वार्षिक कार्यप्रणाली का हिस्सा है, जब अधिक मांग के कारण डिलीवरी पार्टनर्स के लिए कमाई के अवसर बढ़ जाते हैं। Zomato Market News















