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Friday, February 6, 2026
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    पशुपालन टिप्स: पशु सेहतमंद तो कमाई भी अच्छी

    Animal Husbandry Tips, Animal Healthful

    Animal Husbandry Tips | नवजात बच्चा पैदा होने के
    2-3 घंटे बाद पहला गोबर करता है

    Animal Husbandry Tips | हमारे देश के ज्यादातर किसान खेती करने के साथ-साथ गाय-भैंस भी पालते हैं। जिससे उन्हें अलग से अच्छी खासी कमाई होती है। गाय-भैंसों से ज्यादा दूध लेना ही हर किसान का मकसद होता है, लेकिन कुछ किसान अपनी गाय-भैंसों से ज्यादा दूध लेने में नाकाम रहते हैं और उन की गाय भैंसें भी सेहतमंद नहीं रहती। ज्यादातर गाय भैंसें अक्टूबर नवंबर महीनों में ब्याती हैं।

    आमतौर पर गाय भैंसें ब्याने में इस से ज्यादा समय लें, तो फौरन पशु चिकित्साक को बुला कर दिखाएँ। अगर गाय या भैंस का नवजात बच्चा (बछिया, बछड़ा या कटिया, कटरा) पैदा होने के 30 सेकेंड बाद साँस लेना शुरू नहीं करता है, तो उसे कृत्रिम साँस (आर्टिफिशियल साँस दिलाने के लिए नवजात बच्चे की छाती को धीरे-धीरे दबाएँ और पिछले हिस्से को उठा लें। ऐसा करने से बच्चा साँस लेना शुरू कर देगा

    गाय और भैंस को हर 3 व ढ़ाई लीटर दूध के हिसाब से 1 किलोग्राम राशन दें। जो गाय भैंस दूध नहीं दे रही हैं, उन्हें हर दिन 1
    किलोग्राम राशन देना चाहिए। गाय भैंसों को 70 फीसदी हर चारा देना चाहिए। 100 किलोग्राम वजन वाली गाय
    को 2.5 किलोग्राम और भैंस को 3 किलोग्राम सूखी खुराक की जरूरत होती है।

    गाय-भैंस का ब्याना | Animal Husbandry Tips 

    नवजात बच्चा पैदा होने के 2-3 घंटे बाद पहला गोबर करता है। अगर नवजात बच्चा पैदा होने के 2-3 घंटे बाद गोबर नहीं करता है, तो उसे 30 मिलीलीटर अरंडी का तेल पीला दें।

    नवजात बच्चे के जिस्म पर (ब्याने के फौरन बाद) लगा लसलसा पदार्थ आमतौर पर माँ (चाट कर)साफ कर देती है। अगर लसलसा पदार्थ नवजात बच्चे की माँ चाट कर ठीक से सफ नहीं करती है, तो ऐसी हालत में उसे साफ, सूखे कपड़े से पोंछ दें।

    अगर जेर में देरी हो तो | Animal Husbandry Tips 

    • आमतौर पर गाय भैंसें ब्याने के 2-4 घंटे बाद जेर देती हैं, लेकिन कभी-कभी वे 8-12 घंटे तक का समय जेर गिराने में लेती हैं।
    • अगर गाय भैंस ब्याने के 8-12 घंटे बाद भी जेर नहीं डालती हैं, तो इस का मतलब जेर रूक गई है।
    • ऐसी हालत में फौरन पशुओं के डॉक्टर या किसी माहिर से बच्चेदानी में फ्यूरिया जैसी दवा डलवाएं।
    • अगर गाय भैंसें ब्याने के 30 घंटे बाद भी जेर नहीं गिरती हैं, तो पशुओं के डॉक्टर से उसे निकलवाएँ।
    • ब्याई गाय या भैंस को पहले 5 दिनों तक 100 मिलीलीटर बच्चेदानी की सफाई वाली दवा दिन में 2 बार पिलाएं।
    • बच्चे (बछिया, बछड़ा या कटिया, कटरा) के पैदा होते ही उस की टूंडी (नाभि) पर एंटी सेप्टिक यानी टिंचर आयोडीन, डेटोल या हल्दी पाउडर लगाएं।

    बच्चे के लिए जरूरी है खीस | Animal Husbandry Tips 

    पैदा हुए बच्चे को खीस (पेवसी/ पहला दूध) जल्द ही पीला दें। खीस की खुराक बच्चे के जिस्म के 1/10 हिस्से के बराबर रखें यानी 10 किलो के बच्चे को 1 लीटर खीस पीने को दें और 30 किलो के बाछे को 3 लीटर खीस पिलाएं, यह बच्चे को बीमारियाँ से बचाती है। यह बच्चे में बीमारी से लड़ने की क्षमता पैदा करती है। खीस पिलाने से बच्चा बचपन से ही तंदुरूस्त रहता है।

    पशुओं को संतुलित मात्रा में चारादाना दिन में 2 बार 8-10 घंटे के अंतर पर दें। इस के अलावा 2 बार 8-10 घंटे के अंतर पर ही साफ ताजा पानी पीने को दें। 6 महीने की गाभिन(गर्भवती) भैंस को डेढ़ किलोग्राम राशन (दाना) अलग से दें। दुधारू पशुओं को रोजाना कम से कम 5 किलोग्राम हरा चारा जरूर दें। सर्दी के मौसम में बरसीम सब से अच्छा हरा चारा होता है।

    खुरपका से बचाव का टीका लगवाएं | Animal Husbandry Tips 

    जब बच्चे की उम्र 3 महीने हो जाए, तो उसे मुंहखुर बीमारी से बचाव का टीका लगवाएं। मई जून में 6 महीने से ज्यादा उम्र वाले पशुओं को मुंहखुर, गलघोंटू और लंगरिया बीमारियों को रोकने वाला टिका लगवाएं।

    यह हो दुधारू पशु का आहार | Animal Husbandry Tips 

    गाय और भैंस को हर 3 व ढ़ाई लीटर दूध के हिसाब से 1 किलोग्राम राशन दें। जो गाय भैंस दूध नहीं दे रही हैं, उन्हें हर दिन 1 किलोग्राम राशन देना चाहिए। गाय भैंसों को 70 फीसदी हर चारा देना चाहिए। 100 किलोग्राम वजन वाली गाय को 2.5 किलोग्राम और भैंस को 3 किलोग्राम सूखी खुराक की जरूरत होती है। इस में दो तिहाई चारा और एक तिहाई दाना देना चाहिए।

    हरे चारे में 18-20 फीसद प्रोटीन जरूरी | Animal Husbandry Tips 

    हरे चारे में कम से कम 11-12 फीसदी प्रोटीन होना चाहिए और दिन में18-20 फीसदी प्रोटीन जरूरी हैं। सभी पशुओं को संतुलित मात्रा में प्रोटीन देना जरूरी होता है। पशुओं को संतुलित मात्रा में चारादाना दिन में 2 बार 8-10 घंटे के अंतर पर दें। इस के अलावा 2 बार 8-10 घंटे के अंतर पर ही साफ ताजा पानी पीने को दें। 6 महीने की गाभिन(गर्भवती) भैंस को डेढ़ किलोग्राम राशन (दाना) अलग से दें। दुधारू पशुओं को रोजाना कम से कम 5 किलोग्राम हरा चारा जरूर दें। सर्दी के मौसम में बरसीम सब से अच्छा हरा चारा होता है।

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